Numerous measures undertaken in the last four years to enhance the quality of life of our citizens: PM Modi
Human rights should not be about only slogans but it should be an integral part of our values: PM Modi
For us, ‘Sabka Saath, Sabka Vikas’ is about serving the people: PM Modi
With focus on justice for all, the government is increasing the number of e-Courts, strengthening the National Judicial Data Grid: Prime Minister Modi
With the use of technology, we are making the system transparent and protecting the rights of citizens: PM Modi
To empower the Divyangs, we have strengthened the Rights of Persons with Disabilities Act: PM Modi

প্ৰধানমন্ত্ৰী শ্ৰী নৰেন্দ্ৰ মোদীয়ে আজি ৰাষ্ট্ৰীয় মানৱ অধিকাৰ আয়োগ (এনএইচআৰচি)ৰ প্ৰতিষ্ঠা দিৱসৰ ৰূপালী জয়ন্তীত ভাষণ প্ৰদান কৰে৷ 
তেওঁ কয় যে বিগত দুটা আৰু অৰ্ধ দশকত এনএইচআৰচিয়ে নিষ্পেষিতসকলৰ হকে মাত মাতি ৰাষ্ট্ৰ গঠনত প্ৰভূত অৰিহণা আগবঢ়াইছে৷ তেওঁ কয় যে মানৱ অধিকাৰক সুৰক্ষা প্ৰদান কৰাটো আমাৰ সংস্কৃতিৰ এক গুৰুত্বপূৰ্ণ অংশ৷ স্বাধীনতাৰ পিছত উপাদানসমূহ যেনে স্বাধীনতা আৰু নিৰপেক্ষ ন্যায়; এটা সক্ৰিয় সংবাদ মাধ্যম; এক সজাগ সমাজ; আৰু এনএইচআৰচিৰ দৰে এক সংস্থাই মানৱ অধিকাৰৰ সপক্ষে মাত মাতি আহিছে৷ 

প্ৰধানমন্ত্ৰীয়ে কয় যে মানৱ অধিকাৰ কেৱল এটা শ্ল’গান হোৱাৰ পৰিৱৰ্তে ই আমাৰ জীৱনৰ পথ প্ৰদৰ্শক হ’ব লাগে৷ তেওঁ কয় যে বিগত চাৰিটা বৰ্ষত দুখীয়াৰ জীৱন ধাৰণৰ মান উন্নত কৰাৰ বাবে বিভিন্ন পদক্ষেপ গ্ৰহণ কৰা হৈছে৷ সকলো ভাৰতীয়ই যাতে মানৱ জীৱনৰ মৌলিক প্ৰয়োজনীয়তাসমূহ লাভ কৰিব বাবে তাৰ বাবে চৰকাৰে লক্ষ্য নিৰ্ধাৰণ কৰিছে বুলি তেওঁ জানিবলৈ দিয়ে৷ এই প্ৰসংগত তেওঁ বেটি বচাও, বেটি পঢ়াও, সুগম্য ভাৰত অভিযান, প্ৰধানমন্ত্ৰী আৱাস যোজনা, উজ্বলা যোজনা আৰু সৌভাগ্য যোজনাৰ বিষয়েও উল্লেখ কৰে৷ তেওঁ কয় যে ৯ কোটিতকৈও অধিক শৌচাগাৰ নিৰ্মাণে কোটি কোটি লোকৰ সন্মান ৰক্ষা কৰিছে৷ শেহতীয়াকৈ মুকলি কৰা স্বাস্থ্য সুৰক্ষা নিশ্চিতি যোজনা- পিএমজেএৱাইৰ বিষয়েও তেওঁ উল্লেখ কৰে৷ চৰকাৰে গ্ৰহণ কৰা বিত্তীয় সমাপনৰ পদক্ষেপসমূহৰ বিষয়ে আলোকপাত কৰি প্ৰধানমন্ত্ৰীয়ে মুছলিম মহিলাক তিনি তালাকৰ পৰা মুক্তি কৰি তেওঁলোকৰ অধিকাৰ সুনিশ্চিত কৰাৰ বিষয়ে জানিবলৈ দিয়ে৷

