Congress sidelined interest of people of this country: PM Modi in Shahdol

Published By : Admin | November 16, 2018 | 14:58 IST
Congress must answer why during the time of Emergency, Rajmata Ji was jailed for a long time: PM Modi
For 55 years Congress were in power. During all those years, Madhya Pradesh was termed 'Bimaru': PM Modi
In the last 15 years, definition of MP has changed. It has now become 'Maximum Progress': PM Modi
Congress manufactures lies and spreads it. But now people are more aware. They know about Congress' lies: PM
Even today, the Congress cries fowl of demonetisation. Why is it so? Because they faced the heat of demonetisation: PM Modi
Our fight against corruption won't end. Those who have looted the poor must return what they have looted: PM

मंच पर विराजमान मध्य प्रदेश के लोकप्रिय और यशस्वी मुख्यमंत्री, एक प्रकार से जनता के मुख्यमंत्री, ऐसे मेरे मित्र, भाई श्री शिवराज सिंह जी, संसद में मेरे साथी और पार्टी के अध्यक्ष श्रीमान राकेश सिंह जी, संसद में मेरी साथी बहन रीति पाठक जी, श्रीमान ज्ञान सिंह जी, मेरे बहुत पुराने अनन्य साथी सांसद श्रीमान फग्गन सिंह कुलस्ते जी, अनूपपुर के जिला अध्यक्ष श्री आधाराम जी वैश्य, भाई सुनील जैन, श्री मनीष सिंह जी, इंद्रजीत छाबड़ा जी, मंच पर विराजमान सभी वरिष्ठ महानुभाव और विशाल संख्या में पधारे हुए शहडोल के मेरे प्यारे भाइयो और बहनो...

इस चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के कर्मठ कार्यकर्ता, जनता जनार्दन के हितों को समर्पित ऐसे हमारे ओजस्वी कार्यकर्ताओं को इस बार मैदान में हमने उतारा है। अनूपपुर से भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार श्रीमान रामलाल जी, पुष्पराजगढ़ से श्री नरेन्द्र मरावी जी, कोतमा से श्री दिलीप जी, बांधवगढ़ से शिवनारायण सिंह जी, जैतपुर से मनीषा सिंह, मानपुर से मीना सिंह, जयसिंह नगर से श्रीमान जयसिंह मरावी जी, ब्यौहारी से श्रीमान शरद कोल, डिंडोरी से श्रीमान जय सिंह जी। आप सब मेरे साथ भारत माता की जय बोल करके हमारे इन सभी साथियों को आशीर्वाद दीजिए। भारत माता की जय! भारत माता की जय!

आज छत्तीसगढ़ के आदिवासी क्षेत्र का दौरा करने के बाद शहडोल में आपके बीच आने का मुझे सौभाग्य मिला है। ये भारतीय जनता पार्टी के लिए बड़ी प्रसन्नता का विषय है कि हमारे देश में जहां-जहां सर्वाधिक आदिवासी क्षेत्र हैं, ऐसे सभी राज्यों में हमारे आदिवासी भाइयों-बहनों ने भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनाने में बहुत बड़ी भूमिका अदा की है। चाहे महाराष्ट्र हो, गुजरात हो, राजस्थान हो, मध्य प्रदेश हो, छत्तीसगढ़ हो, झारखंड हो, सारे क्षेत्र जहां सर्वाधिक आदिवासी समूह रहता है उन सभी राज्यों में भारतीय जनता पार्टी को बार-बार सेवा करने का मौका आप सबने दिया है। और इसलिए, मैं सबसे पहले हृदय से आपका अभिनंदन करना चाहता हूँ, सर झुकाकर के आपका नमन करना चाहता हूँ।

