ପ୍ରଧାନମନ୍ତ୍ରୀ ଜାନୁଆରୀ ୧୧ରେ ରାଜକୋଟ ଗସ୍ତ କରିବା ସହ କଚ୍ଛ ଓ ସୌରାଷ୍ଟ୍ର ଅଞ୍ଚଳ ପାଇଁ ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ସମ୍ମିଳନୀରେ ଭାଗ ନେବେ । ଦ୍ୱିପ୍ରହର ପ୍ରାୟ ୧ଟା ୩୦ରେ ସେ ସମ୍ମିଳନୀରେ ବାଣିଜ୍ୟ ପ୍ରଦର୍ଶନୀ ଉଦଘାଟନ କରିବେ । ପ୍ରାୟ ୨ ଟା ସମୟରେ, ପ୍ରଧାନମନ୍ତ୍ରୀ ରାଜକୋଟର ମାରୱାଡି ବିଶ୍ୱବିଦ୍ୟାଳୟରେ କଚ୍ଛ ଏବଂ ସୌରାଷ୍ଟ୍ର ଅଞ୍ଚଳ ପାଇଁ ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀର ଉଦଘାଟନ କରି, ଉପସ୍ଥିତ ସମାବେଶକୁ ସମ୍ବୋଧିତ କରିବେ । ଏହି କାର୍ଯ୍ୟକ୍ରମ ଅବସରରେ, ପ୍ରଧାନମନ୍ତ୍ରୀ ୧୪ଟି ଗ୍ରୀନଫିଲ୍ଡ ସ୍ମାର୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଇଣ୍ଡଷ୍ଟ୍ରିଆଲ ଡେଭଲପମେଣ୍ଟ କର୍ପୋରେସନ ଲିମିଟେଡ (ଜିଆଇଡିସି) ଇଷ୍ଟେଟର ବିକାଶ ସମ୍ପର୍କରେ ଘୋଷଣା କରି, ରାଜକୋଟରେ ଜିଆଇଡିସିର ମେଡିକାଲ ଡିଭାଇସ ପାର୍କର ଉଦଘାଟନ କରିବେ ।
ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀ ଆସନ୍ତା ଜାନୁଆରୀ ୧୧ରୁ ୧୨ ତାରିଖ ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଅନୁଷ୍ଠିତ ହେବ, ଯାହାକି କଚ୍ଛ ଓ ସୌରାଷ୍ଟ୍ର କ୍ଷେତ୍ରର ୧୨ଟି ଜିଲ୍ଲାର ଆବଶ୍ୟକତାକୁ ପୂରଣ କରିବ । ବିଶେଷ ଭାବେ ଏହି କ୍ଷେତ୍ର ପାଇଁ ସମର୍ପିତ, ଏହି ସମ୍ମିଳନୀର ଉଦ୍ଦେଶ୍ୟ ପଶ୍ଚିମ ଗୁଜରାଟରେ ନିବେଶ ଏବଂ ଔଦ୍ୟୋଗିକ ବିକାଶକୁ ନୂଆ ଗତି ପ୍ରଦାନ କରିବା । ସମ୍ମିଳନୀରେ ମୁଖ୍ୟ କ୍ଷେତ୍ରରେ ମାଟି ଶିଳ୍ପ, ଇଞ୍ଜିନିୟରିଂ,ବନ୍ଦର ଓ ଲଜିଷ୍ଟିକ୍ସ, ମତ୍ସ୍ୟପାଳନ, ପେଟ୍ରୋକେମିକାଲ୍ସ,, କୃଷି ଓ ଖାଦ୍ୟ ପ୍ରକ୍ରିୟାକରଣ, ଖଣି,ସବୁଜ ଶକ୍ତି ଇକୋସିଷ୍ଟମ, ଦକ୍ଷତା ବିକାଶ, ଷ୍ଟାର୍ଟ ଅପ୍, ଏମଏସଏମଇ, ପର୍ଯ୍ୟଟନ ଏବଂ ସଂସ୍କୃତି ରହିଛି । ଜାପାନ, ଦକ୍ଷିଣ କୋରିଆ,ରୁଆଣ୍ଡା ଏବଂ ୟୁକ୍ରେନ ଏହି ସମ୍ମିଳନୀ ପାଇଁ ଭାଗିଦାର ଦେଶ ହେବେ ।
ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟର ସଫଳ ମଡେଲର ପହଞ୍ଚ ଏବଂ ପ୍ରଭାବକୁ ଆହୁରି ବିସ୍ତାର କରିବା ପାଇଁ, ସାରା ରାଜ୍ୟରେ ଚାରୋଟି ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀ ଅନୁଷ୍ଠିତ ହେଉଛି। ଉତ୍ତର ଗୁଜରାଟ ଅଞ୍ଚଳ ପାଇଁ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀର ପ୍ରଥମ ସଂସ୍କରଣ ୨୦୨୫ ଅକ୍ଟୋବର ୯ରୁ ୧୦ ତାରିଖରେ ମେହସଣାରେ ଆୟୋଜିତ ହୋଇଥିଲା । ବର୍ତ୍ତମାନର ସଂସ୍କରଣ କଛ ଓ ସୌରାଷ୍ଟ୍ର ଅଞ୍ଚଳ ପାଇଁ ଅନୁଷ୍ଠିତ ହେଉଛି । ଏହାପରେ ଦକ୍ଷିଣ ଗୁଜରାଟ (୨୦୨୬ ଏପ୍ରିଲ ୯-୧୦) ଏବଂ ମଧ୍ୟ ଗୁଜରାଟ (୨୦୨୬ ଜୁନ୍ ୧୦-୧୧) ଅଞ୍ଚଳ ପାଇଁ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀ ଯଥାକ୍ରମେ; ସୁରତ ଏବଂ ଭଦୋଦରାରେ ଆୟୋଜନ କରାଯିବ ।
ପ୍ରଧାନମନ୍ତ୍ରୀଙ୍କ ବିକଶିତ ଭାରତ @୨୦୪୭ର ଦୃଷ୍ଟିକୋଣ ସହିତ ସମନ୍ୱିତ ଏବଂ ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଗ୍ଲୋବାଲ୍ ଶିଖର ସମ୍ମିଳନୀର ସଫଳତା ଓ ଐତିହ୍ୟ ଉପରେ ନିର୍ମାଣ କରି, ଏହି ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀଗୁଡ଼ିକ କ୍ଷେତ୍ର-ନିର୍ଦ୍ଦିଷ୍ଟ ଶିଳ୍ପ ବିକାଶକୁ ପ୍ରୋତ୍ସାହିତ କରିବା, ବିଭିନ୍ନ କ୍ଷେତ୍ରରେ ନିବେଶକୁ ଆକର୍ଷିତ କରିବା ଏବଂ ବିଶ୍ୱସ୍ତରୀୟ ସମ୍ପର୍କକୁ ବୃଦ୍ଧି କରିବା ଲକ୍ଷ୍ୟ ରଖିଛି। ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ପ୍ଲାଟଫର୍ମକୁ କ୍ଷେତ୍ରଗୁଡ଼ିକର ନିକଟତର କରି, ଏହି ପଦକ୍ଷେପ ପ୍ରଧାନମନ୍ତ୍ରୀଙ୍କ ବିକେନ୍ଦ୍ରୀକୃତ ବିକାଶ, ବ୍ୟବସାୟ କରିବାର ସହଜତା, ନବସୃଜନ-ଚାଳିତ ଅଭିବୃଦ୍ଧି ଏବଂ ସ୍ଥାୟୀ ନିଯୁକ୍ତି ସୁଯୋଗ ସୃଷ୍ଟି ଉପରେ ଗୁରୁତ୍ୱକୁ ମଧ୍ୟ ପ୍ରତିଫଳିତ କରେ।
ଏହି ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀଗୁଡ଼ିକ କେବଳ ଆଞ୍ଚଳିକ ସଫଳତା ପ୍ରଦର୍ଶନ ଏବଂ ନୂତନ ପଦକ୍ଷେପ ଘୋଷଣା କରିବା ପାଇଁ ଏକ ମଞ୍ଚ ଭାବରେ କାର୍ଯ୍ୟ କରିବ ନାହିଁ ବରଂ ଆଞ୍ଚଳିକ ଅର୍ଥନୀତିକୁ ସଶକ୍ତ, ନବସୃଜନକୁ ପ୍ରୋତ୍ସାହିତ ଏବଂ ରାଜ୍ୟର ପ୍ରତ୍ୟେକ ଭାଗରେ ରଣନୈତିକ ନିବେଶକୁ ସହଜ କରି ଗୁଜରାଟର ଅଭିବୃଦ୍ଧି କାହାଣୀକୁ ସହ-ସୃଷ୍ଟି କରିବା ପାଇଁ ଏକ ଉପକରଣ ଭାବରେ କାର୍ଯ୍ୟ କରିବ। ଜାନୁଆରୀ ୨୦୨୭ରେ ଅନୁଷ୍ଠିତ ହେବାକୁ ଥିବା ଭାଇବ୍ରାଣ୍ଟ ଗୁଜରାଟ ଗ୍ଲୋବାଲ୍ ଶିଖର ସମ୍ମିଳନୀର ପରବର୍ତ୍ତୀ ସଂସ୍କରଣରେ ଆଞ୍ଚଳିକ ସମ୍ମିଳନୀର ସଫଳତା ପ୍ରଦର୍ଶିତ ହେବ।
Your Excellency, Prime Minister क्रिस्टोफर लक्सन,
दोनों देशों के delegates,
नमस्कार!
