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The Congress disregards the values of bravery, courage and pride that Maharana Pratap instilled in the people of Rajasthan: PM Modi
The last five years have shown the country that it is indeed possible to successfully run an honest, transparent and people-oriented government in India: PM Modi
Congress’ soft approach towards terror wreaked havoc on India’s national security: Prime Minister Modi

भारत माता की… जय, भारत माता की… जय।

उदयपुर तो बहुत बार आया, प्रधानमंत्री बनने से पहले भी और बाद में भी लेकिन जो उत्साह इस बार दिख रहा है वो अभूतपूर्व है। मेरे साथ पूरी ताकत से भारत माता का जयकारा लगाइए ताकी पूरा हिंदुस्तान मेवाड़ का ये जोश देख सके।

भारत माता की… जय, भारत माता की… जय।

साथियो, मां भारती का वैभव बढ़ाने की जिम्मेदारी उन साथियों पर भी है जो इक्कीसवीं सदी में पहली बार लोकसभा के चुनाव में मतदान कर रहे हैं। जिनका जन्म इक्कीसवीं सदी में हुआ, बाकी लोग, कोई पांच साल के लिए वोट देगा, कोई दस साल की कल्पना करके वोट डालने जाएगा। लेकिन जो इक्कीसवीं सदी में पैदा हुआ है वो इस बार बटन को दबाएगा तब उसके दिल-दिमाग में 21वीं शताब्दी होगी क्योंकि उसको जीना इसी शताब्दी में है। उसे अपने सपने संजोने हैं इसी शताब्दी में, उसे अपने सपने साकार करने हैं इसी शताब्दी में, उसके लिए जो कुछ भी है वह यह शताब्दी है और यह शताब्दी का भाग्य इन पांच वर्षों में, क्योंकि इस शताब्दी का एक चौथाई हिस्सा इन पांच वर्षों में पूर्णता पर, इन पांच वर्षों में देश की जो मजबूत नींव बनेगी वो 21वीं सदी का भाग्य निर्धारित करने वाली है। इसलिए 21वीं शताब्दी में पैदा हुए, पहली बार लोकसभा के चुनाव में मतदान करने जा रहे हैं, ऐसे सभी बेटे-बेटियों को मेवाड़ की इस धरती से मैं अनेक-अनेक शुभकामनाएं देता हूं। और भारत के भाग्य विधाता की प्रक्रिया में मतदाता के रूप में आपके प्रवेश को मैं देश के प्रधानसेवक के नाते आपका स्वागत करता हूं। 23 मई को, कल 23 अप्रैल है। एक महीने के बाद 23 मई को, अब तक तो चुनाव के नतीजे आ गए होंगे, 23 मई को जब फिर एक बार मोदी सरकार आप बनाएंगे तब हम सभी इस सपने को साकार करने के लिए जी-जान से जुटने वाले हैं।

 साथियो, आप सभी के सहयोग से भारतीय जनता पार्टी-एनडीए ने ये दिखा दिया है की इस देश में एक ईमानदार सरकार चलाना भी संभव है। आप के सहयोग से पूरे देश में अब ईमानदारी की एक नई रीति स्थापित हो रही है। अब अगर कोई धनवान बैंकों का पैसा वापस नहीं करता है तो वो चैन की नींद नहीं सो पाएगा। अब अगर कोई देश से भागने की कोशिश करता है तो उसके लिए भागना मुश्किल होगा, अब अगर कोई भागकर विदेश गया है तो उसको या तो वापस आना पड़ेगा या फिर नामदारों के मिशेल मामा की तरह उसको उठाकर लाया जाएगा। भाइयो-बहनो, ये हमारी सरकार है जिसने बैंकों का करोड़ों अरबों हड़प जाने वालों को सजा दी है, उनका संपत्ति जब्त कर ली है। और ईमानदार करदाताओं को सम्मान दिया है। साथियो, पहले की सरकार अपने करीबियों को, अपने अरबपति दोस्तों को बैंकों पर दबाव डालकर, फोन बैंकिंग की परंपरा से कर्ज दिलवाती थी। हम मुद्रा योजना के तहत बिना गारंटी गरीब से गरीब को, अपने आदिवासी भाइयो-बहनो को बिना गारंटी आज हम कर्ज दे रहे हैं। 17 करोड़, ऐसा कर्ज देना शायद पहली बार देश में हुआ होगा और उनमें सवा 4 करोड़ लोग पहली बार जिन्होंने बैंक से पैसा लिया, इन्होंने अपना नया कारोबार शुरू किया है। इसी तरह जो पूरी ईमानदारी से सेवा में जुटे हैं, असंगठित क्षेत्र के ऐसे 40 करोड़ से अधिक श्रमिक, उन साथियों को पहली बार पेंशन की सुविधा दी गई है। ये कौन लोग हैं घर में बर्तन-पोछा करने के लिए आई मां-बहनें, खाना पकाने के लिए आने वाले लोग, बच्चों को स्कूल ले जाने वाले रिक्शा ले जाने वाले लोग, टैक्सी वाले लोग, होटल के अंदर बैरे का काम करने वाले लोग, रेड़ी लगाने वाले लोग, सब्जी बेचने वाले लोग, कभी सोचा था की 60 साल की उम्र के बाद उनको पेंशन मिले, ऐसा सोचने वाली भी कोई सरकार आएगी, हमने ये योजना बना ली। इतना ही नहीं, छोटे दुकानदार उनके लिए भी पेंशन का प्रबंध, पहली बार किसानों के लिए पेंशन का प्रबंध, पहली बार खेत-मजदूरों को लिए पेंशन का प्रबंध।

साथियो, पिछली बार जब मैं उदयपुर आया था तो यहां बने महाराणा प्रताप गौरव केंद्र के दर्शन करने भी गया था। इस केंद्र में बहुत विस्तार से दिखाया गया है की वो और उनके सेना नायक भीलू राणा कैसे दुश्मनों पर सर्जिकल स्ट्राइक करते थे। भाइयो-बहनो, हम उस परंपरा के हैं जो किसी को छेड़ते नहीं हैं लेकिन किसी ने छेड़ा तो छोड़ते भी नहीं। मेवाड़ के बारे में तो ये मशहूर है की घास की रोती खा सकते हैं लेकिन आत्मसम्मान से समझौता नहीं कर सकते हैं। ये संस्कार महाराणा प्रताप ने हमें दिए हैं लेकिन कांग्रेस और उनके महामिलावटी, ये कहते हैं की मोदी राष्ट्रवाद की, राष्ट्र सुरक्षा की, आतंकवाद की, इस चुनाव में बात नहीं करनी चाहिए। इनकी बातों में आने वाला कोई और हो सकता है, मोदी नहीं। मेरे प्यारे भाइयो-बहनो, बताइए मोदी सही रास्ते पर है, दिशा सही है, इरादे सही हैं, कोशिश सही है, पूरा विश्वास है आपको? आतंकवाद पर मोदी प्रहार कर रहा है, ठीक है ना, खुश हैं ना आप लोग? घर में घुसकर मारता है। देश की रक्षा कैसे होगी, इस पर क्या इस चुनाव में और हर चुनाव में बात होना चाहिए कि नहीं होनी चाहिए? क्या ये उदयपुर म्यूनिसिपालिटी का चुनाव है क्या? क्या ये विधानसभा का चुनाव है क्या? ये लोकसभा के चुनाव में राष्ट्रीय सुरक्षा, ये लोकसभा चुनाव के अहम मुद्दे जो होते हैं उसमें उसका भी बहुत महत्व होता है। उदयपुर के चुनाव में कोई राष्ट्ररक्षा की चर्चा ना करे वो तो मैं समझता हूं लेकिन उनकी सोच ही इतनी छोटी है की उनको देश का इतना बड़ा इशू समझ नहीं आता है। 60 साल वहां रहने के बाद उनको पता नहीं है की देश के मुद्दे क्या होते हैं। डिक्शनरी में से पांच-छे गालियां निकाल कर के वही लेकर घूम रहे हैं 6 महीने से, कांग्रेस और उसके महामिलावटी ऐसे लोग हैं जो हमारे सपूतों के शौर्य का सबूत मांग रहे हैं। आप मुझे बताइए, आप अपने सपूत पर भरोसा करोगे, या सबूत मांगने वालों पर भरोसा करोगे।