भाइयो-बहनो, ये चुनाव कौन विधायक बने, कौन विधायक न बने, कौन दल जीते, कौन दल न जीते, किसकी सरकार बने, किसकी सरकार न बने, इतने सीमित हेतु के लिए नहीं है। ये चुनाव है हमारे मध्य प्रदेश का भविष्य क्या हो, उसका फैसला करने के लिए। हम हमारे बच्चों को कैसा मध्य प्रदेश देना चाहते हैं, इसका निर्णय इस चुनाव में आपको करना है। ये मध्य प्रदेश को Centre stage में लाने का काम भारतीय जनता पार्टी ने किया है, शिवराज सिंह के नेतृत्व ने किया है, मध्य प्रदेश की सेवा में रत भारतीय जनता पार्टी के लक्षावधि कार्यकर्ताओं ने किया है और मध्य प्रदेश की जनता के भरपूर प्यार का परिणाम है कि ये संभव हुआ है। और इसलिए भाइयो-बहनो, आपके सामने साफ है 15 साल बनाम 55 साल। और भी एक comparison आप करें, जरूर करें। मोदी का भी हिसाब आपको मांगना चाहिए। मांगना चाहिए कि नहीं मांगना चाहिए? संकोच मत कीजिए। मोदी को भी हिसाब देना चाहिए कि नहीं देना चाहिए? पल-पल का हिसाब देना चाहिए कि नहीं देना चाहिए? पाई-पाई का हिसाब देना चाहिए कि नहीं देना चाहिए? उसके लिए भी मैं आपसे आग्रह करता हूँ। उनकी 4 पीढ़ियों की सरकारें, एक ही परिवार की 4 पीढ़ी ने देश को क्या दिया और एक चायवाले ने 4 साल में देश को क्या दिया? आ जाओ हो जाए मुकाबला। इनका हाल ये है कि मुंह में राम बगल में छूरी। ये बोलते हैं, पार्लियामेंट में भी बोलते हैं, बाहर भी बोलते हैं कि हम प्रेम की बात करते हैं, हम प्रेम की बात करते हैं, हम प्रेम की बात करते हैं। और यहाँ मध्य प्रदेश में हमें बताया गया कि वो गुस्से के सिवा कुछ बोल ही नहीं रहे। यानि बोलना एक, करना दूसरा- ये कांग्रेस के चरित्र का हिस्सा है।

अब मुझे बताइए, जो ये कांग्रेस के नेता जा-जा करके भड़का रहे हैं कि शिवराज जी ने ये नहीं किया, मोदी जी ने ये नहीं किया, शिवराज जी ने ये नहीं किया, मोदी जी ने ये नहीं किया…ये कांग्रेस वालों को एक सवाल पूछोगे आप? मुझे पूरा जवाब चाहिए आपलोगों से। कांग्रेस वाले जब आएंगे तो सवाल पूछोगे? पक्का पूछोगे? प्रेम से पूछोगे? आँख में आँख मिलाकर के  पूछोगे? अगर वो कहते है कि सड़क क्यूँ नहीं बनी, तो आप उनको इतना पूछ लीजिए कि 55 साल सरकार आपने चलाई थी, तो आप सड़क बना के गए थे और शिवराज जी ने उखाड़ के फेंकी है क्या? ना-ना जरा बताओ ना? ना-ना ये रोड आप बना के गए थे और शिवराज जी ने आकर के बुलडोज लगाया क्या उसपे? जरा बताओ ना ये स्कूल क्या आप 55 साल में बना के गए थे, क्या शिवराज जी ने आकर के उसकी दीवारें तोड़ दीं? क्या ये अस्पताल आप बना के गए थे? जो काम उन्होंने नहीं किया, हमें पूछ रहे हैं क्यूँ नहीं हुआ? अरे 55 साल में तुम जो नहीं कर पाए, पहले उसका जवाब दो। क्या तुम्हारे दिमाग को तब ताला लग गया था? ये पहली बार तुम्हें पता चला कि विकास का मतलब ये होता है, ये-ये करना होता है?

