Every citizen of Delhi is saying – AAP-da Nahin Sahenge…Badal Ke Rahenge: PM Modi
When Delhi was fighting for oxygen and medicines, AAP-da leader’s focus was on ‘sheesh mahal’: PM
Delhi deserves a government that listens, cares, and acts. Only BJP can make that vision a reality: PM

भारत माता की, भारत माता की, भारत माता की।

मैं देख रहा हूं दो बहनें यहां चित्र बनाकर के ले आई हैं। कोई छोटा बच्चा गुलदस्ता लेकर आया है। जरा हमारे साथियों से आग्रह करूंगा उनसे ले लीजिए। आप अपना अता-पता इस पर लिख देना मैं आपको चिट्ठी भेजूंगा। कोई इनको कलेक्ट कर लीजिए भाई ताकि... वह कब से अपना हाथ ऊपर करके खड़े हैं। भारत माता की।

मैं अभी दिल्ली के विकास से जुड़ी हज़ारों करोड़ की परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण करके यहां आया हूं। दिलवालों की दिल्ली का ये उत्साह, ये उमंग, ये हौसला वाकई अद्भुत है। आप सभी का बहुत-बहुत अभिनंदन !

साथियों,

हम 2025 में हैं। 21वीं सदी को पच्चीस साल बीत चुके हैं…यानि एक चौथाई सदी गुज़र चुकी है। इस दौरान, दिल्ली में नौजवानों की शायद दो या तीन पीढ़ी जवान हो चुकी है। अब आने वाले 25 साल, भारत के भविष्य के लिए, दिल्ली के भविष्य के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण हैं। ये 25 साल भारत को विकसित राष्ट्र बनते हुए देखेंगे। अपनी आंखों के सामने विकसित भारत की ये यात्रा हम देख पाएंगे, हम उसके भागीदार होंगे। ये भारत को आधुनिकता के एक नए दौर से गुज़रते हुए देखेंगे। विकसित भारत के इस सफर का एक बहुत बड़ा पड़ाव जल्द ही आने वाला है। जब भारत, दुनिया की तीसरी बड़ी आर्थिक ताकत बनेगा। इस गौरवशाली यात्रा में, देश की राजधानी...हमारी दिल्ली का कदम से कदम मिलाकर चलना बहुत ज़रूरी है। हमें अपनी दिल्ली को, विकसित भारत की राजधानी के रूप में डवलप करना है। करना है न, करेंगे, मेरे साथ जुड़ जाएंगे। ये दिल्ली के हर नागरिक की इच्छा है, हम सभी का सपना है। और इसलिए, इक्कीसवीं सदी के इस पड़ाव पर, मैं दिल्ली के लोगों से एक विशेष आग्रह करने आया हूं। मैं दिल्लीवासियों से दिल्ली के उज्जवल भविष्य के लिए, आपके संतानों के उज्जवल भविष्य के लिए भाजपा को अवसर देने का आग्रह करने आया हूं। ये भाजपा ही है जो दिल्ली का विकास कर सकती है।

साथियों,

बीते 10 साल में दिल्ली ने जिस तरह की राज्य सरकार देखी है...वो किसी आप-दा से कम नहीं है। ये ऐहसास आज दिल्लीवालों को अच्छे से हो चुका है। इसलिए अब दिल्ली में एक ही आवाज़ गूंज रही है- आप-दा नहीं सहेंगे...बदल के रहेंगे ! आप-दा नहीं सहेंगे... आप-दा नहीं सहेंगे... आप-दा...। अब दिल्ली, विकास की धारा चाहती है। और मुझे खुशी है कि दिल्ली का विश्वास भाजपा पर है। भाजपा पर ये विश्वास इसलिए है क्योंकि भाजपा सुशासन लाने वाली पार्टी है। भाजपा सपनों को पूरा करने वाली पार्टी है। भाजपा राष्ट्र प्रथम के भाव पर चलने वाली पार्टी है। भाजपा विकास के लिए समर्पित भाव से जन-जन का कल्याण करते हुए आगे बढ़ने वाली पार्टी है। इसलिए, देश भी भाजपा पर इतना विश्वास जता रहा है, बार-बार अवसर दे रहा है। बीते वर्षों में दिल्ली के लोगों ने देखा है, नॉर्थ ईस्ट में कमल खिला। पूर्वी भारत में, ओडिशा में कमल खिला। अभी हाल में ही देखिए, पड़ोस में हरियाणा ने लगातार तीसरी बार भाजपा को पूर्ण बहुमत से चुना है। महाराष्ट्र ने भाजपा को इतिहास का सबसे बड़ा जनादेश दिया है। देश के लोगों ने भी लगातार तीसरी बार भाजपा की सरकार बनाई है। इसमें दिल्ली ने भी एक बार फिर हमारे सभी सांसदों को अपना आशीर्वाद दिया। और अब मुझे विश्वास है, दिल्ली विधानसभा में भी कमल खिलने वाला है! मैं दिल्ली भाजपा के सभी कर्मठ कार्यकर्ताओं से कहूंगा, पूरी निष्ठा के साथ, दिल्ली के हर मतदाता से मिलिए। उन्हें आने वाले वर्षों के लिए भाजपा के संकल्प से परिचित कराइए, उन्हें विकास का रोडमैप बताइए। ये भाजपा ही है, जो दिल्ली को दुनिया की बेहतरीन राजधानी का गौरव दिला सकती है। दिल्ली में भाजपा ने अपने बेहतरीन उम्मीदवार उतारे हैं। मैं सभी उम्मीदवारों से भी कहूंगा कि ये दिल्ली का दिल जीतने का सबसे स्वर्णिम अवसर है। जुट जाइए, खूब मेहनत करिए और दिल्ली को आप-दा से मुक्ति दिलाइए।

