Jamui's mood is reflective of 'Ab ki Baar 400 Paar' with all the 40 seats in N.D.A.'s favour in Bihar
Over 5-6 generations of Bihar have suffered gross deprivation and underdevelopment under the I.N.D.I alliance
The post-independence state of underdevelopment and large-scale poverty of both Bihar and India was owing to the Congress-led misdeeds
The RJD-Congress' model of governance has been responsible for 'Jungle Raj and Naxalism' in Bihar, stalling its development for decades
We are focused on the development of Bihar, while the Ghamandiya Alliance is only interested in destabilizing the future of the youth of Bihar

भारत माता की, भारत माता की।
गिधौर दुर्गा माई, बाबा धनेश्वर नाथ के इ पवित्र भूमि के नमन कर हिए।
भगवान महावीर के इ ज्ञान भूमि पर अपने सब के अभिनंदन कर हिए!

मंच पर विराजमान सभी वरिष्ठ महानुभाव और विशाल संख्या में हमें आशीर्वाद देने आए हुए मेरे प्यारे भाइयों और बहनों। मैं इस तरफ देख रहा हूं पूरा हुजूम का हुजूम अभी आ रहा है। अब जरा मैं आपको सवाल पूछना चाहता हूं कि ये चुनाव सभा है कि विजय सभा है। आपने कमाल करके रख दिया है। आज जमुई की इस खूबसूरत धरती पर उमड़ा ये जनसैलाब बता रहा है जनता का मूड क्या है। जमुई से बीजेपी और एनडीए के पक्ष में उठी ये हुंकार बिहार के साथ ही पूरे देश में गूंज रही है। जमुई, नवादा, मुंगेर, बांका के साथ-साथ बिहार की सारी 40 सीटें NDA के खाते में देने का आप बिहारवासियों का निर्धार। मैं इस निर्धार को नमन करता हूं। इसलिए पूरा बिहार कह रहा है- फिर एक बार, मोदी सरकार! फिर एक बार, मोदी सरकार! फिर एक बार, मोदी सरकार!

साथियों,
मैं जब भी आपके बीच आया हूँ, आपने मुझे भरपूर प्यार दिया है, अपनापन दिया है। लेकिन, आज इस मंच से एक कमी हम सबको महसूस हो रही है। हमारे लिए ये पहला ऐसा चुनाव है, जब बिहार के बेटे, दलितों, वंचितों के प्रिय और मेरे परम मित्र पद्मविभूषण से सम्मानित रामविलास पासवान जी हमारे बीच नहीं हैं। मुझे संतोष है कि रामविलास जी के विचार को मेरा छोटा भाई, भाई चिराग पासवान पूरी गंभीरता से आगे बढ़ा रहे हैं। 19 अप्रैल को आप NDA को जो समर्थन देंगे, आप भाई अरुण भारती जी को जो एक-एक वोट देंगे, वो रामविलास जी के संकल्पों को मजबूती देगा।

साथियों,
बिहार की धरती, पूरे देश को दिशा दिखाने वाली रही है। बिहार की इस धरती ने आजादी की लड़ाई में और स्वतंत्र भारत की नींव मजबूत करने में बहुत बड़ी भूमिका निभाई है। लेकिन दुर्भाग्य से बिहार के सामर्थ्य के साथ, आजादी के बाद की 5-6 पीढ़ियों के साथ यहां न्याय नहीं हो पाया। बिहार को NDA गठबंधन, बहुत ही परिश्रम से, एक बड़े दलदल से बाहर निकालकर लाया है। हमारे नीतीश बाबू की इसमें बहुत बड़ी भूमिका रही है। अब समय आ गया है कि बिहार और तेज गति से विकास करे। इसलिए, 2024 का चुनाव बिहार और भारत के भविष्य के लिए बहुत निर्णायक है। ये चुनाव विकसित बिहार के सपनों को पूरा करने का चुनाव है। ये चुनाव विकसित भारत के संकल्प को मजबूत करने का चुनाव है। आज एक ओर कांग्रेस और आरजेडी जैसी पार्टियां हैं, जिन्होंने अपनी सरकार के समय पूरी दुनिया में देश का नाम खराब किया था। दूसरी ओर, बीजेपी और एनडीए है, जिसका एक ही लक्ष्य है- विकसित भारत का निर्माण, खुशहाल बिहार का निर्माण! आप याद करिए, 10 साल पहले दुनिया में भारत को लेकर क्या राय होती थी? कांग्रेस के राज में भारत को कमजोर औऱ गरीब देश माना जाता था। छोटे-छोटे देश, आज जो आटे के लिए तरस रहे हैं, उनके आतंकी हम पर हमला करके चले जाते थे।

