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Entire world is now discussing global warming and ways to mitigate it: PM Modi
Two landmark initiatives emerged in #COP21. India & France played key roles in those: PM
International Solar Alliance will impact generations in a big way: PM Modi
US, India, France took initiative of innovation; let is innovate and protect our environment: PM
India expressed keenness on solar alliance. France was very helpful, did everything possible to bring all nations together: PM
Solar alliance to ensure that the world gets more energy: PM Modi

मंच पर वि‍राजमान फ्रांस के राष्‍ट्रपति‍ श्रीमान ओलांद फ्रांस से आए हुए Senior Ministers हरि‍याणा के Governor श्री, मुख्‍यमंत्री श्री, श्रीमान पीयुष गोयल जी फ्रांस का Delegation और वि‍शाल संख्‍या में आए हुए प्‍यारे भाइयों और बहनों!

पि‍छले एक वर्ष से सारी दुनि‍याँ में इस बात की चर्चा थी कि‍ Global Warming के सामने दुनि‍याँ कौन से कदम उठाए कि‍न बातों का संकल्‍प करे? और उसकी पूर्ति‍ के लिए कौन से रास्‍ते अपनाएं? पेरि‍स में होने वाली COP 21 के संबंध में पूरी दुनि‍याँ में एक उत्‍सुकता थी, संबधि‍त सारे लोग अपने-अपने तरीके से उस पर प्रभाव पैदा करने का प्रयास कर रहे थे, और करीब-करीब दो सप्‍ताह तक दुनि‍याँ के सभी देशों ने मि‍ल करके, इन वि‍षयों के जो जानकार लोग हैं वो वि‍श्‍व के सारे वहॉं इकट्ठे आए चर्चाएं की और इस बड़े संकट के सामने मानव जाति‍ की रक्षा कैसे करें, उसके लि‍ए संकल्‍पबद्ध हो करके आगे बढ़े।

COP 21 के नि‍र्णयों के संबंध में तो वि‍श्‍व में भली- भॉंति‍ बातें पहुँची हैं लेकि‍न पेरि‍स की धरती पर एक तरफ जब COP 21 की चर्चाएं चल रहीं थीं तब दो महत्‍त्‍वपूर्ण initiatives लि‍ए गए। इन दोनों महत्‍त्‍वपूर्ण initiatives में भारत और फ्रांस ने बहुत ही महत्‍त्‍वपूर्ण भमि‍का नि‍भाई है एक initiative एक तरफ तो Global Warming की चिन्‍ता है, मानवजाति‍ को पर्यावरण के संकटों से रक्षित करना है और दूसरी तरफ मानवजाति‍ के आवश्‍यकताओं की पूर्ति‍ भी करनी है। जो Developing Countries हैं उन्‍हें अभी वि‍कास की नई ऊँचाइयों को पार करना बाकी है और ऊर्जा के बि‍ना वि‍कास संभव नहीं होता है। एक प्रकार से ऊर्जा वि‍कास यात्रा का अहमपूर्ण अंग बन गयी है। लेकि‍न अगर fossil fuel से ऊर्जा पैदा करते हैं तो Global Warming की चिन्‍ता सताती है और अगर ऊर्जा पैदा नहीं करते हैं तो, न सि‍र्फ अंधेरा छा जाता है जि‍न्‍दगी अंधेरे में डूब जाती है। और ऐसी दुवि‍धा में से दुनियाँ को बचाने का क्‍या रास्‍ता हो सकता है? और तब जा करके अमेरि‍का, फ्रांस भारत तीनों ने मि‍लकरके एक initiative लि‍या है और वो initiative है innovation का। नई खोज हो, नए संसाधन नि‍र्माण हों, हमारे वैज्ञानि‍क, हमारे Technicians हमारे Engineers वो नई चीजें ले करके आएं जोकि‍ पर्यावरण पर प्रभाव पैदा न करती हों। Global Warming से दुनि‍याँ को बचाने का रास्‍ता दि‍खती हों और ऐसे साधनों को वि‍कसि‍त करें जो affordable हो sustainable हो और गरीब से गरीब व्‍यक्‍ति‍ की पहुँच में हो। तो innovation के लि‍ए एक बहुत बड़ा अभि‍यान चलाने की दि‍शा में अमेरि‍का, फ्रांस और भारत दुनि‍याँ के ऐसी सभी व्‍यवस्‍थाओं को साथ ले करके आगे बढ़ने का बड़ा महत्‍तवपूर्ण निर्णय कि‍या उसको launch कि‍या गया। President Obama, President Hollande और मैं और UN General Secretary और Mr. Bill Gates , हम लोग उस समारोह में मौजूद थे और एक नया initiative प्रारंभ कि‍या। दूसरा एक महत्‍त्‍वपर्ण निर्णय हुआ है जि‍सका आने वाले दसकों तक मानव जीवन पर बड़ा ही प्रभाव रहने वाला है।

