एक तरफ श्री अमरनाथ यात्रा चल रही है, बड़ा पवित्र माहौल है दूसरी तरफ रमजान का पवित्र महीना चल रहा है और तीसरी तरफ आज माता वैष्णों देवी के चरणों में भारत भर से भक्तों को लाने की सुविधा प्रदान करने का एक मंगल प्रारंभ हो रहा है। एक प्रकार से सब ओरएक पवित्रता का माहौल हैऔर पवित्रता के माहौल में इस मंगल कार्य का आरंभ हो रहा है। प्रदेश के माता वैष्णों देवी के चरणों में आने वाले करोड़ों-करोड़ों भक्तों को शुभकामनाएं देता हूँ और आज ये सुविधा सिर्फ जम्मू-कश्मीर के लिए सुविधा नहीं है और न ही यह सिर्फ जम्मू-कश्मीर को भेंट है, यह भेंट पूरे हिन्दुस्तान को है,सवा सौ करोड़ देशवासियों को है जो जम्मू-कश्मीर आने के लिए लालायित रहते हैं, जो माता वैष्णों देवी के चरणों में आने के लिए आतुर रहते हैं। ऐसे कोटि-कोटिजनों के लिए ये सुविधा है और उनके चरणों में ये समर्पित करते हुए मैं गर्व महसूस कर रहा हूँ और उनको मंगल कामनाएं देता हूँ। ये रेल सुविधा आज प्रारंभ हो रही है।
मैंने रेल मंत्री को सुझाया था किदिल्ली से कटरा तक की जो सुविधा है और आगे चलकर और स्थानों से भी जुड़करकेदेश के भिन्न-भिन्न कोने से यात्रियों को कटरा तक लाने का जो प्रबंध हो रहा है। इस ट्रेन को “श्री शक्तिएक्सप्रेस” के रूप में जाना जाए ताकिमाता वैष्णों देवी के चरणों में हम जा रहे हैं इसकी अनुभूतियात्रियों को लगातार होती रहे। मैं ‘माता वैष्णों देवी श्राइन बोर्ड’ का भी अभिनंदन करना चाहता हूँ। गवर्नर साहब का भी अभिनंदन करना चाहता हूँ कियहां रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों के लिए आवश्यक आई-कार्ड निकालने की सुविधाओं का प्रबंध हुआ है। टैक्नोलॉजी का प्रबंध हुआ है और इसीलिए हिन्दुस्तान के किसी भी कोने से आने वाले यात्री के लिए ये बहुत सुनिश्चित हो जाएगा कियात्री का समय न खराब होते हुए उसके आगे की यात्रा के लिए जो भी प्रबंध होना चाहिए उसके लिए पूरी व्यवस्था मिलेगी, पूरा मार्गदर्शन मिलेगा।
जब विकास होता है तो कभी-कभार ऐसा लगता है किवहां पर ये हुआ तो मेरा क्या होगा जैसे मुख्यमंत्री जी ने जम्मू के लोगों की चिंता का जिक्र किया। मैं अनुभव से कह सकता हूँ किजम्मू के विकास को कभी कोई रूकावट नहीं आएगी। जब सुविधाएं बढ़ती है तो लोग भी अपने समय का सदुपयोग और जगह पर जाने के लिए करते हैं और इसीलिए जो सीधा कटरा आएगा वो जम्मू गए बिना जाएगा नहीं ऐसा मैं नहीं मानता और इसलिए जम्मू की विकास यात्रा और अधिक क्वालिटी की बन पाएगी, ऐसा मेरा पूरा विश्वास है और साथ-साथ जम्मू-कश्मीर की विकास यात्रा में कटरा का जुड़ना, कटरा का सेंटर स्टेज पर आना, आने वाले 10 साल की आप कल्पना कीजिए कटरा इतनी तेजी से विकास करेगा, इतनी तेजी से विकास करेगा जो पूरे जम्मू-कश्मीर के विकास के अंदर एक नया योगदान करने वाला एक आर्थिक प्रभुत्तिका केन्द्र बन जाएगा। जब व्यवस्था विकसित होती है और विकास के केन्द्र बिंदु में हमेशा इनफ्रास्ट्रक्चर का सबसे बड़ा महत्व होता है। जैसे ही इंफ्रास्ट्रक्चर बना आप मानके चलिए किउसके अगल-बगल में व्यवस्थाएं विकसित होना शुरू हो जाएगी। मुझे अभी बताया जा रहा था किट्रेन तो अभी आज शुरू हो रही है लेकिन स्टेशन के अगल-बगल व्यापारियों ने अपनी-अपनी जगह बना ली है और काम शुरू कर दिया है। अगर उनको समय दे किविकास के अंदर कैसे फायदा उठाना, विकास को कैसे भागीदार बनाना है और इसलिए ये सिर्फ एक रेलवे है, एक यात्रा करने की सुविधा है ऐसा नहीं है।
