ഇന്ന് 25 വർഷം മുമ്പ് അടൽ ജിയുടെ സർക്കാർ പൊഖ്‌റാനിൽ ആണവപരീക്ഷണങ്ങൾ നടത്തി, ഇന്ത്യയുടെ ശക്തി ലോകത്തിന് മുന്നിൽ കാണിച്ചു: പ്രധാനമന്ത്രി മോദി ഒഡീഷയിൽ
ഒഡീഷയിൽ, ഒഡിയ ഭാഷയും സംസ്കാരവും പ്രോത്സാഹിപ്പിക്കുന്നതിന് സംസ്ഥാന ബിജെപി പ്രതിജ്ഞാബദ്ധമാണ്: പ്രധാനമന്ത്രി മോദി കാണ്ഡമാലിൽ


जय जगन्नाथ, जय श्री राम!

एथि उपस्थित समस्त मान्यगण्य व्यक्ति नकु मोर नमस्कार! जेडा जौहारी ! मां बराला देवी, मां पाटखंडा और नारायणी मंदिर को मैं आस्थापूर्वक नमन करता हूं। कल से ही यहां मां नारायणी का उत्सव शुरू हुआ है। मैं आप सभी को बधाई देता हूं।

आज मेरा सौभाग्य है कि कंधमाल आते ही मुझे ऐसे आशीर्वाद मिले हैं जो मैं जीवनभर भूल नहीं सकता। और ये आशीर्वाद पूरे देश में क्या परिवर्तन आ रहा है, कैसा परिवर्तन आ रहा है, उसका साक्षात उदाहरण है। एक माता जी ने आ करके मेरा स्वागत सम्मान किया। जब मैंने उनके विषय में जाना तो मैं भावविभोर हो गया। ये वो माता हैं तुला बेहरा जी। जिनके पास अपना कुछ नहीं है। मुझे बताया गया कि वो भिक्षा मांगती हैं। और तुला बेहरा जी ने भिक्षा मांग करके एक लाख इकट्ठा करके भगवान जगन्नाथ जी के चरणों में दिया। खुद को मैंने पूछा कोई जरूरत है क्या आप कुछ चाहती हो क्या। नहीं बोले, बस जगन्नाथ जी का आशीर्वाद चाहिए, ऐसा जिनका पवित्र मन है, ऐसा जिनका त्याग पूर्ण जीवन है, ऐसी मां मुझ जैसे बेटे को आशीर्वाद देने के लिए आ जाएं फिर तो मुझे लगता है कंधमाल के आशीर्वाद, पूरे उड़ीसा के आशीर्वाद मेरे साथ है। आज मेरा एक दूसरा सौभाग्य था आज पूर्णमासी जानी पूर्णमासी जानी शीघ्र कबीर के रूप में जानी जाती है। उड़ीसा में जो ग्रामीण भाषा है जो ट्राइबल की बोलचाल की भाषा है उसमें वो शीघ्र कविताएं बनाती हैं। साहित्य को उन्होंने पचाया है। और मेरा सौभाग्य है कि हमें उनके पद्म अवार्ड देने का सौभाग्य मिला है। आज मुझे यहां शॉल ओढ़ाकर करके उनको सम्मानित करने का अवसर मिला, लेकिन वो मुझे अपने पैर नहीं छूने देती थी। बड़ी मुश्किल से मैंने उनके पैर छुए वो मुझे रोक रही थी। ये जो हमारे यानी एक प्रकार से मातृ शक्ति का साक्षात रूप, दोनों माताएं, जब इस बेटे को आशीर्वाद देती है तो देश की करोड़ों करोड़ों माताएं उनके आशीर्वाद जो मुझे मिलते हैं मेरे मन को एक समाधान होता है। मैं हृदय से इन दोनों माताओं का श्रद्धापूर्वक प्रणाम करता हूं।

भाइयों और बहनों,
कल शाम को मैं भुवनेश्वर पहुंचा था, कल की शाम भुवनेश्वर की शाम क्या अद्भुत नजारा था। क्या अपार जन समूह था, सड़कों पर अबाल-वृद्ध सब, छोटे-छोटे बच्चे, बुजुर्ग माताएं सड़कों पर आ करके हजारों लोग आशीर्वाद दे रहे थे। मेरे लिए उड़ीसा का स्नेह, उड़ीसा का ये प्यार, कितनी बड़ी ताकत का और भगवान जगन्नाथ जी के चरणों में मिलने वाले आशीर्वाद, सचमुच में मैं आप सबका जितना आभार व्यक्त करूं कम है। मैं ओडिशा के लोगों का ऋणी हूं, आपने मुझे कर्जदार बना दिया है। और मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि मैं ये कर्ज मैं ये कर्ज आपके प्यार का कर्ज, आपके आशीर्वाद का कर्ज, जो मेरे लिए ताकत बन गया है मैं यह कर्ज ज्यादा से ज्यादा मेहनत करके देश की सेवा करके चुकाऊंगा और साथ-साथ उड़ीसा को देश में एक विकसित राज्य बनाने के लिए दिन रात मेहनत करके चुकाऊंगा।

साथियों,
26 साल पहले आज के दिन ही अटल बिहारी वाजपेयी जी की सरकार ने पोखरण में परमाणु परीक्षण किया था। और हमने ये दिखा दिया था कि देशभक्ति से ओत-प्रोत सरकार देशहित के लिए, देश की सुरक्षा के लिए, देश के लोगों की आशा अपेक्षा के लिए कैसे काम करती है। और मुझे याद है जब अटल जी की सरकार ने पोखरण परीक्षण किया था दुनियाभर में जितने भारतीय समुदाय रहता था वो गर्व की अनुभूति करता था और आजादी के बाद पहली बार विदेश की धरती पर लोग उनकी तरफ सम्मान की नजर से देखते थे, वो परमाणु परीक्षण की इतनी बड़ी ताकत थी।