दुनि‍याँ में कई प्रकार के संगठन चल रहे हैं। OPEC countries का संगठन है G-20 है G-4 है, SAARC है, European Union है, ASEAN Countries हैं, कई प्रकार के संगठन दुनि‍याँ में बने हुए हैं। भारत ने एक वि‍चार रखा वि‍श्‍व के सामने कि‍ अगर Petroleum पैदावार करने वाले देश इकट्ठे हो सकते हैं, African countries एक हो सकते हैं, European Countries एक हो सकते हैं, क्‍यों न दुनि‍याँ में ऐसे देशों का संगठन खड़ा कि‍या जाए जि‍न देशों ने 300 दि‍वस से ज्‍यादा वर्ष में सूर्य का प्रकाश प्राप्‍त होता है।

ये सूर्य, ये बहुत बड़ी शक्‍ति‍ का स्रोत है सारे जीवन को चलाने में, सृष्‍टि‍ को चलाने में सूर्य की अहम् भूमि‍का है। क्‍यों न हम उसको एक ताकत के रूप में स्‍वीकार करके वि‍श्‍व कल्‍याण का रास्‍ता खोजें। 300 से अधि‍क दि‍वस, सूर्य का लाभ मि‍लता है ऐसे दुनि‍या में करीब-करीब 122 देश हैं। और इसलि‍ए वि‍चार आया क्‍यों न हम 122 देशों का जो कि‍ सूर्य शक्‍ति‍ से प्रभावि‍त हैं उनका एक संगठन गढ़ें। भारत ने इच्‍छा प्रकट की फ्रांस के राष्‍ट्रपति‍ जी ने मेरी पूरी मदद की, हम कंधे से कंधा मि‍लाकरके चले, दुनि‍याँ के देशों का संपर्क कि‍या और नवंबर महीने में पेरि‍स में जब conference चल रही थी, 30 नवंबर को दुनि‍याँ के सभी राष्‍ट्रों के मुखि‍या उस समारोह में मौजूद थे और एक International Solar Alliance इस नाम की संस्‍था का जन्‍म हुआ।

उसमें इस बात का भी निर्णय हुआ कि‍ इसका Global Secretariat ‍हि‍न्‍दुस्‍तान में रहेगा। ये International Solar Alliance इसका Headquarter गुड़गॉंव में बन रहा है। ये हरि‍याणा ‘कुरूक्षेत्र’ की धरती है, गीता का संदेश जहॉं से दि‍या, उस धरती से वि‍श्‍व कल्‍याण का एक नया संदेश इस Solar Alliance के रूप में हम पहुँचा रहे हैं।

बहुत कम लोगों को अंदाज होगा कि‍ आज ये जो घटना घट रही है उसका मानवजाति‍ पर कि‍तना बड़ा प्रभाव पैदा होने वाला है, इस बात को वही लोग समझ सकते हैं जो छोटे-छोटे Island पर बसते हैं, छोटे-छोटे Island Countries हैं और जि‍नके ऊपर ये भय सता रहा है कि‍ समुंदर के अगर पानी की ऊँचाई बढ़ती है तो पता नहीं कब उनका देश डूब जाएगा, पता नहीं वो इस सृष्‍टि‍ से समाप्‍त हो जाएंगे, दि‍न रात इन छोटे-छोटे देशों को चि‍न्‍ता हो रही है। जो देश समुद्र के कि‍नारे पर बसे हैं, उन देशों को चि‍न्‍ता हो रही है कि‍ अगर Global Warming के कारण समुद्र की सतह बढ़ रही है तो पता नहीं हमारे मुम्‍बई का क्‍या होगा, चेन्‍नई का क्‍या होगा? और दुनि‍याँ के ऐसे कई देश होंगे जि‍नके ऐसे बड़े-बड़े स्‍थान जो समु्द्र के कि‍नारे पर हैं उनके भाग्‍य का क्‍या होगा? सारा वि‍श्‍व चि‍न्‍ति‍त है। और मैं पि‍छले एक साल में, ये Island Countries हैं जो छोटे-छोटे उनके बहुत से नेताओं से मि‍ला हूँ, उनकी पीड़ा को मैंने भली-भॉंति‍ समझा है। क्‍या भारत इस कर्तव्‍य को नहीं नि‍भा सकता?