ये एक प्रकार से विकास की जननी बन जाती है और मेरे हिसाब से जम्मू-कश्मीर को रेल से जोड़ने का अटल बिहारी वाजपेयी जी ने जो शुभारंभ किया है उसको हमें और आगे बढ़ाना है और आने वाले दिनों में बनिहाल तक जाने की जो व्यवस्था है उसको भी आगे बढ़ाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। इतना ही नहीं, हिन्दुस्तान में पहली बार राज्य और केन्द्र मिल करके एक नवीन व्यवस्था को आज प्रारंभ कर रहे हैं। एक प्रकार से हाइब्रिड व्यवस्था है। रेल और बस की कनेक्टिविटी को कॉम्बिनेशन बनाया गया है। अब जो लोग श्रीनगर जाना चाहते होंगे उनको रेलवे से ही रेलवे की भी टिकट मिलेगी और कटरा से बनिहाल तक जो किजहां रेल-मार्ग नहीं है वहां बस की भी टिकट मिलेगी, कटरा वो उतरेगा, बस उपलब्ध होगी, बनिहाल पहुंचेगा, रेल उपलब्ध होगी और तुरंत वो आगे श्रीनगर पहुंचेगा। एक ही टिकट में रेल और बस दोनों का ट्रेवलिंग हो और पैसेंजर को कठिनाई न हो, यात्री को कठिनाई न हो ऐसी सुविधा का आरंभ राज्य और केन्द्र की रेल मिल करके ये दे रहे हैं और भविष्य में भी रेलवे का विकास करने के लिए केन्द्र और राज्य की पार्टनरशिप का मॉडल जितना ज्यादा विकसित होगा उतना फायदा होने वाला है।
मैं मुख्यमंत्री जी की इस बात से सहमत हूँ किहमारे रेलवे स्टेशन ऐसे पुराने क्या होने की जरूरत है,क्यों न हिन्दुस्तान के महत्वपूर्ण स्थानों के रेलवे स्टेशन एयरपोर्ट से भी बढ़िया क्यों न हो और मैं आपको विश्वास दिलाता हूँ,सिर्फ जम्मू वासियों को नहीं, मैं देशवासियों को विश्वास दिलाता हूँ किहम रेलवे के विकास में, प्राथमिकता मेट्रो सिटीज़ में जम्मू जैसे महत्वपूर्ण स्टेशन को और उसके जैसे रेलवे स्टेशनों को अतिआधुनिक बनाना, एयरपोर्ट से भी रेलवे स्टेशन ज्यादा अधिक सुविधाजनक हो, ये बनाने का हमारा सपना है और ये बन सकता है। ये कोई कठिन काम नहीं है और ये इकनॉमिकली वाइबल प्रोजेक्ट बन सकता है। मैंने पिछले दिनों रेलवे के मित्रों के साथ बड़े विस्तार से समय निकालकर चर्चा की है और मैंने इसके विषय पर उनको डिटेल में प्रारूप दिया है और अब देखिए देखते ही देखते आपको बदलाव नजर आएगा और इसमें प्राइवेट पार्टी भी इनवेस्टमेंट करने के लिए तैयार हो जाएगी क्योंकिये आर्थिक रूप से एक अच्छी योजना होगी। जो सबको लाभ पहुंचाने वाली होगी एक विन-विन सिचुएशन वाला प्रोजेक्ट होगा। उस दिशा में हम आने वाले दिनों में जरूर आगे बढ़ना चाहते हैं, आज जब हम इस रेल सुविधा को दे रहे हैं यह भी मेरे लिए अत्यंत खुशी की बात है। भारत के विभिन्न राज्यों से कटरा तक छह जोड़ी रेल गाड़ियाँ तुरंत चलाई जाएगी। यानि उसका विस्तार और जगहों पर भी किया जाएगा। उसके अतिरिक्त जम्मू और उधमपुर तक चलने वाली तीनजोड़ी डेमू रेलगाड़ियों का कटरा तक, आज से विस्तार भी किया जा रहा है। जो जम्मू से चलने वाली उधमपुर वाली जो डेमू ट्रेन्स है उसको भी कटरा से जोड़ने का काम हो रहा है।
आने वाले दिनों में जम्मू-कश्मीर में विकास एक नयी ताकत कैसे बनेगी, देखिए आज का दिन एक प्रकारसे महत्वपूर्ण है। महत्वपूर्ण इसलिए है किआज का दिवस जम्मू कश्मीर को नयी गतिभी देने जा रहा है और आज का दिन जम्मू कश्मीर को नयी ऊर्जा भी देने जा रहा है। आज मुझे दो कार्यक्रम करने का अवसर मिला है एक इस रेल कनेक्टिविटी, जो जम्मू कश्मीर को गतिदेगा और उरी में जा करके पावर प्रोजेक्ट का उद्घाटन जो जम्मू कश्मीर को ऊर्जा देगा, विकास की ऊर्जा देगा और जम्मू कश्मीर को विकास की ऊर्जा चाहिए, जम्मू कश्मीर को विकास की गतिचाहिए और एक प्रकार से आज के ये दोनों कार्यक्रम उस निमित्त बड़े महत्वपूर्ण हैं।