भाइयो-बहनो, देश के सपूतों ने देश का माथा ऊंचा किया है, ये सबूत वाली गैंग ने देश को नीचा दिखने के लिए मजबूर कर दिया है। और जो सबूत मांगते थे, ये मीडिया वालों ने भी देखा होगा, टीवी पर भी कभी-कभी नजर आता होगा। दस दिन पहले जो टेप रिकॉर्डर उनका बजता था, जो एक कैसेट लगाई थी उन लोगों ने, वो बोलते रहते थे, ये पहले दो चरण के बाद जनता ने ऐसा सबूत दे दिया-ऐसा सबूत दे दिया, उनके मुंह पर ताले लग गए हैं। अब सबूत मांगना बंद कर दिया, एयर स्ट्राइक पर बोलना बंद कर दिया और मैं उनको चुनौती देता हूं, दम हो तो आइए। आप भी जनसभाओं में जा कर के सेना के पराक्रम की बात जो मैं करता हूं उसको चुनौती देकर अपनी बात बताइए, खेल खिलाड़ी का और घोड़े सवारों के लिए। इन नामदारों को जनता ने सबूत दे दिया है। घबराइए नहीं, अगले पांच चरणों में भी देश के लोग, देश के वीर-जवानों पर उठाए गए हर सवाल का जवाब चुन-चुन कर के देने वाले हैं। भाइयो-बहनो, उदयपुर से तो अनेक साथी विदेशों में काम करने के लिए गए हुए हैं। वो विदेशों से भारत के विकास में बहुत बड़ा योगदान दे रहे हैं। आपके आशीर्वाद से बीते पांच वर्ष में, भारत के पासपोर्ट की ताकत बढ़ी है। जो भी दुनिया के किसी देश में जाता होगा, दुनिया के किसी भी देश में जब वो अपना हिंदुस्तान का पासपोर्ट दिखाता है तो सामने वाला हाथ पकड़ता है तो छोड़ता नहीं है। हिंदुस्तानी के प्रति गर्व से देखा जाता है। भाइयो-बहनो, हमारा प्रयास रहा है की जो बाहर काम करने के लिए हमारा साथी जाता है वो वहां सुरक्षित रहे, कभी समस्या आए तो आधी रात को भी सरकार उसकी मदद करे, यही काम हमने किया है।

भाइयो-बहनो, हमारी सरकार ने देश की साख बढ़ाने, सुरक्षा बढ़ाने के साथ ही आपका जीवन आसान बनाने का भी लगातार प्रयास किया है, इसका एक उदाहरण है- पासपोर्ट। पासपोर्ट और वीजा जैसी सुविधाएं बीते पांच वर्षों में देश में 300 से भी ज्यादा नए पासपोर्ट केंद्रों की भी स्थापना की गई है, आज उदयपुर में भी नया पासपोर्ट सेवा केंद्र है। आपको याद होगा की यहां की कांग्रेस सरकार ने पिछली बार कैसे आपकी इस सुविधा को छीन लिया था, आपके साथ अन्याय किया था। इस बार उसका भी हिसाब आपको इनसे लेना है। भइयो-बहनो, जब दुनिया में देश का नाम होता है तो उसका सीधा असर टूरिज्म पर पड़ता है। हमारी सरकार की नीतियों की वजह से बीते पांच वर्षों में जिस तरह विदेश से आने वाले टूरिस्टों की संख्या बढ़ी है, टूरिज्म सेक्टर में कमाई बढ़ी है उसका बहुत बड़ा लाभ उदयपुर के लोगों को और राजस्थान के लोगों को मिला है। साथियो, टूरिज्म का सीधा रिश्ता कनेक्टिविटी से भी है। उदयपुर में एयरपोर्ट हो, अहमदाबाद को जोड़ने वाली ब्राडगेज लाइन हो, छे लेन का ग्रीन-फील्ड हाईवे हो, ऐसे अनेक प्रोजेक्ट्स यहां या तो पूरे हो चुके हैं या फिर पूरे होने की कगार पर हैं। हाइवे, रेलवे, एयरवे, इसके अलावा आईवे यानी मोबाइल फोन इंटरनेट के लिए भी हमने बहुत सारे विकास के कदम उठाए हैं। डिजिटल इंडिया के तहत गांव-गांव तक नेटवर्क अच्छा करने का प्रयास किया जा रहा है।

