The unwavering support of Karnataka for the BJP has given the corruption-ridden I.N.D.I alliance, sleepless nights
Congress & the I.N.D.I alliance possess no roadmap, agenda or vision for the development of India
Karnataka is a state where there is CM in waiting, Super CM, Shadow CM, Future CM Aspirant & Collection Master to facilitate scams & loot
The I.N.D.I alliance has proclaimed to end the concept of ‘Shakti’ that has not only disrespected the Hindu Dharma but the Nari Shakti of India
BJP has always prioritized the empowerment of SC-ST-OBC and the safe evacuation of the members of the ‘Hakki-Pikki’ tribe through ‘Operation Kaveri’ is a testimony to the same

भारत माता की, भारत माता की, भारत माता की।

शिवमोग्गा-दा जनतेगे नन्ना नमस्कारागड़ु

मैं शक्ति स्वरूपा, सिगन्दूरु चौडेश्वरि देवी के चरणों में श्रद्धापूर्वक प्रणाम करता हूं।

हम सभी के लिए आपका ये प्यार और आशीर्वाद, जनसमर्थन की ये लहर, कर्नाटका के कोने-कोने में बीजेपी को मिल रहा अपार जनसमर्थन, ये दृश्य...ये ऊर्जा अपने आप में…ऐसा लग रहा है कि पूरा मैदान ऊर्जा से भरा हुआ है। दूसरी तरफ भ्रष्टाचार और तुष्टिकरण में डूबे इंडी अलायंस की नींद उड़ गई होगी। और, शिवमोगा तो खास तौर पर ऐसी भूमि है, जनसंघ के जमाने में जब हमें कोई जानता नहीं था। कोई हमारा म्यूनिसिपालिटी का मेंबर नहीं होता था। ऐसे समय येदुरप्पा जी ने अपनी पूरी जवानी यहां खपा दी थी। ये उनकी तपोभूमि रही है। इस क्षेत्र की, कर्नाटका की हर सीट से मोदी के development ambassador को दिल्ली भेजना है। आपको कर्नाटका की 28 की 28 सीटें BJP-NDA को देने के लिए मैं आज आपको प्रार्थना करने आया हूं। 4 जून को 400 पार। ‘4 जून को 400 पार के मिशन’ में आपकी बहुत बड़ी भूमिका है। और इसलिए... आखिरकार हम 400 सीटों की बात क्यों कर रहे हैं हम। ये 400 सीटें क्यों। विकसित भारत के लिए...400 पार! विकसित भारत के लिए...400 पार! विकसित भारत के लिए...400 पार! विकसित कर्नाटका के लिए...400 पार! विकसित कर्नाटका के लिए...400 पार! गरीबी कम करने के लिए...400 पार! गरीबी कम करने के लिए...400 पार! आतंक पर प्रहार के लिए...400 पार! भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई के लिए...400 पार! किसानों की समृद्धि के लिए...400 पार! युवाओं को नए अवसर देने के लिए...400 पार! ई बारी…नानूरु मीरी ! ई बारी…नानूरु मीरी !

साथियों,
पिछले 10 वर्षों में देश ने बीजेपी का काम देखा है। बीजेपी की सबसे बड़ी प्राथमिकताएं हैं- विकास, गरीब कल्याण और सामर्थ्यवान भारत! वहीं दूसरी ओर कांग्रेस है। कांग्रेस के पास विकास का एजेंडा नहीं, इसलिए वो तरह-तरह के हथकंडे आजमाती है। कांग्रेस का पहला हथकंडा है- झूठ बोलो! बड़े-बड़े झूठ बोलो! बार-बार झूठ बोलो। जहां जाओ वहां झूठ बोलो। सुबह-शाम झूठ बोलो। कांग्रेस का दूसरा हथकंडा है- अपने झूठ को ढकने के लिए, नए झूठ बोलो। कांग्रेस का तीसरा हथकंडा है- जब पकड़े जाओ, तो अपनी करतूतों का ठीकरा दूसरों के सर पर फोड़ दो। हर चुनाव से पहले कांग्रेस के लोग बड़े-बड़े झूठे वादे करने में एक्सपर्ट हो गए हैं। यहां कर्नाटका में भी कांग्रेस ने यही किया। और अब सरकार बनने के बाद, कांग्रेस फिर झूठ पर झूठ बोले जा रही है। कभी वो केंद्र को जिम्मेदार बता रही है, कभी मोदी पर आरोप लगा रही है, तो कभी दूसरी पार्टियों पर अपनी नाकामी का ठीकरा फोड़ रही है। क्योंकि, कांग्रेस की मंशा कभी काम की नहीं होती। कांग्रेस का केवल एक ही इरादा होता है- लोगों को लूटना, अपनी जेब भरना! इसीलिए, कांग्रेस को जब से कर्नाटका में मौका मिला है, तो इन्होंने कर्नाटका को अपना ATM बना लिया है। यहां इनकी लूट इतनी बढ़ गई है कि सरकार चलाने के लिए पैसे तक नहीं बचे हैं। और इस लूट में भागीदार बनने की होड़ मची हुई है। कोई यहां ‘CM in Waiting’ है। कोई यहां ‘Future CM Aspirant’ है। कोई यहां ‘Super CM’ है, कोई यहां ‘Shadow CM’ है। और इतने सारे CM के बीच एक दिल्ली के 'Collection Minister,' भी हैं। कांग्रेस की इस करतूत का नुकसान, कर्नाटका के लोगों को उठाना पड़ रहा है। कुछ ही महीनों में कांग्रेस की सरकार ने कर्नाटका की साख को बहुत बड़ा धक्का लगा दिया है। मैं कांग्रेस के प्रति कर्नाटका के लोगों का आक्रोश देख रहा हूं, उनका गुस्सा समझ रहा हूं। कांग्रेस सरकार के ऐसे रवैये के बीच बहुत जरूरी है कि कर्नाटका की लोकसभा की हर सीट पर BJP-NDA को विजय मिले। BJP-NDA के सांसद, कर्नाटका के लोगों की सेवा के लिए काम करेंगे, यहां केंद्र की योजनाओं को अच्छी तरह लागू करने में मदद करेंगे।