साथियों,
एक वो दिन था, जब भारत ने दुनिया को अपने सामर्थ्य का परिचय करवाया था। और दूसरी तरफ ये कांग्रेस की सोच कांग्रेस बार-बार अपने ही देश को डराने की कोशिश करती है। वो कहते हैं संभल के चलो पाकिस्तान के पास एटम बम है। पाकिस्तान के पास एटम बम है, पाकिस्तान के पास एटम बम है। ये मरे पड़े लोग ये देश के मन को भी मार रहे हैं। और कांग्रेस का हमेशा ऐसा ही रवैया है। ये जो पाकिस्तान के बम बम बम की बातें करते हैं ना, आज तो पाकिस्तान की हालत यह है कि बम को संभालना कहां, वह भी उसके बस का रोग नहीं है। अब तो वह बम बेचने के लिए निकले हैं। कोई खरीदने वाला मिल जाए और लोगों को मालूम है क्वालिटी में दम नहीं है, वो माल भी बिकता नहीं है।

साथियों,
कांग्रेस के इसी कमजोर रवैये के कारण जम्मू-कश्मीर के लोगों ने 60 साल तक आतंक भुगता है। देश ने कितने ही आतंकी हमले झेले हैं। देश भूल नहीं सकता कि आतंकियों को सबक सिखाने के बजाय ये लोग आतंकी संगठनों के साथ बैठकें करते थे। 26-11 के मुंबई के भयंकर हमले के बाद इन लोगों की हिम्मत नहीं पड़ी, कि आतंक के सरपरस्तों पर कार्रवाई करें। और क्यों? क्योंकि कांग्रेस को, इंडी गठबंधन को लगता था कि अगर हम कार्रवाई करेंगे तो हमारा वोटबैंक नाराज हो जाएगा। मैं आज कांग्रेस को दो-टूक कहूंगा, भारत का मुसलमान, कांग्रेस की जो हरकतें हैं उन हरकतों से, कोई इधर-उधर जाएगा ये मानने की कोशिश मत कीजिए। और भाइयों-बहनों, कांग्रेस के शहजादे, आए दिन बयानबाजी ठोक रहे हैं। आप उनके 2014 के चुनाव के भाषण देख लीजिए, 2019 के चुनाव भाषण देख लीजिए और 2024 के चुनावी भाषण देख लीजिए। वो वही स्क्रिप्ट पढ़ते जा रहे हैं और अभी चैलेंज कर रहे हैं। आप लिख के रखिए मेरे देशवासियों, हिंदुस्तान ने मन बना लिया है कि इस बार एनडीए 400 पार करने वाला है। भाजपा अपने सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ कर के ज्यादा से ज्यादा सांसद के साथ आने वाली है। और कांग्रेस वाले यह भी लिख लें इस चुनाव में कांग्रेस को लोकसभा की कुल संख्या के 10 परसेंट चाहिए मान्य विपक्ष बनने के लिए। कांग्रेस वाले जरा कान खोल करके सुन लीजिए ये देश ने तय किया है, कि चार जून को आप देखेंगे के कांग्रेस इस देश में मान्य विपक्ष में नहीं बन पाएगा। वे 50 से नीचे सिमटने वाले हैं।

भाइयों और बहनों,
ओडिशा के आप सभी लोगों के लिए ये चुनाव बहुत अहम है। विकसित ओडिशा-विकसित भारत के संकल्प के लिए आपका हर वोट जरूरी है। आपका एक वोट यहां डबल इंजन की बीजेपी सरकार बनाएगा। ओडिशा में पहली बार डबल इंजन सरकार बनने वाली है। उड़ीसा रे प्रथम थर हेब डबल इंजीन सरकारl इसलिए, ओडिशा से आपको 21 के 21 भाजपा के सांसद दिल्ली भेजने हैं। यहां कंधमाल से हमारे सुकांत कुमार पाणिग्रही जी को भारी बहुमत से विजयी बनाना है। और यहां विधानसभा में भी भाजपा उम्मीदवार हैं उनको भी रिकॉर्ड वोटों से जिताना है। (सुकांत जी जरा आगे आ जाइए) और यहां विधानसभा में भी जो भाजपा के उम्मीदवार हैं उनको भी रिकॉर्ड वोटों से जिताना है। (जरा एमएलए कैंडिडेट भी आगे आ जाएंष जो एमएलए के कैंडिडेट है जो चुनाव लड़ रहे हैं बाकी लोग नीचे बैठिए। जो कैंडिडेट नहीं है वो बैठ जाइए। जो कैंडिडेट हैं वह आगे आ जाएं, जो उम्मीदवार हैं वह आगे आ जाएं जो इस चुनाव में लड़ रहे हैं वह आगे आ जाएं। अब मैं एक मिनट लेता हूं इन सबके पास जाक दोबारा आता हूं।) मेरे इन सभी साथियों को कमल के निशान पर बटन दबाकर आप दिल्ली भी भेजिए, भुवनेश्वर भी भेजिए और डबल इंजन की सरकार बनाइए।

साथियों,
भाजपा विकास भी, विरासत भी के इस मंत्र को लेकर देश को आगे बढ़ा रही है। ये भाजपा ही है जिसकी सरकार में देश का 500 साल का इंतजार पूरा हुआ। अयोध्या में राम मंदिर देखकर आपको गर्व होता है कि नहीं होता है? आपका माथा ऊंचा होता है कि नहीं होता है? हमारे पूर्वजों की आत्मा जहां भी होगी उनके आशीर्वाद मिलते हैं कि नहीं मिलते हैं? 500 साल हमारे पूर्वजों ने जो इंतजार किया वो पूरा हुआ कि नहीं हुआ? राम मंदिर बना कि नहीं बना? बोलो जय श्री। राम जय श्री राम। वहां एक बच्चा मोदी बनके आया है मुझे दिख रहा है। छोटा बच्चा दूर दूर वहां से हाथ ऊपर कर रहा है। चलिए कंधमाल तक भी ये बच्चों का मूड देख करके देश को प्रेरणा मिलती है। शाबाश बेटे तुम मुझसे भी ज्यादा अच्छे लगते हो, हां, बहुत प्यारे लगते हो, अरे मैं भी तुम्हारे जैसा नहीं लगता हूं। इतने सुंदर लगते हो। हां भाई इनसे तस्वीर ले लीजिए, जरा एसपीजी वाले, ये सज्जन कब से हाथ ऊपर करके खड़े हैं। जरा उनसे तस्वीर ले लीजिए भाई। हां धन्यवाद भैया। बहुत बढ़िया चित्र बना के, उड़ीसा में तो हर घर में कला है जी। हां दे दीजिए शाबाश। हां दे दीजिए इनको कैमरामैन को दे दीजिए। मुझे पहुंच जाएगा, पीछे आपका नाम पता लिखा है ना। धन्यवाद। वह जो मोदी बना है ना उसको भी कहिए बैठिए भाई आराम से। अब बेचारा थक जाएगा। साथियों, रामलला जी आज पूरे देश को आशीर्वाद दे रहे हैं। हमें तो दो दो फायदा है। एक तरफ भगवान जगन्नाथ जी के आशीर्वाद और दूसरी तरफ रामलला जी के आशीर्वाद।