मैं मानता हूँ किहमारे देश के जो हिमालयन स्टेट्स हैं, उन हिमालयन् स्टेट्स के विकास के लिए एक अलग से रूप-रेखा की आवश्यकता है। सारे हिमालयन् रेजिंग स्टेटस की कई एक समान कठिनाइयां है कई प्रकार की एक समान अवसर भी हैं अगर उनका एक कॉमन मॉडल विकसित किया जाएगा तो समस्याओं का समाधान भी बहुत जल्दी होगा। केंद्र के पास भी स्पष्ट विज़न होगा। राज्यों की अपेक्षाओं को समझने में केन्द्र सामर्थ बनेगा और हिमालयन स्टेट्स जो है उसके विकास में इस नयी परिधिमें हम जाना चाहते हैं और जिसका लाभ जम्मू कश्मीर को भी मिलेगा और उधर नार्थ-ईस्ट तक हिमालयन रेंज की विकास की यात्रा का लाभ उन सभी राज्यों को मिलेगा और उस दिशा में भी हम आगे बढ़ने के लिए प्रतिबद्ध हैं। आज मैं जम्मू कश्मीर की धरती पर आया हूँ माता वैष्णोदेवी के चरणों में आया हूँ और जब चुनाव अभियान प्रारंभ किया था तब भी माता वैष्णोदेवी का आशीर्वाद ले करके गया था और आज विकास यात्रा का आरंभ कर रहा हूँ वो भी माता वैष्णोदेवी के आशीर्वाद से कर रहा हूँ और इसलिए मुझे विश्वास है किभारत की विकास यात्रा को और अधिक शक्तिमिलेगी, और अधिक ताकत मिलेगी और अधिक सामर्थ्यवान विस्तार के साथ हम इस विकास यात्रा को आगे बढ़ाएंगे।
टूरिज्म में यात्रियों की सुविधा के साथ रेलवे एक प्रकार से Environment Friendly व्यवस्था होती है और जम्मू-कश्मीर में Environment Friendly Transportation, वो दुनिया को आकर्षित करने का कारण बनता है। हम इस मार्ग के माध्यम से विश्व के अंदर जम्मू-कश्मीर में Environment Friendly यातायात को भी बल दे रहे हैं यह अपने आप में एक अच्छे प्रयोग के रूप में हम दुनिया के सामने प्रस्तुत कर सकते हैं।
और हिमालयन में जितना विकास हम करना चाहेंगे, वो Environment Friendly विकास हो सकता है। उसको हम बल भी दे सकते है, उसकी सुरक्षा करते हुए यात्रियों की सुविधा भी बढ़ा सकते हैं, Environment की सुरक्षा भी हो, यात्रियों की सुविधा भी बढ़े, उस दिशा में हम प्रयास करते हैं, मैं जब यहां रेलवे स्टेशन का उद्घाटन करने गया, वहां का जो मैंने द़श्य ऐसा, ऐसा रेलवे स्टेशन देखने को मिलता बहुत कम है, क्योंकि ऊपर पहाड़ से नीचे स्टेशन पर जाना होता है, तो छोटी पहाड़ी पर से पूरा स्टेशन दिख रहा है, तो कितना बड़ा तामझाम है उसका दर्शन होता है। मैंने तुरंत कहा-हिंदुस्तान का ये ऐसा रेलवे स्टेशन बन सकता है कि जिसको पूरा हम सोलर रेलवे स्टेशन के रूप में कनवर्ट कर सकते हैं। इतनी संभावनाएं पड़ी है। रेलवे चेयमैन ने मुझे कहा मैं साहब, तुरंत इस काम को हाथ में लूंगा और मैं कटरा का पूरा रेलवे स्टेशन, देश का एक रेलवे स्टेशन, Environment Friendly Movement का एक हिस्सा... और बहुत संभावना पड़ी है, उसको जब करेंगे तो जब यात्री आएंगे और ऊपर स्टेशन पे जब जाते होंगे तो उसको देखकर कोर्ठ भी जान लेगा कि सोलर एा उपयोग कैसे और कहां हो सकता है और मुझे विश्वास है कि बहुत जल्दी रेलवे विभाग पूरे रेलवे स्टेशन पर सोलर पैनल का उपयोग करके एक-एक इंच की जगह का उपयोग कर करके उस ऊर्जा का भी उपयोग आने वाले दिनों में कैसे कर सके उस पर प्रयास होगाऔर ऐसा मुझे पूरा विश्वास है।
