"विकसित भारत बजट विकसित भारत की नींव मजबूत करने की गारंटी देता है"
"यह बजट निरंतरता का विश्वास लिए है"
"यह बजट युवा भारत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब है"
"हमने एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया, उसे हासिल किया और फिर अपने लिए उससे भी बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया"
"बजट गरीबों और मध्यम वर्ग को सशक्त बनाने पर केन्द्रित है"

मेरे प्यारे देशवासियों,

आज का ये बजट, interim budget तो है, ही लेकिन ये बजट inclusive और innovative बजट है। इस बजट में कॉन्टीन्यूटी का कॉन्फिडेंस है। ये बजट विकसित भारत के 4 स्तंभ- युवा, गरीब, महिला और किसान, सभी को Empower करेगा। निर्मला जी का ये बजट, देश के भविष्य के निर्माण का बजट है। इस बजट में 2047 के विकसित भारत की नींव को मजबूत करने की गारंटी है। मैं निर्मला जी औऱ उनकी टीम को बहुत-बहुत बधाई देता हूं।

साथियों,

इस बजट में, युवा भारत की युवा आकांक्षाओं का, भारत की Young Aspirations का प्रतिबिंब है। बजट में दो महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। रिसर्च और इनोवेशन पर 1 लाख करोड़ रुपए का फंड बनाने की घोषणा की गई है। बजट में स्टार्टअप्स को मिलने वाली टैक्स छूट के विस्तार का ऐलान भी किया गया है।

साथियों,

इस बजट में फिस्कल डेफिसिट को नियंत्रण में रखते हुए कैपिटल एक्सपेंडीचर को 11 लाख 11 हजार 111 करोड़ रुपए की ऐतिहासिक ऊंचाई दी गई है। अर्थशास्त्रियों की भाषा में कहें तो ये एक प्रकार से sweet spot है। इससे भारत में 21वीं सदी के आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण के साथ ही युवाओं के लिए अनगिनत रोजगार के नए अवसर तैयार होंगे। बजट में वंदे भारत स्टैंडर्ड की 40 हजार आधुनिक बोगियां बनाकर, उन्हें सामान्य यात्री ट्रेनों में लगाने का ऐलान किया गया है। इससे देश के अलग-अलग रेल रूट पर करोड़ों यात्रियों में आरामदायक यात्रा का अनुभव बढ़ेगा।

साथियों,

हम एक बड़ा लक्ष्य तय करते हैं, उसे प्राप्त करते हैं औऱ फिर उससे भी बड़ा लक्ष्य अपने लिए तय करते हैं। गरीबों के लिए हमने गांवों और शहरों में 4 करोड़ से अधिक घर बनाए हैं। अब हमने 2 करोड़ और नए घर बनाने का लक्ष्य रखा है। हमने 2 करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा था। अब इस लक्ष्य को बढ़ाकर 3 करोड़ लखपति दीदी बनाने का कर दिया गया है। आयुष्मान भारत योजना ने गरीबों की बहुत मदद की है। अब आंगनवाड़ी और आशा वर्कर, उन सबको इस योजना का लाभ मिलेगा।

साथियों,

इस बजट में गरीब और मध्यम वर्ग को Empower करने, उनके लिए आय के नए अवसर बनाने पर भी बहुत जोर दिया गया है। Rooftop Solar अभियान में 1 करोड़ परिवारों को सोलर रूफ टॉप के माध्यम से मुफ्त बिजली प्राप्त होगी। इतना ही नहीं, सरकार को अतिरिक्त बिजली बेचकर लोगों को 15 से 20 हजार प्रतिवर्ष की आय भी होगी और ये हर परिवार को होगी।

साथियों,

आज जिस income tax remission scheme की घोषणा की गई है, उससे मध्यम वर्ग के करीब एक करोड़ लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। पिछली सरकारों ने सामान्य मानवी के सिर पर दशकों से ये बहुत बड़ी तलवार लटका कर रखी थी। आज इस बजट में किसानों के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण और बड़े निर्णय लिए गए हैं। नैनो DAP का उपयोग हो, पशुओं के लिए नई योजना हो, पीएम मत्स्य संपदा योजना का विस्तार हो, और आत्मनिर्भर ऑयल सीड अभियान हो, इससे किसानों की आय बढ़ेगी और खर्च कम होगा। मैं एक बार फिर सभी देशवासियों को इस ऐतिहासिक बजट के लिए शुभकामनाएं देता हूं। बहुत-बहुत धन्यवाद।

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आज दुनिया संसाधनों की कमी से नहीं, बल्कि भरोसे की कमी से जूझ रही है: G7 समिट में पीएम मोदी
June 16, 2026

राष्ट्रपति मैक्रों,
Your Excellencies,

नमस्कार!