साथियों,

अपनी दिल्ली को दुनिया के बेस्ट शहरों में एक बनाना हमारा संकल्प है। दिल्ली गरीब और मिडिल क्लास परिवारों के सपनों को पूरा करने वाला शहर बने। दिल्ली नौजवानों के लिए नए भविष्य के निर्माण का शहर बने। दिल्ली में स्पोर्ट्स से लेकर स्टार्ट अप्स तक, नौजवानों के लिए खुला मैदान हो, अवसरों का असीम आसमान हो, इसके लिए भाजपा पूरे समर्पण के साथ काम करने में जुटी है। पिछले साल केंद्र की भाजपा सरकार ने दिल्ली की सुरक्षा के लिए, स्वास्थ्य के लिए, विकास कार्यों के लिए 75 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा दिए हैं।

साथियों,

हम दिल्ली को दुनिया की एक ऐसी राजधानी बनाना चाहते हैं, जिसमें भारत की विरासत का विराट स्वरूप दिखे, जो नए वर्ल्ड ऑर्डर के हिसाब से बनने वाली नई वैश्विक व्यवस्थाओं का सेंटर हो। दिल्ली को ऐसे विकास की ज़रूरत है, जो दुनिया के लिए अर्बन डवलपमेंट का मॉडल बने। ये तभी हो सकता है, जब दिल्ली में केंद्र और राज्य, दोनों में भाजपा की सरकार काम करे। जिस आपदा सरकार के पास दिल्ली के लिए कोई विजन ना हो, जिसे दिल्ली की परवाह ना हो, वो दिल्ली के लोगों का विकास नहीं कर सकती।

साथियों,

आज भी दिल्ली को आधुनिक बनाने के लिए जितने भी काम हैं, वो केंद्र की भाजपा सरकार ही कर रही है। दिल्ली में जो बड़े-बड़े प्रोजेक्ट्स हैं, संस्थान और संस्थाएं हैं, उनका जिम्मा केंद्र सरकार के पास है। अब जैसे दिल्ली मेट्रो चप्पे-चप्पे तक पहुंची, तो ये काम भाजपा की केंद्र सरकार ने किया। बीते एक दशक में, दिल्ली-NCR में मेट्रो नेटवर्क दोगुने से भी अधिक हो चुका है। आज, जनकपुरी और कृष्णा पार्क के लिए भी मेट्रो शुरु हो चुकी है। रिठाला-नरेला-कुंडली कॉरिडोर पर भी काम शुरु हुआ है। ये जो नमो रेल प्रोजेक्ट है, ये भी केंद्र सरकार बना रही है। दिल्ली और आसपास में ये six lane, eight lane की सड़कें भी केंद्र सरकार बना रही है। दिल्ली में जाम की परेशानी कम करने के लिए ही भाजपा सरकार, 55 हज़ार करोड़ रुपए से अधिक के प्रोजेक्ट यहां लाई है। DDA के माध्यम से गरीब और मिडिल क्लास के लिए घर बनाने का काम भी केंद्र सरकार कर रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत गरीबों के घर बनाने के लिए पैसा भी केंद्र सरकार देती है।

और साथियों,

अभी दो दिन पहले मैं अशोक विहार में था। वहां स्वाभिमान अपार्टमेंट झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले परिवारों को दिए। आप मेरा एक काम करेंगे दोस्तों। पूरी ताकत से बताइए करेंगे, जरा हाथ ऊपर करके बताए करेंगे। आप एक काम कीजिए दिल्ली के जिस-जिस इलाके में झुग्गी-झोपड़ी कच्ची आबादी जहां-जहां है। ये स्वाभिमान अपार्टमेंट की फोटो लेकर के जाइए। स्वाभिमान अपार्टमेंट के लोग जो मैसेज दे रहे हैं वह वीडियो लेकर के जाइए। और हर झुग्गी-झोपड़ी को बताइए कि मोदी की गारंटी है आपको भी ऐसा ही पक्का मकान मिलेगा। बताएंगे? हर परिवार को बताएंगे? गरीब से गरीब मिडिल क्लास के लोग जिसके पास पक्का घर नहीं है उसको गारंटी देकर के आइए। मेरे लिए तो आप ही मोदी हैं।