जम्मू-कश्मीर अनेक समस्याओं से गुजरा है, अनेक कठिनाईयों से गुजरा है और एक भारत के हर नागरिक की इच्छा है, भारत के हर नागरिक का दायित्व है किहमारा जम्मू-कश्मीर सुखी हो, समृद्ध हो। हर एक की इच्छा है और इसको पूरा करना हम सबका दायित्व है। चाहे हम शासन व्यवस्था में हो तो भी, हम शासन व्यवस्था में न हो तो भी। यह हम सबका दायित्व है। यहां के नौजवानों को रोजगार मिले, रोजगार के नए अवसर मिले। उनको नई जिंदगी जीने का अवसर मिले। मैं अभी जब कटरा स्टेशन पर बच्चे ट्रेन में जा रहे थे तो उनको मैंने पूछा किआपमें से कितने लोग है जिन्होंने पहले कभी ट्रेन देखी है, कितने है जो ट्रेन में बैठे है। 21वीं सदी का पहला दशक चला गया उन बच्चों में 80 प्रसेंट बच्चों ने हाथ ऊपर किया किहमने पहली बार ट्रेन में बैठे है आज। उन बच्चों के लिए आनंद का विषय है। लेकिन हमारे लिए सोचने का विषय है किहमविकास यात्रा को कैसे चलाया कि कटरा, इतने निकट के भी बच्चों को जीवन में पहली बार रेल को देखने का 21वीं सदी आने के बाद अवसर मिला है। हमारा दायित्व बनता है किहमारे देश के दूर-सूदूर कोने में बैठे हुए लोगों को भी विकास का लाभ मिलना चाहिए। विकास से प्राप्त सुविधाएं सामान्य मानव तक पहुंचनी चाहिए, आखिरी छोर पर बैठे हुए मानव तक पहुंचनी चाहिए। हम लोगों का प्रयास यही है और मुझे विश्वास है देश की जनता ने जो आशीर्वाद दिए हैं उस आर्शीवाद के बलबूते पर अंतिम छोर पर बैठे हुए गरीब से गरीब व्यक्तिके कल्याण में ये विकास की यात्रा आगे बढ़ेगी, विकास के नए मार्ग स्थापित होंगे और सामान्य व्यक्तिके जीवन को.. उसकी Quality of life में चेंज आएगा।
उसकी आशा अपेक्षा के अनुकूल जीवन व्यवस्था विकसित हो, उस दिशा में हम प्रयास करेंगे। मैं जम्मू कश्मीर के नागरिकों को यही संदेश देना चाहता हूं, अटल बिहारी वाजपेयी जी ने जिस यात्रा को प्रारंभ किया है, उस यात्रा को हम आगे बढ़ाना चाहते हैं और हमारा मकसद राजनीतिक जय-पराजय वाला नहीं होता है। हमारा मकसद होता है जम्मू-कश्मीर के हर नागरिक का दिल जीतना है और मैं जम्मू-कश्मीर के नागरिकों का दिल जीतना यही मेरी प्राथमिकता है और यह प्राथमिकता उसी को विकास के माध्यम से करना है यहां के लोगों के कल्याण के माध्यम से करना है। यहां के लोगों की भलाई के माध्यम से करना है और मुझे विश्वास है इस स्वप्न को हम बहुत ही जल्द, बहुत तेजी गतिसे पूरा करते जाएंगे। इसी सद्भावना के साथ फिर एक बार यह श्री शक्तिएक्सप्रेस राष्ट्र को समर्पित कर रहा हूँ। माता वैष्णों देवी के चरणों में आने वाले कोटिकोटिभक्तों को समर्पित करता हूँ और जम्मू-कश्मीर के टूरिज्म के विकास के लिए यह यात्रा अहम भूमिका अदा करेगी। जम्मू–कश्मीर के टूरिज्म को बहुत बल मिलेगा। जम्मू-कश्मीर के विकास को बहुत बल मिलेगा। इस शुभकामनाओं के साथ बहुत-बहुत धन्यवाद।
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Nm on the go
सबसे पहले तो ये जो बाल मित्र अलग-अलग पेंटिंग ले आए हैं। जरा एसपीजी के लोग कलेक्ट कर लें, वरना ये बच्चे एक-एक घंटे तक ऐसे ही हाथ ऊपर करके ख़ड़े रहते हैं। बहुत बढ़िया चित्र बनाए हैं आप लोगों ने, मैं आप सबका बहुत आभारी हूं। थैंक्यू, अगर आपने पीछे अपना अता-पता लिखा होगा, तो मै आपको धन्यवाद का पत्र जरूर भेजूंगा। देखिए उस तरफ भी कोई बेटी लेकर आई है, उसको भी कलेक्ट कर लीजिए। उस तरफ भी एक बेटी लेकर आई है, मैं आप सबका बहुत-बहुत आभारी हूं।
भारत माता की ... भारत माता की ... भारत माता की
जॉय श्री रामकृष्णो देब !
जॉय माँ शारोदा !