साथियों,
कल मुंबई में शिवाजी मैदान में इंडी अलायंस की तरफ से खुला ऐलान किया गया। वो लोग हिंदू धर्म में समाहित शक्ति को समाप्त करना चाहते हैं। हिंदू शक्ति को समाप्त करने का उन्होंने बीड़ा उठाया है। हिंदू समाज जिसे शक्ति मानता है, उस शक्ति के विनाश का उन्होंने एलान कर दिया है। अगर शक्ति के विनाश का उनका एलान है तो शक्ति की उपासना का हमारा भी एलान है। मैं जब सार्वजनिक जीवन में आया, जब मैंने अपने समय का पल-पल और शरीर का कण-कण लोगों की सेवा के लिए समर्पित करने का संकल्प लिया तो मुझे इसी शक्ति ने ऊर्जा दी। आज भी मैं शक्ति की उपासना करता हूं, देश के कोटि-कोटि लोग हिंदू धर्म की इस शक्ति के उपासक हैं। और मैं तो हैरान हूं... कल शिवाजी पार्क में शक्ति के विनाश का एलान हो रहा है, जब मैंने सुना तो मैं सोच रहा था कि बाला साहेब ठाकरे जी, उनकी आत्मा को कितना दुख पहुंचा होगा। शिवाजी पार्क में शक्ति के विनाश का एलान किया जाए, वो भी शिवाजी पार्क में। और उस भूमि पर जहां का बच्चा-बच्चा जन्म से जय भवानी, जय शिवाजी का मंत्र लेकर के बड़ा होता है। छत्रपति शिवाजी महाराज, दुर्गा भवानी से आशीर्वाद लेकर के हिंदवी स्वराज की स्थापना के लिए निकल पड़े थे। वे शक्ति के उपासक थे और उसी शिवाजी पार्क में शक्ति के विनाश का ऐलान किया जाता है। और कौन लोग मंच पर बैठे थे, पता नहीं बाला साहब की आत्मा को क्या होता होगा। शक्ति का विनाश करने की सोच।

साथियों,
मेरे लिए देश की नारीशक्ति, इसी शक्ति का प्रतिबिंब है। इसलिए हमारी सरकार की योजनाओं में सबसे ज्यादा प्राथमिकता नारी शक्ति को दी जाती है। आजादी के बाद आज तक किसी सरकार ने नारीशक्ति पर इतना बल नहीं दिया जितना हमारी सरकार ने दिया है। इसलिए ही जब चंद्रयान वहां पहुंचा जहां कोई नहीं पहुंचा था, तो हमने उस स्थान को शिव-शक्ति प्वाइंट का नाम दिया। कई पॉलिटिकल जानकार कहते रहे हैं कि ये नारीशक्ति मोदी की साइलेंट वोटर है। लेकिन मेरे लिए देश की नारीशक्ति वोटर नहीं बल्कि मां शक्ति स्वरूपा है। नारीशक्ति का यही आशीर्वाद मेरा सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है। हम तो हमेशा से कहते आ रहे हैं...या देवी सर्वभूतेषु शक्ति रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥ इसी भावना के साथ हम मां भारती की पूजा करते हैं। इसी भावना के साथ हम मां भारती की शक्ति बढ़ाना चाहते हैं। इसी भावना के साथ हम मां भारती की शक्ति को बढ़ाना चाहते हैं। हमारे राष्ट्रकवि कुवेम्पु ने भी कर्नाटका की इस धरती के लिए क्या कहा था? उन्होंने कहा था- मन्त्र कणा, शक्ति कणा, तायि कणा, देवी कणा। उन्होंने कर्नाटका माता को भी शक्ति के रूप में देखा था। इंडी अलायंस के ये लोग अब इसी शक्ति को कुचलना चाहते हैं, तबाह करना चाहते हैं, समाप्त करना चाहते हैं। इन्हें मां भारती की बढ़ती हुई शक्ति से नफरत हो रही है। इन्हें भारतीय नारी का उत्थान अच्छा नहीं लग रहा है। इन्हें भारतीय नारी का सशक्तिकरण पसंद नहीं आ रहा। शक्ति पर वार का मतलब है- देश की माताओं-बहनों-बेटियों पर वार। शक्ति पर वार का मतलब है- नारी कल्याण की योजनाओं पर वार। शक्ति पर वार का मतलब है- मां भारती की शक्ति पर वार। ये शक्ति ही है, जिसके अवतरण से भारत की भूमि से आतंक और अत्याचार का अंत होता है। इंडी अलायंस ने, कांग्रेस ने इसी शक्ति को ललकारा है। कांग्रेस को इसका जवाब देश की हर महिला-हर बहन- हर बेटी देगी, शक्ति का हर उपासक देगा। 4 जून को इन्हें पता चल जाएगा कि शक्ति को ललकारने का मतलब क्या होता है।