साथियों,
यहां राज्य भाजपा भी ओड़िया भाषा ओड़िया संस्कृति के प्रति समर्पित है ऐसा कोई बेटा या बेटी जो उड़ीसा की मिट्टी से निकला हो, यहां की संस्कृति को समझता है भाजपा का यहां का मुख्यमंत्री बनाना तय है। आपका अपना मुख्यमंत्री बनेगा। और मैं तो यहां आया हूं आपको 10 जून को भाजपा की सरकार के मुख्यमंत्री के शपथ समारोह का निमंत्रण देने के लिए। आपको भुवनेश्वर निमंत्रण देने के लिए आने के लिए मैं आपके पास आया हूं।

साथियों,
कल देश ने अक्षय तृतीया का पर्व मनाया है। ओडिशा का अक्षय तृतीया से बहुत विशेष संबंध है। अक्षय तृतीया के दिन से ही पुरी जगन्नाथ रथ यात्रा के लिए रथों का निर्माण आरंभ होता है। मैं आप सभी को इसकी बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं। और इसी से जुड़ा एक बहुत संवेदनशील विषय आप सभी के सामने उठा रहा हूं।

साथियों,
सात दशक पहले श्री जगन्नाथ मंदिर के प्रबंधन के लिए नियम बनाए गए थे। 70 साल पहले। इन्हीं में से एक नियम था कि मंदिर के सोना-चांदी, कीमती पत्थर, सारी चल-अचल संपत्ति का रिकॉर्ड मेनटेन किया जाएगा। इसके बाद श्री रत्न भंडार में रखे कीमती सामानों की एक सूची तैयार की गई थी। इस रत्न भंडार का आखिरी बार मूल्यांकन करीब 45 साल पहले किया गया था। उस समय आभूषण और रत्न इतने ज्यादा थे कि मूल्यांकन करने वालों ने इस खजाने को अमूल्य बताकर अपने हाथ खड़े कर दिए थे। आप कल्पना कर सकते हैं, भगवान जगन्नाथ, इनके बिना तो हमारा जीवन ही नहीं है। अरे जगन्नाथ है तो जीवन है। अब भगवान जगन्नाथ के यहां कितने आभूषण थे कितनी संपत्ति थी अधिकारिक रूप से श्री रत्न भंडार पिछले करीब 40 साल से खुला नहीं है लेकिन अब तो मैं देश को बताने जा रहा हूं वो जानकर पूरे देश के लोग भी हैरान हो जाएंगे। श्री जगन्नाथ मंदिर के श्री रत्न भंडार के गर्भ गृह के आंतरिक कक्ष की चाबियां पिछले 6 साल से लापता है। इतना बड़ा अमूल्य खजाना, जो भगवान जगन्नाथ के काबे में है आप उसको भी संभाल नहीं पाए। चाबी खो गई। आप मुझे बताइए, मेरे उड़ियावासी आप जरा बताइए, मेरे तो दिल को चोट पहुंची है मैं आपको पूछता हूं और आज पूरे देश को चोट पहुंच रही है जब सुनेंगे तो। क्या आपको यह जानने का अधिकार है कि नहीं है कि चाबियां कहां गई। यह जानने का अधिकार है कि नहीं है। हर देशवासी को पता चलना चाहिए कि नहीं चलना चाहिए। हर उड़िया को पता चलना कि नहीं चाहिए। भगवान जगन्नाथ के हर भक्त को पता होना चाहिए कि नहीं होना चाहिए। चाबी चली गई, किसके पास गई। क्या वो खोलता है, बंद करता है क्या करता है। और फिर राज्य सरकार में जब तूफान खड़ा हो गया तो क्या कहते हैं। राज्य सरकार कहती है कि रत्न भंडार की डुप्लीकेट चाबियां मिली है। अब सवाल उठता है ये डुप्लीकेट चाबियां क्यों बनाई गई। क्या डुप्लीकेट चाबियों से ये रत्न भंडार रातों में कोई खोलता था क्या। क्या डुप्लीकेट चाबियों से यह उत्तम भगवान के आभूषण चोरी होते थे क्या। कहीं और लापता होते थे क्या। क्या होता था। डुप्लीकेट चाबी वाला मामला चाबी खो जाना गंभीर है। डुप्लीकेट चाबी उससे भी गंभीर है। इस मामले की जांच राज्य सरकार ने एक आयोग को सौंपी थी लेकिन वह रिपोर्ट आज तक उड़ीसा सरकार ने सार्वजनिक नहीं की है। भारतीय जनता पार्टी अब पूरे भक्ति भाव से यह विषय उठा रही है। आखिर क्यों बीजेडी सरकार, नवीन बाबू की सरकार इस विषय से क्यों भाग रही है। आखिर ऐसी क्या मजबूरी है, आखिर राज्य सरकार किसके पाप को बचाने की कोशिश कर रही है। मैं आज उड़ीसा के लोगों को देश के लोगों को, एक वायदा कर रहा हूं राज्य के अंदर भाजपा सरकार बनने के बाद श्री रत्न भंडार की पारदर्शिता को प्रतिष्ठा को फिर से स्थापित किया जाएगा और ये मोदी की गारंटी है। जय जगन्नाथ।

साथियों,
भाजपा, ओडिशा के कल्याण, ओडिशा के विकास का लक्ष्य लेकर चल रही है। मैं गरीबी से निकला हूं। गरीबी विकास की सबसे बड़ी दुश्मन होती है। और इसलिए गरीब का बेटा मोदी, गरीब का सेवक मोदी, आपका सेवक मोदी, आपके लिए ही तो खुद को खपा रहा है, दिन-रात मेहनत कर रहा है। मोदी के प्रयासों से पिछले 10 साल में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए हैं। जब तक मेरे देश में एक भी गरीब है, मोदी चैन से नहीं बैठेगा। मैंने आपको पक्के घर की गारंटी दी है। मैंने आपको मुफ्त राशन की गारंटी दी है। इसका बहुत बड़ा लाभ हमारे आदिवासी समाज के भाइयों और बहनों को हुआ है।