किया ओरा!
मेरे और मेरे delegation के ऊष्मा भरे स्वागत और आतिथ्य के लिए मैं मेरे मित्र प्रधानमंत्री लक्सन का हार्दिक आभार व्यक्त करता हूँ। उन्होंने स्वागत में इतनी गर्मजोशी दिखाई है, कि ऑकलैंड की सर्दी भी आज कुछ कम लग रही है। इस यात्रा के दौरान न्यूजीलैंड के लोगों से जो स्नेह और अपनापन मिला है, वह हमारे हृदय में हमेशा रहेगा।
पिछले वर्ष प्रधानमंत्री लक्सन की भारत यात्रा से हमारे संबंधों के हर क्षेत्र में नई ऊर्जा आई है। उनके नेतृत्व, स्पष्ट विजन, और मजबूत प्रतिबद्धता से, भारत और New Zealand की मित्रता को नयी गति और नयी दिशा मिली है। आज चालीस वर्षों के बाद भारतीय प्रधानमंत्री की यात्रा हो रही है। और मैं हमेशा कहता हूँ, कि बहुत सारे अच्छे काम है, जो मेरे पहले वाले लोग मेरे लिए छोड़ के गए हैं, जो मैं पूरा कर रहा हूँ। साथियों, यह हमारे संबंधों के एक नए अध्याय का शुभारंभ है।

Friends,
भारत और न्यूजीलैंड का लोकतान्त्रिक मूल्यों में दृढ़ विश्वास हमें मिलकर आगे बढ़ने के लिए natural comfort प्रदान करता है। पिछले कुछ वर्षों में हमने हमारे सबंधों को अभूतपूर्व गति प्रदान की है।
आज आज की बैठक में हमने हमारे सहयोग को नई गहराई और व्यापकता देने पर विस्तार से चर्चा की। हमने भारत-न्यूजीलैंड संबंधों को Strategic Partnership के स्तर पर ले जाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। इसके अंतर्गत हम हर क्षेत्र में स्पष्ट लक्ष्यों और ठोस परिणामों के साथ आगे बढ़ेंगे।
इस वर्ष हमने रिकॉर्ड समय में Free Trade Agreement किया। इस उपलब्धि से दोनों देशों के उद्योगों, किसानों और युवाओं के लिए नए द्वार खुलेंगे। हम trade के साथ साथ trust, technology और talent का blue print तैयार कर रहे हैं।
पिछले तीन वर्षों में हमारे व्यापार में 50 पर्सेन्ट से अधिक की बढ़ोतरी हुई है। हमें विश्वास है कि FTA अगले पाँच वर्षों में हमारे व्यापार को दोगुना करने का मजबूत आधार बनेगा।
न्यूजीलैंड द्वारा भारत में बीस बिलियन डॉलर के investment commitment का भी हम विशेष स्वागत करते हैं। यह न्यूज़ीलैंड की companies को भारत की growth story में long-term partner बनने का अवसर देगा।

Friends,
हमारी Strategic Partnership को सार्थक बनाने के लिए हम दोनों देशों की strengths को practical cooperation में बदल रहे हैं। Fin Tech के क्षेत्र में हम भारत के UPI और न्यूजीलैंड के payment systems को जोड़ने पर आगे बढ़ रहे हैं।
Agriculture, dairy और food processing में हमने सहयोग का एक मजबूत खाका बनाया है। इसका लाभ हमारे किसानों और पशु-पालकों को मिलेगा।
Traditional medicine में न्यूज़ीलैंड और भारत दोनों की समृद्ध और जीवंत परंपराएं हैं। आज हमने हमारे स्वास्थ्य सहयोग में traditional medicines की भूमिका बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की।