साथियों,
कांग्रेस सत्ता हासिल करने के लिए किसी भी हद तक जाने वाली पार्टी है। अंग्रेज़ चले गए। लेकिन कांग्रेस ने अंग्रेजियत वाली मानसिकता नहीं छोड़ी। ‘बांटो और राज करो’ वो अपनी विरासत कांग्रेस को देकर गए हैं। कांग्रेस ने पहले देश को बांटा, जाति में बांटा, समुदाय में बांटा, धर्म, क्षेत्र और भाषा के आधार पर लोगों को बांटा। और, सत्ता हासिल करने के लिए कांग्रेस ने देश का बंटवारा भी कर दिया। लेकिन फिर भी बांटने की मानसिकता वाली इस कांग्रेस को इतने से संतोष नहीं हो रहा है। अब कांग्रेस फिर से देश को बांटने वाले खतरनाक खेल भी खेलने लगी है। अब ये अपने इस मंसूबे पर भी खुलकर बोलने लगे हैं। अभी हाल ही में, कर्नाटका के कांग्रेस सांसद ने देश को एक बार और बांटने का बयान दिया है। ऐसे सांसद को पार्टी से निकाल फेंकने के बजाय कांग्रेस उसका बचाव कर रही है। कर्नाटका ऐसी राजनीति और ऐसे षडयंत्रों को कभी सफल नहीं होने देगा। कर्नाटका की धरती का ऐसा अपमान करने वाली कांग्रेस को इस लोकसभा चुनाव में चुन-चुन करके साफ कर देना चाहिए। करेंगे न? करेंगे न? जरा दोनों हाथ ऊपर करके बोलिए करेंगे न? चुन-चुन करके साफ करेंगे न? 26 अप्रैल और 7 मई को आपको इसी संकल्प को लेकर निकलना है। 26 अप्रैल और 7 मई को, आपको अपने वोट से कांग्रेस के विभाजनकारी मंसूबों को ध्वस्त करना है।

साथियों,
आजादी के बाद कांग्रेस ने जो व्यवस्था बनाई उसमें गरीब और गरीब होता गया, कंगाल होता गया और गरीब के अधिकार छिनते रहे। कांग्रेस ने हमेशा देश के गरीब को मूलभूत सुविधाओं को भी तरसा कर रखा। बीते 10 वर्षों में हमने इन हालातों को बदलने के लिए काम किया है। पिछले 10 वर्षों में, भारत के 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए हैं। ये इसलिए संभव हुआ, क्योंकि हमने गरीबों की समस्याओं पर फोकस किया। हमने उन्हें मुश्किलों से बाहर निकालने का रास्ता तैयार किया। मैं आपको कर्नाटका का उदाहरण देता हूं कि हमारे काम का स्केल कितना बड़ा है। परिवार में कोई मेडिकल इमरजेंसी आ जाए तो गरीब और गरीब हो जाता है। लेकिन हमने आयुष्मान भारत योजना के तहत अकेले कर्नाटका में 60 लाख से ज्यादा लोगों का मुफ्त इलाज कराया है। अकेले शिवमोगा में ही 5 लाख से ज्यादा आयुष्मान कार्ड धारक हैं। इसी तरह, कर्नाटका में 40 लाख से ज्यादा गरीब महिलाओं को मुफ्त गैस कनेक्शन दिया गया है। पूरे कर्नाटका में लगभग 9 लाख परिवारों को पीएम आवास योजना के तहत पक्का मकान दिया है।

साथियों,
ये जो लाखों, करोड़ों लोगों को हमारी योजनाओं का फायदा मिला है, उनमें से ज्यादातर SC, ST और OBC समुदाय के हैं। आज उन्हें सशक्त बनाकर हम सामाजिक न्याय की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। पिछली बार मैं यहां शिवमोगा एयरपोर्ट का उद्घाटन करने आया था। मुझे याद है कि यहां के हक्की पिक्की जनजातीय समुदाय के लोगों से मेरी लंबी चर्चा हुई थी। उन लोगों को ऑपरेशन कावेरी के द्वारा युद्ध संकट में घिरे सुडान से बाहर निकाला गया था। ये इस बात का उदाहरण है कि हम अपने सभी लोगों के लिए काम कर रहे हैं, ये मायने नहीं रखता कि वो कहां हैं। ये इस बात का भी प्रमाण है कि वंचित समुदाय की सेवा के प्रति बीजेपी लगातार समर्पित हैं। आजाद भारत के इतिहास में बीजेपी ही वो पार्टी है जिसने SC और ST दोनों समुदाय के लोगों को राष्ट्रपति बनाया है। इसलिए, जब आप बीजेपी को वोट देंगे, तो आपका वोट सामाजिक न्याय के लिए होगा।

