If you want to know what is Rajasthan's relation with Kashmir, then go to the homes of the brave martyrs of Rajasthan and ask! : PM Modi’s Attack on the Opposition
I say- Remove corruption. They say – Save the corrupt: PM Modi taking a sharp jibe at the Opposition
Now we are working to create 3 crore Lakhpati Didis in the country!: PM Modi at the Karauli rally
We have started the National Mission for Oil Seeds, and Karauli-Dholpur will play a big role in this also: PM Modi

राम राम सा। 

नवरात्रि के इन पवित्र दिनों में मुझे कैला मैया के चरणों में प्रणाम करने का अवसर मिला है। मैं मेहंदीपुर बालाजी, मदन मोहन जी और भगवान महावीर जी को भी प्रणाम करता हूँ। आज महान समाज सुधारक महात्मा फुले जी की जन्म जयंती भी है। मैं उनकी पुण्यस्मृति को भी नमन करता हूँ!

साथियों, 

करौली-धौलपुर की ये धरती भक्ति और शक्ति की धरती है। करौली उस बृज का क्षेत्र है, जहां की रज भी सिर पर धारण करते हैं। यहाँ आपका ये आशीर्वाद, इतनी बड़ी संख्या में पधारे मेरे युवा साथी और शक्ति स्वरुपा माताओं-बहनों का ये स्नेह, देश के लिए बड़ा संदेश है। 4 जून को क्या परिणाम होगा, वो आज करौली में स्पष्ट दिख रहा है। करौली बता रहा है- 4 जून.., 400 पार! 4 जून.., 400 पार! 4 जून.., 400 पार! पूरा राजस्थान कह रहा है- फिर एक बार, मोदी सरकार! फिर एक बार, मोदी सरकार!

साथियों,

2024 का लोकसभा चुनाव कौन सांसद बनेगा या कौन नहीं बस सकता, इतने भर का नहीं है। ये चुनाव विकसित भारत के संकल्प को नई ऊर्जा देने का चुनाव है। पिछले 10 वर्षों में बीजेपी ने उन समस्याओं के समाधान निकाले, जिन समस्याओं के आगे काँग्रेस ने हाथ खड़े कर दिए थे। काँग्रेस दशकों तक गरीबी हटाओ का नारा देती रही। लेकिन मोदी ने 25 करोड़ देशवासियों को गरीबी से बाहर निकालने का काम किया। काँग्रेस ने किसानों को उनके हाल पर छोड़ दिया। लेकिन, भाजपा सरकार निरंतर किसानों को समृद्ध बनाने के लिए काम कर रही है। आज देश के 10 करोड़ किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि मिल रही है। करौली-धौलपुर के सवा तीन लाख से ज्यादा किसानों के खातों में भी सात सौ करोड़ रुपये से अधिक भेजे गए हैं। पहली बार किसी सरकार ने पशुधन की भी इतनी चिंता की है। करौली में 80 हजार से ज्यादा किसानों के पशुधन को खुरपका-मुंहपका के डेढ़ लाख से ज्यादा टीके मोदी सरकार ने लगवाए हैं। जब कोरोना में मुफ्त में टीके लगवाए तो चारों तरफ वाहवाही होती थी। लेकिन आपको जानकर के खुशी होगी कि पशुओं का भी मुफ्त टीकाकरण का भी अभियान हजारों करोड़ रुपये खर्च करके किया जा रहा है।

साथियों,

यह हमारा राजस्थान, यह तो मोटे अनाज...जैसा बाजरा, ज्वार, सावां, कोदो-कुटकी जैसे श्रीअन्न की पैदावार में सबसे आगे है। पहले मोटे अनाज पैदा करने वाले हमारे किसान भाई-बहनों को कोई पूछता नहीं था। हमने मिलेट मिशन चलाया। और हमने दुनिया को समझाया कि कि हमारा जो मोटा अनाज है ना, ये सुपर फूट है सुपर फूड। और हमने उसका नाम भी, क्योंकि देश के अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग नाम थे, तो आज वही मोटे अनाज श्रीअन्न के नाम से जाने जा रहा है और पूरी दुनिया में उनकी मांग बढ़ रही है। आपको जानकर खुशी होगी पिछले वर्ष अमेरिका में वाइट हाउस में राष्ट्रपति जी ने मुझे निमंत्रण दिया था। और उन्होंने बहुत बड़ा भोज रखा था। और जानकर खुशी होगी, उस भोज में सब कुछ वेजीटेरियन था। इतना ही नहीं, उसमें हमारा मोटा अनाज था। ये सुपर फूड, ये मोटा अनाज दुनिया में अपनी नई जगह बना रहा है। इससे राजस्थान के किसानों को इसका बहुत बड़ा लाभ होने वाला है। हमने नेशनल मिशन फॉर आयल सीड शुरू किया हैं, इसमें भी करौली-धौलपुर की बहुत भूमिका होगी।