हमारे देश में जीवनदान एक बहुत बड़ा पुण्‍य माना जाता है। आज मैं कह सकता हूँ कि‍ International Solar Alliance उस जीवनदान का पुण्‍य काम करने वाला है, जो आने वाले दशकों के बाद दुनि‍याँ पर उसका प्रभाव पैदा करने वाला है। सारा वि‍श्‍व कहता है कि‍ Temperature कम होना चाहि‍ए, लेकि‍न Temperature कम करने का रास्‍ता भी सूर्य का Temperature ही है। एक ऊर्जा से दूसरी ऊर्जा का संकट मि‍टाया जा सकता है। और इसलि‍ए वि‍श्‍व को ऊर्जा के आवश्‍यकता की पूर्ति‍ भी हो, innovation का काम भी हो और सोलर को ले करके जीवन के क्षेत्र कैसे प्रभावि‍त हों उस दि‍शा में काम करने के लि‍ए बना है।

ये बात सही है कि‍ International Solar Alliance इसका Headquarters हि‍न्‍दुस्‍तान में हो रहा है, गुडगॉंव में हो रहा है, लेकि‍न ये Institution हि‍न्‍दुस्‍तान की Institution नहीं है ये Global Institution है, ये Independent Institution है। जैसे अमेरि‍का में United Nations है, लेकि‍न वो पूरा वि‍श्‍व का है। जैसे WHO है, पूरे वि‍श्‍व का है। वैसे ही ये International Solar Alliance का Headquarter ये पूरे वि‍श्‍व की धरोहर है और ये Independent चलेगा। अलग-अलग देश के लोग इसका नेतृत्‍व करेंगे, अलग-अलग देश के लोग इसकी जि‍म्‍मेदारी संभालेंगे, उसकी एक पद्धति‍ वि‍कसि‍त होगी लेकि‍न आज उसका Secretariat बन रहा है, उस Secretariat के माध्‍यम से इस बात को हम आगे बढ़ना चाहते हैं।

भारत ने ऊर्जा के क्षेत्र में परंपरागत प्राकृति‍क संसाधनों उपयोग करने का बीड़ा उठाया है। भारत ने जब ये कहा कि‍ हम 175Giga Watt, Renewable Energy की तरफ जाना चाहते हैं, तब दुनि‍याँ के लि‍ए बड़ा अचरज था। भारत में Giga Watt शब्‍द भी नया है, जब हम Mega Watt से आगे सोच भी नहीं पाते थे। हम आज Giga Watt पर सोच रहे हैं और 175 Giga Watt Solar Energy, Wind Energy, Nuclear Energy, Biomass से होने वाली Energy इन सारे स्रोतों को Hydro Energy ये हम उपलब्‍ध कराना चाहते हैं और मुझे खुशी है कि‍ आज भारत 5000 MW से ज्‍यादा solar energy उसने install कर दी। ये इतने कम समय में जो काम हुआ है वो उस commitment का परिणाम है कि क्या भारत मानव जाति के कल्याण के लिए मानव जाति की रक्षा के लिए, प्रकृति की रक्षा के लिए, ये पूरी जो सृष्टि है उस पूरी सृष्टि की रक्षा के लिए, भारत कोई अपना योगदान दे सकता है क्या? उस योगदान को देने के लिए ये बीड़ा उठाया है।