साथियों,
आज पहली बार भारत इस मुकाम पर पहुंचा है कि दुनिया में लोग भारत के आधुनिक इनफ्रास्ट्रक्चर की चर्चा कर रहे हैं। भारत की पहचान अब हाइस्पीड वंदेभारत, नमो-भारत ट्रेनों से होती है। भारत की पहचान अब मेट्रो और अंडरवॉटर मेट्रो से हो रही है। भारत की पहचान अब हाइस्पीड इंटरनेट और 5G से होती है। भारत की पहचान अब गांव-गांव में UPI टेक्नालजी से होती है। भारत की पहचान अब ग्रीन कॉरिडॉर और एक्स्प्रेसवेज से होती है। बीजेपी की केंद्र सरकार कर्नाटका में भी इस विकास अभियान को बढ़ावा दे रही है। यहां तुमकुरू और शिवमोगा के बीच नेशनल हाइवे बन रहा है। हमारी सरकार इसके निर्माण पर 6 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च कर रही है। इससे इस इलाके की पूरी तस्वीर बदल जाएगी। शिवमोगा से बेंगलुरू पहुंचने में लगने वाला समय 2 घंटे कम हो जाएगा। करीब 100 रुपए की लागत से शिवमोगा के पास कोटेगंगूर कोचिंग डिपो भी विकसित किया जा रहा है। शिवमोगा शहर में दो रेलवे ब्रिज भी बनाए गए हैं, जिससे यहां के लोगों को बहुत सुविधा हो गई है। शिवमोगा, सागर जंबागरू और तलगुप्पा स्टेशनों को अमृत स्टेशन भी बनाया गया है। यहां की रेल सुविधाओं का कायाकल्प हो रहा है।

साथियों,
अगले 5 वर्षों में विकास के इस अभियान को और गति मिलने वाली है। अगले 5 वर्ष देश उन फैसलों का गवाह बनेगा, जो पहले कभी नहीं हुये! अगले 5 वर्षों में ही भारत दुनिया की तीसरी अर्थव्यवस्था बनेगा। अगले 5 वर्षों में गरीब कल्याण की योजनाएं शत प्रतिशत लोगों तक पहुंचेंगी। जिसे अब तक पक्का घर नहीं मिला, नल से जल नहीं मिला, आयुष्मान कार्ड नहीं मिला, सबके घर तक NDA सरकार पहुंचेगी। अगले 5 वर्षों में युवाओं के लिए अवसरों के नए द्वार खुलेंगे। और, ये रास्ता 26 अप्रैल और 7 मई को आपके वोट से पक्का होगा। 26 अप्रैल को उडुपी-चिकमंगलूर सीट पर श्री कोटा श्रीनिवास, दक्षिण कन्नड़ा सीट पर कैप्टन बृजेश चौटा और बेंगलुरु रूरल सीट पर डॉ. सीएन मंजूनाथ के लिए बड़ी संख्या में वोट डालने हैं। इसके बाद 7 मई को शिवमोगा की सीट पर श्री बी वाई राघवेंद्र और दावनगेरे में श्रीमति गायत्री सिद्धेश्वर को भारी मतों से विजयी बनाना है। मुझे विश्वास है कि 4 जून को कर्नाटका की हर सीट पर विकास का कमल खिलेगा। लेकिन इसके लिए… मैंने तो बहुत गारंटी दी, आपको भी मुझे एक गारंटी देनी होगी कि हर पोलिंग बूथ में कमल ही कमल खिलेगा। खिलेगा? खिलेगा? कमल खिलेगा? कमल खिलेगा?

बहुत-बहुत धन्यवाद!

भारत माता की, भारत माता की, भारत माता की।

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भारत माता की जय।

भारत माता की जय।

भारत माता की जय।

उद्धघाटन हो गया? उद्धघाटन हो गया? नहीं, अभी आधा काम हुआ है। मैंने सिर्फ वो पर्दा हटाया है, लेकिन मैं आज चाहता हूं इस एयरपोर्ट का उद्धघाटन यहां जो भी उपस्थित हैं, आप सब करें, और इसलिए आप अपना मोबाइल फोन निकालिये, अपने मोबाइल फोन का फ्लैश लाईट कीजिए और आपका इसका उद्धघाटन कर रहे हैं। आप दीया जलाकर के यहां उपस्थित हर व्यक्ति, आज इस एयरपोर्ट का उद्धघाटन कर रहा है। ये आपकी अमानत है, ये आपका भविष्य है, ये आपका पुरूषार्थ है और इसलिए इसका उद्धघाटन भी आपके हाथों से हो रहा है, आप अपने भारत माता की जय बोलकर के, हाथ ऊपर करके, फ्लैश लाईट पूरी तरह से दिखाइये। भारत माता जी जय। भारत माता जी जय। भारत माता जी जय। बहुत-बहुत धन्यवाद। अब उद्धघाटन हो गया।

