प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी इंडोनेशिया गणराज्य के राष्ट्रपति महामहिम श्री जोको विडोडो के निमंत्रण पर 06-07 सितंबर 2023 को जकार्ता, इंडोनेशिया की यात्रा करेंगे।

अपनी यात्रा के दौरान, प्रधानमंत्री आसियान के वर्तमान अध्यक्ष के रूप में इंडोनेशिया द्वारा आयोजित 20वें आसियान-भारत शिखर सम्मेलन और 18वें पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे।

आगामी आसियान-भारत शिखर सम्मेलन, 2022 में हुए भारत-आसियान व्यापक रणनीतिक साझेदारी समझौते के बाद, पहला शिखर सम्मेलन होगा। शिखर सम्मेलन भारत-आसियान संबंधों की प्रगति की समीक्षा करेगा और आपसी सहयोग की भविष्य की दिशा तय करेगा।

पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन, आसियान देशों के राजनेताओं और भारत समेत इसके आठ संवाद भागीदारों को क्षेत्रीय और वैश्विक महत्व के मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करने का अवसर प्रदान करेगा।

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प्रधानमंत्री ने निस्वार्थ सेवा और करुणा की भावना को उजागर करते हुए संस्कृत सुभाषितम् साझा किया
May 06, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि निस्वार्थ भाव से किया गया कर्म ही सच्ची मानवता है। उन्होंने उल्लेख किया कि ऐसे कार्य न सिर्फ आत्मिक खुशी प्रदान करते हैं, बल्कि समाज के कल्याण में भी योगदान देते हैं।

प्रधानमंत्री ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया-

“अद्रोहः सर्वभूतेषु कर्मणा मनसा गिरा।

अनुग्रहश्च दानं च शीलमेतत्प्रशस्यते॥”

सुभाषितम् यह संदेश देता है कि किसी भी जीव के प्रति मन, वचन और कर्म से द्वेष न रखना, सभी के प्रति करुणा भाव रखना और उदारतापूर्वक दान करना—इन्हें आचरण का सर्वोच्च रूप माना गया है।

प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा;

“निस्वार्थ भाव से किया गया कर्म ही सच्ची मानवता है। इससे आत्मिक खुशी तो मिलती ही है, समाज का भी कल्याण होता है।

अद्रोहः सर्वभूतेषु कर्मणा मनसा गिरा।

अनुग्रहश्च दानं च शीलमेतत्प्रशस्यते॥”