और इसलिए भाइयो-बहनो, कांग्रेस पार्टी... मैं तो हैरान हूँ और अब मुझे समझ आया है कि इतने सालों तक वो चुनाव में जीतते कैसे थे? क्यूंकि उस समय विरोधी दल की ताकत भी बहुत कम थी, मीडिया भी उतना vibrant नहीं था और इतने चैनल भी नहीं थे, इतने अखबार भी नहीं थे, सोशल मीडिया तो था ही नहीं। इसलिए, वो जो झूठ परोसते थे वो नीचे तक पहुँच जाता था और लोगों को झूठ भी सच लगने लगता था। अब पता चल गया है कि झूठ के कारोबारी, ये झूठ के शहंशाह कितना झूठ बोल सकते हैं, कितनी बार झूठ बोल सकते हैं, कैसा-कैसा झूठ बोल सकते हैं, कहाँ-कहाँ झूठ बोल सकते हैं। शायद रात में बड़बड़ाते होंगे तो उसमें भी झूठ बोलते होंगे, ऐसी झूठ बोलने की आदत हो गई है। लेकिन अब मीडिया जागरूक है, सोशल मीडिया ज्यादा एक्टिव हो गया है, अखबारों की भी संख्या बढ़ गई है और इसलिए, उनका झूठ 1 घंटे, 2 घंटे से ज्यादा जी नहीं सकता, उसका मरना तय हो जाता है और इसलिए उनको नया झूठ गढ़ना पड़ता है।

अब भाइयो-बहनो, हमने वादा किया है कि 2022 तक जब भारत की आजादी के 75 साल होंगे, तब तक हम हिंदुस्तान में एक भी परिवार को बिना घर का रहने नहीं देंगे, हर परिवार को उसका अपना घर होगा। मुझे बताइए, हमारे इस वादे पर किसी को शक है क्या? पूरी ताकत से बताइए, उनके कान फट जाएं ऐसे बोलो। क्या किसी को शक है? हमारे इस वादे पर जरा भी शक है क्या आपको? ये शक क्यूँ नहीं है? इसलिए नहीं कि ये मोदी बोल रहा है, इसलिए नहीं कि ये शिवराज जी बोल रहे हैं। ये इसलिए है कि भाइयो-बहनो, इस प्रधानमंत्री आवास योजना में इतने कम समय में अकेले मध्य प्रदेश में 12 लाख पक्के घर की चाबी हम सुपुर्द कर चुके हैं, तब लोगों को विश्वास पैदा हुआ है कि भई ये जो वादे करते हैं, ये गुमराह करने के लिए नहीं करते हैं। भाइयो-बहनो, जनता-जनार्दन को विश्वास तब होता है।  समाज के अंदर सरकार कानून बना करके दोषियों को सजा दिलाती है लेकिन परिवार के संस्कार बच्चों को गुनहगार बनने से रोकते हैं। और इसलिए, हमारी कोशिश रही है कि एक तरफ परिवारों में संस्कारों का वातावरण फले-फूले तो दूसरी तरफ सरकार का कानून तेज गति से काम करे। चुप हैं, ये झूठ बोलने वाले लोगों के मुंह पर कभी ताले लग जाते हैं। यही मध्य प्रदेश की सरकार है...बलात्कारियों को 5 दिन में, 15 दिन में, महीने में सारी कार्रवाई करके फांसी की सजा दिलाने में ये मध्य प्रदेश की सरकार सफल हुई। तभी खोट पैदा होता है। माँ-बेटियों की रक्षा करने के लिए इस चुस्ती से काम करना होता है...और मैं बधाई देता हूँ, शिवराज जी को बहुत-बहुत बधाई देता हूँ कि उन्होंने कानून का सही तरीके से उपयोग करके माताओं-बहनों की इज्जत को बचाने के लिए भरसक काम किया है। लेकिन ऐसी बातें नहीं बोलेंगे क्यूंकि उनके काल-खंड में तंदूरी कांड हुआ करते थे। इसको कोई देश में भूल नहीं सकता है भाइयो-बहनो। और इसीलिए, मैं कहता हूँ कि काम करने वाली सरकार चाहे सामान्य मानवी के सपनों को पूरा करना हो या सामान्य मानवी की सुरक्षा की चिंता करनी हो, वो जब तेज गति से काम करती है तो परिणाम मिलते हैं।