साथियों,

काँग्रेस ने दलितों-आदिवासियों और महिलाओं को भी ना कभी अवसर दिये, ना सम्मान दिया। भाजपा ने देश के 50 करोड़ से ज्यादा गरीबों के जन-धन खाते खुलवाए। हमने 11 करोड़ परिवारों के लिए शौचालय बनवाए। भाजपा सरकार ने 4 करोड़ गरीबों को पक्के घर दिये। और इनमें से अधिकांश लाभार्थी समाज के वंचित वर्ग के लोग हैं। ज़्यादातर पीएम आवास घर की महिलाओं के नाम पर हैं। भाजपा ने करोड़ों बहनों को उज्ज्वला सिलैंडर देकर उन्हें धुएँ से बचाया है। अब हम देश में 3 करोड़ लखपति दीदी बनाने के लिए काम कर रहे हैं! मुझे बताइये, ये सारे काम जो मैं बोल रहा हूं, ये काम पहले नहीं होने चाहिए थे कि नहीं होने चाहिए थे? देश आजाद होने के तुरंत बाद ये  काम करने चाहिए थे कि नहीं करने चाहिए थे। ये काम भी नहीं किया इन्होंने। ये काम भी मुझे करना पड़ रहा है। 

साथियों

हमारे दलितों, आदिवासियों और महिलाओं की कितनी पीढ़ियों की जिंदगी काँग्रेस की उपेक्षा के कारण तकलीफ से गुजर गई। लेकिन आज गरीब का बेटा 10 साल से प्रधानसेवक है, तो गरीब को कितनी ही परेशानियों से मुक्ति मिली है। साथियों, आपको पता है विकसित भारत के सपने को पूरा करने के लिए मेरा हर पल, हर क्षण देश के लिए है। पल-पल आपके नाम। हर पल देश के नाम। और इसलिए मैं तो कहता हूं 24 बाय 7,  24 बाय 7 फॉर 2047। 

साथियों, 

जो लोग हमारा घोर विरोध करते हैं। ये परिवारवाद और भ्रष्टाचार के दलदल में डूबी काँग्रेस जनता की मजबूरियों में मुनाफा खोजती है। राजस्थान में पानी के संकट को बड़ा बनाने वाली कांग्रेस ही है। केंद्र सरकार ने हर घर पानी पहुंचाने के लिए जलजीवन मिशन शुरू किया। उसमें भी काँग्रेस ने भ्रष्टाचार किया। आज हमारे प्रयासों से करौली-धौलपुर के डेढ़ लाख घरों में पानी पहुंचा है। और अभी भजनलाल जी बड़ा विस्तार से वर्णन कर रहे थे, जिस ERCP प्रोजेक्ट को काँग्रेस सरकार ने वर्षों से लटकाया था, उसे भी भजनलाल जी की सरकार ने 100 दिन के भीतर ही पास करवा दिया। और इसका बड़ा लाभ करौली-धौलपुर को मिलेगा। हरियाणा के साथ हुये समझौते से राजस्थान के कई जिलों तक पानी पहुंचेगा। और मैं आपको बताना चाहता हूं। ये संभव इसलिए हुआ, क्योंकि हरियाणा में भी बीजेपी की सरकार है। और राजस्थान में आप बीजेपी सरकार लाए हैं। तो हमने मिलजुल कर के रास्ता निकाला। केंद्र सरकार सरकार में भी हम बैठे थे। 

आपको याद होगा, हिंदुस्तान में बहुत सारे राज्य हैं, जो पड़ौसी राज्य  के साथ पानी के मुद्दे पर पिछले 30-30, 40-40 साल से लड़ाई चल रही है। और पानी समंदर में जा रहा है और लड़ाई चल रही है। मुझे याद है गुजरात में नर्मदा योजना, हमने केनाल बनाई और बिना  कोई झगड़ा, बिना कोई मनमुटाव, गुजरात ने राजस्थान जो पानी मिलना चाहिए। वो केनाल बनते ही पानी देना शुरू कर दिया और गुजरात से सटे हुए जो जिले हैं, वहां पानी पहुंच गया। और मुझे याद है, उस समय भैरोंसिंह शेखावत, जसवंत सिंह जी गुजरात आए थे, मैं मुख्यमंत्री था। और उन्होंने मेरी बहुत बधाई की। बहुत अभिनंदन किया। मैंने कहा क्या है, आप तो मुझसे बड़े हैं। बोले जी, पानी देना कितनी बड़ी बात होती है और आपने पानी पहुंचाया है। राजस्थान कभी भी आपको भूलेगा नहीं। ये शब्द उस दिन थे। मैं गुजरात से आता हूं। पानी की दिक्कत क्या होती है, मैं भलीभांति समझता हूं। राजस्थान पानी की कैसी मुसीबतों से गुजरता है, मैं भलीभांति समझता हूं। और इसलिए, समस्या  का समाधान खोजने के लिए कोई न कोई रास्ते खोजते रहते हैं। हम हाथ जोड़कर बैठे नहीं रहते हैं। 