मैं फ्रांस के राष्ट्रपति का हृदय से आभारी हूँ कि इस चिंता के समय में global warming पर्यावरण के मुद्दे इसके समाधान के जो रास्ते है उनकी सोच भारत की सोच से बहुत मिलती जुलती है क्यों कि फ्रांस की values और भारत के values काफी समान है और इसलिए पिछले वर्ष April के महीने में हम दोनों मिले थे तो हमने तय किया था कि हम COP 21 के समय एक किताब निकालेंगे और विश्व के अंदर परंपरागत रूप से इन issues को कैसे देखा गया इस पर research करेंगे। और हम दोनों ने मिल कर के उस किताब की प्रस्तावना लिखी है और विश्व के सामने उन्ही के मूलभूत चिंतन क्या थे ये प्रस्तुत किया।

ये चीजें इसलिए हम कर रहे हैं कि मानव जाति को इस संकट से बचने के जो रस्ते खोजे जा रहे हैं, वो एक सामूहिक रूप से प्रयत्न हो, innovative रूप से प्रयत्न हो और परिणाम वो निकले जो मानव जाति की आवश्यकता है उसकी पूर्ति भी करे लेकिन प्रकृति को कोई नुकसान न हो। हम वो लोग हैं जिनके पूर्वजो ने, इस धरती से हमें प्यार करना सिखाया है। हमें कभी भी प्रकृति का शोषण करने के लिए नहीं सिखाया गया, हमें पौधे में भी परमात्मा होता है यह बचपन से सिखया गया। ये हमारी परंपरा है। अगर ये परंपरा है तो हमें विश्व को उसका लाभ पहुंचे उस दिशा में हमें कुछ कर दिखाना चाहिए और उसी के तहत आज international solar alliance का हम लोगों ने एक Secretariat का आरम्भ कर रहे हैं। और भविष्य में भव्य भवन के रूप में उसका निर्माण हो, एक स्वंत्रत इमारत तैयार हो, उसके लिए शिलन्यास भी कर रहे है और इस काम के लिए आप पधारे इसका मैं बहुत बहुत आभारी हूँ।

मेरे लिए ख़ुशी की बात है कि solar alliance का निर्माण हो रहा हो आज हमें Delhi से यहाँ आना था हम by road भी आ सकते थे, helicopter से भी आ सकते थे, लकिन हम दोनों ने मिलकर तय किया कि अच्छा होगा की हम Metro से चले जाएँ और आज आप के बीच हमें Metro से आने का अवसर मिला।

मैं राष्ट्रपति जी का आभारी हूँ कि उन्होंने आज Metro में आने के लिए सहमति जताई और हम Metro का सफ़र करते करते आपके बीच पहुंचे क्योंकि वो भी एक सन्देश है क्योंकि global warming के सामने लड़ाई लड़ने के जो तरीके हैं उसमें ये भी एक तरीका है। मैं विश्वास करता हूँ कि ये प्रयास बहुत ही सुखद रहेगा। कल भारत प्रजासत्ता पर्व मनाने जा रहा है, इस प्रजसत्ता पर्व की पूर्व संध्या पर मैं देशवासियों को बहुत बहुत शुभकामनाएं देता हूँ और अधिकार और कर्तव्य इन दोनों को संतुलित करते हुए हम देश को आगे बढ़ाएंगे यही मेरी शुभकामना है।

बहुत बहुत धन्यवाद्।

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কেন্দ্রগী বজেৎ ২০২৩গী মতাংদা থমখিবা পি.এম.গী ৱারোল
February 01, 2023
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“অমৃৎ কালগী অহানবা বজেৎ অসিনা চাওখৎপা ভারত অমগী অনীংবা অপাম্বা অমদি ফিরেপকী অচেৎপা য়ুম্ফম থোল্লি”
“বজেৎ অসিনা শোত্থহৌরবশিংদা অহেনবা মীৎয়েঙ থম্লি”
“পি.এম. বিস্বকর্ম কৌসল সম্মান হায়বদি পি.এম. বিকাসনা বিস্বকর্ম করোর কয়াগী পুন্সিদা অচৌবা অহোংবা অমা পুরক্লগনি”
“বজেৎ অসিনা কোওপরেতিবশিংবু খুঙ্গংগী শেন্মিৎলোন চাওখৎহন্নবগী পাম্বৈ অমা ওইহল্লগনি”
“ঐখোয়না দিজিতেল পেমেন্তকী মায় পাকপবু লৌউ-শিংউ সেক্তরদা মতৌ তম্বা তাই”
“বজেৎ অসিনা তুং কোইনা চৎকদবা তুংলমচৎকীদমক গ্রীন গ্রোথ, গ্রীন ইকনমী, গ্রীন ইনফ্রাস্ত্রকচর, অমদি গ্রীন জোবকী লমদা হান্না পানরুদবা চাংদা পাকথোক চাউথোকহল্লগনি”
“ভারতকী চাওখৎবদা অনৌবা পাঙ্গল অমদি খোঙজেল হাপকদবা ইনফ্রাস্ত্রকচরদা করোর লাখ তরাগী হান্না পারুদবা ইনভেস্তমেন্ত”
“মিদ্দল ক্লাসনা ২০৪৭গী মঙলান মঙফাওনহন্নবগী অচৌবা শাফু অমনি। ঐখোয়গী লৈঙাক্না মতম পুম্বদা মিদ্দল ক্লাসগীদমক লেপ্তুনা লাক্লি”