साथियों,

यहां दिल्ली में देश के बड़े-बड़े अस्पताल हैं। डीयू, JNU, IIT जैसे अनेक बड़े शिक्षण संस्थान हैं। ये भी केंद्र सरकार के ज़िम्मे हैं। ऐसे अनेक काम हैं, जिन्हें केंद्र सरकार संभाल रही है। पूरी दिल्ली को भारत मंडपम पर गर्व है, यशोभूमि पर गर्व है, कर्तव्य पथ पर नेशनल वॉर मेमोरियल पर आज दिल्ली के कितने ही परिवार, यानि एक प्रकार से वहां भरा रहता है। हजारों की तादाद में लोग आते हैं वहां। यानि दिल्ली में जितने भी बड़े-बड़े काम हो रहे हैं, जो बहुत बड़ा खर्च होता है, बजट लगाया जाता है, वो यहां केंद्र सरकार करती है। और मुझे ये देखकर दुख होता है कि यहां आपदा वालों ने दिल्ली के 10 साल बर्बाद कर दिए। आपदा वालों को कोई भी दायित्व मिलने का मतलब है, दिल्ली के लोगों को दंड मिलना। आप जैसे ही मेट्रो से उतरते हैं, नेशनल हाईवे से अंदर कॉलोनियों की तरफ रिक्शा लेते हैं, तो हालत खराब हो जाती है। रोड में गड्ढे, गलियों में बहता सीवर का गंदा पानी, चारों तरफ गंदगी, दिल्ली का ये हाल बनाकर रख दिया है आपदा वालों ने। यहां पार्किंग के अभाव में, आए दिन लड़ाई-झगड़े होते हैं, आस-पड़ोस का माहौल खराब होता है, तनाव रहता है। दिल्ली के अनेक इलाके हैं, जहां कैब वाले, ऑटो वाले जाने से बचते हैं क्योंकि लंबा-लंबा जाम रहता है। इससे सामान्य नागरिक तो परेशान होते ही हैं, दिल्ली में जो लाखों दुकानदार हैं, जो व्यापारी-कारोबारी हैं, वे साथी भी आप-दा से तंग आ चुके हैं।

साथियों,

दिल्ली पर आप-दा लाने वाले ये झूठा आरोप लगाते हैं कि केंद्र सरकार उन्हें काम नहीं करने देती, केंद्र सरकार उन्हें पैसे नहीं देती। ये कितने बड़े झूठे हैं, इसका उदाहरण इनका शीशमहल है। आज ही एक बड़े अखबार ने CAG रिपोर्ट के आधार पर शीशमहल पर हुए खर्च का खुलासा किया है। और साथियों, आपको ये जानकर पीड़ा होगी, दर्द होगा, अरे पूरे देश के लोग चौंक जाएंगे। जब दिल्ली के लोग कोरोना से जूझ रहे थे, जब दिल्ली के लोग ऑक्सीजन और दवाओं के लिए भटक रहे थे, तब इन लोगों का पूरा फोकस अपना शीशमहल बनवाने में था। इन्होंने शीशमहल का भारी भरकम बजट बनाया। और आज इस अखबार ने खुलासा किया है कि कैसे इस शीशमहल पर उस बजट से भी तीन गुना ज्यादा पैसे खर्च किए गए। यही इनकी सच्चाई है। इन्हें दिल्ली के लोगों की परवाह नहीं है, दिल्ली के विकास की चिंता नहीं है। इसलिए ही आज हर दिल्लीवाला कह रहा है- आप-दा नहीं सहेंगे...बदल के रहेंगे !

साथियों,

ये भाजपा सरकार ही है, जो दिल्ली को तेजी से इलेक्ट्रिक मोबिलिटी से जोड़ रही है। केंद्र की भाजपा सरकार की fame योजना की वजह से दिल्ली में 1200 से ज्यादा इलेक्ट्रिक बसें चलने लगी हैं। वहीं आपदा वालों ने दिल्ली के ट्रांसपोर्ट सिस्टम को तबाह करने में कोई कोर-कसर बाकी नहीं छोड़ी है। ये आपदा वाले बसों की मेनटेन्स पर बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहे हैं। इसका नुकसान दिल्ली के सामान्य नागरिकों को उठाना पड़ा है।

साथियों,

जबसे मैंने, आप-दा का कच्चा-चिट्ठा खोला है, तबसे ये आपदा वाले तिलमिलाए हुए हैं। इन लोगों ने 10 साल तक दिल्ली को बेहाल रखा और आज लोग इन्हें आप-दा कहते हैं, तो ये मुझ पर भड़क रहे हैं। देखिए तो सही, क्या हाल बना रखा है दिल्ली का। गर्मी आती है, तो पीने के पानी के लिए मारामारी, बरसात आती है, तो जलभराव से परेशानी, सर्दी आती है, तो प्रदूषित हवा में सांस लेना मुश्किल। दिल्ली के लिए इन लोगों ने हर सीज़न, हर मौसम, आप-दा काल बना दिया है। दिल्ली वालों की ऊर्जा, सालभर, 365 दिन आप-दा से ही निपटने में लगी रहती है। इसलिए, दिल्ली से आप-दा हटेगी, तो ही विकास का, सुशासन का डबल इंजन आएगा।