साथियों,
मोदी ने एक ऐसी योजना बनाई है कि आपका बिजली का बिल जीरो हो जाएगा। बिजली का बिल जीरो, इतना ही नहीं आप बिजली बेचकर कमाई करेंगे। आपको लगेगा ये तो गजब लाएं हैं मोदी। देखिए, मोदी ने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना शुरू की है। ओडिशा पर सूर्य देवता की सदियों से पूजा करने वाला राज्य है। सूर्य मंदिर की उपासना करने वाला राज्य है। मैं चाहता हूं कि आप अपने घर में बिजली का उत्पादन करें, उस बिजली का उफयोग करें और जो ज्यादा बिजली हो, उसको भाजपा सरकार, राज्य सरकार बनेगी न, हम उसको खरीद लेंगे तो आपको कमाई भी होगी। यानि भाजपा की इस योजना से आपको डबल फायदा होगा। आपकी बिजली मुफ्त होगी और आप बिजली से कमाई भी कर पाएंगे। और इसके लिए भाजपा सरकार हर परिवार को सोलर पैनल लगाने के लिए करीब 75 हजार रुपए की मदद दे रही है। 75 हजार रुपया और बिजली मुफ्त और बिजली से कमाई। मोदी आपको 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज की भी सुविधा देना चाहता है। लेकिन ओडिशा की बीजेडी सरकार हमारी जो आयुष्मान योजना है वह यहां लागू नहीं होने देती है। इसका कितना बड़ा नुकसान है मैं बताता हूं। जरा उड़ीसा के लोग मेरी भावनाओं को समझें। अब मेरे यहां गुजरात में हमारे बहुत से उड़ीसा के भाई बहन काम करते हैं, मुंबई में करते हैं, बेंगलुरु में करते हैं, हैदराबाद में करते हैं, छत्तीसगढ़ में करते हैं। यह आयुष्मान योजना ऐसी है कि आप अगर हिंदुस्तान में कहीं पर भी हों और अगर आप उड़ीसा के हैं, आयुष्मान योजना का हक मिला हुआ है तो हिंदुस्तान के किसी भी कोने में अगर आपको कोई तकलीफ हो गई, बीमार हो गए, एक्सीडेंट हो गया तो वहां भी 5 लाख रुप तक का इलाज आपको मिल जाएगा। आपके पास पैसे है कि नहीं, साथ में रिश्तेदार है कि नहीं, कोई जरूरत नहीं सिर्फ जेब में एक आयुष्मान कार्ड होना चाहिए, इतनी बड़ी योजना। मुझे बताइए ऐसी योजना आप लोगों को मिलनी चाहिए कि नहीं मिलनी चाहिए। जरा जोर से बताओ तो पता चले। यह योजना आपको मिलनी चाहिए कि नहीं मिलनी चाहिए। मैं पांच साल से यहां की सरकार को समझा समझा करके थक गया कि योजना आप ले लो यह उड़ीसा के लोगों का फायदा करेगी। पता नहीं लेने को तैयार नहीं हैं। जैसे ही भाजपा सरकार यहां बनाओगे 5 लाख रुपए के मुफ्त इलाज की योजना चालू हो जाएगी। भाइयों बहनों, आप मुझे बताइए जिसको आपकी बीमारी की परवाह ना हो ऐसी असंवेदनशील सरकार यहां रहनी चाहिए क्या। उड़ीसा में रहनी चाहिए क्या।

साथियों,
यहां इस क्षेत्र में पर्यटन की इतनी संभावनाएं हैं। दरिंगबाड़ी को तो ओडिशा का कश्मीर कहा जाता है। पर्यटन बढ़ता है, तो रोजगार बढ़ता है, आपकी आमदनी बढ़ती है। लेकिन ओडिशा सरकार की उदासी की वजह से, यहां टूरिज्म भी चौपट है। भाजपा सरकार यहां ‘पर्यटन से पैसा’ बनाने के लिए हर तरह के प्रयास करेगी। भाजपा ने एक और घोषणा की है जिसका लाभ यहां के युवाओं को होगा। मुद्रा योजना के तहत बिना गारंटी, नौजवान देख लीजिए, आपको चिंता करने की जरूरत नहीं है। ये मोदी आपकी सबसे बड़ी गारंटी है। अरे मोदी से बढ़कर और गारंटी क्या होती है। बिना गारंटी आप मुद्रा योजना से बैंक से पहले 10 लाख रुपया मिलता था अब मोदी ने इसको 20 लाख कर दिया है। आप अपना धंधा शुरू कर सकते हैं। यानि उड़ीसा के नौजवानों का यहां अपना काम करना करने के लिए टूरिज्म सेक्टर में स्वरोजगार के लिए 20 लाख रुपए तक की मदद मिलेगी।

साथियों,
भाजपा सरकार किसानों के हितों को भी सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। ओडिशा भाजपा ने भी किसानों के लिए बड़ी घोषणाएं की हैं। 3100 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से धान खरीदी और 48 घंटे के भीतर पैसा खाते में जमा। इससे यहां के हमारे किसान परिवारों को बहुत मदद मिलेगी। यहां कंधमाल की हल्दी भी तो बहुत मशहूर है। केंद्र सरकार ने कंधमाल हल्दी को GI टैग दिया है। लेकिन साथियों, BJD सरकार ने हल्दी किसानों को भी बेहाल रखा है। यहां पर्याप्त भंडारण की सुविधाएं ही नहीं हैं। इसलिए ओडिशा भाजपा ने कंधमाल में मसाला पार्क बनाने की घोषणा की है। आपके कंधमाल में बनेगा। भाजपा सरकार ने राष्ट्रीय हल्दी बोर्ड का भी गठन किया है।