उत्तरप्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, यहां के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी, उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या, ब्रजेश पाठक, केंद्रीय मंत्रिमंडल के मेरे सहयोगी श्री राममोहन नायडू जी, पंकज चौधरी जी, ज्यूरिक एयरपोर्ट के चेयरमैन जोसेफ फेल्डर जी, अन्य मंत्रिगण, सांसद, विधायक, अन्य महानुभाव और मेरे प्यारे भाइयों और बहनों।

मैं देख रहा हूं, आज जहां भी मेरी नजर पड़ रही है, सारे युवा मुझे नजर आ रहे हैं, उत्साह से भरे युवा हैं, जोश से भरे हुए युवा हैं, क्योंकि इन युवाओं को पता है, ये जो काम हो रहा है ना, ये नौजवानों के भविष्य को नई उड़ान देने वाला काम हो रहा है। आज हम विकसित यूपी-विकसित भारत अभियान का एक नया अध्याय शुरू कर रहे हैं। देश का सबसे बड़ा प्रदेश, आज देश के सबसे अधिक इंटरनेशनल एयरपोर्ट्स वाले राज्यों में से एक हो गया है। और आज मेरे लिए गर्व और प्रसन्नता के दो कारण हैं। एक तो ये है कि इस एयरपोर्ट का शिलान्यास भी करने का सौभाग्य आप सबने मुझे दिया था और आप सबने इस एयरपोर्ट के उद्धघाटन का सौभाग्य भी मुझे दिया, लेकिन मैंने उस सौभाग्य को आपके साथ बांट दिया और आपके हाथों से उद्धघाटन करवा दिया। दूसरा, जिस उत्तर प्रदेश ने मुझे अपना प्रतिनिधि चुना, जिस उत्तर प्रदेश ने मुझे सांसद बनाया, उसकी पहचान के साथ, उस उत्तर प्रदेश की पहचान के साथ इस भव्य एयरपोर्ट का नाम भी जुड़ गया है।

साथियों,

नोएडा का ये एयरपोर्ट, आगरा, मथुरा, अलीगढ़, गाजियाबाद, मेरठ, इटावा, बुलंदशहर, फरीदाबाद, इस पूरे क्षेत्र को बहुत बड़ा लाभ होने वाला है। हिन्दुस्तान को और उत्तर प्रदेश को तो होना ही होना है। ये एयरपोर्ट पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों, छोटे और लघु उद्योगों, यहां के नौजवानों के लिए, अनेक नए अवसर लेकर आने वाला है। यहां से दुनिया के लिए विमान तो उड़ेंगे ही, साथ ही, ये विकसित उत्तर प्रदेश की उड़ान का भी प्रतीक बनेगा। मैं उत्तर प्रदेश को, विशेष रूप से पश्चिम उत्तर प्रदेश की जनता को इस भव्य एयरपोर्ट के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं।

साथियों,

आज का ये कार्यक्रम, भारत के नए मिज़ाज का प्रतीक है। आप सभी देख रहे हैं कि आज पूरा विश्व कितना चिंतित है। पश्चिम एशिया में एक महीने से युद्ध चल रहा है। युद्ध की वजह से कई सारे देशों में खाने-पीने के सामान, पेट्रोल-डीज़ल-गैस, खाद, ऐसी कई ज़रूरी चीज़ों का चारो तरफ संकट पैदा हो गया है। हर देश इस संकट का सामना करने के लिए कुछ न कुछ कोशिश कर रहा है, प्रयास कर रहा है। और हमारा भारत भी इस संकट का पूरी शक्ति से मुकाबला कर रहा है, देशवासियों की ताकत के भरोसे कर रहा है। भारत तो बहुत बड़ी मात्रा में कच्चा तेल और गैस, ये जहां युद्ध चल रह है ना, इस युद्ध से प्रभावित इलाके से मंगाता रहा है। इसलिए सरकार हर वो कदम उठा रही है, जिससे सामान्य परिवारों पर, हमारे किसान भाई-बहनों पर, इस संकट का बोझ न पड़े।

साथियों,

संकट के इस समय में भी, भारत ने अपने तेज़ विकास को निरंतर जारी रखा है। मैं सिर्फ पश्चिमी उत्तर प्रदेश की ही बात करुं, तो पिछले कुछ सप्ताह में ही, ये चौथा बड़ा प्रोजेक्ट है, जिसका शिलान्यास या लोकार्पण हुआ है। इन कुछ ही सप्ताह में, इस दौरान नोएडा में बहुत बड़ी सेमीकंडक्टर फैक्ट्री का शिलान्यास हुआ, इसी कालखड में देश की पहली दिल्ली-मेरठ नमो-भारत ट्रेन ने गति पकड़ी, इसी कालखंड में मेरठ मेट्रो का विस्तार किया गया, और इतने कम समय में आज नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का आप सबके हाथों से उद्धघाटन भी हो गया।