অমৃতকালগী অহানবা বজেৎ অসিনা চাউখৎপা ভারতকী অচৌবা মঙলান থুংহন্নবা মপাঙ্গল কনবা য়ুম্ফম অমা থোল্লগনি। বজেৎ অসিনা খুদোংচাদ্রবশিংদা মীৎয়েং চংলি। বজেৎ অসিনা ঙসিগী এস্পিরেস্নেল সোসাইতী – খুঙ্গং-লায়রবা, লৌমী, মিদল ক্লাসকী মঙলানশিং থুংহল্লগনি।

ঐহাক্না শেল-থুম মন্ত্রী নির্মলাজী অমদি মহাক্কী তীমবু পুৱারী ওইরবা বজেৎকীদমক থাগৎপা ফোঙদোকচরি।

মরুপশিং,

মহৌশানা মখোয়গী মখুৎশিং, খুৎলাইশিং শীজিন্নদুনা করিগুম্বা অমা শেম্বা নত্ত্রগা থবক তৌবা বিশ্বকর্মা করোর কয়ানা লৈবাক অসিবু শেমগৎলি। য়োৎ শাবা, সনা শাবা, চফু শাবা, উ শুবা, লাই হকপা, আর্তিসন, মিস্ত্রী অসিগুম্বা মশিং লাকঙমদ্রবা মীওইশিংগী শাংলবা লিস্ত লৈ। বিশ্বকর্মা পুম্নমক অসিনা হোৎনবা কনবা অমসুং শেমগৎলিবা অসিগীদমক লৈবাক অসিনা অহানবা ওইনা বজেৎ অসিদা ইনসেন্তিব স্কিম কয়ামরুম পুরকখি। অসিগুম্বা মীওইশিংদা তেংবাং পীনবা ত্রেনিং, তেক্নোলোজী, ক্রেদিৎ অমসুং মার্কেৎ সপ্পোর্তকীদমক শিল-লাংখি। পি.এম. বিশ্বকর্মা কৌশল সম্মান হায়বদি পি.এন. কিসান্না বিশ্বকর্মা করোর কয়াগী পুন্সিদা অচৌবা অহোংবা অমা পুরক্লগনি।

মরুপশিং,

সহরদা লৈবা নুপীদগী হৌরগা খুঙ্গংদা লৈবা নুপীশিং, বিজিনেসকী থবক চিল্লিবা নুপীশিং, নত্ত্রগা য়ুমগী থবকশিংদা থবক চিল্লিবা নুপীশিং অসিগীদমক সরকারনা চহি খরা অসিদা মখোয়গী পুন্সি লায়থোকহন্নবা খোঙথাং কয়া লৌখৎখি। জল জীবন মিসন, উজ্জৱলা য়োজনা, পি.এম.-আৱাস য়োজনা ওইরবসু অচৌবা শক্তিগা লোয়ননা অসিগুম্বা খোঙথাংশিং মাংদা থংগনি। মসিগা লোয়ননা য়াম্না শক্তি লৈবা সেক্তর অমা ওইরিবা নুপী সেল্ফ-হেল্প গ্রুপশিংনা ঙসি ভারত্তা অচৌবা মফম অমা কল্লি, করিগুম্বা মখোয়দা শক্তি খজিক্তংগা পীরবদি মখোয়না অঙকপশিং পাঙথোকপা ঙমগনি। মরম অসিনা নুপী সেল্ফ হেল্প গ্রুপশিংগীদমক মখোয়গী অপুনবা চাউখৎ থৌরাংগী অনৌবা থৌশিল পাইখৎপনা বজেৎ অসিবু অনৌবা মায়োলদা পুরগনি। নুপীশিংগীদমক অখন্নবা সেভিং স্কিম অমসু লোঞ্চ তৌরি। অমসুং জন ধন একাউন্তগী মতুংদা মসিগী অখন্নবা সেভিং স্কিম অসিনা অচম্বা ইমুংগী য়ুম পুরিবী ইমা অমদি ইচে-ইচলশিংদা অচৌবা শক্তি পীরগনি।

