Share
 
Comments
The Opposition’s election agenda rests upon personal abuses while our election agenda is about making India stronger: PM Modi
The people of the country clearly remember the UPA days of massive corruption, double-digit inflation and severe distress for farmers: PM Modi in H.P.
In comparison to previous UPA government, defence manufacturing in India has increased by 80 percent now: Prime Minister Modi

भारत माता की जय

भारत माता की जय

कैसे हैं आप सब? ठीक हैं? याद करते हैं कभी कि भूल गए?  

सोलन, शिमला, सिरमौर और आस पास से यहां पधारे सभी साथियो को मेरा हृदय से बहुत-बहुत प्रणाम। मां शूलिनी की धरती पर आप सभी का बहुत-बहुत अभिनंदन। आज की ये सभा बड़ी यूनीक है, मैं देख रहा हूं 6 मंजिला सभा है। अलग-अलग मंजिल पर सभा हो रही है। आपका ये अद्भुत प्यार, ये आपका विश्वास, हिमाचल ने मुझे बहुत प्यार दिया है। मुझे अपना बना लिया है और अपनों के बीच आता हूं तो नई ऊर्जा लेकर के जाता हूं और सोलन एक प्रकार से, जब मैं यहां काम करता था तो बहुत बार यहां आना होता था। और यहां माल रोड पर अक्सर मैं कोई न कोई पुराने साथियों के साथ टहला करता था। और एक शायद मनोहर लाल करके थे चना बेचते थे तब मनोहर लाल के चना खाते थे हम लोग। अब पता नहीं, आज कल वो है कि नहीं वो उनका है, और हमारे सोलन के साथी मेरा कार्यक्रम रहे और मनोहर लाल जी के यहां चना ना खिलाए ऐसा कभी होता नहीं था।  

साथियो, आज हिमाचल प्रदेश नए भारत की पहचान का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनता जा रहा है। चुनौती को भी चुनौती देने का जो जज्बा हिमाचल के कोने-कोने में पाया जाता है, वही कोशिश मुझे भी शायद विरासत में मिली है। आपका ये जो स्नेह है वो गवाह है की 23 मई को देश में इस समय तक काफी नतीजे आ गए होंगे और 23 मई को जब नतीजे आएंगे तो फिर एक बार... मोदी सरकार, फिर एक बार...मोदी सरकारलेकिन मैं ये भी कहूंगा की बूंद-बूंद से ही घड़ा भरता है। 6 चरणों के चुनाव भले आन, बान, शान, वाले चकाचक हुए हों, परिणाम भी आपको पता हैसर्वे वाले कहो, मीडिया वाले कहो सबने बता दिया है लेकिन फिर भी हम सब की जिम्मेवारी है की भारतीय जनता पार्टी की जीत को हमें और भव्य बनाना है और दिव्य बनाना है। और इसके लिए एक-एक मतदाता तक पहुंचना है, ये लोकतंत्र में हमारा कर्तव्य है और यही शुरुआत होती है की जीतना पक्का हो, शानदार जीत होने वाली है हो फिर भी मतदाता, ये हमारा भगवान है उसके पास जाना ही होता है। इस भाव से 19 तारीख तक हम सब काम करते रहें ये मेरी विशेष अपेक्षा है। आपका हर देश में मजबूत सरकार बनाने में आपका एक-एक वोट मेरी मदद करेगा। मैं खासतौर पर हिमाचल के उन नौजवानों से जिन्हें इस लोकसभा चुनाव में पहली बार वोट डालने का मौका मिला है। एक प्रकार से जो पहली बार लोकसभा का वोट डालने जाएंगे, उसमें से ज्यादातर वो हैं जिनका 21वीं सदी में जन्म हुआ है और ये जो वोट डालने जाएंगे उनको तो इस 21वीं सदी के खुद के भविष्य के साथ इस चुनाव को जोड़ना है। बाकी लोग भले पांच साल के लिए वोट दें लेकिन आप पूरी शताब्दी के लिए वोट देंगे, क्योंकि आपके जीवन का ये सबसे महत्वपूर्ण कालखंड है। इसी कालखंड में आपकी जिंदगी बनने वाली है और वो जीवन पूरी शताब्दी भर चलने वाला है। जीवन के सारे पड़ाव, इन नौजवानों को इसी शताब्दी में जीने है और इसीलिए मैं ऐसे फर्स्ट टाइम वोटर्स से आग्रह करूंगा, इस ऐतिहासिक अवसर का वे पूरा लाभ उठाएं। 21वीं सदी के भारत की दिशा क्या होगी, कैसे देश विकास करेगा, ये 21वीं सदी का नौजवान ये हमारा पहली बार वोट करने वाला वोटर ही तय करेगा।  