सिंगूर एर एइ पोबित्रो भुमीके
आमार प्रोणाम।
आज सुबह मैं मां कामाख्या की धरती पर था। और अब यहां बाबा तारकेश्वर की धरती पर आप जनता-जनार्दन के दर्शन करने के लिए आया हूं।
साथियों,
सिंगूर का ये जन-सैलाब...आप सभी का ये जोश, ये उत्साह...और अभी तो मैं देख रहा हूं काफी लोग देख भी नहीं पाते होगे। अभी मैंने कोने पर जाकर देखा, दूर-दूर तक लोग ही लोग हैं। ये उत्साह ये जोश पश्चिम बंगाल की नई कहानी बता रहा है। यहां बहुत बड़ी संख्या में माताएं-बहनें आई हैं, किसान आए हैं, श्रमिक आए हैं और नौजवानों का जोश तो हमसब देख रहे हैं, सभी एक ही भाव से एक ही आस लेकर आए हैं कि हमें असली पोरिबॉर्तन चाहिए, हर कोई 15 वर्ष के महाजंगलराज को बदलना चाहता है। और अभी तो बीजेपी-NDA ने बिहार में, जंगलराज को एक बार फिर से रोका है...अब पश्चिम बंगाल भी...TMC के महा-जंगलराज को विदा करने के लिए तैयार है। तैयार हैं ना..पक्का तो आप मेरे साथ संकल्प लेंगे...मैं कहूंगा...
पाल्टानो दोरकार... पाल्टानो दोरकार...
आप कहेंगे...
चाइ बीजेपी शोरकार
पाल्टानो दोरकार
चाइ बीजेपी शोरकार !
साथियों,
मैं आज ऐसे समय में सिंगूर आया हूं...जब देश ने वंदे मातरम् के डेढ़ सौ वर्ष पूरे होने का उत्सव मनाया है। संसद में भी विशेष चर्चा करके, वंदे मातरम् का गौरवगान किया है। पूरी संसद ने, पूरे देश ने ऋषि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय जी को श्रद्धाभाव से नमन किया। हुगली और वंदे मातरम् का रिश्ता तो और भी विशेष है। कहते हैं यहीं पर ऋषि बंकिम जी ने ‘वंदे मातरम्’ को उसका पूर्ण स्वरूप दिया।

साथियों,
जिस प्रकार, वंदे मातरम्, आज़ादी का उद्घोष बना था...हमें वंदे मातरम् को पश्चिम बंगाल को, भारत को विकसित बनाने का मंत्र भी बनाना है।
साथियों,
बंगाल की धरती ने देश की विरासत, देश की आज़ादी के लिए जो दिशा दी, जो नेतृत्व दिया...बीजेपी उस प्रेरणा को राष्ट्र के कोने-कोने तक ले जा रही है।
ये भाजपा सरकार ही है...जिसने दिल्ली में कर्तव्य पथ पर, इंडिया गेट के सामने नेताजी सुभाष की प्रतिमा लगाई। पहली बार, लाल किले से आज़ाद हिंद फौज के योगदान को नमन किया गया। अंडमान-निकोबार में...नेताजी के नाम पर द्वीप का नाम रखा गया। इतना ही नहीं पहले जो 26 जनवरी के कार्यक्रम थे न, वो 24-25 तारीख से शुरू होते थे और 30 तारीख को पूरे होते थे। हमने ये कार्यक्रम बदल दिया। हमने अब 23 जनवरी सुभाष बाबू की जन्म जयंती से शुरू किया और महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर पूरा करने का तय किया।
साथियों,
बांग्ला भाषा और साहित्य बहुत समृद्ध है। लेकिन बांग्ला भाषा को क्लासिकल लैंग्वेज का दर्जा भी तब मिला...जब आपने मुझे आशीर्वाद दिया, बीजेपी की दिल्ली में सरकार बनाई। इससे बांग्ला भाषा में रिसर्च को बल मिलेगा...