भाइयो-बहनो, पहले पूरे देश में जितने घर बनते थे, ये सरकार उतने मकान अकेले मध्य प्रदेश में बना देती है, ये कैसे होता होगा। पहले गैस का कूपन लेने के लिए MPs को दिल्ली में ये राज दरबारों के अंदर जाकर ये request करनी पड़ती थी कि एमपी के 25 कूपन को 30 कर दीजिए, हमारे इलाके में 25 परिवारों को हम गैस का कनेक्शन देना चाहते हैं। एक एमपी 25 घर में साल में गैस का कनेक्शन दे पाता था और वो भी ये राज दरबार की कृपा से! ये 4 पीढ़ी तक जिन्होंने राज किया, वे कृपा करें तब होता था। हमने तय किया कि मेरी गरीब माताओं को चूल्हे के धुएँ से मुझे मुक्त कराना है। अगर इस देश के अमीर के घर में गैस का चूल्हा जल सकता है तो मेरे गरीब के घर में भी गैस का चूल्हा जलेगा और देश में ये समानता हम लाकर रहेंगे। भाइयो-बहनो, मुझे खुशी है कि आज हमारे यहाँ मध्य प्रदेश के अंदर हजारों परिवारों को गैस का कनेक्शन मिला। देश में 8 करोड़ परिवारों को पहुंचाना है…हमने वादा किया और हमारे वादे पर भरोसा इसलिए है कि साढ़े पाँच करोड़ परिवारों में गैस के चूल्हे मुफ्त में और गैस का कनेक्शन पहुँच चुका है। तब जाकर के लोगों को भरोसा होता है कि मोदी और शिवराज मिलकर के काम कर सकते हैं।

और इसलिए भाइयो-बहनो, लोगों को बिजली का कनेक्शन....लोग बेचारे 18वीं सदी में जीने के लिए मजबूर थे। 20वीं सदी का उत्तरार्ध, 21वीं सदी का प्रारम्भ। अगर आज भी लोगों को अंधेरी जिंदगी जीनी पड़े तो जिन्होंने 4-4 पीढ़ी तक राज किया, जिन्होंने 55 साल तक मध्य प्रदेश में राज किया, उन लोगों को जवाब देना चाहिए कि आपने लोगों को अंधेरे में क्यूँ रखा था? हमने सौभाग्य योजना के तहत इस देश में जिस भी परिवार में बिजली नहीं है, लट्टू नहीं लग रहा है, उन सभी परिवारों में बिजली पहुँचने का काम प्रारम्भ किया है। भाइयो-बहनो, हमारे मध्य प्रदेश में हजारों परिवारों को गया है, अकेले शहडोल इलाके में 40 हजार परिवार जो अंधेरे की जिंदगी जीते थे, हमारी सरकार ने लट्टू पहुंचा दिया, बिजली भी चालू हो गई और उनके घर में से अंधेरे को भागना पड़ा। और उजाला आया है तो जिंदगी में भी नया उजाला आने वाला है, ऐसा मुझे विश्वास है।

भाइयो-बहनो, जिन्होंने आजादी के बाद, सरकारों ने शौचालय बनाने का काम शुरू किया। इतनी सरकारें, जितने शौचालय बनाए, इनकी 4 पीढ़ी ने जितने शौचालय बनाए, उतने ही शौचालय हमने 4 सालों में बना दिए…भाइयो-बहनो, 4 साल में बना दिए। अगर उनकी गति से हम चलते तो आज भी आधा हिंदुस्तान...मेरी माताओं-बहनों को खुले में शौच जाने के लिए मजबूर होना पड़ता लेकिन इस कलंक को मिटाने के लिए हमने गति बढ़ा दी, धन आवंटन बढ़ा दिया, परिणाम लाकर के रहे और माताएँ-बहनें इज्जत के साथ जिंदगी जी सकें, ये काम हमने करके दिया।