ন্যায় ৰক্ষাৰ ক্ষেত্ৰত গ্ৰহণ কৰা পদক্ষেপসমূহৰ বিষয়ে উল্লেখ কৰি প্ৰধানমন্ত্ৰীয়ে কয় যে ই-কোৰ্টসমূহৰ বৃদ্ধিৰ জৰিয়তে ৰাষ্ট্ৰীয় ন্যায়িক তথ্য গ্ৰীডৰ সৱলীকৰণ কৰা হৈছে৷ ইয়াৰ বাবে আধাৰক প্ৰযুক্তিভিত্তিক পদক্ষেপ বুলিও তেওঁ উল্লেখ কৰে৷
প্ৰধানমন্ত্ৰীয়ে কয় যে এই পদক্ষেপসমূহৰ সাফল্যৰ মূলতে হ’ল জন ভাগিদাৰী অৰ্থাৎ জনসাধাৰণৰ অংশগ্ৰহণ৷ তেওঁ কয় যে নাগৰিকে মানৱ অধিকাৰ সম্পৰ্কে সজাগ হোৱাৰ লগতে তেওঁলোকে নিজৰ কৰ্তব্য তথা দায়িত্বসম্পৰ্কেও সজাগ হ’ব পাৰিব৷ তেওঁ কয় যে যিসকল লোকে নিজৰ দায়িত্ব সম্পৰ্কে সজাগ তেওঁলোকে আনৰ অধিকাৰকো সন্মান প্ৰদান কৰিব জানে৷

ভাষণ প্ৰসংগত প্ৰধানমন্ত্ৰীয়ে বহনক্ষম উন্নয়ন লক্ষ্যৰ বাবে এনএইচআৰচিৰ ভূমিকা অতিশয় গুৰুত্বপূৰ্ণ বুলি মন্তব্য কৰে৷

 

Click here to read full text speech

Explore More
শ্ৰী ৰাম জনমভূমি মন্দিৰৰ ধ্বজাৰোহণ উৎসৱত প্ৰধানমন্ত্ৰীৰ সম্বোধনৰ অসমীয়া অনুবাদ

Popular Speeches

শ্ৰী ৰাম জনমভূমি মন্দিৰৰ ধ্বজাৰোহণ উৎসৱত প্ৰধানমন্ত্ৰীৰ সম্বোধনৰ অসমীয়া অনুবাদ
India’s Defence Exports Explode: ₹40,000 Crore Milestone Signals a New Manufacturing Era

Media Coverage

India’s Defence Exports Explode: ₹40,000 Crore Milestone Signals a New Manufacturing Era
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Text of PM’s remarks during inauguration of Swaminarayan Hindu Temple in Paris
September 06, 2026

पूज्य महंत स्वामी, फ्रांस सरकार के सम्मानित प्रतिनिधिगण, उपस्थित अतिथिगण, इंडियन कम्युनिटी के मेरे साथी, देश दुनिया से जुड़े सभी हरि भक्त, देवियों और सज्जनों, जय स्वामीनारायण!

आज फ्रांस की राजधानी पेरिस में भव्य स्वामीनारायण मंदिर का लोकार्पण हो रहा है। यह लोकार्पण भारत और फ्रांस के सांस्कृतिक संबंधों का नया युग स्तंभ है। पूज्य संत जनों और सनातन परंपरा के श्रेष्ठ जनों के आशीर्वाद के साथ आज इस लोकार्पण का मंच ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ के भाव का मंच बन गया है। भगवान स्वामीनारायण की कृपा और हमारे संतों का स्नेह, संतों का आशीर्वाद, मेरा सौभाग्य है कि मुझे ऐसे पुण्य अवसरों से जुड़ने का अवसर हमेशा मिलता रहता है। आज भी मैं भले ही पेरिस में आप सबके बीच उपस्थित नहीं हूं, लेकिन मन से और हृदय से, मैं स्वयं को आपके बीच ही अनुभव कर रहा हूं।

साथियों,

आज इस अवसर पर मैं परम पूज्य प्रमुख स्वामी जी महाराज का भी श्रद्धापूर्वक स्मरण करता हूं। प्राचीन काल में भारत का जो सांस्कृतिक आध्यात्मिक वैभव था, उन्होंने उसके पुनर्जागरण का एक अभियान शुरू किया था। आज उसका प्रकाश यूरोप समेत पूरी दुनिया में फैल रहा है। 2024 में अबू धाबी में भव्य मंदिर का लोकार्पण हुआ था। आज वहां हजारों लोग दर्शन करने जाते हैं और अब यहां पेरिस में स्वामीनारायण मंदिर का निर्माण सृजन की यह निरंतरता, यह संतों की संकल्प शक्ति का ही प्रमाण है। मैं पुनीत कार्य के लिए पूज्य महंत स्वामी का आभार प्रकट करता हूं, मैं उनके चरणों में प्रणाम करता हूं। मैं BAPS स्वामीनारायण संस्था को और करोड़ों हरि भक्तों को इस अवसर पर हृदय की गहराई से बधाई देता हूं।