साथियों,
मोदी उनको पूजता है, जिनको किसी ने नहीं पूछा। यहां दोकरा और बांस की कलाकारी से जुड़े विश्वकर्मा साथी रहते हैं। इनके लिए मोदी सरकार ने 13 हजार करोड़ रुपए की पीएम विश्वकर्मा योजना बनाई गई है। यहां की भुइयां, भुंजिया, बोंडो पोराजा और मनकिर्डिया जैसी अति पिछड़ी जनजातियों की सुध भी किसी ने नहीं ली थी। पहली बार इनके लिए मोदी ने 24 हज़ार करोड़ रुपए की पीएम जनमन योजना बनाई है। और आप जानते हैं, ये योजना किसके कहने पर बनी है? हमारी राष्ट्रपति, और ओडिशा की बेटी द्रोपदी मुर्मु के मार्गदर्शन में इस योजना ने आकार लिया है। हमारी राष्ट्रपति पर आज पूरे देश को गर्व है। कंधमाल को तो गर्व होता ही होगा।

साथियों,
BJD और कांग्रेस ने कंधमाल को पिछड़ा जिला घोषित कर अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ लिया था। मोदी ने कंधमाल जैसे जिलों को देश के आकांक्षी जिला घोषित किया। मैं दिल्ली से खुद यहां क्या काम हो रहा है, मेरे चेंबर में एक स्क्रीन है ऐसे आकांक्षी जिलों का क्या काम होता है डेली मॉनिटरिंग होता है इसका। परिणाम यह है कि कंधमाल तेज़ी से विकास कर रहा है। भाजपा सरकार ने यहां कई एकलव्य आवासीय विद्यालय स्वीकृत किए हैं। लेकिन BJD के नेता शिक्षण संस्थानों में कब्ज़ा करके बैठे हैं। BJD के नेता यहां आदिवासियों की ज़मीनें हड़पने में जुटे हैं। मैं आपको विश्वास दिलाता हूं, यहां भाजपा सरकार आएगी, तो ऐसे हर माफिया पर कार्रवाई की जाएगी।

भाइयों और बहनों,
कांग्रेस पूरे देश में पस्त पड़ चुकी है। इसलिए जो भी BJD के कुशासन को हटाना चाहते हैं, वो कमल पर ही बटन दबाएं। याद रखिएगा- कमल है तो शांति और विकास है, कमल है तो ज्ञान और विज्ञान है, कमल है तो हर नारी का सम्मान है, कमल है तो संकल्पों की सिद्धि है, कमल है तो सुरक्षा है, समृद्धि है, कमल है तो आत्मनिर्भरता को ताकत है, कमल है तो गौरव से भरी विरासत है, कमल है तो विजय है, विश्वास है, कमल है तो मान है, सम्मान स्वाभिमान है, कमल है तो प्रगति पथ पर हिंदुस्तान है।

अब मुझे बताइए भाई, मैं किसी के भी बारे में भला-बुरा नहीं कहता। अच्छा भी नहीं है भला-बुरा बोलना। लेकिन नवीन बाबू कितने सालों से यहां मुख्यमंत्री हैं। मैं नवीन बाबू को एक चुनौती देता हूं। नवीन बाबू इतने साल से आप मुख्यमंत्री हो, ओडिशा की जनता इतनी दुखी क्यों है। दुखी इसलिए है, जरा नवीन बाबू को कहीं खड़े कर दीजिए और उनको बिना कागज लिए, उनको कहिए आप उड़ीसा के जिलों के नाम बोलिए और जिलों के कैपिटल के नाम बोलिए। जो मुख्यमंत्री अपने जिलों के नाम कागज के बिना बोल नहीं सकते, जो मुख्यमंत्री अपने जिला के मुख्य...का नाम नहीं जानते, वह आपके दुख दर्द जानते होंगे क्या। क्या उनके भरोसे आप अपने बच्चों का भविष्य छोड़ सकते हो क्या। साथियों, और इसलिए मैं कहता हूं हमें ज्यादा नहीं, 5 साल मुझे मौका दीजिए भाइयों, ज्यादा नहीं। अगर 5 साल में मैं आपके उड़ीसा को नंबर वन ना बना दूं ना तो मुझे कहना कि मोदी क्या कह के गया। भाइयों-बहनों, मैं गुजरात का मुख्यमंत्री रहा हूं, गुजरात के पास जो ताकत है उड़ीसा के पास उससे 100 गुना ज्यादा ताकत है। गुजरात आगे निकल गया उड़ीसा क्यों पीछे रह गया। देखिए यहां पर आपके पास इतने मिनरल्स हैं। गुजरात के पास नमक के सिवाय कुछ नहीं है। सिवाय नमक गुजरात के पास कुछ नहीं है फिर भी गुजरात आगे निकल गया आप तो देश का नंबर वन राज्य बन सकते हैं भाई। और इसलिए यहां की जमीन से जुड़ा हुआ इंसान यहां का मुख्यमंत्री होना चाहिए। आपके दिलों से जुड़ा हुआ व्यक्ति मुख्यमंत्री होना चाहिए। और इसलिए उड़ीसा के लोग जरा भी चिंता मत कीजिए। एक बार हिम्मत करके सभी एमएलए को विजयी बनाइए। सभी एमपी को विजयी बनाइए और भुवनेश्वर में बीजेपी की सरकार बनाइए और दिल्ली में 400 पार में आप भी भागीदार बनिए।

साथियों,
मेरा एक काम करेंगे। जरा हाथ ऊपर करके बताओ तो मैं बोलूं। मेरा एक काम करेंगे, ऐसे नहीं जरा जोर से बताओ तो बोलूं। मेरा एक काम करेंगे। एक काम करना घर-घर जाना और लोगों को मिलकर के कहना कि अपने मोदी जी कंधमाल आए थे और मोदी जी ने आपको जय जगन्नाथ कहा है मेरा जय जगन्नाथ पहुंचा देंगे हर परिवार में। मेरा जय जगन्नाथ पहुंचा देंगे।

बोलो भारत माता की जय। भारत माता की जय। भारत माता की जय।
बहुत-बहुत धन्यवाद

Explore More
ശ്രീരാമജന്മഭൂമി ക്ഷേത്രത്തിലെ പതാക ഉയർത്തൽ ഉത്സവത്തിനിടെ പ്രധാനമന്ത്രി നടത്തിയ പ്രസം​ഗം

ജനപ്രിയ പ്രസംഗങ്ങൾ

ശ്രീരാമജന്മഭൂമി ക്ഷേത്രത്തിലെ പതാക ഉയർത്തൽ ഉത്സവത്തിനിടെ പ്രധാനമന്ത്രി നടത്തിയ പ്രസം​ഗം
IIT Delhi tops India in QS Rankings 2027; 52 Indian institutions feature

Media Coverage

IIT Delhi tops India in QS Rankings 2027; 52 Indian institutions feature
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Text of Prime Minister addresses the Indian Community in Paris
June 18, 2026

नमस्ते!