বজেৎ অসিনা খুঙ্গংগী শেন্মীৎলোন চাউখৎহন্নবা কোওপরেতিবশিংনা মরু ওইবা থৌদাং লৌরগনি। সরকারনা কো-ওপরেতিব সেক্তর – স্তোরেজ কেপাসিতীদা মালেমগী খ্বাইদগী চাউবা ফিদ স্তোরেজ স্কিম হৌদোকখি। বজেৎ অসিদা অনৌবা প্রাইমারি কো-ওপরেতিবশিং শেম্নবা অচৌবা থৌরাং অমসু লাউথোকখি। মসিনা লৌউ-শিংউ, এনিমেল হসবেন্দরীগা লোয়ননা শঙ্গোম অমদি ঙাগী পোত্থোক পুথোকপগী লম অসি পাকথোক-চাউথোকহল্লগনি অমদি ঙামীশিংনা মখোয়গী পোত্থোক্তা মমল হেন্না ফংলগনি।

মরুপশিং,

হৌজিক ঐখোয়না দিজিতেল পেমেন্তকী মায় পাকপবু লৌউ-শিংউ সেক্তরদা মতৌ তমশিনবগী মরুওইবা লৈরে। মরম অসিনা বজেৎ অসিদা ঐখোয়না দিজিতেল এগ্রিকলচর ইনফ্রাস্ত্রকচরগী অচৌবা থৌরাং অমা য়াওরি‍। ঙসি মালেমনা ইন্তরনেস্নেল ইয়র ওফ মিল্লেৎ পাঙথোক্লি অমদি ভারত্তা তোঙান তোঙানবা মমিংশিংদা খঙনবা মিল্লেৎ মখল কয়া লৈ অমসুং মখোয়গী মমিং কয়া লৈ‍। মিল্লেৎনা মালেম পুম্বগী য়ুমথোঙশিংদা য়ৌরক্লবা মতমসিদা, মালেম শিনবা থুংবদা মসি পাম্নরক্লিবা মতমসিদা মাগী খ্বাইদগী কান্নবশিং অসিনা ভারতকী অপীকপা লৌমীশিংগী মরাইবক লেপকনি মরম অসিনা অনৌবা লম্বী পুথোক্তুনা মাংদা চংশিনবা মথৌ তাই। মসিদা মিল্লেৎ মশক খঙদোক্নবগী অখন্নবা থৌরাংশিং মথৌ তাই। হায়রিবা সুপরফুদ অসিবু শ্রী-অন্ন হায়বা অনৌবা মমিং অমা পীরে, মসি থৌগৎনবা স্কিম কয়া পাইখৎলি। শ্রী-অন্নদা মরু ওইবা মীৎয়েং চংবগা লোয়ননা লৈবাক্কী অপীকপা লৌমীশিং অমদি ত্রাইবেল লৌমীশিংদা শেন্মীৎলোনগী ঙাক্লৌ ফংহনগনি অমসুং ইরৈবাকচাশিংনা হকচাং ফবা পুন্সি অমা ফংলগনি।