साथियों,

आप-दा कैसे गरीब और मिडिल क्लास की सुविधा को रोकती है, ये भी दिल्लीवालों के लिए जानना ज़रूरी है। आप-दा सरकार, यहां प्रधानमंत्री आवास योजना तक को ठीक से लागू नहीं कर रही। यानि गरीबों के लिए पक्के घर बनाने में रोड़े अटका रही है। दिल्ली में पुरानी योजनाओं के तहत बने करीब 30 हज़ार घर खाली पड़े हैं। आप-दा वालों ने दिल्ली के लोगों को ये घर आवंटित नहीं किए। भाजपा ने सैकड़ों अनाधिकृत कॉलोनियों को रेगुलर किया। ताकि लाखों लोगों का जीवन आसान हो। लेकिन आप-दा सरकार, इन कॉलोनियों में पानी और सीवर की समस्या का समाधान नहीं कर रही है।

साथियों,

आप-दा तो दिल्लीवालों के जीवन पर भी छाई हुई है। देशभर में करोड़ों परिवारों को आयुष्मान योजना के तहत मुफ्त इलाज मिल रहा है। देशभर में हर परिवार के करोड़ों बुजुर्गों को भी मुफ्त इलाज मिलना तय हो चुका है। लेकिन आप-दा वाले, अभी भी अड़े हुए हैं कि आयुष्मान योजना यहां लागू नहीं होने देंगे। ये दिल्ली के हर परिवार का, यहां के हज़ारों बुजुर्गों का बहुत बड़ा नुकसान है, इतना ही नहीं ये हमारे बुजुर्गों का अपमान है।

साथियों,

राजनीति में नीयत, निर्णय, नीति और निष्ठा- इनका बहुत महत्व होता है। लेकिन आप-दा वालों की नीयत और निष्ठा पर ही सबसे बड़ा सवाल है। आप याद करिए, जनलोकपाल के मुद्दे पर इस पार्टी का जन्म हुआ। भ्रष्टाचार हटाना, ये इनका मुख्य मुद्दा था। लेकिन आज इस पार्टी के ज्यादातर नेताओं पर करोड़ों के भ्रष्टाचार के मुकदमे हैं। दिल्ली में शराब घोटाला किसने किया? आपदा वालों ने। दिल्ली में स्कूल घोटाला किसने किया? आपदा वालों ने। दिल्ली में गरीबों के इलाज के नाम पर किसने जनता के पैसे लूटे? आपदा वालों ने। दिल्ली में प्रदूषण से लड़ाई के नाम पर किसने करोड़ों का खेल किया? आपदा वालों ने। इनका मूल एजेंडा था। और इसलिए अनैतिकता के साथ कारनामे करने वाले लोग, दिल्ली को आपदा बना करके, दिल्ली में आपदा लाकर के, दिल्ली को आपदा में घेर कर के तबाही की ओर ले जा रहे हैं। लेकिन आज उनकी वो सारी बातें जो पार्टी के जन्म से पहले करते थे सबकुछ धरा का धरा रह गया है। आपदा वालों के काम का कोई हिसाब नहीं है, लेकिन इनके कारनामे बेहिसाब हैं। ये तब होता है जब नीयत में खोट होता है, और निष्ठा जनता के प्रति नहीं होती।

साथियों,

ये आप-दा वाले, दिल्ली चुनाव में अपनी हार सामने देखकर बौखला गए हैं, झूठ फैला रहे हैं। ये दिल्ली वालों को डरा रहे हैं कि बीजेपी आएगी, तो ये बंद हो जाएगा, वो बंद हो जाएगा। लेकिन मैं दिल्ली वालों को विश्वास दिलाने आया हूं। भाजपा सरकार में दिल्ली में जनहित की कोई योजना बंद नहीं होगी, लेकिन उसमें बेईमानों का जो ठेका है उनको निकाला जाएगा। पिछले 10 साल में राज्य सरकार की जो योजनाएं सिर्फ कागज पर चली हैं, जिन योजनाओं में आपदा वालों ने जनता का पैसा लूटा है, उन्हें भी भाजपा सरकार द्वारा पूरी ईमानदारी के साथ, और ये आपदा वालों को भगा करके और ईमानदार लोगों को बिठा करके कल्याण के काम आगे बढ़ाए जाएंगे। बल्कि केंद्र सरकार की जो योजनाएं इन आप-दा वालों ने रोक रखी हैं, जैसे आयुष्मान भारत। ऐसी हर योजना का लाभ भी भाजपा की डबल इंजन की सरकार में दिल्ली के लोगों को मिलेगा।