साथियों,

काँग्रेस ने जिस पानी में पैसा कमाने का पाप किया, बीजेपी ने उसे सेवा, ज़िम्मेदारी और जवाबदेही का काम मान करके पूरा किया। आने वाले समय में राजस्थान के घर-घर पानी पहुंचेगा, ये मोदी की गारंटी है। आपके सपने ही मेरा संकल्प हैं।

साथियों,

आप लोग मुझे भलीभांति जानते हैं। कितने साल हो गए मेरी ज़िंदगी करीबी से जानते हुए। आपने मैं कैसे काम कर रहा हूं, सब देखा है। आप सब ये जानते हैं कि मोदी आराम करने के लिए पैदा नहीं हुआ है। न ही मोदी मौज करने के लिए पैदा हुआ है। मोदी मेहनत करता है, क्योंकि मोदी के लक्ष्य बहुत बड़े हैं। और ऐसे लक्ष्य जो सिर्फ और सिर्फ मेरे देशवासियों से जुड़े हैं। आप सबसे जुड़े हैं। ऐसे लक्ष्य जो आपके बच्चों से, देश के युवाओं से जुड़े हैं। जबकि साथियों, काँग्रेस ऐसी पार्टी है जिसने युवाओं की नौकरी में भी लूट के मौके तलाशे हैं। यहां कांग्रेस सरकार के संरक्षण में पेपरलीक इंडस्ट्री, पेपरलीक इंडस्ट्री खड़ी हो गई थी। मोदी ने आपको गारंटी दी, बीजेपी सरकार आएगी, पेपरलीक माफिया जेल के भीतर दिखाई देंगे। आज मोदी की गारंटी भी पूरी हुई कि नहीं हुई। मोदी मोदी की गारंटी भी पूरी हुई कि नहीं हुई। आज राजस्थान ही नहीं, पूरे देश में भ्रष्टाचारियों पर कड़ी कार्रवाई हो रही है।  इसीलिए, इंडी अलायंस के लोग मोदी के खिलाफ एकजुट हो रहे हैं। अब मजा देखिए, देश में क्या चल रहा है। एक तरफ मोदी है, जो कहता है- भ्रष्टाचार हटाओ। और दूसरी तरफ वो लोग हैं, जो कहते हैं- भ्रष्टाचारी बचाओ। ये सारे लोग, जो भ्रष्टाचारियों को बचाने निकले हैं ना,  कान खोलकर के सुन लें। मोदी को कितनी भी धमकियां दे दें...भ्रष्टाचारियों को जेल जाना ही पड़ेगा- ये मोदी की गारंटी है।

साथियों,

60 साल सत्ता संभालने वाली काँग्रेस के पापों की लिस्ट काफी लंबी है, लेकिन आज मैं राजस्थान की धरती से कांग्रेस का एक महापाप बताता हूं। ऐसा महापाप, जिसकी कोई माफी नहीं है, कोई प्रायश्चित्त नहीं है। ये महापाप है- राजस्थान के सम्मान और पहचान के साथ खिलवाड़ का। काँग्रेस ने राजस्थान में वोटबैंक के लिए तुष्टीकरण का गंदा खेल खेला। ये वो धरती है जो मदनमोहन जी के विग्रह की रक्षा के लिए अपने बलिदान देने के लिए तैयार हो गई थी। उसी धरती पर काँग्रेसी नेताओं ने तुष्टीकरण और भ्रष्टाचार के लिए मंदिरों को गिराकर उनकी ज़मीनें कब्जा कीं। यहाँ रामनवमी की शोभायात्रा पर पत्थर बरसाए जाते थे! जिस राजस्थान ने, जिस राजस्थान ने, धौलपुर ने अयोध्या में 500 साल के इंतज़ार के बाद बन रहे भव्य राममंदिर के लिए पत्थर भेजे, उसी राममंदिर पर काँग्रेस पार्टी के नेता कैसी-कैसी भाषा बोल रहे हैं। इन लोगों ने रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा का बहिष्कार तक किया। इंडी गठबंधन में इनकी साथी पार्टी सनातन को नष्ट करने की बात करती है। और ये काँग्रेस वाले उनके मौन समर्थन में खड़े रहते हैं। साथियों आप बताओ, कांग्रेस का ये पाप माफी लायक है क्या ? ऐसे पाप को माफ किया जा सकता है क्या। इन्हें सजा मिलनी चाहिए कि नहीं मिलनी चाहिए? सजा मिलनी चाहिए कि नहीं मिलनी चाहिए? और इस बार जब आप 19 तारीख को वोट देने जाएं ना, तो बटन दबाते समय, बटन ऐसे दबाइये, ताकि ये पापियों को सजा देने का आपको संतोष मिले।

