प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने एनएसजी स्थापना दिवस के अवसर पर एनएसजी कर्मियों के अदम्य साहस और दृढ़ संकल्प की सराहना की है। श्री मोदी ने कहा, "एनएसजी ने देश को आतंकवाद के खतरे से बचाने, हमारे नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और राष्ट्रीय संपत्तियों की रक्षा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।"

प्रधानमंत्री ने एक्स पर पोस्ट एक पोस्ट में लिखा:

राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) के स्थापना दिवस के अवसर पर, मैं सभी एनएसजी कर्मियों को शुभकामनाएं देता हूं। एनएसजी के जवानों ने अपने अद्वितीय साहस और समर्पण से अपनी अलग पहचान बनाई है। एनएसजी ने आतंकवाद के खतरे से राष्ट्र की रक्षा करने, हमारे नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और महत्वपूर्ण राष्ट्रीय संपत्तियों की रक्षा करने में निर्णायक भूमिका निभाई है।"

@nsgblackcats

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
India’s contribution to BRICS: Nari Shakti moves from promise to delivery

Media Coverage

India’s contribution to BRICS: Nari Shakti moves from promise to delivery
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
पीएम मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति से की बातचीत
June 30, 2026
राष्ट्रपति पेज़ेशकियान ने प्रधानमंत्री को पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों से अवगत कराया
प्रधानमंत्री ने बनी सहमति का स्वागत किया और स्थायी शांति एवं स्थिरता के लिए निरंतर प्रयासों की आवश्यकता को दोहराया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज ईरान के राष्ट्रपति महामहिम डॉ. मसूद पेज़ेशकियान के साथ टेलीफोन पर वार्ता की।

राष्ट्रपति पेज़ेशकियान ने प्रधानमंत्री को पश्चिम एशिया के हाल के घटनाक्रमों और आगे की संभावनाओं के बारे में अवगत कराया।

प्रधानमंत्री ने बनी सहमति का स्वागत किया और भारत के इस सैद्धांतिक दृष्टिकोण को दोहराया कि सभी मुद्दों का समाधान बातचीत और कूटनीति के माध्यम से किया जाना चाहिए।

प्रधानमंत्री ने क्षेत्र में स्थायी शांति और स्थिरता सुनिश्चित करने तथा समुद्री आवाजाही एवं वाणिज्य की स्वतंत्रता की सुरक्षा के लिए निरंतर प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।

प्रधानमंत्री ने क्षेत्र में स्थायी शांति और स्थिरता सुनिश्चित करने तथा समुद्री आवाजाही एवं आर्थिक गतिविधियों की स्वतंत्रता की सुरक्षा के लिए निरंतर प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।