साथियों,

बीते दशक में भाजपा, देश की माताओं-बहनों-बेटियों की पहली पसंद बनी है। इसके पीछे, भाजपा की नीतियां हैं। महिलाओं के लिए करोड़ों शौचालयों का निर्माण हो, उज्ज्वला गैस का कनेक्शन देना हो, करोड़ों घरों की रजिस्ट्री महिलाओं के नाम पर हो, सुकन्या समृद्धि योजना हो, गर्भवती महिला के खाते में 6 हजार रुपए की मदद भेजना हो, महिलाओं के हित में केंद्र सरकार अनेकों योजनाएं चला रही है। भाजपा की अनेक राज्य सरकारें भी माताओं-बहनों के लिए विशेष योजनाएं चला रही हैं। आज दिल्ली के 75 लाख जरूरतमंदों को मुफ्त राशन भाजपा सरकार ही दे रही है। दिल्ली में बनने वाली भाजपा सरकार सुनिश्चित करेगी कि माताओं-बहनों को घर चलाना आसान हो। दिल्ली में बेटियों की पढ़ाई-लिखाई और नौकरी, ये सहज हो, सुरक्षित हो, दिल्ली वालों की कमाई बढ़े, जेब में बचत अधिक हो, दिल्ली के लोगों का जीवन आसान हो, इसके लिए दिल्ली में भाजपा का मुख्यमंत्री ज़रूरी है।

साथियों,

मुझे पूरा विश्वास है कि दिल्ली के लोग, भ्रष्टाचारी और विकास विरोधी आप-दा पर लगाम लगाएंगे। मुझे विश्वास है, दिल्ली के लोग 21वीं सदी की आधुनिक राजधानी बनाने के लिए भाजपा को जरूर अवसर देंगे। एक बार फिर इतनी विशाल संख्या में हम सबको आशीर्वाद देने के लिए यहां आने के लिए मैं आप सभी का बहुत-बहुत आभारी हूं।

मेरे साथ बोलिए... भारत माता की ! दोनों मुट्ठी बंद करके पूरी ताकत से बोलिए... भारत माता की ! भारत माता की ! भारत माता की !

बहुत-बहुत धन्यवाद।

Explore More
শ্রী রাম জন্মভূমি মন্দিরের ধ্বজারোহণ উৎসবে প্রধানমন্ত্রীর বক্তব্যের বাংলা অনুবাদ

জনপ্রিয় ভাষণ

শ্রী রাম জন্মভূমি মন্দিরের ধ্বজারোহণ উৎসবে প্রধানমন্ত্রীর বক্তব্যের বাংলা অনুবাদ
UP's exports to BRICS nations, partners cross $5.36 billion in FY26: Govt

Media Coverage

UP's exports to BRICS nations, partners cross $5.36 billion in FY26: Govt
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Text of PM’s address on the occasion of completion of two years of the Government of Odisha
June 20, 2026
I extend my heartfelt birthday greetings to President Smt. Droupadi Murmu Ji, I wish her long life and excellent health: PM
Pahadpur village will now be rapidly developed as a solar village, that is, solar power will be ensured in every home here: PM
The vision of the Central Government is the development of India through the development of Eastern India: PM
To uplift tribal society, we are connecting tribal youth with opportunities for education and employment: PM
These children should get better facilities for studies; for this, around 500 Eklavya Model Schools have been opened across the country: PM

जॉय जगन्नाथ! जॉय मां किचकेश्वरी! मोर सबू भाई,भौणी,मां,मौसी मानंकु मोर नमोस्कार।

माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी, राज्यपाल श्री हरि बाबु जी, यहां के लोकप्रिय मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी जी, उप मुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंह देव जी, प्रवती परीदा जी, ओडिशा के मंत्री गणेश सिंह खूंटिया जी, कृष्ण चंद्र महापात्र जी, सांसद नबा चरण माझी जी, मनमोहन सामल जी, बैजयंत पांडा जी, अन्य महानुभाव, भाइयों और बहनों।

हमारा ओडिशा इन दिनों उत्सवों के आनंद में डूबा हुआ है। यहाँ का गणपर्व रज, पिछले हफ्ते ही धूमधाम से मनाया गया है। महाप्रभु जगन्नाथ जी की रथ यात्रा की तैयारियां भी पुरजोश चल रही है। मयूरभंज के बारीपदा रथ यात्रा को लेकर भी उत्साह का माहौल है। और, इस सबके बीच ही लोकतन्त्र का विकास का उत्सव भी चल रहा है। ओडिशा की बीजेपी सरकार ने अपने 2 साल भी पूर्ण किए हैं। इस मौके पर, आप सबके बीच आना, मयूरभंज आने का ये सौभाग्य, और इतनी बड़ी संख्या में आप सबकी उपस्थिति, ये अवसर मेरे लिए बहुत खास है। आपका अपनापन मुझे बार-बार यहां खींच लाता है। मैं आप सभी का हृदय से बहुत-बहुत अभिनंदन करता हूँ। और ओडिशा की जनता को डबल इंजन सरकार में विकास यात्रा की भी बधाई देता हूँ, शुभकामनाएं देता हूं। साथ ही, इस अवसर पर मैं पंडित रघुनाथ मुर्मू जी, डॉ. दमयंती बेश्रा जी, और श्री चरण हेम्ब्रम जी जैसी विभूतियों को भी नमन करता हूँ। रघुनाथ मुर्मू जी ने संथाली भाषा के लिए ओल चिकी लिपि का निर्माण किया था। हमारी सरकार ने संथाली भाषा में भारत के संविधान को प्रस्तुत किया है। ओडिशा की संतानों को पद्म सम्मान देकर सम्मानित किया है। पिछले 2 वर्षों में ओडिशा सरकार भी इन सभी विभूतियों के सपनों को पूरा करने में दिन रात पुरुषार्थ कर रही है।