साथियों,

ये सारे प्रोजेक्ट्स, यूपी के विकास के लिए, डबल इंजन सरकार के प्रयासों का शानदार उदाहरण हैं। सेमीकंडक्टर फैक्ट्री, भारत को टेक्नोलॉजी में आत्मनिर्भर बना रही है। मेरठ मेट्रो और नमो भारत रेल, तेज और स्मार्ट कनेक्टिविटी दे रही है। और ये हमारा जेवर एयरपोर्ट, पूरे उत्तर भारत को दुनिया से जोड़ रहा है। और आपने अभी वीडियो में देखा, ये ऐसा एयरपोर्ट बन रहा है, हर दो मिनट में एक जहाज उड़ेगा, हर दो मिनट में एक जहाज उड़ेगा। पहले सपा वालों ने नोएडा को अपनी लूट का ATM बना लिया था। लेकिन आज भाजपा सरकार में वही नोएडा, यूपी के विकास का सशक्त इंजन बन रहा है।

साथियों,

जेवर का ये एयरपोर्ट, डबल इंजन सरकार की कार्यसंस्कृति का भी बहुत अच्छा उदाहरण है। अब आप सोचिये, इस एयरपोर्ट को अटल बिहारी वाजपेयी जी की सरकार ने 2003 में ही फाइल में मंजूरी दे दी थी। 2003 में, आपमें से बहुत होंगे जिसका जन्म नहीं हुआ होगा, बहुत वो लोग होंगे जो उस समय 25-30 साल के 35 साल के हुए होंगे और आज रिटायर भी हो गए, लेकिन एयरपोर्ट नहीं बना। लेकिन केंद्र में कांग्रेस और यहां की पहले की सरकारों ने सालों तक इस एयरपोर्ट की नींव तक नहीं पड़ने दी। 2004 से 2014 तक ये एयरपोर्ट फाइलों में ही दबा रहा। जब हमारी सरकार बनी तो यूपी में सपा की सरकार थी। शुरु के दो-तीन सालों में सपा वालों ने इस पर काम नहीं होने दिया। लेकिन जैसे ही यहां भाजपा-NDA की सरकार बनी, दिल्ली में भाजपा-एनडीए की सरकार बनी, तो जेवर एयरपोर्ट की नींव भी पड़ी, निर्माण भी हुआ और अब ये शुरु भी हो गया है।

साथियों,

एयरपोर्ट के अलावा ये क्षेत्र देश के दो बड़े फ्रेट कॉरिडोर्स का भी हब बन रहा है। ये फ्रेट कॉरिडोर मालगाड़ियों के लिए बिछाई गई स्पेशल पटरियां हैं। इससे उत्तर भारत की बंगाल और गुजरात के समंदर से कनेक्टिविटी बेहतर हो गई है। और दादरी वो स्थान है जहां ये दोनों कॉरिडोर्स आपस में मिलते हैं। यानी यहां किसान जो उगाते हैं, यहां उद्योग जो कुछ बनाते हैं, वो जमीन से, हवाई मार्ग से, दुनिया के कोने-कोने तक तेज़ी से जा पाएगा। ऐसी मल्टी-मोडल कनेक्टिविटी के कारण, यूपी दुनियाभर के निवेशकों के लिए बहुत बड़ा आकर्षण बन रहा है।

साथियों,

जिस नोएडा को पहले अंधविश्वास के कारण अपने हाल पर छोड़ दिया गया था, कुर्सी जाने के डर से पहले के सत्ताधारी यहां आने से डरते थे, मुझे याद है यहां की सपा सरकार थी और मैंने नोएडा आने का कार्यक्रम बनाया, तो मुख्यमंत्री इतने डरे हुए थे कि वो उस कार्यक्रम में नहीं आए और मुझे भी डराने की लोगों ने कोशिश की, कि नोएडा मत जाओ मोदी जी, अभी-अभी प्रधानमंत्री बने हो। मैंने कहा इस धरती का आशीर्वाद लेने जा रहा हूं, जो मुझे लंबे अर्से तक सेवा करने का मौका देगा। अब वही इलाका पूरी दुनिया का स्वागत करने के लिए तैयार है। ये पूरा क्षेत्र, आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को सशक्त कर रहा है।

साथियों,

इस क्षेत्र की अर्थव्यवस्था में, खेती-किसानी का बहुत महत्व है। मैं आज उन मेरे किसान भाई-बहनों का विशेष रूप से आभार व्यक्त करता हूं, जिन्होंने इस प्रोजेक्ट को साकार करने के लिए अपनी जमीनें दी है। उन किसानों के लिए जोरदार तालियां बजाइये दोस्तों, मेरे किसान भाई-बहनों के लिए जोरदार तालियां बजाइये। मेरे किसान भाई-बहन, आपके इस योगदान से ही, इस पूरे क्षेत्र में विकास का एक नया दौर शुरु होने जा रहा है। आधुनिक कनेक्टिविटी का जो विस्तार यहां हो रहा है, उससे पश्चिमी यूपी में फूड प्रोसेसिंग की संभावनाओं को और बल मिलेगा। अब यहां के कृषि उत्पाद दुनिया के बाज़ारों में और बेहतर तरीके से जा पाएंगे।