बों जू!

ऐसा लग रहा है, आप सब छुट्टी के मूड में हैं।

साथियों,

ये पेरिस शहर, Lights का शहर है, रंगों का शहर है, यहां Art है, Ideas हैं, और innovation की प्रेरणा भी है। इस शहर को भारत के अलग-अलग राज्यों से आए आप सभी लोग और भी खूबसूरत बना देते हैं। नए नए रंगों से भर देते हैं।

कोई तमिल है, कोई पंजाबी है, कोई गुजराती है, तो कोई मराठी है, और कोई बंगाली है। भारत के हर कोने का प्रतिनिधित्व यहां दिखाई देता है।

साथियों,

मैं जब 14 जून को नीस पहुंचा था तो सबसे पहले भारत इनोवेट्स कार्यक्रम में शामिल हुआ था। आज जब मैं फ्रांस से वापसी की तैयारी में हूं तो लग रहा है जैसे भारत कनेक्ट्स कार्यक्रम में आ गया हूं।

फ्रांस में रहने वाले आप लोगों ने 21वीं सदी के भारत-फ्रांस रिश्तों को जिस तरह कनेक्ट किया है, वो हमारी Strategic Partnership की बहुत बड़ी ताकत बन रही है। मैं आप सभी के लिए भारत से 140 करोड़ देशवासियों की शुभकामनाएं लेकर आया हूं। इस आत्मीय स्वागत के लिए, मैं आप सभी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।

साथियों,

आज मैं ऐसे समय में फ्रांस आया हूं जब कुछ ही दिन पहले हमारी सरकार के 12 वर्ष पूरे हुए हैं। चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप निरंतर 12 साल तक देश की सेवा करना मेरे जीवन का बहुत बड़ा सौभाग्य रहा है। यह भारत के लोकतंत्र की शक्ति है जिसने एक चायवाले को यहां तक पहुंचा दिया।

साथियों,

बीते 12 वर्ष, 140 करोड़ भारतीयों के अद्भुत सामर्थ्य के रहे हैं। 12 साल के इस कालखंड में भारत का GDP दोगुना हुआ है। Airports की संख्या दोगुनी हुई है। Universities की संख्या भी दोगुनी हो गई है। Highway Construction की स्पीड तीन गुना बढ़ गई। और Metro Network, चार गुणा बड़ा हो गया है।

मैं आपको कुछ और फैक्ट्स दूंगा, उससे आप अंदाजा लगा पाएंगे कि भारत किस स्पीड और कितने बड़े स्केल पर काम कर रहा है। पिछले 12 वर्षों में भारत का Defence Export 35 गुणा यानि Thirty Five Times बढ़ गया है।

औऱ एक फैक्ट सुनिए भारत में मोबाइल मैन्यूफैक्टरिंग यूनिट्स में, 100 गुणा की बढ़ोतरी हुई है। 100 times. भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा mobile phone manufacturer है। इसी गति, इसी प्रगति का नतीजा है कि आज भारत दुनिया की Fastest Growing Major Economy है।

साथियों,

आज भारत की कहानी सिर्फ Economic Progress की कहानी नहीं है। सिर्फ यहाँ अटक नहीं जाती है। ये Social Transformation की भी कहानी है।

पिछले 12 साल में देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं। यानि एक ऐसी प्रगति जिसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है। फ्रांस में जितने घर हैं, उससे भी अधिक पक्के घर बीते 12 वर्ष में हमने जरूरतमंदों के लिए बनाए हैं।

अब हर परिवार के पास, गरीब से गरीब क्यों न हो, Bank Account है। Financial Inclusion एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन का अभियान बना है।

साथियों,

इन 12 वर्षों की उपलब्धियों में, एक उपलब्धि ऐसी भी है जिसे किसी आंकड़े से, या अंकों से, नहीं मापा जा सकता। वह है 140 करोड़ भारतीयों का आत्मविश्वास।

आज का भारत और आज के भारत का युवा बहुत बड़े सपने देख रहा है। भारत का किसान नई संभावनाओं के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत की महिलाएं नए नेतृत्व का परिचय दे रही हैं। इसलिए ये सिर्फ Achievements के 12 साल नहीं हैं, ये भारत की एस्पिरेशन्स को नई बुलंदी देने का कालखंड रहा है।

साथियों,

एक समय था जब दूर-दराज के गांवों तक आधुनिक सुविधाएं पहुंचाना वाकई बहुत मुश्किल भरा था। आज उन्हीं गांवों में बिजली भी है, इंटरनेट भी है, और डिजिटल सेवाओं की पूरी दुनिया भी है। आज एक क्लिक पर, कभी भी, कहीं भी बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध हैं।

आज मोबाइल फोन, भारत के नागरिकों को अनेक सुविधाओं से कनेक्ट कर रहा है। हमारे किसान, हमारे मछुआरे, हमारे dairy farmers, हमारी महिलाएं, हमारे स्टूडेंट्स, सभी टेक्नोलॉजी के माध्यम से सशक्त हो रहे हैं, और अपने लिए नए अवसर बना रहे हैं।

साथियों,

आपने 125 करोड़ से अधिक Aadhaar IDs के बारे में सुना है। लेकिन आज भारत सिर्फ पहचान को डिजिटल नहीं बना रहा। आज करीब 90 करोड़ भारतीयों की Unique Digital Health IDs बनाई जा चुकी हैं। जिससे मेडिकल रिकॉर्ड सुरक्षित और accessible बन गए हैं। इससे हेल्थकेयर डिलीवरी और अधिक आसान और efficient हो रही है।

साथियों,

इन उपलब्धियों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनमें से अधिकांश चीजें कुछ वर्ष पहले तक कल्पना जैसी लगती थीं। कौन सोच सकता था कि गांव-गांव तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचेगा ? कौन सोच सकता था कि दूर-सुदूर के गांवों में भी QR code जीवन का हिस्सा बन जायेगा ? गांव में कोई बहन, ड्रोन से खेती करने में मदद करेगी, ये भी असंभव लगता था।