साथियों,

आज का ये अवसर इसलिए भी विशेष है, क्योंकि मयूरभंज की धरती पर पली-बढ़ीं, ओडिशा की बेटी, माननीय राष्ट्रपति जी हमारे बीच उपस्थित हैं। आज उनका जन्मदिन भी है। मैं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी को जन्मदिन की हार्दिक बधाई और शुभकमानाएं देता हूं, मैं उनके दीर्घायु होने और उत्तम स्वास्थ्य की कामना करता हूं। जनगन्नाथ जी भगवान के श्री चरणों में प्रार्थना करता हूं। ओडिशा की बेटी आज देश के इतने बड़े पद पर पहुंची हैं, हमारा मार्गदर्शन कर रही हैं, ये हम सभी के लिए बहुत गौरव की बात है। राष्ट्रपति जी का व्यक्तित्व, उनका उदार और सहृदय स्वभाव, राष्ट्र और समाज की सेवा के लिए उनका अटल समर्पण, उन्होंने मयूरभंज ही नहीं, पूरे ओडिशा की पहचान सशस्त की है। मैं इस अवसर पर, उनका विशेष रूप से अभिनंदन करता हूँ।

साथियों,

ये कार्यक्रम जब बना, तो इसमें मूल कारण तो लॉजिस्टिक था, लंबे अर्से से यहां आने के लिए चर्चा चल रही थी, लेकिन कोई तालमेल नहीं बैठता था। 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योगा दिवस कोलकाता में तय हुआ, तो फिर मैंने कहा अच्छा है, आज बंग दिवस भी है, तो क्यों न मैं सुबह मयूरभंज होकर के शाम को फिर कोलकाता के कार्यक्रम में जाऊं। और इसके कारण ये 20 जून तय हुई। लेकिन कुछ चीजें ऐसी होती हैं, जिसकी मंगल कामनाएं ईश्वरआधीन होती हैं, और इसलिए आज एक शुभ मंगल हो गया, कि राष्ट्रपति का जन्मदिन भी, मुझे आज उनके गांव में जाकर के, उनको शुभकामनाएं देने का अवसर मिला।

साथियों,

आज मैं राष्ट्रपति जी के साथ पहाड़पुर भी गया था। मैं इस क्षेत्र के बच्चों के लिए उनके द्वारा बनवाए गए स्कूल भी गया। बच्चों के साथ कुछ यादगार समय बिताने का अवसर मुझे मिला। मैं देख रहा था, बच्चों के चेहरों की चमक, राष्ट्रपति जी की उपस्थिति और आत्मीयता, वहां मुझे ऐसा कुछ भी नहीं लगा, किसी बच्चे को ये लगा हो कि राष्ट्रपति जी आई हैं, हर बच्चे को लगता था उनकी मां आई है। वे बच्चे भी बहुत भाग्यवान हैं, कैसे इस क्षेत्र के गरीब, वंचित और आदिवसी समाज के बच्चों को प्रेरणा मिल रही है, उन्हें देश के लिए कुछ बड़ा करने का आत्मविश्वास मिल रहा है। मैं राष्ट्रपति जी का आभारी हूं कि उन्होंने इन अनुभवों से गुजरने का आज मुझे अवसर दिया। ये मेरा दिन, एक प्रकार से मेरी शिक्षा का दिवस था, कुछ सीखने का अवसर था मेरे लिए।

साथियों,

मैं आपको सरकार का ये निर्णय भी बताना चाहता हूं कि पहाड़पुर गांव को, अब तेजी से सुर्यग्राम, सोलर विलेज के रूप में विकसित किया जाएगा। यानी यहां हर घर में सोलर बिजली बने, इसे सुनिश्चित किया जाएगा। और हम तो बड़ा गर्व के साथ कह सकते हैं कि यही ओडिशा है, जहां कोणार्क में सुर्य मंदिर की एक पहचान है, वैसे ही पहाड़पुर सुर्यग्राम की पहचान बन जाएगा। सुर्यग्राम, से पूरा गांव सोलर विलेज के रूप में पहचाना जाए, इस दिशा में काम तुरंत शुरू हो ऐसा मेरा प्रयास रहेगा। इस अभियान से, पहाड़पुर के लोगों को मुफ्त सोलर बिजली भी मिलेगी और जो ज्यादा बिजली होगी, वो उनकी आय भी बढ़ाएगी।