साथियों, 

आप कांग्रेस नेताओं के बयानों से इनके मंसूबों का अंदाज लगा सकते हैं। काँग्रेस के शहजादे विदेश में कहते हैं कि भारत कोई राष्ट्र नहीं है। देश सर्जिकल स्ट्राइक करता है तो ये सेना से सबूत मांगते हैं। सेना के शौर्य को काँग्रेस के शहजादे खून की दलाली बोलते हैं। टुकड़े-टुकड़े गैंग के पीछे सबसे पहले काँग्रेस खड़ी होती है। कर्नाटक से काँग्रेस सांसद दक्षिण भारत को तोड़कर अलग करने की बात कर रहे हैं। और अब तो, काँग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष तक खुलेआम देश की एकता के सामने सवालिया निशान खड़ा कर रहे हैं। ऐसी भाषा बोल रहे हैं। ये विदेश की धरती पर जाकर कश्मीर का राग अलापते हैं, लेकिन जब मैं राजस्थान में कश्मीर की बात करता हूं तो ये पूछते हैं अगर कश्मीर से 370 हट गया, तो राजस्थान का क्या वास्ता? ये कांग्रेस अध्यक्ष ने यहां आकर बोला। कि भई कश्मीर तो दूर है। वहां से 370 हट गया तो इसमें राजस्थान का क्या वास्ता।

मैं जरा काँग्रेस पार्टी को बताना चाहता हूँ। जरा कान खोलकर के सुन लो। और आपके नेताओं को भी भेज देना मेरा वीडियो। कांग्रेस के नेता समझ लें, राजस्थान का कश्मीर से क्या वास्ता है, ये जानना है तो राजस्थान के बलिदानी वीर शहीदों के घर जाकर पूछो! उनके गाँव की मिट्टी बताएगी कि राजस्थान का कश्मीर से क्या वास्ता है! कश्मीर की धरती पर मेरे राजस्थान के अनेक वीर संतानों ने बलिदान दिए हैं और मुझसे पूछते हो कि क्या वास्ता है। इस मिट्टी के शहीदों की समाधियाँ तुम्हें बताएँगी, राजस्थान का कश्मीर से क्या रिश्ता है। सत्ता से दूर होकर इनकी सोच इतनी संकुचित हो गई है कि ये लोग राणा प्रताप की धरती से पूछते हैं कि कश्मीर का बाकी देश से क्या लेना-देना? आप कल्पना करिए, जब विपक्ष में रहकर इसकी सोच ऐसी है, तो ये सत्ता में देश की अखंडता और एकता के साथ क्या-क्या खिलवाड़ कर सकते हैं!

साथियों, 

यही कांग्रेस है जिसने भारत का एक द्वीप....तमिलनाडु के पास कच्चातीवू द्वीप को श्रीलंका को दे दिया था। इस देशविरोधी कुकृत्य को काँग्रेस बेशर्मी से जायज ठहरा रही है। कल ही काँग्रेस के एक बड़े नेता ने कहा है, कच्चातीवू द्वीप है, वो टापू है क्या वहां कोई रहता है क्या? रहता नहीं है तो क्या दे देनी है क्या। फिर तो रेगिस्तान को तुम क्या कहोगे कल। यही कहोगे कोई रहता है क्या। क्या कोई देश की सेवा ऐसे होती है क्या। ये तरीका है क्या। ये है इनकी मानसिकता! इनके लिए देश का खाली हिस्सा, सिर्फ जमीन का एक टुकड़ा है! कल ये कांग्रेसी, राजस्थान जैसे सीमावर्ती राज्य की खाली जमीन यही कहकर किसी भी देश को दे सकते हैं! कांग्रेस का सिर्फ इतिहास ही खतरनाक नहीं है, बल्कि कांग्रेस के इरादे भी खतरनाक हैं। 

साथियों,

करौली और धौलपुर में 19 अप्रैल को मतदान है। बीजेपी ने बहन इन्दुमती जाटव जी को अपना प्रत्याशी बनाया है। इन्दुमती जी के पास अपनी पार्टी के कामों की पहचान है। चंबल नदी पर बना पुल हो, दिल्ली-मुंबई एक्स्प्रेसवे हो, या अब धौलपुर से सरमथुरा तक बन रही ब्रॉड गेज रेललाइन हो, बीजेपी ने इस क्षेत्र के विकास को नई पहचान दी है। इंदुमती जी करौली-धौलपुर में विकास को और तेजी से आगे बढ़ाने के लिए आपकी प्रतिनिधि का काम करेंगी। और इसके लिए आपको 19 अप्रैल को, गर्मी कितनी ही क्यों ना हो, पहले मतदान, फिर जलपान। अच्छा, मतदान के, मतदान के पुराने रिकॉर्ड तोड़ोगे आप। अपने पोलिंग बूथ में पहले जो मतदान हुआ होगा, उससे ज्यादा मतदान कराकर उसका रिकॉर्ड तोड़ोगे। पक्का तोड़ोगे। मैं आपको एक चैलेंज देता हूं...दे दूं। आपको एक चैलेंज देता हूं...दे दूं। क्या हम सभी पोलिंग बूथ जीत सकते हैं। सभी पोलिंग बूथ जीत सकते हैं। हमें सब सभी पोलिंग बूथ जीतने के लिए काम करना है। अभी एक सप्ताह हमारे पास है। पोलिंग बूथ जीतने के लिए पूरी ताकत लगाइये। करेंगे। पक्का करेंगे। अच्छा मेरा एक काम करेंगे। क्यों ठंडे पड़ गए। चुनाव के लिए तो सब करोगे। इंदूजी के लिए सब करोगे। लेकिन मोदी जी के लिए कुछ नहीं करोगे। अच्छा मेरा एक काम करोगे। लेकिन ये चुनाव वाला काम नहीं है। करोगे। पक्का। देखिए आप आने वाले दिनों में घर-घर जाना और जाकर के बताना कि अपने मोदी जी आए थे। उन्होंने आपको प्रणाम भेजा है। हर घऱ मेरा प्रणाम पहुंचेगा। याद रख करके पहुंचाओगे। पक्का।