साथियों,
बीजेपी सरकार के प्रयासों से ही...दुर्गा पूजा को युनेस्को ने कल्चर हैरिटेज का दर्जा दिया है। ये टीएमसी वाले दिल्ली में सोनिया जी की सरकार में भागीदार थे, क्या तब ये सब काम नहीं करा सकते थे क्या। क्यों नहीं किया। ये मोदी है, जिसको बंगाल के लिए इतना प्यार है, समर्पण है। तब हो रहा है। हमारी सरकार के प्रयासों से ही, गुरुदेव रविंद्रनाथ टैगोर के शांति-निकेतन को विश्व धरोहर का दर्जा मिला है। ईश्वर चंद्र विद्यासागर, राजा राममोहन राय, और स्वामी विवेकानंद...इन महापुरुषों की जन्म-जयंतियों से जुड़े अहम पड़ावों को, नेशनल लेवल पर मनाने का सौभाग्य भी हमारी सरकार को ही मिला है।
ये हम इसलिए कह रहे हैं. और इसलिए कर रहे हैं...क्योंकि बीजेपी विकास और विरासत, दोनों को महत्व देती है। विकास और विरासत के इसी मॉडल पर चलते हुए बीजेपी, पश्चिम बंगाल के विकास को भी गति देगी।

साथियों,
पश्चिम बंगाल का सामर्थ्य बहुत बड़ा है। यहां बड़ी नदियां हैं...बहुत बड़ी कोस्टलाइन है...यहां उपजाऊ जमीन है...पश्चिम बंगाल के हर जिले में, कुछ न कुछ खास है। और यहां के लोग तो बुद्धि प्रतिभा सामर्थ्य, समर्पण अद्भुत है। भाजपा हर जिले की इस ताकत को और ज्यादा बढ़ाएगी। और जब हर जिले के हिसाब से योजनाएं बनेंगी तो इसका सबसे ज्यादा लाभ उन जिलों में रहने वाले लोगों को होगा। जैसे, यहां की धनियाखाली साड़ी है...यहां का जूट है, हैंडलूम से जुड़े अन्य प्रोडक्ट हैं...पीढ़ियों से लोग इस काम से जुड़े हैं...बीजेपी, वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट स्कीम के तहत, हर जिले के ऐसे प्रोडक्ट को प्रोत्साहन देगी। भाजपा, यहां सरकार बनाते ही प्लास्टिक को लेकर ठोस नीति बनाएगी...और जूट की पैकेजिंग को और बढ़ावा देगी। इससे यहां के जूट उद्योग को और बल मिलेगा।
साथियों,
हुगली में बहुत बड़ी मात्रा में आलू और प्याज की खेती होती है...अन्य सब्जियां उगाई जाती हैं...दुनिया में फ्रेश सब्जियों की बहुत डिमांड है...साथ ही पैकेज्ड सब्जियों के लिए भी दुनिया में बहुत बड़ा मार्केट है। मेरा तो सपना है कि दुनिया भर के बाजारों में...भारत के किसानों, पशुपालकों और मछुआरों के उत्पाद दुनिया में धूम मचाए दोस्तों, दुनिया में धूम मचाए। इसलिए, देशभर में फूड प्रोसेसिंग फेसिलिटी और कोल्ड स्टोरेज चेन बनाने पर बहुत काम हो रहा है। यहां बनने वाली भाजपा सरकार...इस काम को भी तेज़ गति से आगे बढ़ाएगी। और ये मोदी की गारंटी है।
साथियों,
मेरा निरंतर प्रयास रहता है कि बंगाल के नौजवानों, किसानों, माताओं-बहनों की हर संभव सेवा करूं। लेकिन यहां की TMC सरकार...केंद्र सरकार की योजनाओं को आप तक ठीक से पहुंचने ही नहीं देती। अरे भाई, अगर इनको मोदी से परेशानी है...ये तो मैं समझ सकता हूं। इनको बीजेपी से दुश्मनी है...ये भी समझ में आता है। लेकिन TMC तो बंगाल के लोगों से अपनी दुश्मनी निकाल रही है। TMC… यहां के नौजवानों, यहां की माताओं-बहनों, यहां के किसानों से दुश्मनी ठाने हुए है...
साथियों,
बंगाल के मछुआरों से टीएमसी कैसे अपनी दुश्मनी निकाल रही है...इसका मैं आपको एक उदाहरण देता हूं। बंगाल में लाखों परिवार मछली के काम से जुड़े हुए हैं। यहां से अभी जितनी मछली एक्सपोर्ट होती है...उससे कहीं अधिक संभावनाएं बंगाल में हैं। बंगाल के फिशरमैन में वो ताकत है, इसके लिए ज़रूरी है कि मेरे मछुआरे भाई-बहनों को मदद मिले.. मेरे मछुआरे भाई-बहनों को बेहतर टेक्नॉलॉजी मिले। इसी सोच के साथ देशभर के मछुआरों की मदद के लिए, केंद्र सरकार ने एक डिजिटल प्लेटफॉर्म बनाया है। इस डिजिटल प्लेटफॉर्म पर देश भर की राज्य सरकारें अपने यहां के मछुवारों के नाम रजिस्टर करवा रही हैं। लेकिन बंगाल में इस काम पर ब्रेक लगा हुआ है। हम बंगाल की टीएमसी सरकार को बार-बार चिट्ठी लिखते हैं...मुख्यमंत्री जी चिट्ठी नहीं पढ़ती हैं, लेकिन अफसरों को तो पढ़ने दो, लेकिन टीएमसी सरकार यहां के मछुआरों के रजिस्ट्रेशन में बिल्कुल सहयोग नहीं कर रही है, इसलिए इससे बंगाल के मछुआरों को पीएम मत्स्य संपदा योजना जैसी, केंद्र की स्कीम्स का फायदा नहीं मिल पा रहा।

साथियों,