भाइयो-बहनो, यहां नजदीक में मानगढ़ धाम, गोविंद गुरू की वीरता का स्मारक, आजादी की लड़ाई में गोविंद गुरू आदिवासी वीर-वीरांगनाओं की शौर्य गाथाओं को समेटे हुए है। और जब मैं गुजरात में था तो मानगढ़ आने का कभी मौका नहीं छोड़ता था। गोविंद गुरू को नमन करने के लिए चला आता था, उनकी स्मृतियों को नमन करता था। उस जमाने में अंग्रेजों के सामने, एक आदिवासी कैसे जंग करता है इसका जीता-जागता उदाहरण आपके मानगढ़ में है। भाइयो-बहनो, आपका ये चौकीदार वादों से नहीं, मजबूत इरादों से काम करता है और मजबूत इरादा है तभी हर माता बहन को गैस का कनेक्शन, घर-घर में शौचालय और हर घर को बिजली, ये कनेक्शन देने का बीड़ा उठाया है। मजबूत इरादा है तभी 2022 तक हर गरीब, हर आदिवासी, हर वंचित, हर शोषित को अपना पक्का घर देने का ये मोदी ने फैसला लिया है। देश के 50 करोड़ गरीबों को, आदिवासियों को हर वर्ष पांच लाख रुपए तक के इलाज की व्यवस्था करा पाया। वरना कांग्रेस ने जिस तरह सात दशकों से ठगा है अगर हम ना आते, आपने हमें ना लाया होता तो शायद उनकी वो आदतें आज भी चलती होतीं। यहां राजस्थान में किसानों का कर्ज माफ करने का वादा किया गया था लेकिन चुनाव जीतते ही नामदार गायब हो गए। 10 दिन खाली पूछो कांग्रेस वालों को, अरे भाई वो दस दिन का क्या हुआ? ऐसे भागते हैं मुंह छुपा कर के। वो जमाना चला गया जब देश की जनता ने आपके झूठ पर भरोसा किया था, देश जाग चुका है। नौजवान, माताएं-बहनें समेत हर कोई अब आपकी हरकतों को पहचान गया है।

साथियो, ये ऐसे लोग हैं जो पीएम किसान सम्मान योजना का लाभ भी आपको लेने नहीं दे रहे हैं। भाजपा सरकार ने किसानों के खाते में हर साल 75 हजार करोड़ रुपए ट्रांसफर करने की योजना बनाई है लेकिन ये लोग किसानों की लिस्ट देने में, सूची देने में, नाम देने में, इनके पेट में चूहे दौड़ते हैं, नहीं देते हैं। आज देंगे, कल देंगे, इधर का मांगा है, उधर का मांगा है बहानेबाजी कर रहे हैं। अरे मुख्यमंत्री जी, आपको भाजपा से विरोध होगा, मोदी से विरोध होगा, कम से कम राजस्थान के किसानों का तो बुरा मत करो, उनके साथ तो अन्याय मत करो। लोगों का विकास ना कर के झूठ बोलना, अफवाह फैलाना ही कांग्रेस को सबसे अच्छी तरह आता है। मुझे बताया गया है की किसानों के गुस्से से ध्यान भटकाने के लिए अब ये आदिवासी भाई-बहनों में उनके अधिकारों को लेकर के अफवाहें उड़ाने लगे हैं। इनकी अफवाहों से सावधान रहने की जरूरत है, जनजातीय समाज के साथियों को मैं पूरी तरह से आश्वस्त करना चाहता हूं की आपके हक, आपके मान-सम्मान, आपकी पहचान पर ये मोदी कोई संकट नहीं आने देगा।