मेरे साथ बोलिए

भारत माता की जय

भारत माता की जय

भारत माता की जय

बहुत-बहुत धन्यवाद।

 

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June 18, 2026

नमस्ते!

बों जू!

ऐसा लग रहा है, आप सब छुट्टी के मूड में हैं।

साथियों,

ये पेरिस शहर, Lights का शहर है, रंगों का शहर है, यहां Art है, Ideas हैं, और innovation की प्रेरणा भी है। इस शहर को भारत के अलग-अलग राज्यों से आए आप सभी लोग और भी खूबसूरत बना देते हैं। नए नए रंगों से भर देते हैं।

कोई तमिल है, कोई पंजाबी है, कोई गुजराती है, तो कोई मराठी है, और कोई बंगाली है। भारत के हर कोने का प्रतिनिधित्व यहां दिखाई देता है।

साथियों,

मैं जब 14 जून को नीस पहुंचा था तो सबसे पहले भारत इनोवेट्स कार्यक्रम में शामिल हुआ था। आज जब मैं फ्रांस से वापसी की तैयारी में हूं तो लग रहा है जैसे भारत कनेक्ट्स कार्यक्रम में आ गया हूं।

फ्रांस में रहने वाले आप लोगों ने 21वीं सदी के भारत-फ्रांस रिश्तों को जिस तरह कनेक्ट किया है, वो हमारी Strategic Partnership की बहुत बड़ी ताकत बन रही है। मैं आप सभी के लिए भारत से 140 करोड़ देशवासियों की शुभकामनाएं लेकर आया हूं। इस आत्मीय स्वागत के लिए, मैं आप सभी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।

साथियों,

आज मैं ऐसे समय में फ्रांस आया हूं जब कुछ ही दिन पहले हमारी सरकार के 12 वर्ष पूरे हुए हैं। चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप निरंतर 12 साल तक देश की सेवा करना मेरे जीवन का बहुत बड़ा सौभाग्य रहा है। यह भारत के लोकतंत्र की शक्ति है जिसने एक चायवाले को यहां तक पहुंचा दिया।

साथियों,

बीते 12 वर्ष, 140 करोड़ भारतीयों के अद्भुत सामर्थ्य के रहे हैं। 12 साल के इस कालखंड में भारत का GDP दोगुना हुआ है। Airports की संख्या दोगुनी हुई है। Universities की संख्या भी दोगुनी हो गई है। Highway Construction की स्पीड तीन गुना बढ़ गई। और Metro Network, चार गुणा बड़ा हो गया है।

मैं आपको कुछ और फैक्ट्स दूंगा, उससे आप अंदाजा लगा पाएंगे कि भारत किस स्पीड और कितने बड़े स्केल पर काम कर रहा है। पिछले 12 वर्षों में भारत का Defence Export 35 गुणा यानि Thirty Five Times बढ़ गया है।

औऱ एक फैक्ट सुनिए भारत में मोबाइल मैन्यूफैक्टरिंग यूनिट्स में, 100 गुणा की बढ़ोतरी हुई है। 100 times. भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा mobile phone manufacturer है। इसी गति, इसी प्रगति का नतीजा है कि आज भारत दुनिया की Fastest Growing Major Economy है।

साथियों,

आज भारत की कहानी सिर्फ Economic Progress की कहानी नहीं है। सिर्फ यहाँ अटक नहीं जाती है। ये Social Transformation की भी कहानी है।

पिछले 12 साल में देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं। यानि एक ऐसी प्रगति जिसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है। फ्रांस में जितने घर हैं, उससे भी अधिक पक्के घर बीते 12 वर्ष में हमने जरूरतमंदों के लिए बनाए हैं।

अब हर परिवार के पास, गरीब से गरीब क्यों न हो, Bank Account है। Financial Inclusion एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन का अभियान बना है।

साथियों,

इन 12 वर्षों की उपलब्धियों में, एक उपलब्धि ऐसी भी है जिसे किसी आंकड़े से, या अंकों से, नहीं मापा जा सकता। वह है 140 करोड़ भारतीयों का आत्मविश्वास।