लेकिन आज यह सब, भारत के करोड़ों लोगों के जीवन का सामान्य हिस्सा बनता जा रहा है। और आपको गर्व होगा साथियों, यही नए भारत की पहचान है।

जो कभी सपना था, वह आज सच्चाई है। जो कभी नामुमकिन लगता था, वो आज मुमकिन हुआ है, औऱ ये करने के पीछे सबसे बड़ी ताकत क्या है? किसकी वजह से ये सब संभव हुआ है? यह मोदी के कारण नहीं, वो ताकत है- भारत का लोकतंत्र, भारत की डेमोक्रेसी। इस डेमोक्रेसी में सबका साथ है, सबका विकास है।

साथियों,

आज से 50 या 100 साल बाद जब भारत के इस कालखंड की समीक्षा होगी, तो ये बात उभरकर सामने आएगी कि इस कालखंड को भारत की Aspirations ने ड्राइव किया। यह भारत के एस्पिरेशन्स का नया युग है।

जहां बिजली पहुंची है, वहां लोग सिर्फ बिजली नहीं चाहते, वे Smart Living चाहते हैं। जहां ट्रेन पहुंची है, वहां लोग High-Speed Connectivity चाहते हैं। जहां हाईवे बने हैं, वहां लोग World-Class Expressways चाहते हैं। जहां इंटरनेट पहुंचा है, वहां लोग AI और Digital Innovation में नेतृत्व चाहते हैं।

यानि आज भारत के लोग अपने जीवन को भी Next Level पर ले जाना चाहते हैं, और भारत को भी Next Level पर ले जाना उनका मकसद है, उनका संकल्प है, उनके सपने है।

और साथियों,

यही Aspirations आज भारत की विकास यात्रा की सबसे बड़ी शक्ति हैं। मैं आपको भारत की Space Journey का उदाहरण दूंगा।

भारत ने चंद्रयान को चंद्रमा के South Pole पर उतारा। दुनिया ने इसे एक बहुत बड़ी उपलब्धि माना। लेकिन भारत इसे अपनी मंजिल मानकर रुका नहीं। आज देश गगनयान की तैयारी कर रहा है। भारत अंतरिक्ष में अपना Space Station बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

हमारे Space Startups Global Space Economy में अपनी जगह बनाने के लिए पुरजोश काम कर रहे हैं, आगे बढ़ रहे हैं।

साथियों,

Green Energy के क्षेत्र में भी भारत की यही एस्पिरेशंस दिखाई देती है। Solar Power में भारत की उपलब्धियों की दुनिया भर में लगातार चर्चा हो रही हैं। लेकिन भारत अगली छलांग की तैयारी कर रहा है।

Green Hydrogen में बड़े निवेश हो रहे हैं। Advanced Nuclear Energy पर तेजी से काम हो रहा है। आपने भारत के Fast Breeder nuclear Reactor से जुड़ी प्रोग्रेस के बारे में भी सुना ज़रूर होगा। ये भारत के न्यूक्लियर एनर्जी लैंडस्केप में क्रांतिकारी परिवर्तन करने का बहुत बड़ा अचीवमेंट हमारे सीसेन्टिस्टों ने किया है।

साथियों,

आज का भारत भविष्य का पूरा Ecosystem बना रहा है। भारत एक साथ हर उस क्षेत्र में निवेश कर रहा है, जो आने वाले दशकों की दिशा तय करेगा।

अभी आपने कुछ दिन पहले ही देखा है नीस में भारत इनोवेट्स का एक आयोजन किया। ये इवेंट भारत के डीप टेक सामर्थ्य को दुनिया तक पहुंचाने का एक और माध्यम था। इसमें भारत के 120 Deep-Tech Startups उपस्थित थे। Bharat Innovates में करीब एक हजार चार सौ B2B Meetings हुईं है। कई Startups के लिए Investment Commitments आगे बढ़ीं, Commercial Orders के लिए रास्ते खुले। French और European Universities तथा Incubators के साथ Engagements बढ़ रही हैं।

Student Exchanges, Joint Research, और Innovation Support के नए रास्ते बने। इसलिए Bharat Innovates सिर्फ एक Summit नहीं रहा। यह Innovation Diplomacy का एक नया मॉडल बना है।

और आज ही पेरिस में VivaTech इवेंट के जरिए, इस यात्रा को हमने और आगे बढ़ाया। नीस में हमने Ideas को Capital से जोड़ा और पेरिस में Indian Innovation को Global Scale से जोड़ा। आज दुनिया देख रही है भारत केवल भविष्य के लिए तैयार नहीं हो रहा है। भारत भविष्य को आकार दे रहा है।

साथियों,

एक समय था, जब देशों के बीच रिश्ते केवल व्यापार से तय होते थे। आज व्यापार के साथ-साथ Trust यानि भरोसा भी उतना ही महत्वपूर्ण हो गया है।

हर देश Reliable Supply Chains चाहता है। हर देश Stable Partnerships चाहता है। हर देश ऐसे साथियों की तलाश में है, जिन पर लंबे समय तक भरोसा किया जा सके। और ऐसे समय में, भारत विश्व में एक Trusted Partner के रूप में उभर रहा है।

एवियां में G7 बैठक के दौरान मैंने trust based partnerships बनाने पर ज़ोर दिया। ग्लोबल साउथ के देशों के साथ equal पार्टनर्स के रूप में आगे बढ़ने का आह्वान किया। भारत का G7 समिट में संदेश था Global Governance तभी प्रभावी होगी जब वह Inclusive होगी। Global Growth तभी Sustainable होगी जब वह शेयर्ड होगी। और Global Technology तभी मानवता के लिए उपयोगी होगी जब वह Trusted होगी।

साथियों,

भारत और दुनिया के बीच व्यापारिक रिश्तों में नई ऊर्जा नज़र आ रही है। फ्रांस के साथ भारत का ट्रेड लगतार बढ़ रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारत ने दुनिया के अनेक देशों के साथ Free Trade Agreements किए हैं। यूरोपियन यूनियन हो, यूनाइटेड किंगडम हो दुनिया के हर देश, हर रीजन के साथ भारत समझौते कर रहा है।

अगले महीने से भारत और UK के बीच ट्रेड एग्रीमेंट भी लागू हो जाएगा। यह एग्रीमेंट भारत के farmers, workers और innovators को अनेक नए अवसर प्रदान करेगा।