और तबकी कांग्रेस दूसरे देशों के पास शिकायत लेकर जाती थी। मोदी ने कहा- ऐसे नहीं चलेगा! भारत वही महान पाटलीपुत्र और मगध वाला भारत है। भारत वही चन्द्रगुप्त मौर्य वाला भारत है। आज का भारत, घर में घुस कर मारता है। आज का भारत, दुनिया को दिशा दिखाता है। अब दुनिया देख रही है कि केवल 10 वर्षों में भारत की साख और भारत की हैसियत कैसे बढ़ी है। आज भारत दुनिया की पांचवी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। चंद्रमा के जिस कोने पर कोई नहीं पहुंचा था, वहां हमारा चंद्रयान, हमारा तिरंगा पहुंचा है। भारत जब G-20 की मीटिंग करता है, तो उसकी चर्चा भी पूरे विश्व में होती है। ये किसने किया? ये किसने किया? ये किसने किया? जी नहीं, आपका जवाब गलत है। ये मोदी ने नहीं, ये आपने किया है, आपके एक वोट ने किया है। आपके वोट की वो ताकत थी जिससे कारण ये सब संभव हुआ है। और इसलिए इस सफलता के हकदार अगर कोई है तो आप मेरे प्यारे देशवासी हैं।

साथियों,
आज देश कैसे बदल रहा है, बिहार खुद इसका साक्षी है। और, बिहार कैसे बदल रहा है, इसका उदाहरण जमुई में भी देख सकते हैं। आप याद करिए, हमारा ये जमुई, आरजेडी और कांग्रेस के काले दौर में यहां क्या हालत होते थे? जमुई की पहचान कैसे होती थी? जमुई आरजेडी के जंगलराज का कितना बड़ा भुक्तभोगी होता था? जमुई की पहचान नक्सलवाद से होती थी। सरकार की योजनाएं यहां नहीं पहुंचने दी जाती थीं। नक्सली यहां सड़कें नहीं बनने देते थे। इसका नुकसान यहां के गरीब, मजदूर और किसान को होता था। लेकिन आज वही जमुई विकास के हाइवे पर तेज रफ्तार पकड़ रहा है। नक्सलवाद दम तोड़ चुका है। जो लोग नक्सलवाद के रास्ते पर भटक गए थे, उन्हें हमारी सरकार ने मुख्यधारा से जोड़ा है, उनके परिवारों को पूरा सहयोग दिया है। अब इस इलाके से एक्स्प्रेसवे निकलेगा। मेडिकल कॉलेज भी खुल गया है। अब जमुई के एक ओर देवघर से हवाई जहाज की सेवाएं शुरू हो गई है, तो दूसरी ओर गया एयरपोर्ट के विस्तार की तैयारी भी चल रही है। इस इलाके में इतनी प्राकृतिक सुंदरता है, हमारा प्रयास है कि देवघर और ‘गया जी’ आने वाले लोग यहां भी आकरके जाएं। पूरे बिहार में रोड इनफ्रास्ट्रक्चर के लिए हमारी सरकार करीब 1 लाख करोड़ रुपए खर्च कर रही है। इन सारे प्रयासों से यहां रोजगार और स्वरोजगार इसके अनेकों अवसर बन रहे हैं।

भाइयों और बहनों,
आपको एक बात और कभी भी भूलनी नहीं है। हमेशा-हमेशा याद रखनी है। याद रखिए, कोई भी गरीब मां का बेटा इसको भूल नहीं सकता है। कोई भी किसान का बेटा भूल नहीं सकता है। कोई भी आशा- अपेक्षा लेकर जीने वाला नौजवान, मेहनत करके आगे आया नौजवान उस बात को कभी भूल नहीं सकता है। याद कीजिए, रेलवे में भर्ती के नाम पर जो लोग गरीब युवाओं से जमीन लिखवा लें, वो बिहार के युवाओं का कभी भला नहीं कर सकते। रेल मंत्री हमारे नीतीश बाबू भी थे, आज तक कोई शिकायत नहीं आई नीतीश बाबू के खिलाफ। और इन लोगों ने गरीबों की जमीन छीन ली। घमंडिया गठबंधन वालों के समय में केवल खस्ताहालें ट्रेनें चलती थीं। लेकिन अब, पूरे देश की तरह ही बिहार के लोग भी वंदेभारत ट्रेन में सफर कर रहे हैं। जल्द ही ये ट्रेनें देश के हर रूट पर दौड़ती नज़र आएगी। जमुई के पुराने रेलवे स्टेशन की जो हालत है, वो तो आप भलीभांति जानते हैं। अब जमुई का रेलवे स्टेशन भी आधुनिक बन रहा है। कुछ महीने पहले जब नए स्टेशन की तस्वीर दिखाई गई थी, तो सब जगह उसकी चर्चा हुई थी। वो दिन दूर नहीं जब बिहार के बड़े रेलवे स्टेशन भी एयरपोर्ट्स की तरह सुविधायुक्त करेंगे।