आज का भारत और आज के भारत का युवा बहुत बड़े सपने देख रहा है। भारत का किसान नई संभावनाओं के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत की महिलाएं नए नेतृत्व का परिचय दे रही हैं। इसलिए ये सिर्फ Achievements के 12 साल नहीं हैं, ये भारत की एस्पिरेशन्स को नई बुलंदी देने का कालखंड रहा है।

साथियों,

एक समय था जब दूर-दराज के गांवों तक आधुनिक सुविधाएं पहुंचाना वाकई बहुत मुश्किल भरा था। आज उन्हीं गांवों में बिजली भी है, इंटरनेट भी है, और डिजिटल सेवाओं की पूरी दुनिया भी है। आज एक क्लिक पर, कभी भी, कहीं भी बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध हैं।

आज मोबाइल फोन, भारत के नागरिकों को अनेक सुविधाओं से कनेक्ट कर रहा है। हमारे किसान, हमारे मछुआरे, हमारे dairy farmers, हमारी महिलाएं, हमारे स्टूडेंट्स, सभी टेक्नोलॉजी के माध्यम से सशक्त हो रहे हैं, और अपने लिए नए अवसर बना रहे हैं।

साथियों,

आपने 125 करोड़ से अधिक Aadhaar IDs के बारे में सुना है। लेकिन आज भारत सिर्फ पहचान को डिजिटल नहीं बना रहा। आज करीब 90 करोड़ भारतीयों की Unique Digital Health IDs बनाई जा चुकी हैं। जिससे मेडिकल रिकॉर्ड सुरक्षित और accessible बन गए हैं। इससे हेल्थकेयर डिलीवरी और अधिक आसान और efficient हो रही है।

साथियों,

इन उपलब्धियों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनमें से अधिकांश चीजें कुछ वर्ष पहले तक कल्पना जैसी लगती थीं। कौन सोच सकता था कि गांव-गांव तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचेगा ? कौन सोच सकता था कि दूर-सुदूर के गांवों में भी QR code जीवन का हिस्सा बन जायेगा ? गांव में कोई बहन, ड्रोन से खेती करने में मदद करेगी, ये भी असंभव लगता था।

लेकिन आज यह सब, भारत के करोड़ों लोगों के जीवन का सामान्य हिस्सा बनता जा रहा है। और आपको गर्व होगा साथियों, यही नए भारत की पहचान है।

जो कभी सपना था, वह आज सच्चाई है। जो कभी नामुमकिन लगता था, वो आज मुमकिन हुआ है, औऱ ये करने के पीछे सबसे बड़ी ताकत क्या है? किसकी वजह से ये सब संभव हुआ है? यह मोदी के कारण नहीं, वो ताकत है- भारत का लोकतंत्र, भारत की डेमोक्रेसी। इस डेमोक्रेसी में सबका साथ है, सबका विकास है।

साथियों,

आज से 50 या 100 साल बाद जब भारत के इस कालखंड की समीक्षा होगी, तो ये बात उभरकर सामने आएगी कि इस कालखंड को भारत की Aspirations ने ड्राइव किया। यह भारत के एस्पिरेशन्स का नया युग है।

जहां बिजली पहुंची है, वहां लोग सिर्फ बिजली नहीं चाहते, वे Smart Living चाहते हैं। जहां ट्रेन पहुंची है, वहां लोग High-Speed Connectivity चाहते हैं। जहां हाईवे बने हैं, वहां लोग World-Class Expressways चाहते हैं। जहां इंटरनेट पहुंचा है, वहां लोग AI और Digital Innovation में नेतृत्व चाहते हैं।

यानि आज भारत के लोग अपने जीवन को भी Next Level पर ले जाना चाहते हैं, और भारत को भी Next Level पर ले जाना उनका मकसद है, उनका संकल्प है, उनके सपने है।

और साथियों,

यही Aspirations आज भारत की विकास यात्रा की सबसे बड़ी शक्ति हैं। मैं आपको भारत की Space Journey का उदाहरण दूंगा।

भारत ने चंद्रयान को चंद्रमा के South Pole पर उतारा। दुनिया ने इसे एक बहुत बड़ी उपलब्धि माना। लेकिन भारत इसे अपनी मंजिल मानकर रुका नहीं। आज देश गगनयान की तैयारी कर रहा है। भारत अंतरिक्ष में अपना Space Station बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

हमारे Space Startups Global Space Economy में अपनी जगह बनाने के लिए पुरजोश काम कर रहे हैं, आगे बढ़ रहे हैं।

साथियों,

Green Energy के क्षेत्र में भी भारत की यही एस्पिरेशंस दिखाई देती है। Solar Power में भारत की उपलब्धियों की दुनिया भर में लगातार चर्चा हो रही हैं। लेकिन भारत अगली छलांग की तैयारी कर रहा है।