अब लोगों में चर्चा है कि सरकार तो पहले भी थी, 4-4 पीढ़ी से एक ही परिवार राज कर रहा था, ये चायवाला प्रधानमंत्री बन गया, ये इतने पैसे लाता कहाँ से है? लोगों के मन में सवाल है कि मोदी के पास इतने पैसे आए कहाँ से? जहां देखो कहीं गाँव की सड़क बन रही है, कहीं कुआं खुद रहा है, कहीं तालाब खुद रहा है, कहीं नदी-नाले बन रहे हैं, कहीं रेल का चौड़ीकरण हो रहा है, कहीं रेल का इलेक्ट्रिफिकेशन हो रहा है, कहीं पर नए स्कूल खोल रहे हैं, कहीं नए एम्स खुल रहे हैं, आईआईटी खुल रहे हैं। ये मोदी इतने कम समय में पैसे लाया कहाँ से? इनकी पीड़ा का कारण भी यही है। ये 4 पीढ़ी से जो जमा किया हुआ है, किसी के बिस्तर के नीचे रुपये की नोटें पड़ी हुई थीं, किसी के बोरे भर-भर के पड़ी थी, किसी की आलमारियों में नोटों के थक्के लगे थे, ये मोदी ने नोटबंदी करके सब के सब बैंक में ले आया। ये पैसे हैं आपके, इसलिए, शौचालय बन रहे हैं, घर बन रहे हैं, गाँव की सड़क बन रही है, किसान को पानी पहुँच रहा है, और इसलिए उनको परेशानी है। यहाँ बैठा हुआ एक भी व्यक्ति नोटबंदी को लेकर के आज रो रहा है क्या भाई? कोई रो रहा है क्या? उस समय तकलीफ हुई तो मैंने publicly कहा था कि थोड़ी तकलीफ होगी, मैंने publicly कहा था। आज कोई रो रहा है क्या? अकेली कांग्रेस रो रही है, ये परिवार रो रहा है। क्यूँ? उनका 4 पीढ़ी का जमा कराया चला गया, इसलिए रो रहे हैं, आँसू नहीं सूख रहे हैं। अरे जवान बेटा मर जाता है तो भी बूढ़ा बाप साल भर में संभल जाता है। इनका कितना लुट गया होगा कि 2-3 साल के बाद भी अभी संभल नहीं पा रहे हैं। आप कल्पना कर सकते हैं। आप मुझे बताइए कि इन लुटेरों ने जो लूटा है उसे वापस लाना चाहिए या नहीं लाना चाहिए? हिंदुस्तान के सामान्य मानवी का पैसा इनके पास से वापस निकालना चाहिए कि नहीं निकालना चाहिए? ये काम जारी रहना चाहिए कि नहीं रहना चाहिए था? आपका आशीर्वाद है? आपका आशीर्वाद है? दोनों मुट्ठी बांध करके हाथ ऊपर करके मुझे आशीर्वाद दीजिए क्यूंकि ये लड़ाई मैं छोड़ने वाला नहीं हूँ। भ्रष्टाचार के खिलाफ मैं लड़ाई छोड़ने वाला नहीं हूँ भाइयो-बहनो। ये मलाई खाने वालों के खिलाफ मेरी लड़ाई है।

भाइयो-बहनो, जाति-बिरादरी के नाम पर चुनाव बहुत हो चुके हैं, संप्रदायवाद के नाम पर चुनाव बहुत हो चुके हैं, मेरे-तेरे का खेल बहुत हो चुका है, अपने-परायों के रंग बहुत रंगे गए हैं, अब देश को ये मंजूर नहीं है। अब देश को विकास के लिए वोट चाहिए, देश को विकास के लिए दल चाहिए, देश को विकास के लिए राजनीति चाहिए। अगर जो भी जवाब देगा तो विकास का देगा, जो भी वादे करेगा विकास के वादे करेगा। और कांग्रेस के वादों में कितना दम है भई? मैंने बताया। मेरे वादों में दम इसलिए है कि लोग देख रहे हैं यहाँ-यहाँ तक पहुंचा, अब यहाँ पहुंचेगा, ये लोग देख रहे हैं। हिसाब लगातार देता रहता हूँ। जरा उनको पूछिए, भारतीय जनता पार्टी की मध्य प्रदेश में सरकार बनी उसके पहले यहाँ कौन सरकार चलाता था भई? किसकी सरकार थी? किसकी सरकार थी? दिग्गी राजा। हाँ?  और क्या खेल खेले? आप जरा उनके चुनाव का मैनिफेस्टो निकाल दीजिए। 5 साल तक उनको सरकार चलाने का मौका मिला था और उसमें 2 साल पूरा मध्य प्रदेश एक था, 3 साल मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ अलग काम कर रहे थे, लेकिन मैनिफेस्टो कांग्रेस का था, सरकारें दोनों कांग्रेस की थीं। आप हिसाब निकाल के देख लीजिए, उस समय जो आपकी आँखों में धूल झोंकी गई, जो वादे किए गए, जो बड़ी लोक-लुभावनी बातें की गईं, उसमें से 62 प्रतिशत...बड़ी गंभीर बात है...62 प्रतिशत वादे उस किताब में वैसे के वैसे बंद पड़े रहे, कोई काम 5 साल उन्होंने किया नहीं। न मध्य प्रदेश के हिस्से का किया, न छत्तीसगढ़ के हिस्से का किया। क्या आप उनपे भरोसा करोगे भाई? आप जोर से बताइए, भरोसा करोगे?

