उद्घाटन:
1. भारत सरकार और भूटान सरकार के बीच द्विपक्षीय समझौते के तहत निर्मित 1020 मेगावाट पुनात्सांगछु-II जलविद्युत परियोजना का उद्घाटन।
घोषणाएं:
2. 1200 मेगावाट पुनात्सांगछु-I जलविद्युत परियोजना की मुख्य बांध संरचना पर फिर से काम शुरू करने पर सहमति।
3. वाराणसी में भूटानी मंदिर/बौद्ध मठ और अतिथि गृह के निर्माण के लिए भूमि का अनुदान।
4. गेलेफू के पार हतिसार में आव्रजन जांच चौकी स्थापित करने का निर्णय।
5. भूटान को 4000 करोड़ रुपये की ऋण सहायता (एलओसी)
समझौता ज्ञापन (एमओयू):
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क्र. सं. |
समझौता ज्ञापन का नाम |
विवरण |
भूटानी पक्ष से हस्ताक्षरकर्ता |
भारतीय पक्ष से हस्ताक्षरकर्ता |
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6. |
नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में सहयोग पर समझौता ज्ञापन |
समझौता ज्ञापन का उद्देश्य नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में द्विपक्षीय सम्बंधों को संस्थागत बनाना है तथा इसका उद्देश्य सौर ऊर्जा, पवन ऊर्जा, बायोमास, ऊर्जा भंडारण, हरित हाइड्रोजन तथा इन क्षेत्रों में क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में मिलकर काम करना है। |
भूटान के ऊर्जा और प्राकृतिक संसाधन मंत्री श्री ल्योनपो जेम शेरिंग |
भारत के नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री प्रल्हाद वेंकटेश जोशी |
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7. |
स्वास्थ्य और चिकित्सा के क्षेत्र में सहयोग पर समझौता ज्ञापन |
समझौता ज्ञापन में निम्नलिखित क्षेत्रों में द्विपक्षीय स्वास्थ्य सहयोग को संस्थागत बनाने का प्रयास किया गया है - दवाएं, निदान और उपकरण; मातृ स्वास्थ्य; संचारी/गैर-संचारी रोगों की रोकथाम और उपचार; पारंपरिक चिकित्सा; टेलीमेडिसिन सहित डिजिटल स्वास्थ्य हस्तक्षेप; और तकनीकी सहयोग, संयुक्त अनुसंधान और स्वास्थ्य पेशेवरों की क्षमता निर्माण। |
भूटान के स्वास्थ्य सचिव श्री पेम्बा वांगचुक |
भूटान में भारत के राजदूत श्री संदीप आर्य |
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8. |
भूटान के संस्थागत संपर्क निर्माण पर पीईएमए (पेमा) सचिवालय और भारत के राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य एवं तंत्रिका विज्ञान संस्थान (निमहंस) बीच समझौता ज्ञापन |
यह समझौता ज्ञापन मानसिक स्वास्थ्य पेशेवरों की क्षमता निर्माण के लिए दोनों संस्थानों के बीच सहयोग को मजबूत करेगा, तथा सेवा संवर्द्धन और अनुसंधान के लिए देश में मानसिक स्वास्थ्य पाठ्यक्रम विकसित करने में सहयोग करेगा। |
भूटान के पेमा सचिवालय प्रमुख सुश्री देचेन वांगमो |
भूटान में भारत के राजदूत श्री संदीप आर्य |