Green Hydrogen में बड़े निवेश हो रहे हैं। Advanced Nuclear Energy पर तेजी से काम हो रहा है। आपने भारत के Fast Breeder nuclear Reactor से जुड़ी प्रोग्रेस के बारे में भी सुना ज़रूर होगा। ये भारत के न्यूक्लियर एनर्जी लैंडस्केप में क्रांतिकारी परिवर्तन करने का बहुत बड़ा अचीवमेंट हमारे सीसेन्टिस्टों ने किया है।

साथियों,

आज का भारत भविष्य का पूरा Ecosystem बना रहा है। भारत एक साथ हर उस क्षेत्र में निवेश कर रहा है, जो आने वाले दशकों की दिशा तय करेगा।

अभी आपने कुछ दिन पहले ही देखा है नीस में भारत इनोवेट्स का एक आयोजन किया। ये इवेंट भारत के डीप टेक सामर्थ्य को दुनिया तक पहुंचाने का एक और माध्यम था। इसमें भारत के 120 Deep-Tech Startups उपस्थित थे। Bharat Innovates में करीब एक हजार चार सौ B2B Meetings हुईं है। कई Startups के लिए Investment Commitments आगे बढ़ीं, Commercial Orders के लिए रास्ते खुले। French और European Universities तथा Incubators के साथ Engagements बढ़ रही हैं।

Student Exchanges, Joint Research, और Innovation Support के नए रास्ते बने। इसलिए Bharat Innovates सिर्फ एक Summit नहीं रहा। यह Innovation Diplomacy का एक नया मॉडल बना है।

और आज ही पेरिस में VivaTech इवेंट के जरिए, इस यात्रा को हमने और आगे बढ़ाया। नीस में हमने Ideas को Capital से जोड़ा और पेरिस में Indian Innovation को Global Scale से जोड़ा। आज दुनिया देख रही है भारत केवल भविष्य के लिए तैयार नहीं हो रहा है। भारत भविष्य को आकार दे रहा है।

साथियों,

एक समय था, जब देशों के बीच रिश्ते केवल व्यापार से तय होते थे। आज व्यापार के साथ-साथ Trust यानि भरोसा भी उतना ही महत्वपूर्ण हो गया है।

हर देश Reliable Supply Chains चाहता है। हर देश Stable Partnerships चाहता है। हर देश ऐसे साथियों की तलाश में है, जिन पर लंबे समय तक भरोसा किया जा सके। और ऐसे समय में, भारत विश्व में एक Trusted Partner के रूप में उभर रहा है।

एवियां में G7 बैठक के दौरान मैंने trust based partnerships बनाने पर ज़ोर दिया। ग्लोबल साउथ के देशों के साथ equal पार्टनर्स के रूप में आगे बढ़ने का आह्वान किया। भारत का G7 समिट में संदेश था Global Governance तभी प्रभावी होगी जब वह Inclusive होगी। Global Growth तभी Sustainable होगी जब वह शेयर्ड होगी। और Global Technology तभी मानवता के लिए उपयोगी होगी जब वह Trusted होगी।

साथियों,

भारत और दुनिया के बीच व्यापारिक रिश्तों में नई ऊर्जा नज़र आ रही है। फ्रांस के साथ भारत का ट्रेड लगतार बढ़ रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारत ने दुनिया के अनेक देशों के साथ Free Trade Agreements किए हैं। यूरोपियन यूनियन हो, यूनाइटेड किंगडम हो दुनिया के हर देश, हर रीजन के साथ भारत समझौते कर रहा है।

अगले महीने से भारत और UK के बीच ट्रेड एग्रीमेंट भी लागू हो जाएगा। यह एग्रीमेंट भारत के farmers, workers और innovators को अनेक नए अवसर प्रदान करेगा।

साथियों,

आज दुनिया Uncertainty और Disruption के दौर से गुजर रही है। ऐसे समय में भारत और फ्रांस की साझेदारी विश्वास, स्थिरता और सहयोग का एक मजबूत स्तंभ बन रहा है।

इस वर्ष हमने भारत और फ्रांस के संबंधों को Special Global Strategic Partnership का दर्जा दिया था। नीस में मेरे मित्र President Macron और मैंने हमारे संबंधों को force for global good बनाने पर चर्चा की। Defence से लेकर space और नुक्लियर तक AI और क्रिटीकल मिनरल्स से लेकर high speed railway तक, हर क्षेत्र में हम मिलकर आगे बढ़ेंगे।

साथियों,

Solar energy हो, या AI के क्षेत्र में सहयोग हो, भारत और फ्रांस मिलकर ऐसे समाधान विकसित कर रहे हैं जो पूरी मानवता के हित में हैं। पिछले वर्ष पेरिस में और इस वर्ष दिल्ली में हमने AI Summit को Co-chair किया।

अब हम साथ मिलकर अगले वर्ष “तृष्णा” satellite को लॉन्च करने जा रहें हैं। यह “तृष्णा” satellite जो विश्व में फूड और वाटर सिक्युरिटी सुनिश्चित करने में योगदान देगा।