TMC, बंगाल के नौजवानों के भविष्य के साथ भी खेल खेल रही है। पूरे देश में हज़ारों आधुनिक पीएमश्री स्कूल खोले जा रहे हैं...लेकिन टीएमसी, बंगाल के बच्चों को पीएम श्री स्कूल की बेहतर शिक्षा से भी वंचित रख रही है। आप मुझे बताइए...बंगाल के बच्चों का भविष्य तबाह कर रही TMC सरकार को जाना चाहिए की नहीं जाना चाहिए? टीएमसी को भगाना चाहिए की नहीं भगाना चाहिए, टीएमसी को हटाना चाहिए ना नहीं हटाना चाहिए। बंगाल को बचाना चाहिए या नहीं बचाना चाहिए। नौजवानों को भविष्य बनाना चाहिए की नहीं बनाना चाहिए, माताओं-बहनों को सुरक्षा देनी चाहिए की नहीं देनी चाहिए। क्या ऐसी TMC सरकार की बंगाल को सजा देनी चाहिए या नहीं? ये टीएमसी को सजा मिलनी चाहिए की नहीं मिलनी चाहिए।
साथियों,
देश में जो भी सरकारें, विकास को रोकती हैं...गरीब कल्याण के काम में रुकावट डालती हैं...देश का मतदाता अब जान चुका है, देश का मतदाता अब जाग चुका है। ये रूकावट डालने वाले हर किसी को लगातार सजा मिलती रही है। दिल्ली प्रदेश में भी एक ऐसी ही सरकार थी, जो केंद्र की योजनाओं को लागू नहीं होने देती थी। हम उनको कहते रहे कि दिल्ली के गरीब परिवारों को मुफ्त इलाज देने वाली आयुष्मान स्कीम लागू करो। लेकिन वो सुनते ही नहीं थे। वे राजनीतिक हिसाब किताब में ही लगे रहते थे, इसलिए दिल्ली की जनता ने उनको सत्ता से बाहर का रास्ता दिखा दिया। मुख्यमंत्री को भी घर भेज दिया और अब दिल्ली में आयुष्मान योजना से गरीबों का मुफ्त इलाज हो रहा है।
साथियों,
बंगाल की जनता भी ठान चुकी है। यहां के लोग टीएमसी की निर्मम सरकार को सबक सिखाने वाले हैं...ताकि यहां भी बीजेपी सरकार बने...और आयुष्मान भारत योजना बंगाल में भी लागू हो...गरीबों को मुफ्त इलाज मिले।
साथियों,
बंगाल में भाजपा की डबल इंजन सरकार बननी बहुत जरूरी है। जहां भी भाजपा की डबल इंजन सरकार है…वहां केंद्र सरकार की योजनाओं के तहत बहुत शानदार काम हो रहा है। मैं आपको हर घर नल से जल की बात बताता हूं...देश के गांव-गांव में, हर घर तक पाइप से जल पहुंचे....इसके लिए केंद्र की बीजेपी सरकार ये अभियान सरकार चला रही है। अब जैसे त्रिपुरा है...वहां पहले की सरकार के समय सौ में सिर्फ चार घरों में ही नल से जल आता था। जब लेफ्ट वालों की सरकार थी ने आपके पड़ोस में 100 घरों में से सिर्फ 4 घरों में लेकिन बीजेपी की डबल इंजन सरकार के कारण...आज वहां सौ में से पिचासी घरों में नल से जल आने लगा है। ये आंकड़ा आपको याद रहेगा। ये आंकड़ा आपको याद रहेगा। आप बताएं, न तो दोबारा बताऊं मैं। जब लेफ्ट वालों की सरकार थी तो 100 घरों में से सिर्फ 4 घरों में नल से जल आता था। आज 85 घरों में पानी पहुंचता है।
साथियों,
आज भी बंगाल में आधी आबादी ऐसी है जिनके यहां नल से जल नहीं आता। अगर त्रिपुरा में बीजेपी ना आती तो आज भी वहां यही हाल होता, बंगाल में बीजेपी आएगी को यहां भी हाल बदलेगा। हमारी माताओं-बहनों को...हमारी बेटियों को पानी लाने के लिए कितनी परेशानी होती है। भाजपा सरकार इस परेशानी से आपको मुक्ति दिलाकर रहेगी...और ये मोदी की गारंटी है।

साथियों,
बंगाल से टीएमसी के महा-जंगलराज का जाना...और बीजेपी के सुशासन का आना ये बहुत ज़रूरी है। इसके लिए, ईश्वरचंद्र विद्यासागर जी की के बताए रास्ते पर चलना होगा। उन्होंने नारी-शक्ति और युवा-शक्ति को परिवर्तन का माध्यम बनाया था। अब बंगाल की बहनों-बेटियों को, यहां के नौजवानों को अपनी आवाज़ बुलंद करनी होगी। टीएमसी के राज में, बेटियां भी सुरक्षित नहीं हैं...और यहां की शिक्षा व्यवस्था भी माफिया और भ्रष्टाचारियों के कब्जे में है। इसलिए...मैं पश्चिम बंगाल की माताओं-बहनों से भी एक आग्रह करना चाहता हूं...आपके बेटे-बेटियों को तब तक अच्छी शिक्षा और अच्छी नौकरी नहीं मिलेगी...जबतक यहां टीएमसी के पास सत्ता की ताकत रहेगी। इसलिए, आपको आने वाले विधानसभा चुनाव में...आपको भाजपा को वोट देना है। भाजपा को आपका एक वोट पक्का करेगा...कि यहां कॉलेजों में बलात्कार, रेप और हिंसा की घटनाओं पर लगाम लगे। भाजपा को आपका एक वोट पक्का करेगा...कि बंगाल में फिर से संदेशखाली जैसी घटना ना हो। भाजपा को आपका एक वोट इस बात को पक्का करेगा...कि फिर से बंगाल में हज़ारों शिक्षक अपनी नौकरी नहीं खोएं..