आप मुझे बताइए, इन्दिरा गांधी ने बैंकों का राष्ट्रीयकरण गरीबों के नाम पर किया था कि नहीं किया था? उन्होंने कहा था कि बैंक गरीबों के लिए होनी चाहिए, इसलिए राष्ट्रीयकरण किया था। किया था कि नहीं किया था? जरा पूरी ताकत से बताइए, किया था कि नहीं किया था? क्या गरीबों को बैंक के अंदर एंट्री थी? क्या गरीब कभी बैंक में जा पाया था? आपने जो वादा किया था, जिस बहाने बैंकों को आपने कब्जा कर लिया था, इस देश की आधी जनसंख्या बैंक के दरवाजे तक पहुँच नहीं पाई थी, आपने वादाखिलाफी की थी। हमने 4 साल के भीतर-भीतर हिंदुस्तान के हर परिवार को बैंक खाते से जोड़ दिया। आज गरीब भी बैंक के दरवाजे पर जा करके खड़ा हो सकता है, ये स्थिति हमने पैदा की है। आप उनके वादों पर भरोसा करोगे? आप उनके वादों पर भरोसा करोगे? आप उनके वादों पर भरोसा करोगे? अरे आपकी दादीमाँ श्रीमती इन्दिरा गांधी ने देश को कहा था गरीबी हटाओ...कहा था कि नहीं कहा था? जरा मुझे पूरे विश्वास से बताइए, कहा था कि नहीं कहा था? इन्दिरा गांधी ने गरीबी हटाओ का नारा दिया था कि नहीं दिया था? उन्होंने कहा था कि गरीबी हटाने के लिए मेरी सरकार बनाइए, कहा था कि नहीं कहा था? उस बात को 4 साल हो गए, क्या गरीबी हटी? गरीबी हटी क्या? उन्होंने वादाखिलाफी की या नहीं की? वादाखिलाफी की या नहीं की? जो ऐसे झूठे वादे करते हैं उनपे भरोसा करोगे क्या? ऐसे झूठे वादे करने वालों पर भरोसा करोगे क्या?

ये लोगों की आंख में धूल झोंकने वालों पर भरोसा करोगे क्या? और इसलिए भाइयो–बहनो, हमारे काम पर विश्वास करके वोट दीजिए। जात-पात पर वोट मत दीजिए। हमारे वादों पर भी वोट मत दीजिए। हमने जो किया है, उस पर विश्वास करके वोट दीजिए। और मैं कहता हूं कि उनकी चार पीढ़ी के खिलाफ मेरे चार साल, उनके पचपन साल के खिलाफ शिवराज जी के पन्द्रह साल, हम सिद्ध करके देंगे कि हम उनसे ज्यादा अच्छा करते हैं, सबके लिए करते हैं और मध्यप्रदेश का भविष्य उसी में है। तो इसी विश्वास के साथ मेरे भाइयो–बहनो, विकास के मंत्र को लेकर के मध्य प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य के लिए आप सब भारी मतदान करें। मध्य प्रदेश में फिर एक बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनाइए और दिल्ली से मुझे मध्य प्रदेश की सेवा करने का मौका दीजिए। और मध्य प्रदेश में शिवराज जी को भोपाल से सेवा करने का मौका दीजिए। ये डबल इंजन किस ताकत से आगे बढ़ता है, ये चार साल में आपने देखा है। आने वाले पांच साल में आप देखेँगे कि हम मध्य प्रदेश को कितनी ऊंचाइयों पर ले जाते हैं।

मेरे साथ बोलिए, भारत माता की जय! भारत माता की जय!  