साथियों,

BAPS के माध्यम से जब अलग-अलग देश में मंदिरों की प्राण प्रतिष्ठा होती है, तो वहां भारत के प्राचीन विचार और मानवीय मूल्य भी साथ-साथ ही जाते हैं और भारत का विचार कहता है ‘समानं मनः सह चित्तमेषाम्’ अर्थात हमारे मन समान हो, हमारे हृदय साथ जुड़े। इसलिए आज जब फ्रांस में इतना भव्य मंदिर बनकर तैयार हुआ है, यह फ्रांस की विविधता को तो समृद्ध करेगा ही, इससे भारत और फ्रांस के सांस्कृतिक संबंधों को भी ऊर्जा मिलेगी।

साथियों,

बीते वर्षों में भारत और फ्रांस के संबंध नई ऊंचाइयों तक पहुंचे हैं। मेरे मित्र, प्रेसिडेंट मैक्रों के साथ मिलकर दोनों देश एक Special Global Strategic Partnership बना रहे हैं। Technology, AI और Defence से लेकर Space और Climate Action तक हम एक नई गति और नई ऊर्जा के साथ मिलकर के आगे बढ़ रहे हैं। हम 2026 को India-France Year of Innovation के रूप में भी सेलिब्रेट कर रहे हैं। भारत-फ्रांस की ये Strategic Partnership इसलिए भी खास है, क्योंकि ये हमारे पुराने सांस्कृतिक-राजनैतिक सम्बन्धों की मजबूत बुनियाद पर टिकी है। इतिहास गवाह है, फ्रांस में भारतीय सैनिकों के बलिदान का इतिहास आज भी मन-मंदिर में जीवित है। भाषा से जुड़े विषयों में रुचि रखने वाले लोग यह भी जानते हैं कि फ्रेंच स्कॉलर्स ने संस्कृत को लोकप्रिय बनाने में कितनी अहम भूमिका निभाई है। रामकृष्ण परमहंस और स्वामी विवेकानंद पर रोमाँ रोलाँ की की लेखनी हमारी सोसाइटीज़ को और करीब लाई है। पेरिस से पुडुचेरी के अरबिंदो आश्रम तक 'The mother' की spiritual journey, उसने कितने ही भारतीय और फ्रेंच साधकों को inspire किया है।

साथियों,

दशकों पहले श्रील प्रभुपाद स्वामी भी फ्रांस आए थे। इस्कॉन के जरिए भारत फ्रांस के बीच आध्यात्मिक सम्बन्धों का नया अध्याय उन्होंने शुरू किया था। आज योग भी भारत-फ्रांस के people to people कनेक्ट का एक माध्यम बन चुका है। 'इंटरनेशनल योगा डे' पर एफिल टॉवर के सामने से आने वाली तस्वीरें फ्रांस में योग की लोकप्रियता का उदाहरण बनती हैं और अब BAPS के इस भव्य मंदिर के जरिए, हमारे उन सांस्कृतिक सम्बन्धों में एक नया अध्याय जुड़ रहा है।

साथियों,

इन दिनों, भारत फ्रांस Joint Ventures की संभावनाओं पर बातें होती हैं। स्वामीनारायण मंदिर ने इस संभावना में भी एक नया आयाम जोड़ा है। यह मंदिर 'मेड इन इंडिया' है और 'बिल्ट इन फ्रांस' है। इसके काफी पत्थरों को भारत में तराशा गया है। भारत की प्राचीन प्रतिभा यहाँ फ्रांस में आधुनिक इंजीनियरिंग से आकर जुड़ चुकी है। पेरिस में इस भव्य मंदिर ने आकार लिया है। इसलिए, मैं आशा करता हूँ, यह मंदिर सदियों तक भारत और फ्रांस के बीच सहयोग और संभावनाओं का भी प्रतीक बनकर उभरेगा।

साथियों,

स्वामीनारायण मंदिर हमेशा से भक्ति के साथ-साथ सेवा का माध्यम भी रहे हैं। मुझे बताया गया है, यह मंदिर भी सेवा प्रकल्पों का वैसा ही केंद्र बनेगा। मुझे विश्वास है कि यहाँ से भारतीय संस्कृति के जो स्वर निकलेंगे, उनका लाभ पूरे यूरोप में लोगों को मिलेगा। भविष्य में मुझे जब भी समय मिलेगा, मैं इस मंदिर में दर्शन करने का प्रयास अवश्य करूंगा। इन्हीं शब्दों के साथ, एक बार फिर आज के इस लोकार्पण समारोह में सम्मिलित सभी अतिथिगणों को, सभी परिवारों को, सभी हरि भक्तों को और पूरी Indian Diaspora को मेरी ओर से इस शुभारंभ पर्व की ढेरों शुभकामनाएं!

बहुत-बहुत धन्यवाद!

मर्सी बोकू!

जय स्वामीनारायण!