साथियों,
टीएमसी को सबक सिखाना बहुत ज़रूरी है। यहां छोटे से छोटा टीएमसी का नेता... खुद को बंगाल का माई-बाप समझने लगा है। हुगली को तो इन्होंने शिक्षक भर्ती घोटाले के लिए बदनाम किया है। बीजेपी युवाओं को लूटने वालों को ज़रूर सज़ा दिलाएगी।
साथियों,
आपको एक और बात याद रखनी है। बंगाल में उद्योग तभी लगेंगे, निवेश तभी आएगा..जब यहां कानून-व्यवस्था बेहतर होगी।लेकिन बंगाल में...दंगाइयों को, लूटने वालों को...माफियाओं को...खुली छूट मिली हुई है। आपको भी पता है कि यहां हर चीज़ पर सिंडिकेट टैक्स लगाया जाता है। इस सिंडिकेट टैक्स को...इस माफियावाद को भाजपा सरकार ही खत्म करेगी..और ये भी मोदी की गारंटी है।
साथियों,
टीएमसी सरकार, पश्चिम बंगाल की, देश की सुरक्षा से भी खिलवाड़ कर रही है। इसलिए, यहां के नौजवानों को खासतौर पर बहुत सावधान रहना है।
टीएमसी, यहां घुसपैठियों को भांति-भांति की सुविधाएं देती है...घुसपैठियों को बचाने के लिए धरने-प्रदर्शन करती है...आप याद रखिए...टीएमसी को घुसपैठिए इसलिए पसंद हैं...क्योंकि वो इनके पक्के वोटबैंक हैं।
घुसपैठियों को बचाने के लिए टीएमसी किसी भी हद तक जा सकती है।
बीते 11 वर्षों से, केंद्र सरकार टीएमसी सरकार को बार-बार चिट्ठी लिख रही है...कि बंगाल के बॉर्डर पर फेंसिंग लगानी है, इसके लिए ज़मीन चाहिए।
लेकिन टीएमसी को कोई फर्क नहीं पड़ता। टीएमसी ऐसे गिरोहों को संरक्षण देती है..जो घुसपैठियों को सुरक्षा देते हैं, उनके लिए फर्ज़ी डॉक्यूमेंट बनाते हैं।
साथियों,
समय आ गया है, जब घुसपैठ को भी पूरी तरह रोकना होगा...और जो लोग बीते दशकों में, फर्ज़ी कागज़ बनाकर यहां घुल-मिल गए हैं...उनकी पहचान करके, उन्हें उनके देश वापस भी भेजना होगा। ये काम कौन कर सकता है, ये काम कौन कर सकता है, ये काम कौन कर सकता है, ये काम कौन कर सकता है, ये काम आपका एक वोट कर सकता है। आपके वोट की एक ताकत है, आप का वोट ये सारे सपने पूरा करा सकता है। बीजेपी को दिया...आपका एक-एक वोट घुसपैठियों को भगा सकता है। इसलिए, इस बारी आपको एक ही लक्ष्य...एक ही धुन...एक ही सुर... एक ही संकल्प लेना है...
पाल्टानो दोरकार…
पाल्टानो दोरकार…
चाइ बीजेपी शोरकार !
पाल्टानो दोरकार…
पाल्टानो दोरकार…
पाल्टानो दोरकार…
पाल्टानो दोरकार…
इसी संकल्प के साथ...एक बार फिर आप सभी को यहां विशाल संख्या में हमें आशीर्वाद देने के लिए आने के लिए मैं आपका बहुत-बहुत आभार व्यक्त करता हूं।
मेरे साथ बोलिए
भारत माता की जय !
भारत माता की जय !
भारत माता की जय !
वंदे...वंदे..वंदे... वंदे..वंदे...!