भाइयो और बहनो, याद रखिए 21वीं सदी के दो दशक चले गए हैं। अटल जी ने कांग्रेस को 2004 में 8 प्रतिशत की दर से विकसित होता भारत उनको सुपुर्द किया था और वो भी एक अर्थशास्त्री प्रधानमंत्री को सौंपा था। अगर कांग्रेस ने अपने 10 साल के शासन में अटल जी ने जो गति रखी थी जिस ऊंचाई पर अटल जी देश को ले जा रहे थे कुछ न करते, अगर उसको बनाए रखते, सिर्फ बनाए रखते, तो आज 10 साल में देश कहां से कहां पहुंच जाता। लेकिन ये लोग देश की विकास दर अटल जी जहां छोड़ के गए थे उससे आधे पर ला के अटक गए थे। 5 प्रतिशत पर ले आए अगर 8 प्रतिशत भी दस साल बनाए रखा होता तो आज देश की कई समस्याएं समाधान करने का हमें अवसर मिलता। इतना ही है अपने शासन में महंगाई को भी इन लोगों ने दो अंको में यानी करीब-करीब 10 प्रतिशत के दर से डबल डिजिट महंगाई कर दी थी। अटल जी ने छोड़ा, वहीं से दस साल में बर्बाद किया और फिर भी 2014 में नए सिरे से मेहनत करना मेरे काम पर आया, ऐसा गढ़ा करके गए थे उसको भरने की मैंने आकर के शुरुआत की। 5 वर्ष के प्रयासों के बाद अब फिर विकास दर आगे बढ़ी है और महंगाई दर कम करके हम पहले के मुकाबले आधे से भी कम पर महंगाई ले आए हैं।  

साथियो, कांग्रेस और उसके महामिलावटी साथियो ने अपने दस साल के राज में, हर बड़े फैसले को टाला और जो फैसले लिए भी, वो इस तरह लिए कि देश को नुकसान उठाना पड़ गया। जमीन से लेकर आसमान तक इन लोगों ने इतने घोटाले किए की ऐसा कोई दिन नहीं था, जब अखबारों में इनके कारनामों की खबर न छपती हो। आज भी नामदार और उनके रिश्तेदार जमानत पर हैं और ये जो उनको गुस्सा है ना, गुस्से का कारण भी यही है। चाय वाला होता कौन है जो हमें कोर्ट कचहरी के चक्कर कटवा रहा हैं, हमें जमानत मांगनी पड़ रही है इसीलिए उनका गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंचा हुआ है। और भाइयो बहनो, बेशर्मी तो ये है की जो खुद जमानत पर है वो आपके इस चौकीदार को, आपके इस सेवक को अपनी डिक्शनरी से हर रोज नई-नई गालियां खोज-खोज करके छोड़ रहे हैं मुझ पर।

 

भाइयो और बहनो,  इनकी गालियों से ये चौकीदार डिगने वाला नहीं है। आखिर हमने भी तो सोलन का मशरूम खाया है। ये नामदार खुलेआम कह रहे हैं की मोदी की छवि, ये नामदार तो खुलेआम कह रहे हैं कि मोदी की छवि को बिगाड़ना यही इनका मिशन है। उनका मिशन मोदी की छवि बिगड़ना होगा, लेकिन मोदी का मिशन भारत की छवि को पूरी दुनिया में सबसे ऊंचा उठाना है। नामदार कहते हैं की मोदी को हराना इनका मिशन है, लेकिन मोदी का मिशन भारत को जिताने का है। वो मोदी को हराने में लगे हैं मोदी भारत को जिताने में लगा है।  

साथियो, कांग्रेस की स्थिति आज देश में वोट कटुआ पार्टी की हो गई है। ये मोदी नहीं कह रहा है, खुद कांग्रेस के लोग कहते हैं। इसका एक ही कारण है, इनका अहंकार, इनका अहंकार सातवें आसमान पर रहता है। इनको लगता है की नामदार परिवार जो भी कहे बस वही सही है। ये अपने पूर्वजों के नाम पर वोट मांगते हैं, लेकिन जब उनके कारनामों पर सवाल पूछे जाते हैं तो ये कहते हैं- हुआ तो हुआ, क्या कहते हैं? क्या कहते हैं? हुआ तो हुआहुआ तो हुआ की इसी सोच ने भारत की रक्षा नीति और सैन्य नीति को इतना कमजोर कर दिया।