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गायत्री परिवार के सभी उपासक, सभी समाजसेवी

उपस्थित साधक साथियों,

देवियों और सज्जनों,

गायत्री परिवार का कोई भी आयोजन इतनी पवित्रता से जुड़ा होता है, कि उसमें शामिल होना अपने आप में सौभाग्य की बात होती है। मुझे खुशी है कि मैं आज देव संस्कृति विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित अश्वमेध यज्ञ का हिस्सा बन रहा हूँ। जब मुझे गायत्री परिवार की तरफ से इस अश्वमेध यज्ञ में शामिल होने का निमंत्रण मिला था, तो समय अभाव के साथ ही मेरे सामने एक दुविधा भी थी। वीडियो के माध्यम से भी इस कार्यक्रम से जुड़ने पर एक समस्या ये थी कि सामान्य मानवी, अश्वमेध यज्ञ को सत्ता के विस्तार से जोड़कर देखता है। आजकल चुनाव के इन दिनों में स्वाभाविक है कि अश्वमेध यज्ञ के कुछ और भी मतलब निकाले जाते। लेकिन फिर मैंने देखा कि ये अश्वमेध यज्ञ, आचार्य श्रीराम शर्मा की भावनाओं को आगे बढ़ा रहा है, अश्वमेध यज्ञ के एक नए अर्थ को प्रतिस्थापित कर रहा है, तो मेरी सारी दुविधा दूर हो गई।

आज गायत्री परिवार का अश्वमेध यज्ञ, सामाजिक संकल्प का एक महा-अभियान बन चुका है। इस अभियान से जो लाखों युवा नशे और व्यसन की कैद से बचेंगे, उनकी वो असीम ऊर्जा राष्ट्र निर्माण के काम में आएगी। युवा ही हमारे राष्ट्र का भविष्य हैं। युवाओं का निर्माण ही राष्ट्र के भविष्य का निर्माण है। उनके कंधों पर ही इस अमृतकाल में भारत को विकसित बनाने की जिम्मेदारी है। मैं इस यज्ञ के लिए गायत्री परिवार को हृदय से शुभकामनाएँ देता हूँ। मैं तो स्वयं भी गायत्री परिवार के सैकड़ों सदस्यों को व्यक्तिगत रूप से जानता हूं। आप सभी भक्ति भाव से, समाज को सशक्त करने में जुटे हैं। श्रीराम शर्मा जी के तर्क, उनके तथ्य, बुराइयों के खिलाफ लड़ने का उनका साहस, व्यक्तिगत जीवन की शुचिता, सबको प्रेरित करने वाली रही है। आप जिस तरह आचार्य श्रीराम शर्मा जी और माता भगवती जी के संकल्पों को आगे बढ़ा रहे हैं, ये वास्तव में सराहनीय है।

साथियों,

नशा एक ऐसी लत होती है जिस पर काबू नहीं पाया गया तो वो उस व्यक्ति का पूरा जीवन तबाह कर देती है। इससे समाज का, देश का बहुत बड़ा नुकसान होता है।इसलिए ही हमारी सरकार ने 3-4 साल पहले एक राष्ट्रव्यापी नशा मुक्त भारत अभियान की शुरूआत की थी। मैं अपने मन की बात कार्यक्रम में भी इस विषय को उठाता रहा हूं। अब तक भारत सरकार के इस अभियान से 11 करोड़ से ज्यादा लोग जुड़ चुके हैं। लोगों को जागरूक करने के लिए बाइक रैलियां निकाली गई हैं, शपथ कार्यक्रम हुए हैं, नुक्कड़ नाटक हुए हैं। सरकार के साथ इस अभियान से सामाजिक संगठनों और धार्मिक संस्थाओं को भी जोड़ा गया है। गायत्री परिवार तो खुद इस अभियान में सरकार के साथ सहभागी है। कोशिश यही है कि नशे के खिलाफ संदेश देश के कोने-कोने में पहुंचे। हमने देखा है,अगर कहीं सूखी घास के ढेर में आग लगी हो तो कोई उस पर पानी फेंकता है, कई मिट्टी फेंकता है। ज्यादा समझदार व्यक्ति, सूखी घास के उस ढेर में, आग से बची घास को दूर हटाने का प्रयास करता है। आज के इस समय में गायत्री परिवार का ये अश्वमेध यज्ञ, इसी भावना को समर्पित है। हमें अपने युवाओं को नशे से बचाना भी है और जिन्हें नशे की लत लग चुकी है, उन्हें नशे की गिरफ्त से छुड़ाना भी है।