মরুপশিং,

বজেৎ অসিদা গ্রীন তুং কোইগদবা তুংলমচৎ অমগীদমক গ্রীন গ্রোৎ, গ্রীন ইকনমী, গ্রীন ইনফ্রাস্ত্রকচর, অমদি গ্রীন জোবকী লমদা হান্না পারুদবা মওংদা পাকথোক চাউথোকহনগনি‍। বজেৎ অসিদা, ঐখোয়না তেক্নোলোজী অমদি অনৌবা শেন্মিৎলোন্দা চাউনা মীৎয়েঙ থম্লি‍। ঙসিগী এস্পিরেস্নেল ইন্দিয়ানা লম্বী, রেল, মেত্রো, হিথাংফম, অমদি ঈশিংগী লম্বীনচিংবা হীরম খুদিংদা মতমগা চুনবা ইনফ্রাস্ত্রকচর পাম্মী‍। ইং ২০১৪গা চাংদম্নবদা, ইনফ্রাস্ত্রকচরদা শেল থাদবা চাদা ৪০০গী মথক্তা হেনগৎলে। ইনফ্রাস্ত্রকচরদা করোর মিলিয়ন অমা অমুক্তা ওইখিদ্রিবা মওংদা ইনভেস্তমেন্ত তৌবনা হন্দক্তি ভারতকী চাউখৎ থৌরাংদা অনৌবা শক্তি অমদি খোঙজেল পীরগনি। মসিগী ইনভেস্তমেন্ত অসিনা মীওই কয়াদা অনৌবা শেন্থোক্কী খুদোংচাবশিং পীরগনি।  বজেৎ অসিদা ইজ ওফ দুইং বিজিনেসকা লোয়ননা ক্রেদিৎ সপ্পোর্ত অমসুং রিফোর্মগী কেম্পেন্না ঐখোয়গী ইন্দস্ত্রীশিংবু মাংদা পুখৎখি। এম.এস.এম.ই.শিংগীদমক লুপা করোর লাখ ২গী অহেনবা লোন গরেন্তীগী খুদোংচাবা পীখি। হৌজিক প্রিজুম্পতিব তেক্সকী লিমিৎ হেনগৎলকপনা এম.এস.এম.ই.শিংবু চাউখৎহনবদা মতেং পাংলগনি। এম.এস.এম.ই.শিংদা অচৌবা কম্পনীশিংনা মতম চানা শেল পীথোক্নবা নৌনা শিল-লাংখ্রে।

মরুপশিং,

ভারতকী মিদল ক্লাস অসি চাউখৎ-থৌরাং নত্ত্রগা সিস্তেম, থৌনা ফাবা নত্ত্রগা ফিরেপ অমা লৌবা ঙম্বা ওইরবসু মসিনা খোঙজেল য়াংনা চাউখৎখিবা ভারত্তা পুন্সিগী লম খুদিংমক্তা মরু ওইবা স্ত্রীম অমা ওইরকখি। মিদল ক্লাস অসি নুংঙাই য়াইফবা অমদি চাউখৎপা ভারতকী মঙলানশিং থুংহন্নবা অচৌবা শক্তি অমা ওইরি। ভারতকী য়ুব শক্তি অসিনা ভারতকী অখন্নবা শক্তি ওইরি মতৌ অসধম্না চাউখৎলক্লিবা ভারতকী মিদল ক্লাসনা অচৌবা শক্তি অমা ওইরি। মিদল ক্লাস শক্তি পীনবগীদমক সরকারনা হৌখিবা চহি খরদা ৱারেপ কয়া লৌখি অমসুং ইজ ওফ লিবিং ফংহনখি। তেক্স রেৎ হন্থহনবা লোয়ননা থৌওংশিং লায়থোকহনবা, মনুং মপান ফাওনা উহনবা অমদি খোঙজেল থুজিলহন্নবা পায়খৎখিবা থৌরাংশিং পাইখৎখি‍। ঐখোয়গী লৈঙাক্না মতম পুম্বদা মিদ্দল ক্লাসশিংগীদমক লেপ্তুনা মখোয়দা অচৌবা তেক্স রিলীফ পীদুনা লাক্লি। ঐহাক্না অমুক হন্না নির্মলাজী অমসুং মহাক্কী অপুনবা তীমবু চাউখৎপা ভারত অমা ওইহন্নবা শেমখিবা মসিগী শীংথানীংঙাই ওইরবা অমদি খোঙজেল য়াংনা শেম্বা বজেৎ অসিগীদমক থাগৎচরি লোয়ননা ইরৈবাকচা পুম্নমক্তা থাগৎপা ফোঙদোকচরি। ২০৪৭দা ঐখোয়না চাউখৎপা ভারত, মতিক-ময়াই লৈবা ভারত, লম খুদিংমক্তা নুংঙাই য়াইফবা ভারত অমা ওইহল্লগনি। মসিগী খোঙচৎ অসি মাংদা পুখৎলসি। থাগৎচরি।