साथियों,

ओडिशा में डबल इंजन सरकार के 2 साल कई मायनों में ऐतिहासिक रहे हैं। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी जी के नेतृत्व में, आज ओडिशा तेज गति से विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है। आज यहां गरीब कल्याण की योजनाओं से सामान्य मानवी का जीवन बदल रहा है। ओडिशा में आर्थिक गतिविधियाँ निवेश और उद्योगों को आकर्षित करने का सामर्थ्य आज नज़र आ रहा है। यहाँ रोजगार के नए अवसरों के लिए तेजी से काम हो रहा है।

साथियों,

केंद्र सरकार का विज़न है- पूर्वी भारत के विकास से भारत का विकास। इसीलिए, हम पूर्वोदय की नीति पर काम कर रहे हैं। जिस पूर्वी भारत को काँग्रेस के दौर में पिछड़ेपन का पर्याय बना दिया गया था, आज वो प्रगति का प्रवेश द्वार बन रहा है। आज ओडिशा खुद इस बदलाव का साक्षी बन रहा है।

साथियों,

ओडिशा के पास समुद्र है, खनिज संपदा है, कृषि की शक्ति है और सबसे सामर्थ्यवान यहां युवा प्रतिभा है। इस सामर्थ्य का पूरा उपयोग करने के लिए हम मिलकर काम कर रहे हैं। इसीलिए, आज ओडिशा में रेलवे इनफ्रास्ट्रक्चर में रिकॉर्ड निवेश हो रहा है। नई सड़कें और आर्थिक कॉरिडोर बन रहे हैं। पोर्ट्स का विस्तार हो रहा है। ऊर्जा, सेमीकंडक्टर, ग्रीन एनर्जी और आधुनिक उद्योगों में निवेश आ रहा है। आज भी यहां ओडिशा के विकास से जुड़ी अनेक महत्वपूर्ण परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास हुआ है। इन परियोजनाओं पर लगभग 47 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। बिजली, सड़क, रेलवे, स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़ी इन परियोजनाओं से, आप सभी लोगों को बहुत सुविधा होने वाली है। मैं इन परियोजनाओं के लिए ओडिशा के लोगों को बहुत बहुत बधाई देता हूं।

साथियों,

हमारी सरकार ओडिशा के संसाधनों को, ओडिशा की संभावनाओं में बदल रही है। ओडिशा में बड़ा निवेश आए, यहाँ नए उद्योग लगें, इसके लिए उत्कर्ष ओडिशा जैसे अभियान चलाए जा रहे हैं। इसके तहत, अब तक करीब 20 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं। साढ़े 3 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की अनेक मेगा परियोजनाओं पर भी काम चल रहा है। उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण बने, इसके लिए ओडिशा के समग्र विकास पर ध्यान दिया जा रहा है। पावर सेक्टर में 6 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा का निवेश हो रहा है। समृद्ध शहर योजना के तहत शहरी विकास को गति दी जा रही है। आने वाले वर्षों में इन प्रयासों का परिणाम हमें देखने को मिलने वाला है।

साथियों,

डबल इंजन सरकार की बड़ी विशेषता ये है कि वो खुद जनता तक पहुँचती है। हमारा प्रयास है कि सामान्य नागरिक को किसी समस्या के समाधान के लिए अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़े। इन्हीं प्रयासों का परिणाम है कि युवाओं, महिलाओं, किसानों और आम लोगों की अपेक्षाएँ आज पूरी हो रही हैं। आप देखिए, धान खरीद में किसानों को 3,100 रुपये प्रति क्विंटल देने का निर्णय लिया गया। सुभद्रा योजना के माध्यम से एक करोड़ से अधिक माताओं और बहनों तक आर्थिक सहायता पहुंचाई गई। आयुष्मान भारत को लागू करके ओडिशा के परिवारों के लिए देशभर के अस्पतालों में इलाज का रास्ता खोला गया। आदिवासी विद्यार्थियों की पढ़ाई बीच में न छूटे, इसके लिए माधो सिंह हाथ-खर्चा योजना शुरू की गई। महाप्रभु श्री जगन्नाथ जी के भक्तों की भावनाओं का सम्मान करते हुए श्रीमंदिर के श्रद्धालुओं के लिए सारे द्वार खोल दिए गए, चारों-चार द्वार खोल दिए गए। डबल इंजन की ताकत मिलने से आज यहां चारों दिशाओं में विकास सुनिश्चित हो रहा है।

साथियों,

यहां बीते दिनों स्वच्छता को लेकर जो विशेष अभियान चला है, उसकी भी मुझे जानकारी मिली है। और मैं देख रहा था सोशल मीडिया में तो सफाई अभियान छाया हुआ है, यानी स्वच्छता से स्वागत, मैं ओडिशा की इस पहल के लिए, यहां के नगारिको का, सरकार का, मुख्यमंत्री जी का, इस प्रशंसनीय पहल के लिए बहुत ही प्रशंसा करता हूं, संतोष व्यक्त करता हूं।