साथियो, हिमाचल का एक भी परिवार ऐसा नहीं होगा, जिसका कोई बेटा, बेटी या कोई रिश्तेदार देश की रक्षा में जुटा न हो। हमारे तो उम्मीदवार भी पूर्वी फौजी हैं। जो देश के लिए लड़ते हैं उनके लिए कांग्रेस ने क्या किया? ये आपको सिर्फ एक उदाहरण से पता चल जाएगा। जब कांग्रेस की सरकार थी, तो हमारी सेना उनसे बुलेटप्रूफ जैकेट मांगती रही, कांग्रेस 6 साल तक उनकी इस मांग को टालती रही। हमारे बच्चे आतंकी हमलों में, नक्सली हमलों में, शहीद होते रहे, अभी तो जीवन के सारे सपने अधूरे, जिंदगी की शुरुआत, 18 -20 साल की उम्र और मातृभूमि के लिए शीश चढ़ा दिया, बलिदान दे दिया। लेकिन कांग्रेस कह रही है हुआ तो हुआ, हुआ तो हुआ, हुआ तो हुआ एक ही जवाब लोग शहीद हुए हुआ तो हुआ।  

भाइयो और बहनो, अपनी इसी सोच की वजह से कांग्रेस और इन महामिलावटी लोगों ने देश को रक्षा मामलों में आत्म-निर्भर बना देने की दिशा में न गंभीरता से सोचा, न गंभीरता से कोई कदम उठाया। 2014 में आप लोगों ने मुझे सेवा करने का मौका दिया, जिम्मेवारी संभालने के बाद मैं जरा चीजें समझने लगा, फाइलें खंगाली और जब फाइलें खंगाली तब पता चला की हमारा देश अपनी सुरक्षा का 70 प्रतिशत से भी ज्यादा भाग विदेशों से आयात करता है। भारत अपने देश की सुरक्षा के लिए दूसरे देशों पर निर्भर था। लेकिन कांग्रेस कहती रही हुआ तो हुआ और ये क्यों होता था क्योंकि इसमें, ये रक्षा सौदे इन लोगों के लिए एटीएम था, मिलाई खाने का रुपए निकालने का खेल था। इसीलिए इन्होंने कभी भारत को आत्मनिर्भर नहीं बनने दिया और कोई सौदा ऐसा नहीं है और कोई रक्षा सौदा नहीं है पहले, जिस पर इन लोगों पर गंभीर आरोप न लगे हो।

भाइयो और बहनो, जब भारत स्वतंत्र हुआ था तो उस समय भारत के पास, ये सुन कर के आपको हैरानी होगी और मैं हिमाचल की धरती पर आया हूं, जहां का हर परिवार वीर पुत्रों का और वीर माताओं का परिवार है, जो धरती वीरों धरती है छोटा सा प्रदेश है इतने बड़े देश की रक्षा करता है। इसीलिए हिमाचल के लिए मुझे गर्व होता है और तब जाकर के दिल खोल कर के हिमाचल के सामने बात करने का मन करता है। जब भारत स्वतंत्र हुआ था तो उस समय भारत के पास रक्षा उत्पादन का डेढ़ सौ साल से ज्यादा का अनुभव था। यानी आज से 70 साल पहले, आज के हिसाब से कह तो करीब सवा 200, 250 साल, तब देश में एक दो नहीं तब देश में एक दो नहीं बल्कि 18 आयुध फैक्ट्रियां काम करती थीं। जो आधुनिक शास्त्र बनाती थीं, वही दूसरी ओर उसी कालखंड में, चीन में उस समय रक्षा उत्पादन करने वाला एक भी कारखाना नहीं था। हमारे पास 200, सवा 200 साल पहले 18 ऐसे उद्योग थे चीन के पास एक भी नहीं था लेकिन आज चीन रक्षा सामग्री में आत्मनिर्भर ही नहीं, बल्कि संसार में इसका सबसे बड़ा एक्सपोर्टर है, निर्यातक है। इसके उलट, भारत आज दुनिया में रक्षा सामग्री आयात करने वाला दुनिया का सबसे बड़ा देश है, उल्टा हो गया। भारत इतना कुछ आयात करता रहा, हम मांगते रहे, लेते रहे, एटीएम से पैसे निकालते रहे और देश में कोई सवाल पूछता था तो कांग्रेस कहती रही हुआ तो हुआ, हुआ...तो हुआ।