साथियों,

हम अपने देश के युवा को जितना ज्यादा बड़े लक्ष्यों से जोड़ेंगे, उतना ही वो छोटी-छोटी गलतियों से बचेंगे। आज देश विकसित भारत के लक्ष्य पर काम कर रहा है, आज देश आत्मनिर्भर होने के लक्ष्य पर काम कर रहा है। आपने देखा है, भारत की अध्यक्षता में G-20 समिट का आयोजन 'One Earth, One Family, One Future' की थीम पर हुआ है। आज दुनिया 'One sun, one world, one grid' जैसे साझा प्रोजेक्ट्स पर काम करने के लिए तैयार हुई है। 'One world, one health' जैसे मिशन आज हमारी साझी मानवीय संवेदनाओं और संकल्पों के गवाह बन रहे हैं। ऐसे राष्ट्रीय और वैश्विक अभियानों में हम जितना ज्यादा देश के युवाओं को जोड़ेंगे, उतना ही युवा किसी गलत रास्ते पर चलने से बचेंगे। आज सरकार स्पोर्ट्स को इतना बढ़ावा दे रही है..आज सरकार साइंस एंड रिसर्च को इतना बढ़ावा दे रही है... आपने देखा है कि चंद्रयान की सफलता ने कैसे युवाओं में टेक्नोलॉजी के लिए नया क्रेज पैदा कर दिया है...ऐसे हर प्रयास, ऐसे हर अभियान, देश के युवाओं को अपनी ऊर्जा सही दिशा में लगाने के लिए प्रेरित करते हैं। फिट इंडिया मूवमेंट हो....खेलो इंडिया प्रतियोगिता हो....ये प्रयास, ये अभियान, देश के युवा को मोटीवेट करते हैं। और एक मोटिवेटेड युवा, नशे की तरफ नहीं मुड़ सकता। देश की युवा शक्ति का पूरा लाभ उठाने के लिए सरकार ने भी मेरा युवा भारत नाम से बहुत बड़ा संगठन बनाया है। सिर्फ 3 महीने में ही इस संगठन से करीब-करीब डेढ़ करोड़ युवा जुड़ चुके हैं। इससे विकसित भारत का सपना साकार करने में युवा शक्ति का सही उपयोग हो पाएगा।

साथियों,

देश को नशे की इस समस्या से मुक्ति दिलाने में बहुत बड़ी भूमिका...परिवार की भी है, हमारे पारिवारिक मूल्यों की भी है। हम नशा मुक्ति को टुकड़ों में नहीं देख सकते। जब एक संस्था के तौर पर परिवार कमजोर पड़ता है, जब परिवार के मूल्यों में गिरावट आती है, तो इसका प्रभाव हर तरफ नजर आता है। जब परिवार की सामूहिक भावना में कमी आती है... जब परिवार के लोग कई-कई दिनों तक एक दूसरे के साथ मिलते नहीं हैं, साथ बैठते नहीं हैं...जब वो अपना सुख-दुख नहीं बांटते... तो इस तरह के खतरे और बढ़ जाते हैं। परिवार का हर सदस्य अपने-अपने मोबाइल में ही जुटा रहेगा तो फिर उसकी अपनी दुनिया बहुत छोटी होती चली जाएगी।इसलिए देश को नशामुक्त बनाने के लिए एक संस्था के तौर पर परिवार का मजबूत होना, उतना ही आवश्यक है।

साथियों,

राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह के समय मैंने कहा था कि अब भारत की एक हजार वर्षों की नई यात्रा शुरू हो रही है। आज आजादी के अमृतकाल में हम उस नए युग की आहट देख रहे हैं। मुझे विश्वास है कि, व्यक्ति निर्माण से राष्ट्र निर्माण के इस महाअभियान में हम जरूर सफल होंगे। इसी संकल्प के साथ, एक बार फिर गायत्री परिवार को बहुत-बहुत शुभकामनाएं।

आप सभी का बहुत बहुत धन्यवाद!