साथियों,

आज दुनिया Uncertainty और Disruption के दौर से गुजर रही है। ऐसे समय में भारत और फ्रांस की साझेदारी विश्वास, स्थिरता और सहयोग का एक मजबूत स्तंभ बन रहा है।

इस वर्ष हमने भारत और फ्रांस के संबंधों को Special Global Strategic Partnership का दर्जा दिया था। नीस में मेरे मित्र President Macron और मैंने हमारे संबंधों को force for global good बनाने पर चर्चा की। Defence से लेकर space और नुक्लियर तक AI और क्रिटीकल मिनरल्स से लेकर high speed railway तक, हर क्षेत्र में हम मिलकर आगे बढ़ेंगे।

साथियों,

Solar energy हो, या AI के क्षेत्र में सहयोग हो, भारत और फ्रांस मिलकर ऐसे समाधान विकसित कर रहे हैं जो पूरी मानवता के हित में हैं। पिछले वर्ष पेरिस में और इस वर्ष दिल्ली में हमने AI Summit को Co-chair किया।

अब हम साथ मिलकर अगले वर्ष “तृष्णा” satellite को लॉन्च करने जा रहें हैं। यह “तृष्णा” satellite जो विश्व में फूड और वाटर सिक्युरिटी सुनिश्चित करने में योगदान देगा।

और साथियों,

यह सभी गवर्नमेंट टू गवर्नमेंट पहलो में आप सभी का योगदान बहुत महत्वपूर्ण है। ये आप हैं जो भारत और यूरोप के बीच सबसे मजबूत सेतु हैं। आप दोनों समाजों को समझते हैं। दोनों बाजारों को समझते हैं। आने वाले समय में Talent, Trade, Technology, Tourism और Investment के नए अवसरों को आगे बढ़ाने में आपकी भूमिका लगातार बढ़ने वाली हैं।

साथियों,

भारत और फ्रांस के रिश्तों को साझा इतिहास, साझा मूल्यों और साझा विश्वास ने आगे बढ़ाया है। विश्व युद्धों के दौरान फ्रांस की धरती पर बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों की स्मृतियां आज भी हमें जोड़ती हैं।

मुझे पहले नव शापेल में श्रद्धांजलि देने का अवसर मिला, पिछले वर्ष प्रेसिडेंट मैक्रों के साथ मार्सेय के वॉर मेमोरियल जाने का अवसर भी मिला। ये हमारी साझा विरासत है।

फ्रांस, भारतीयों के योगदान को संजोता भी है और सराहता भी है। भारतीय मूल की नूर इनायत खान हों, जिन्होंने फ्रांस की Resistance के लिए अपना जीवन बलिदान किया, या महाराजा रणजीत सिंह के साथ काम करने वाले जनरल जां फ्रांस्वा अलार हों ये सभी भारत और फ्रांस की साझा विरासत के प्रतीक हैं।

भारत के राज्य पुडुचेरी में भी फ्रेंच विरासत की झलक दिखाई देती है। वहां का Architecture, वहां की कला-संस्कृति और खान-पान सभी में हमारे संबंधों की महेक है।

साथियों,

इस समय फ्रांस समेत पूरी दुनिया में International Yoga Day की तैयारी भी चल रही है। इस अवसर पर मैं, फ्रांस में योग को आगे बढ़ाने वाले श्रीमान महेश घाट्राड्याल जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धांजलि देता हूं। मैं पद्म पुरस्कार से सम्मानित, शार्लोत शोपां जी को भी प्रणाम करता हूं। जिन्होंने सौ वर्ष की आयु में भी, योग के माध्यम से फ़्रांस को भारत की विरासत से जोड़ा है। उनका जीवन यह सिद्ध करता है: Yoga does not add years to life, it adds life to years.

साथियों,

मैं फ्रेद नेग्री जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धापूर्वक याद करता हूं। भारतीय विरासत को संरक्षित करने में उनका योगदान अतुल्य रहा है।

साथियों,

भारत और फ्रांस को कनेक्ट करने वाली एक और चीज है, और वो है फुटबॉल। इस वक्त यहां फुटबॉल फीवर पूरे जोर पर है। फ्रांस में इसकी दीवानगी, चप्पे-चप्पे पर दिखती है। लेकिन भारत में भी फुटबॉल का क्रेज़ सिर चढ़कर बोलता है।

खासतौर पर फ्रांस की टीम के फैन्स भारत में बहुत अधिक हैं। फ़्रांस ने इस वर्ल्ड कप की शुरुआत एक जोरदार जीत से शुरू की है। मैं फ्रांस की टीम को बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

साथियों,

जाने से पहले, आप सभी के लिए कुछ और अच्छी खबरें भी लेकर के आया हूँ। वो आपके लिए हैं। पिछले वर्ष, मार्सेय में कॉन्सुलेट खोला गया, इससे काफी अधिक सुविधा मिल रही है। कुछ हफ्ते पहले, Indian Nationals के लिए French Airports पर Visa-free Transit की व्यवस्था शुरू हो गई है।

Students और Professionals की Mobility बढ़ाना हो, या Educational Qualifications की Mutual Recognition की बात हो, या फिर French Universities के भारत में Campus खोलना हो, इन सभी पर हम मिलकर आगे बढ़ रहें हैं।

अब फ्रांस में UPI के उपयोग का दायरा भी और बढ़ने जा रहा है। यानि भारत-फ्रांस कनेक्ट भी Instant और आपसी Payment भी Instant!

साथियों,

इन सभी पहलों से, हम भारत और फ़्रांस को और करीब ला रहें हैं। और मैं फिर कहूंगा इस साझेदारी की नींव, इस रिश्ते की असली ताकत आप सभी हैं। आप सब मेरे देशवासी हैं।

आज जब भारत तेज़ी से विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, तो मैं आप सभी से भारत के साथ और गहराई से जुडने का आग्रह करूंगा। इससे भारत की विकास यात्रा को नई शक्ति मिलेगी, और आपको अपनी पुरखों की धरती की सेवा करने का अवसर भी मिलेगा।

इन्हीं शब्दों के साथ आप सभी के प्रेम आपके उत्साह और इस आत्मीय स्वागत के लिए मैं एक बार फिर आप सभी का आभार व्यक्त करता हूं।

भारत माता की जय!

बहुत बहुत धन्यवाद।