 

साथियो, बीते पांच वर्षों में भाजपा सरकार ने इस स्थिति को बदलने का पूरा प्रयास किया है। पहले की सरकार की तुलना में, पिछले पांच वर्षों के दौरान रक्षा उत्पादन में 80 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

साथियो, ये महामिलावटी हमारे सैनिकों की, हमारे फौज की मान-मर्यादा और शौर्य का सम्मान नहीं करते। ये हमारे सेनाध्यक्ष को गली का गुंडा कहते हैं, वायुसेना अध्यक्ष को झूठा कहते हैं। जब कोई कहता है की ये गलत हुआ, तो ये जवाब देते हैं, हुआ तो हुआ। सेना के अपमान, देश की सुरक्षा में नाकाम रहने का यही दागदार इतिहास है, जिसके कारण कांग्रेस सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक इस पर बात ही नहीं करते हैं। आप मुझे बताइए, आतंकियों पर कार्रवाई करके पिछले दिनों हमने जो आतंकवादियों पर करवाई कर रहे हैं सही किया क्या? मुझे सब लोग बताएं वो छठी मंजिल वाले भी बताए, सही किया की नहीं किया? मुझे करना चाहिए कि नहीं करना चाहिए? ये घुसकर के मरना चाहिए कि नहीं मरना चाहिए? मेरे सेना के जवान तिरंगा लपेट करके घर लोटे ये कितने दिन तक चलेगा, भाइयो? आपको गर्व हुआ?आपका माथा ऊंचा हुआ? आपका सीना चौड़ा हुआ? हिंदुस्तान में दम है ऐसा लगने लगा, हम भी कुछ कम नहीं है ये लगने लगा, यही देश की ताकत होती है, दोस्तों।  

साथियो, जब 130 करोड़ हिंदुस्तानी एक मत होकर, एक जुट होकर काम करते हैं तभी देश में ऐतिहासिक काम होते हैं। भाइयो और बहनो, दुनिया से समृद्ध से समृद्ध देश भी अपने यहां लोगों को पांच लाख रुपए तक के मुफ्त इलाज की योजना नहीं दे पाए हैं। लेकिन आज भारत में 50 करोड़, ये अकड़ा छोटा नहीं है 50 करोड़ गरीबों के लिए आयुष्मान भारत योजना से हर वर्ष पांच लाख रुपए तक का इलाज का खर्च सरकार देगी, चौकीदार देगा और ये संख्या कितनी है ये 50 करोड़ का मतलब होता है, अमेरिका, कनाडा, मेक्सिको इन तीनों देशों की कुल जनसंख्या उसे ये ज्यादा लोगों को हम बेनिफिट दे रहे हैं, भाइयो। दुनिया के बड़े-बड़े देश भी डिजिटाइजेशन को लेकर अभी भी संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन भारत में मोबाइल, आधार और जनधन खाते की शक्ति गरीब से गरीब को ताकत दे रही है। रुपए कार्ड और BHIM ऐप, आज हिमाचल के गांव-गांव में उपयोग हो रहा है।

साथियो, इतना ही नहीं आजादी के इतिहास में पहली बार सामान्य वर्ग के गरीब परिवारों को भी 10 प्रतिशत आरक्षण मिल पाया है, ये चौकीदार के कारण हुआ है। और ये काम भी हमने सामान्य समाज के गरीबों को 10 प्रतिशत आरक्षण दिया, लेकिन जो पहले मिलता था SC, ST, OBC इसको छेड़-छाड़ किए बिना किया, किसी का छीने बिना किया और समाज में संघर्ष का नामों निशान नहीं जो कुछ किया प्यार से किया। करके दिखाया की नहीं दिखाया, करके दिखाया की नहीं दिखाया? देश की एकता के लिए कैसे काम किया जाता है ये इसका उदाहरण है भाइयो।