और साथियों,

यह सभी गवर्नमेंट टू गवर्नमेंट पहलो में आप सभी का योगदान बहुत महत्वपूर्ण है। ये आप हैं जो भारत और यूरोप के बीच सबसे मजबूत सेतु हैं। आप दोनों समाजों को समझते हैं। दोनों बाजारों को समझते हैं। आने वाले समय में Talent, Trade, Technology, Tourism और Investment के नए अवसरों को आगे बढ़ाने में आपकी भूमिका लगातार बढ़ने वाली हैं।

साथियों,

भारत और फ्रांस के रिश्तों को साझा इतिहास, साझा मूल्यों और साझा विश्वास ने आगे बढ़ाया है। विश्व युद्धों के दौरान फ्रांस की धरती पर बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों की स्मृतियां आज भी हमें जोड़ती हैं।

मुझे पहले नव शापेल में श्रद्धांजलि देने का अवसर मिला, पिछले वर्ष प्रेसिडेंट मैक्रों के साथ मार्सेय के वॉर मेमोरियल जाने का अवसर भी मिला। ये हमारी साझा विरासत है।

फ्रांस, भारतीयों के योगदान को संजोता भी है और सराहता भी है। भारतीय मूल की नूर इनायत खान हों, जिन्होंने फ्रांस की Resistance के लिए अपना जीवन बलिदान किया, या महाराजा रणजीत सिंह के साथ काम करने वाले जनरल जां फ्रांस्वा अलार हों ये सभी भारत और फ्रांस की साझा विरासत के प्रतीक हैं।

भारत के राज्य पुडुचेरी में भी फ्रेंच विरासत की झलक दिखाई देती है। वहां का Architecture, वहां की कला-संस्कृति और खान-पान सभी में हमारे संबंधों की महेक है।

साथियों,

इस समय फ्रांस समेत पूरी दुनिया में International Yoga Day की तैयारी भी चल रही है। इस अवसर पर मैं, फ्रांस में योग को आगे बढ़ाने वाले श्रीमान महेश घाट्राड्याल जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धांजलि देता हूं। मैं पद्म पुरस्कार से सम्मानित, शार्लोत शोपां जी को भी प्रणाम करता हूं। जिन्होंने सौ वर्ष की आयु में भी, योग के माध्यम से फ़्रांस को भारत की विरासत से जोड़ा है। उनका जीवन यह सिद्ध करता है: Yoga does not add years to life, it adds life to years.

साथियों,

मैं फ्रेद नेग्री जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धापूर्वक याद करता हूं। भारतीय विरासत को संरक्षित करने में उनका योगदान अतुल्य रहा है।

साथियों,

भारत और फ्रांस को कनेक्ट करने वाली एक और चीज है, और वो है फुटबॉल। इस वक्त यहां फुटबॉल फीवर पूरे जोर पर है। फ्रांस में इसकी दीवानगी, चप्पे-चप्पे पर दिखती है। लेकिन भारत में भी फुटबॉल का क्रेज़ सिर चढ़कर बोलता है।

खासतौर पर फ्रांस की टीम के फैन्स भारत में बहुत अधिक हैं। फ़्रांस ने इस वर्ल्ड कप की शुरुआत एक जोरदार जीत से शुरू की है। मैं फ्रांस की टीम को बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

साथियों,

जाने से पहले, आप सभी के लिए कुछ और अच्छी खबरें भी लेकर के आया हूँ। वो आपके लिए हैं। पिछले वर्ष, मार्सेय में कॉन्सुलेट खोला गया, इससे काफी अधिक सुविधा मिल रही है। कुछ हफ्ते पहले, Indian Nationals के लिए French Airports पर Visa-free Transit की व्यवस्था शुरू हो गई है।

Students और Professionals की Mobility बढ़ाना हो, या Educational Qualifications की Mutual Recognition की बात हो, या फिर French Universities के भारत में Campus खोलना हो, इन सभी पर हम मिलकर आगे बढ़ रहें हैं।

अब फ्रांस में UPI के उपयोग का दायरा भी और बढ़ने जा रहा है। यानि भारत-फ्रांस कनेक्ट भी Instant और आपसी Payment भी Instant!

साथियों,

इन सभी पहलों से, हम भारत और फ़्रांस को और करीब ला रहें हैं। और मैं फिर कहूंगा इस साझेदारी की नींव, इस रिश्ते की असली ताकत आप सभी हैं। आप सब मेरे देशवासी हैं।

आज जब भारत तेज़ी से विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, तो मैं आप सभी से भारत के साथ और गहराई से जुडने का आग्रह करूंगा। इससे भारत की विकास यात्रा को नई शक्ति मिलेगी, और आपको अपनी पुरखों की धरती की सेवा करने का अवसर भी मिलेगा।

इन्हीं शब्दों के साथ आप सभी के प्रेम आपके उत्साह और इस आत्मीय स्वागत के लिए मैं एक बार फिर आप सभी का आभार व्यक्त करता हूं।

भारत माता की जय!

बहुत बहुत धन्यवाद।