G-7 समिट में हमारे गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए मैं राष्ट्रपति मैक्रों का हार्दिक आभार व्यक्त करता हूँ।

Friends,

आज का विश्व पहले से कहीं अधिक inter-connected और inter-dependent है। किसी भी देश की ऊर्जा सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य सुरक्षा, साइबर सुरक्षा और आर्थिक समृद्धि केवल उसकी सीमाओं के भीतर तय नहीं होती। Mobility, data, capital, technology, ये सभी हमें आपस में जोड़ते हैं।

ऐसे समय में Partnerships का महत्व स्वाभाविक रूप से बढ़ जाता है। लेकिन साझेदारियाँ तभी सफल होती हैं जब उनके केंद्र में विश्वास हो। आज सबसे महत्वपूर्ण Strategic Asset कोई mineral, technology या market नहीं, बल्कि आपसी विश्वास है।

विश्वास कि टेक्नॉलजी और supply chains को हथियार के रूप में नहीं, global good के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। विश्वास कि विकास के अवसर कुछ देशों तक सीमित नहीं रहेंगे। विश्वास कि वैश्विक संस्थान सभी देशों की आकांक्षाओं को पूरा करने में सक्षम होंगे।

Friends,

पिछली सदी में मानवता को दो विश्व युद्धों से गुज़रना पड़ा। अनेक बलिदानों के बाद विश्व समुदाय ने शांति, स्थिरता और समृद्धि की ओर बढ़ने के लिए व्यवस्थाएं विकसित की। इन व्यवस्थाओं का आधार भी trust ही था।

किन्तु अनेक दशकों से, अनेक पीढ़ियों के योगदान से बनाए गए विश्वास को आज चोट पहुँच रही है। कोविड ने हमें आईना दिखाया कि trust और solidarity के दावे कितने खोखले थे।

Today the world does not suffer from a shortage of resources; it suffers from a shortage of trust. And the future of our partnerships depends on building this trust.

अमेरिका के राष्ट्रपति रोनल्ड रेगन ने कहा था: Trust but Verify. यह आज के समय में भी प्रासंगिक है। भावी पीढ़ियों के प्रति हमारा दायित्व है कि हम नए युग के अनुरूप trusted rules based order का निर्माण करें।

Friends,

भारत ने सदैव विश्व को एक परिवार के रूप में देखा है। हमारे सभी प्रयास “सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय” यानि, welfare and happiness for all के मूल सिद्धांत पर आधारित रहे हैं।

भारत का अनुभव दिखाता है कि विकास सबसे अधिक प्रभावी तब होता है जब वह लोगों की आकांक्षाओं से जुड़ा हो। यही सिद्धांत हमारी अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों का भी आधार है। इसी सोच के साथ भारत ने International Solar Alliance, Coalition for Disaster Resilient Infrastructure, ग्लोबल बायोफ्यूल्स एलायंस, Mission LiFE, और “एक पेड़ माँ के नाम” जैसी वैश्विक पहलों को आगे बढ़ाया है।

संकट के समय भारत ने First Responder के रूप में सभी देशों की सहायता करना अपना दायित्व समझा है। कोविड महामारी के दौरान भारत ने डेढ़ सौ से अधिक देशों को दवाइयाँ और vaccines उपलब्ध कराईं।

श्रीलंका में cyclone हो, अफगानिस्तान में भूकंप हो, मोज़ाम्बिक में floods हों, या क्यूबा और जमैका में hurricane, भारत ने सदैव "Humanity First" के सिद्धांत पर कार्य किया है। हमारी विकास साझेदारियाँ भी इसी भावना को प्रतिबिंबित करती हैं। हमारे प्रयास पार्टनर देशों में capacity building और कौशल विकास पर केन्द्रित रहे हैं।

भारत का मानना है: The true test of partnership is not what we build for others, but what we enable others to build for themselves.

Friends,

आज ग्लोबल साउथ की विश्व समुदाय से बहुत उम्मीदें हैं। किन्तु उनकी अपेक्षा सहारे की नहीं, साथ की है। वे वैश्विक विकास के लाभार्थी नहीं, उसके भागीदार बनना चाहते हैं।

हमें donor–recipient की सोच से आगे बढ़कर, equal पार्टनर्स के रूप में काम करना होगा। उनके पास-पास नहीं, साथ-साथ चलना होगा। साझेदारी को dependency के बजाय, dignity से जोड़ना होगा। इन प्रयासों से हम भावी पीढ़ियों के सतत विकास की मजबूत नींव रख सकेंगे।

Friends,

अंतरराष्ट्रीय साझेदारियाँ और वैश्विक एकजुटता तभी सार्थक बन सकती हैं, जब हम साझा चुनौतियों का मिलकर समाधान करें। भारत का दृढ विश्वास है कि विश्व के विभिन्न हिस्सों में चल रहे तनावों और युद्धों का स्थायी समाधान dialogue, diplomacy और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के मार्ग से ही संभव है।

हम west asia में शांति प्रयासों में हुई प्रगति का स्वागत करते हैं। इस संघर्ष से west asia में हमारे मित्र देशों को जान-माल का नुकसान झेलना पड़ा है। होर्मुज़ स्ट्रेट में maritime ट्रेड में आई बाधा के कारण पूरे विश्व की अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचा। भारत के कई civilians को जान गंवानी पड़ी। Global maritime ट्रेड के माध्यम से सभी देशों को आपस में जोड़ने वाले नाविकों की सुरक्षा हमारा दायित्व है। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि समुद्री मार्ग सुरक्षित रहें, और Seafarers बिना भय के अपना कार्य कर सकें।

Friends,

भारत इन विषयों पर सभी पार्टनर्स के साथ मिलकर काम करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।

बहुत-बहुत धन्यवाद।