साथियों, अभी नीतीश बाबू बता रहे थे कितने सारे काम हुए। भाई चिराग बता रहे थे कितने सारे काम हुए। हमारे सम्राट जी बता रहे थे कितने सारे काम हुए। और मैं भी इतने सारे काम बता सकता हूं, शायद रातभर मीटिंग चलानी पड़े। लेकिन उसके बावजूद भी भाइयों-बहनों ये मोदी है, मोदी की कुछ सोच ही अलग है। ये इतने सारे कामों की सूची बताई जाती है न। ये 10 साल में जो हुआ, वो तो सिर्फ ट्रेलर है। अभी तो बहुत कुछ करना है। अभी तो हमें देश को, बिहार को बहुत आगे लेकर जाना है। आप मेरे साथ सहमत हैं, सहमत हैं, सहमत हैं और आगे जाना है न, बहुत आगे बढ़ना है न। बिहार को भी बढ़ाना है न, हिंदुस्तान को भी बढ़ाना है न।

साथियों,
ये मोदी, गरीबी के ताप को सहकर यहां पहुंचा है इसलिए हर गरीब के सपने का महत्व मोदी भलीभांति जानता है। उसको जीने का प्रयास करता है। और इसलिए बिहार के मेरे नौजवान, बिहार की मेरी माताएं-बहनें, बिहार के हर बुजुर्ग मेरे शब्द लिखकरके रखिए। और ये मोदी की गारंटी है। आपका सपना ही मेरा संकल्प है। इसीलिए, केंद्र सरकार ने गरीब कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। केंद्र सरकार के प्रयास से यहां बिहार में गरीबों को सैतींस लाख पक्के घर मिले हैं। आज बिहार के करीब 9 करोड़ जरूरतमंदों को मुफ्त राशन मिल रहा है। और मोदी की गारंटी है अगले पांच साल भी मिलता रहेगा। बिहार में चौरासी लाख से ज्यादा आयुष्मान कार्ड भी बने हैं। इसलिए ही मैं कहता हूं- जब नीयत सही तो नतीजे सही।

साथियों,
बीजेपी सरकार, इंसानों की सेवा तो कर ही रहा है हमने पशुधन की भी उतनी ही रक्षा करने का तय किया है। केंद्र सरकार ने बिहार के करीब 2 करोड़ पशुओं को खुरपका-मुंहपका जैसी बीमारियों से बचाने के लिए मुफ्त में टीकाकरण का अभियान चलाया है। आपको कोविड के समय मोदी ने जो मुफ्त में टीका दिया वो याद है। मोदी पशुओं को भी टीका मुफ्त में लगा रहा है। पहले गरीबों का जो पैसा बीच में ही लूट लिया जाता था, अब वो सीधे आपके खाते में पहुंच रहा है। आज बिहार के पिच्यासी लाख से ज्यादा किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि का लाभ मिल रहा है। यहां जमुई में ही किसानों को इस योजना के तहत आठ सौ पचास करोड़ रुपए से अधिक सीधे उनके बैंक खाते में पहुंचे हैं। आप मुझे बताइए साथियों....ये घमंडिया गठबंधन वालों की सरकार होती तो आपके बैंक खाते में सीधे पैसे भेजने वाली व्यवस्था बनती क्या? हो सकता क्या? आरजेडी-कांग्रेस आपके हक के सारे पैसे भी लूट लेते और आपसे साइन भी करा लेते कि हां पैसा मिल गया है।