रक्षा और सुरक्षा में हमारा बढ़ता सहयोग हमारे गहरे strategic trust का प्रतीक है। पिछले वर्ष किए गए Defence Cooperation Agreement से हमारे सहयोग का मजबूत ढांचा तैयार हुआ है। आज हमने इंडो-पैसिफिक में maritime cooperation के लिए एक फ्रैम्वर्क पर सहमति बनाई है। Bilateral naval exercises, Logistics support और hydrography में सहयोग से हमारा आपसी तालमेल बढ़ेगा।
Friends,
हमारे संबंधों की सबसे मजबूत ताकत हमारे people-to-people ties हैं। भारतीय समुदाय के लोगों ने अपने परिश्रम और talent से न्यूजीलैंड में विशेष स्थान बनाया है। उनकी देखरेख के लिए मैं प्रधानमंत्री लक्सन और न्यूजीलैंड सरकार और न्यूजीलैंड के लोगों का आभार व्यक्त करता हूँ।
आज हुआ Cultural Cooperation MOU दोनों देशों के art, culture, heritage तथा creative industries में exchanges को गति देगा। न्यूजीलैंड भारतीय students के लिए एक महत्वपूर्ण destination रहा है। हम न्यूजीलैंड की universities को भारत में campus खोलने के लिए आमंत्रित करते हैं।
इस वर्ष हम दोनों देशों के बीच खेल संबंधों की सौवीं वर्षगांठ मना रहे हैं। सौ साल पहले मेजर ध्यानचंद के नेतृत्व में हॉकी टीम ने यहाँ आकर जो इतिहास रचा था, वह हमारी खेल साझेदारी को आज भी प्रेरित कर रहा है। इस उपलक्ष्य पर हम दोनों देशों में कई स्पोर्ट्स इवेंट्स आयोजित कर रहे हैं। क्रिकेट के साथ-साथ अन्य खेलों में भी सहयोग बढ़ाने के लिए हम Sports Joint Action Plan बनाया है। हाल ही में भुवनेश्वर में न्यूजीलैंड रग्बी और रग्बी इंडिया के कोचिंग प्रोग्राम से अच्छी शुरुवात हुवी है।

Friends,
वैश्विक मंच पर भी भारत और न्यूज़ीलैंड भरोसेमंद साझेदार और करीबी मित्र हैं। हमारा मानना है कि वर्तमान समय की चुनौतियों का सामना करने के लिए UN सहित अन्य वैश्विक संस्थानों में reform आवश्यक है।
आतंकवाद के विषय पर कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ाने के लिए आज हमने Joint Working Group का गठन किया है। भारत और न्यूजीलैंड के बीच सहयोग इंडो-पेसिफिक में शांति, स्थिरता और सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
Friends, मैं आप सभी को माओरी नव वर्ष “मातरिकी” की हार्दिक शुभकामनाएँ देता हूँ। जिस तारा-समूह को यहाँ “मातरिकी” नाम दिया गया है, जैसे आपने भी बताया, उसे भारत में प्राचीन काल से “कृत्तिका नक्षत्र” के रूप में जाना जाता है। मुझे विश्वास है कि “मातरिकी” का यह पर्व, हमारे संबंधों को इन्हीं सितारों की तरह जगमगाने की प्रेरणा देगा।
Prime Minister लक्सन,
आपकी मित्रता, आपकी प्रतिबद्धता और मेरी न्यूज़ीलैंड यात्रा को यादगार बनाने के लिए मैं आपका आभार व्यक्त करता हूँ। जैसे रग्बी में टीमवर्क और भरोसा ज़रूरी होता है, वैसे ही हम भी आपसी विश्वास के साथ आगे बढ़ेंगे। हम एक ही टीम में है, इसलिए टैकल केवल चुनौतियों को करेंगे।
बहुत-बहुत धन्यवाद।