साथियों,

यहां मैं अपने किसान साथियों का एक और बात के लिए भी आभार व्यक्त करना चाहता हूं। आपके गन्ने से जो इथेनॉल बनाया गया है, उससे कच्चे तेल, कच्चे तेल पर देश की निर्भरता कम हुई है। अगर इथेनॉल का उत्पादन ना बढ़ता, पेट्रोल में उसकी ब्लेंडिंग ना बढ़ती, तो देश को हर वर्ष साढ़े चार करोड़ बैरल, साढ़े चार करोड़ बैरल यानी लगभग 700 करोड़ लीटर कच्चा तेल विदेशों से मंगवाना पड़ता। किसानों के परिश्रम ने देश को इस संकट के समय में इतनी बड़ी राहत दी है।

साथियों,

इथेनॉल से देश को तो फायदा हुआ ही है, किसानों को भी बहुत बड़ा लाभ हुआ है। इससे करीब डेढ़ लाख करोड़ रुपए की विदेशी मुद्रा बची है। यानी इथेनॉल न बनाते तो ये पैसा विदेश जाना जय था। बीते वर्षों में इतना सारा पैसा, देश के किसानों को मिला है, गन्ना किसानों को मिला है।

साथियों,

यहां के गन्ना किसानों ने तो पहले के वो दिन भी देखे हैं, जब कई-कई सालों तक गन्ने का बकाया लटका रहता था। लेकिन आज भाजपा की डबल इंजन सरकार के प्रयासों से गन्ना किसानों की स्थिति बेहतर हुई है।

साथियों,

किसी भी देश में एयरपोर्ट सिर्फ एक सामान्य सुविधा नहीं होता। ये एयरपोर्ट प्रगति को भी उड़ान देते हैं। साल 2014 से पहले, देश में सिर्फ 74 एयरपोर्ट थे। आज 160 से अधिक एयरपोर्ट्स देश में हैं। अब महानगरों के अलावा, देश के छोटे-छोटे शहरों में भी हवाई कनेक्टिविटी पहुंच रही है। पहले जो सरकारें रही हैं, वे मानती थीं कि हवाई यात्रा सिर्फ अमीरों के लिए ही होनी चाहिए। लेकिन भाजपा सरकार ने, सामान्य भारतीय के लिए हवाई यात्रा को आसान बना दिया है। हमारी सरकार ने उत्तर प्रदेश में हवाई अड्डों के नेटवर्क का तेज़ी से विस्तार करते हुए उनकी संख्या बढ़ाकर सत्रह कर दी है।

साथियों,

भाजपा सरकार का निंरतर प्रयास रहा है कि एयरपोर्ट भी बने और किराया-भाड़ा भी सामान्य परिवारों की पहुंच में रहे। इसलिए, हमने उड़ान योजना शुरु की थी। इस स्कीम के कारण, बीते कुछ सालों में एक करोड़ साठ लाख से अधिक देशवासियों ने उड़ान योजना से टिकट लेकर सस्ती दरों पर हवाई यात्रा की है। और मैं आपको एक और जानकारी देना चाहता हूं। हाल में ही केंद्र सरकार ने उड़ान योजना को और विस्तार दिया है। इसके लिए लगभग 29 हज़ार करोड़ रुपए की स्वीकृति दी गई है। आने वाले वर्षों में इसके तहत, छोटे-छोटे शहरों में 100 नए एयरपोर्ट और 200 नए हेलीपैड बनाने की योजना है। यूपी को भी इससे बहुत अधिक लाभ होगा।

साथियों,

भारत का एविएशन सेक्टर, बहुत तेज़ से गति और विकास कर रहा है। जैसे-जैसे भारत में नए-नए एयरपोर्ट बन रहे हैं, वैसे-वैसे नए हवाई जहाज़ों की ज़रूरत भी बढ़ती जा रही है। इसलिए देश की अलग-अलग एयरलाइन्स ने सैकड़ों नए जहाजों के ऑर्डर दिए हैं। ये जो नई सुविधाएं हैं, नए जहाज आ रहे हैं, इनको उड़ाने वाले, इनमें सर्विस देने वाले, मेंटनेस से जुड़े, ऐसे हर काम के लिए बहुत बड़ी संख्या में वर्कफोर्स की ज़रूरत रहेगी। ये युवाओं के लिए बहुत बड़ा अवसर है। इसलिए हमारी सरकार, एविएशन सेक्टर में ट्रेनिंग की सुविधाओं का भी विस्तार कर रही है।

साथियों,

आप जब अपनी कोई गाड़ी खरीदते हैं, तो ये जरूर देखते हैं कि उस गाड़ी बनाने वाली कंपनी का सर्विसिंग सेंटर आसपास है या नहीं है। आप जानकर हैरान हो जाएंगे कि हमारे देश में हवाई जहाजों की सर्विसिंग, यानी उनके मैंटनेंस, रिपेयर एंड ओवरहॉल की पुख्ता व्यवस्थाएं ही नहीं थीं। भारत के 85 एयरपोर्ट, 85 परसेंट हवाई जहाजों को आज भी मैंटनेंस, रिपेयर एंड ओवरहॉल यानी MRO के लिए, इस काम के लिए विदेश भेजना पड़ता है। इसलिए हमारी सरकार ने ठाना है कि MRO सेक्टर में भी भारत को आत्मनिर्भर बनाएंगे। अब भारत में ही, बहुत बड़े पैमाने पर MRO सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। आज यहां जेवर में भी MRO सुविधा का शिलान्यास हुआ है। ये सुविधा जब तैयार हो जाएगी, तो ये देश-विदेश के विमानों को सेवा देगी। इससे देश को कमाई भी होगी, हमारा पैसा भी देश में ही रहेगा, और युवाओं को अनेक रोजगार भी मिलेंगे।