साथियो, हमारी सरकार देश के हर उस नागरिक तक विकास का लाभ पहुंचाने की कोशिश कर रही है, जो अब तक पीछे रह गया। भाइयो-बहनो, हमारे गरड़िये, कुम्हार, बंजारा ऐसे घुमंतू समुदाय, आजादी के इतने सालों के बाद ये पहली मोदी सरकार ऐसी आई है, उन्होंने घूमंत समाज के लिए एक अलग वेलफेयर बोर्ड बना कर के उनकी सुख-सुविधा की चिंता की है। लगातार जगह बदलने की वजह से इन लोगों तक सरकार का लाभ पहुंचना बहुत मुश्किल होता है। अब इनकी समस्या को दूर करने के लिए सरकार ने एक वेलफेयर डेवलपमेंट बोर्ड बनाने का फैसला लिया है। भाइयो-बहनो, एक मजबूत, सुरक्षित और समृद्ध भारत के लिए आप सभी को कमल के फूल के सामने बटन दबाने के लिए मैं प्रार्थना करने आया हूं। मैं आपको विश्वास दिलाता हूं, जब आप कमल के फूल के सामने बटन दबाओगे तो आपका वोट सीधा-सीधा मोदी के खाते में जाएगा।

भाइयो-बहनो, आप मुझे बताइए, इतना बड़ा देश, दुनिया के अंदर भारत का रुतबा होना चाहिए कि नहीं होना चाहिए? दुनिया में भारत का मान-सम्मान और बढ़ना चाहिए कि नहीं बढ़ना चाहिए, इसके लिए देश मजबूत होना चाहिए कि नहीं होना चाहिए? देश मजबूत बनाने के लिए सरकार मजबूत होनी चाहिए कि नहीं? मजबूत सरकार के लिए चौकीदार भी तो मजबूत चाहिए और चौकीदार मजबूत तब बनता है जब सवा सौ करोड़ देशवासी चौकीदार के साथ खड़े होते हैं। इसलिए मैं आपसे आग्रह करता हूं, मेरे साथ एक संकल्प लीजिए। दोनों हाथ ऊपर करके, मुट्ठी बंद कर के और मेरे बोलने के बाद आपको बोलना है चौकीदार।

गांव-गांव है… चौकीदार, शहर-शहर है… चौकीदार, बच्चा-बच्चा… चौकीदार, बड़े-बुजुर्ग भी… चौकीदार, माता-बहनें… चौकीदार, घर-घर में है… चौकीदार, खेत-खलिहान में… चौकीदार, बाग-बगान में… चौकीदार, देश के अंदर… चौकीदार, सरहद पर भी… चौकीदार, डॉक्टर-इंजीनियर… चौकीदार, शिक्षक-प्रोफेसर… चौकीदार, लेखक-पत्रकार… चौकीदार, कलाकार भी… चौकीदार, किसान-कामगार… चौकीदार, दुकानदार , दुकानदार भी… चौकीदार, वकील-व्यापारी… चौकीदार, छात्र-छात्राएं… चौकीदार, पूरा हिंदुस्तान… चौकीदार।
भारत माता की… जय, भारत माता की… जय। बहुत-बहुत धन्यवाद।

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Prime Minister attends All Parties Leaders Meeting ahead of Winter Session of Parliament beginning tomorrow
November 17, 2019
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Prime Minister Shri Narendra Modi attended the All Parties Leaders meeting here today. Leaders from all major political parties were present on this occasion and they put forth their views on the upcoming session of Parliament.

In his remarks, Prime Minister observed that this session of the Parliament will be a special occasion for it will mark the 250th session of the Rajya Sabha and expressed his happiness that special events and activities were being planned to mark this occasion. Prime Minister emphasized that the 250th session of the Upper House provided a unique opportunity for highlighting the unique strengths of the Indian Parliament as well as the Indian Constitution, in providing an overarching framework of governance institutions for a diverse country like India. The backdrop of the session being held as India celebrates the 150th birth anniversary of the Father of the Nation Mahatma Gandhi also made it a unique and special occasion.

Prime Minister, while responding to specific issues raised by the representatives of various political parties said that the Government would work together with all parties in a constructive manner to address pending legislations and frame policy solutions for specific issues related to environment and pollution, the economy, the agricultural sector and farmers, and the rights of women, youth and the less privileged sections of society.

Prime Minister also complemented the Presiding officers of the two Houses for smooth running of the last session of Parliament and observed that this had helped to create a positive impact amongst the people about the functioning of the legislative arm of Government. In this regard, Prime Minister made a particular mention of the energetic participation by first term members of Parliament on discussions related to diverse issues and expressed the hope that constructive engagement between the Treasury and opposition benches will make the present session a successful and productive one.