साथियों,
आज देश के सारे भ्रष्टाचारी, जो हमेशा एक दूसरे से लड़ते थे, एक दूसरे पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते थे...एक दूसरे को जेल में बंद करने की मांग कर रहे थे। अब वो सब मिलकर.... मोदी आया...। भ्रष्टाचारी कान खोलकर सुन लें। ये मोदी नहीं आया, 140 करोड़ देशवासियों का भ्रष्टाचारियों के प्रति गुस्सा निकलकर आया है। और इसलिए ये मोदी के खिलाफ अनाप-शनाप पता नहीं क्या-क्या बोलते हैं। साथियों, मैं कहता हूं - भ्रष्टाचार हटाओ, मोदी कहता है- भ्रष्टाचार हटाओ, वो कहते हैं-भ्रष्टाचारी बचाओ। आप मुझे बताइए भ्रष्टाचार हटना चाहिए कि नहीं हटना चाहिए। इस देश से भ्रष्टाचार जाना चाहिए कि नहीं जाना चाहिए? हर स्तर से भ्रष्टाचार जाना चाहिए कि नहीं जाना चाहिए? जिन्होंने लूटा है उन्हें लौटाना पड़ेगा कि नहीं पड़ेगा?

साथियों,
ये कौन लोग हैं जो भ्रष्टाचार के खिलाफ इतनी बड़ी लड़ाई का विरोध कर रहे हैं? आप देखिए.. एक तरफ NDA सरकार है, जो नए उद्योग लगाने की बात करती है। दूसरी ओर ये लोग हैं, जिनकी पहचान अपहरण उद्योग की रही है। एक तरफ NDA सरकार है, जो सोलर पावर और LED लाइट की बात करती है। दूसरी ओर ये घमंडिया गठबंधन वाले लोग बिहार को लालटेन युग में रखना चाहते हैं। हम नीतीश जी के सहयोग से बिहार में हाइवे और एक्सप्रेसवे बना रहे हैं। जबकि आरजेडी ने बिहार को गड्ढे और खाई में धकेल दिया था। NDA सरकार गरीबों की उनकी जमीन का प्रॉपर्टी कार्ड दे रही है। जबकि आरजेडी के लोग गरीबों की ज़मीनों पर कब्जा करते हैं। हम महिलाओं को सुरक्षा की गारंटी देते हैं, बेटियों को नए अवसर देते हैं। जबकि आरजेडी के लोग जंगलराज में बेटियों को सड़कों से उठा लिया जाता था।

साथियों,
हमारी सरकार में राममंदिर का 500 वर्ष पुराना सपना पूरा हुआ है। जबकि यही आरजेडी-कांग्रेस ने राम मंदिर ना बने, इसके लिए पूरी ताकत लगा दी थी। आज भी ये लोग राममंदिर का उपहास उड़ाते हैं, अपमान करते हैं।

साथियों,
कांग्रेस हो या आरजेडी, इन्होंने हर मौके पर बिहार और बिहारी गौरव का अपमान किया है। यही कांग्रेस और आरजेडी थी, जिसने कर्पूरी ठाकुर का अपमान किया था। अभी कुछ ही समय पहले हमारी सरकार ने बिहार के गौरव कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न दिया, तब भी इन लोगों ने उसका विरोध किया। इन्हीं लोगों ने रामनाथ कोविन्द जी को राष्ट्रपति बनाने का विरोध किया था। कांग्रेस और आरजेडी ने आदिवासी महिला, द्रौपदी मुर्मू जी को राष्ट्रपति का चुनाव हराने के लिए पूरी ताकत लगा दी थी। 19 अप्रैल को आपको इन गरीब विरोधी लोगों को अपने वोट से हराना है। चुन-चुन कर इनको साफ करना है। करेंगे? घर-घर जाएंगे, लोगों को समझाएंगे? आपको मेरा एक और काम करना है। घर-घर जाकर लोगों को बताएं कि मोदी जी आए थे, मोदी जी ने अपना प्रणाम भेजा है। मेरा प्रणाम पहुंचा देंगे। हर परिवार में मेरा प्रणाम पहुंचेगा, ये आपकी गारंटी, तो मेरी गारंटी है विकास की।

मेरे साथ बोलिए,
भारत माता की,
भारत माता की।
बहुत-बहुत धन्यवाद!

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June 18, 2026

नमस्ते!

बों जू!