साथियों,

आज हमारी सरकार की प्राथमिकता देश के नागरिकों की सुविधा है। देश के नागरिक का समय बचे और उसकी जेब पर ज्यादा बोझ भी न पड़े, ये हमारा लक्ष्य है। मेट्रो और वंदे भारत जैसी आधुनिक रेल सेवाओं का इसी भाव से ही विस्तार किया जा रहा है। दिल्ली-मेरठ नमो भारत रेल, इसका कितना फायदा हो रहा है, ये भी हम सब देख रहे हें। अभी तक नमो भारत, ढाई करोड़ से अधिक लोग सफर कर चुके हैं। दिल्ली-मेरठ के जिस सफर में पहले घंटों लग जाते थे, अब वो सफर मिनटों में ही पूरा हो रहा है।

साथियों,

विकसित भारत के विकसित आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमारी सरकार अभूतपूर्व निवेश कर रही है। बीते 11 वर्षों में इंफ्रास्ट्रक्चर का बजट छह गुणा से अधिक बढ़ाया गया है। इन वर्षों में 17 लाख करोड़ रुपये हाईवे और एक्सप्रेसवे पर खर्च किए गए हैं, एक लाख किलोमीटर से अधिक के हाईवे का निर्माण किया गया है। 2014 तक रेलवे में सिर्फ 20 हजार किलोमीटर रूट का बिजलीकरण हुआ था। जबकि 2014 के बाद से 40 हजार किलोमीटर से ज्यादा रेलवे ट्रैक का बिजलीकरण किया गया है। आज ब्रॉडगेज नेटवर्क का लगभग शत-प्रतिशत बिजलीकरण हो चुका है। आज कश्मीर घाटी हो या नॉर्थ ईस्ट की राजधानियां, ये पहली बार रेल नेटवर्क से जुड़ रही हैं। पोर्ट यानी बंदरगाहों की क्षमता, बीते दशक में दोगुने से अधिक हुई है। देश में नदी जलमार्गों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। विकसित भारत के निर्माण के लिए जरूरी हर क्षेत्र में भारत तेज़ी से काम कर रहा है।

साथियों,

विकसित भारत बनाने के लिए सबका प्रयास बहुत ज़रूरी है। ये आवश्यक है कि 140 करोड़ देशवासी कड़े से कड़ा परिश्रम करे, और वैश्विक संकटों का एकजुट होकर सामना करें। अभी जो युद्ध चल रहा है, इससे पैदा हुए संकटों का सामना कैसे करना है, इसके बारे में मैंने संसद में भी विस्तार से बताया है। मेरी कल देश के सभी मुख्यमंत्रियों से भी लंबी चर्चा हुई है और बड़ी सकारात्मक चर्चा हुई है। मैं आज आप सभी जनता-जनार्दन से फिर कहूंगा, मैं देशवासियों से फिर से कहूंगा। हमें शांत मन से, धैर्य के साथ, एकजुटता के साथ, मिल जुलकर के, इस संकट का सामना करना है। ये पूरे विश्व में परेशानी पैदा करने वाला संकट है। हमें अपने देश की सबसे ज्यादा चिंता करनी है। और यही हम भारतीयों की सबसे बड़ी ताकत है। मैं यूपी के, देश के सभी राजनीतिक दलों से भी आग्रहपूर्वक कहना चाहता हूं, विनती पूर्वक कहना चाहता हूं, इस प्रकार के संकट में ऐसी बातें करने से बचें, जो देश के लिए नुकसानदायक हैं। जो भारतीयों के हक में है, जो भारत के हित में है, वही भारत सरकार की नीति और रणनीति है। राजनीति के लिए गलत बयानबाज़ी करने वाले, राजनीतिक बहस में तो कुछ नंबर पा लेंगे, लेकिन देश को नुकसान पहुंचाने वाली हरकतों को देश की जनता कभी माफ नहीं करती। कोरोना के महासंकट के दौरान भी, कुछ लोगों ने अफवाहें फैलाईं, वैक्सीन को लेकर झूठ बोले, ताकि सरकार का काम मुश्किल हो, देश को नुकसान हो। परिणाम क्या हुआ? जनता ने चुनावों के दौरान ऐसी राजनीति को नकार दिया, ठुकरा दिया। मुझे पूरा भरोसा है, कि देश के सभी राजनीतिक दल भी इससे सबक सीखेंगे और देश के एकजुट प्रयासों को वो बल देंगे, ताकत देंगे। इसी आग्रह के साथ, एक बार फिर से उत्तर प्रदेश को इस शानदार एयरपोर्ट के लिए बहुत-बहुत शुभकामनाएं।

मेरे साथ बोलिये-

भारत माता की जय!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

वंदे मातरम्!

बहुत-बहुत धन्यवाद।