भाइयो और बहनो, किसानों और बागबानों के बैंक खाते में आज सीधी मदद पहुंच रही है। हिमाचल तो इस मामले में देश के सबसे अग्रणी राज्यों में है और इसके लिए मैं जय राम जी को और उनकी पूरी टीम को बधाई देता हूं। ये हमारे सोलन की सब्जी मंडी तो नए भारत के कृषि व्यापार का एक मॉडल है और इसके लिए सोलनवासी भी अभिनंदन के लिए अधिकारी हैं। आपका सेब, आपके टमाटर, मशरूम, शिमला मिर्च, लहसुन, मटर जैसी सब्जियों के लिए बहुत बड़ा बाजार है और शायद सिरमौर में तो अदरक का भी होता था ना? हां, उस समय हमेशा शिकायत रहती जब मैं यहां आता तो सुनता था मैं ई-नाम प्लेटफार्म पर यहां की मंडी को सम्मानित करने का भी मुझे अवसर मिला है। ऐसे ही हिमाचल की दूसरी मंडियों को ई-नाम से जोड़ा जा रहा है ताकि बिचौलियों की दुनिया बंद हो जाए, ताले लग जाएं।

साथियो,  शिमला, कालका, चंडीगढ़, नेशनल हाईवे सहित तमाम नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण का काम आज हिमाचल में चल रहा है। गांवों में भी सड़कों का जाल तेजी से बिछाने का प्रयास किया जा रहा है। इस इंफ्रास्ट्रक्चर का भी बहुत लाभ किसान और बागबान साथियों को होने वाला है। इससे ट्रकों की आवाजाही में समय बहुत बचता है। भाइयो और बहनो हाईवे के साथ-साथ रेल और एयर कनेक्टिविटी को भी मजबूत किया जा रहा है। शिमला तो उड़ान योजना के तहत जुड़ने वाला देश का पहला स्थान बना है। टूरिज्म को प्रमोट करने के लिए कालका-शिमला के बीच पहली बार ट्रांस्पेरेंट विस्टा डोम कोच हमने जोड़ा है। ये सुविधाएं यहां के टूरिज्म सेक्टर को बहुत फायदा करने वाली हैं। इसके अलावा टूरिज्म सेक्टर के लिए मुद्रा योजना भी मददगार साबित हो रही है। विशेष तौर पर गेस्ट हाउस और होम स्टेज से जुड़े साथियों को इससे फायदा हो रहा है।

 

साथियो, आज हिमाचल, एजुकेशन और हेल्थ का एक बड़ा सेंटर बनता जा रहा है। सिरमौर में IIM और बिलासपुर में AIIMS जैसे तमाम संस्थान युवाओं को अवसरों से जोड़ने वाले हैं। साथियो, विकास के इन तमाम कामों को हमें गति देनी है इसके लिए फिर एक बार मोदी सरकार, फिर एक बार मोदी सरकार लेकिन मैं और भी चाहता हूं फिर एक बार हिमाचल में चार की चार, फिर एक बार हिमाचल में चार की चार, फिर एक बार हिमाचल में… चार की चार ,फिर एक बार हिमाचल में...चार की चार, फिर एक बार मोदी सरकार और ये फिर एक बार मोदी सरकार, फिर एक बार मोदी सरकार। कमल पर पड़ा आपका हर एक वोट सीधा मोदी के खाते में जाएगा। एक बार फिर मेरे अपने ही घर में अपनों के प्यार के लिए, अपनों के आशीर्वाद के लिए मैं अपनों को नमस्कार करता हूं।  

भारत माता की...जय

भारत माता की...जय

भारत माता की...जय

बहुत बहुत धन्यवाद।

 

Explore More
Today's India is an aspirational society: PM Modi on Independence Day

Popular Speeches

Today's India is an aspirational society: PM Modi on Independence Day
Core sector growth at three-month high of 7.4% in December: Govt data

Media Coverage

Core sector growth at three-month high of 7.4% in December: Govt data
...

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
PM to participate in the Krishnaguru Eknaam Akhanda Kirtan for World Peace on 3rd February
February 01, 2023
Share
 
Comments

Prime Minister Shri Narendra Modi will participate in the Krishnaguru Eknaam Akhanda Kirtan for World Peace, being held at Krishnaguru Sevashram at Barpeta, Assam, on 3rd February 2023 at 4:30 PM via video conferencing. Prime Minister will also address the devotees of Krishnaguru Sevashram.

Paramguru Krishnaguru Ishwar established the Krishnaguru Sevashram in the year 1974, at village Nasatra, Barpeta Assam. He is the ninth descendant of Mahavaishnab Manohardeva, who was the follower of the great Vaishnavite saint Shri Shankardeva. Krishnaguru Eknaam Akhanda Kirtan for World Peace is a month-long kirtan being held from 6th January at Krishnaguru Sevashram.