साथियों,

स्वच्छता हमारे जीवन शैली का हिस्सा होनी चाहिए, हर रोज की आदत होनी चाहिए। मैं यहां स्वच्छता अभियान से जुड़े सभी लोगों का हृदय से बहुत-बहुत अभिनंदन करता हूं।

साथियों,

मैंने अपने जीवन का कुछ महत्वपूर्ण कालखंड जनजातीय क्षेत्रों में एक वालंटियर के रूप में काम करते हुए बिताया है। माननीय राष्ट्रपति जी तो बरसों तक ऐसे क्षेत्रों में चुनौतियां का सामना करती रही हैं। आप और हम जानते हैं कि जनजातीय क्षेत्रों में जीवन की सुविधाएं आसानी से नहीं पहुंचती थीं। इसलिए, हमारी सरकार ने जनजातीय विकास को बहुत प्राथमिकता दी है। हमने ऐसे इलाकों को सुविधाओं से जोड़ने के लिए धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान शुरू किया। इसके तहत स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, आवास से जुड़े विभाग मिलकर के सर्वागीण विकास के लिए काम कर रहे हैं। ताकि वहां रहने वाले लोगों की कठिनाइयां दूर हो सकें। इसी तरह, पीएम जनमन अभियान तो राष्ट्रपति जी के साथ हुई चर्चाओं का, उनके मार्गदर्शन का ही परिणाम है। ये विशेष रूप से देश के ऐसे जनजातीय समूहों के लिए है, जो जनजातीय समुदाय में भी सबसे पीछे रह गए हैं। ऐसे जनजातीय समुदायों तक अब सरकार स्वयं चलकर उनके गांव, उनके दरवाजे तक पहुंच रही है।

साथियों,

आदिवासी समाज के उत्थान के लिए हम आदिवासी युवाओं को शिक्षा और रोजगार के अवसरों से जोड़ रहे हैं। इन बच्चों को पढ़ाई की बेहतर सुविधा मिले, इसके लिए देश में करीब 500 एकलव्य मॉडल स्कूल खोले गए हैं। करीब साढ़े सात सौ एकलव्य स्कूल स्वीकृत किए गए हैं। प्री-मैट्रिक और पोस्ट मैट्रिक लेवल पर, डेढ़ करोड़ से अधिक आदिवासी बच्चों को सैकड़ों करोड़ रुपए की स्कॉलर्शिप दी गई है। मुझे ये बताते हुए भी खुशी है कि यहां मयूरभंज में एक और नवोदय विद्यालय बनाने के लिए भी स्वीकृति दे दी गई है।

साथियों,

दूर-दराज इलाकों में रहने के कारण, जनजातीय समाज स्वास्थ्य से जुड़ी कठिनाइयों का भी शिकार रहा है। सिकल सेल एनीमिया जैसी बीमारियाँ एक बहुत बड़ी चुनौती रही हैं। हमने इनके खिलाफ देश भर में अभियान चलाया, चार करोड़ से ज्यादा हेल्थ कार्ड बांटे, मुफ्त इलाज के लिए करोड़ों आदिवासी लाभार्थियों को आयुष्मान कार्ड दिये। जल जीवन मिशन के तहत घर-घर साफ पानी पहुंचाया जा रहा है। इन प्रयासों का परिणाम आज हमें दिख रहा है। आदिवासी समाज दशकों पुरानी कठिनाइयों से बाहर आ रहा है, और, विकास की मुख्यधारा का हिस्सा बन रहा है।

साथियों,

आने वाले समय में हमारे सामने दो महत्वपूर्ण पड़ाव हैं। 2036 में ओडिशा के गठन के 100 वर्ष पूरे होंगे। और, 2047 में भारत की स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूरे होने वाले हैं। यानी, ओडिशा और देश का लक्ष्य एक ही दिशा में है। ओडिशा की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, तो भारत मजबूत होगा। मुझे ओडिशा के सामर्थ्य पर भरोसा है। हमें मिलकर ओडिशा को विकास की बुलंदियों पर पहुंचाना है।

साथियों,

कल 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस भी मनाया जाना है। ज्ञान और योग की धरती ओडिशा, योग यहाँ के संस्कारों का हिस्सा रहा है। मैं ओडिशा की धरती से पूरे देश से, पूरी दुनिया के लोगों से आह्वान करता हूँ, आप सब ज्यादा से ज्यादा संख्या में योग दिवस में हिस्सा लें। मैं एक बार फिर आप सभी को आज के अवसर, और विकास परियोजनाओं की बहुत-बहुत बधाई देता हूं। मैं माननीय राष्ट्रपति जी का विशेष रूप से आभार प्रकट करता हूं, कि मुझे उनके साथ उनकी कर्मभूमि को देखने का मौका मिला। एक बार फिर उन्हें जन्मदिन की बहुत-बहुत बधाई। बहुत-बहुत धन्यवाद।

जय जगन्नथ।

जय जगन्नथ।

जय जगन्नथ।