ऐसा लग रहा है, आप सब छुट्टी के मूड में हैं।

साथियों,

ये पेरिस शहर, Lights का शहर है, रंगों का शहर है, यहां Art है, Ideas हैं, और innovation की प्रेरणा भी है। इस शहर को भारत के अलग-अलग राज्यों से आए आप सभी लोग और भी खूबसूरत बना देते हैं। नए नए रंगों से भर देते हैं।

कोई तमिल है, कोई पंजाबी है, कोई गुजराती है, तो कोई मराठी है, और कोई बंगाली है। भारत के हर कोने का प्रतिनिधित्व यहां दिखाई देता है।

साथियों,

मैं जब 14 जून को नीस पहुंचा था तो सबसे पहले भारत इनोवेट्स कार्यक्रम में शामिल हुआ था। आज जब मैं फ्रांस से वापसी की तैयारी में हूं तो लग रहा है जैसे भारत कनेक्ट्स कार्यक्रम में आ गया हूं।

फ्रांस में रहने वाले आप लोगों ने 21वीं सदी के भारत-फ्रांस रिश्तों को जिस तरह कनेक्ट किया है, वो हमारी Strategic Partnership की बहुत बड़ी ताकत बन रही है। मैं आप सभी के लिए भारत से 140 करोड़ देशवासियों की शुभकामनाएं लेकर आया हूं। इस आत्मीय स्वागत के लिए, मैं आप सभी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।

साथियों,

आज मैं ऐसे समय में फ्रांस आया हूं जब कुछ ही दिन पहले हमारी सरकार के 12 वर्ष पूरे हुए हैं। चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप निरंतर 12 साल तक देश की सेवा करना मेरे जीवन का बहुत बड़ा सौभाग्य रहा है। यह भारत के लोकतंत्र की शक्ति है जिसने एक चायवाले को यहां तक पहुंचा दिया।

साथियों,

बीते 12 वर्ष, 140 करोड़ भारतीयों के अद्भुत सामर्थ्य के रहे हैं। 12 साल के इस कालखंड में भारत का GDP दोगुना हुआ है। Airports की संख्या दोगुनी हुई है। Universities की संख्या भी दोगुनी हो गई है। Highway Construction की स्पीड तीन गुना बढ़ गई। और Metro Network, चार गुणा बड़ा हो गया है।

मैं आपको कुछ और फैक्ट्स दूंगा, उससे आप अंदाजा लगा पाएंगे कि भारत किस स्पीड और कितने बड़े स्केल पर काम कर रहा है। पिछले 12 वर्षों में भारत का Defence Export 35 गुणा यानि Thirty Five Times बढ़ गया है।

औऱ एक फैक्ट सुनिए भारत में मोबाइल मैन्यूफैक्टरिंग यूनिट्स में, 100 गुणा की बढ़ोतरी हुई है। 100 times. भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा mobile phone manufacturer है। इसी गति, इसी प्रगति का नतीजा है कि आज भारत दुनिया की Fastest Growing Major Economy है।

साथियों,

आज भारत की कहानी सिर्फ Economic Progress की कहानी नहीं है। सिर्फ यहाँ अटक नहीं जाती है। ये Social Transformation की भी कहानी है।

पिछले 12 साल में देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं। यानि एक ऐसी प्रगति जिसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है। फ्रांस में जितने घर हैं, उससे भी अधिक पक्के घर बीते 12 वर्ष में हमने जरूरतमंदों के लिए बनाए हैं।

अब हर परिवार के पास, गरीब से गरीब क्यों न हो, Bank Account है। Financial Inclusion एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन का अभियान बना है।

साथियों,

इन 12 वर्षों की उपलब्धियों में, एक उपलब्धि ऐसी भी है जिसे किसी आंकड़े से, या अंकों से, नहीं मापा जा सकता। वह है 140 करोड़ भारतीयों का आत्मविश्वास।

आज का भारत और आज के भारत का युवा बहुत बड़े सपने देख रहा है। भारत का किसान नई संभावनाओं के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत की महिलाएं नए नेतृत्व का परिचय दे रही हैं। इसलिए ये सिर्फ Achievements के 12 साल नहीं हैं, ये भारत की एस्पिरेशन्स को नई बुलंदी देने का कालखंड रहा है।

साथियों,

एक समय था जब दूर-दराज के गांवों तक आधुनिक सुविधाएं पहुंचाना वाकई बहुत मुश्किल भरा था। आज उन्हीं गांवों में बिजली भी है, इंटरनेट भी है, और डिजिटल सेवाओं की पूरी दुनिया भी है। आज एक क्लिक पर, कभी भी, कहीं भी बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध हैं।

आज मोबाइल फोन, भारत के नागरिकों को अनेक सुविधाओं से कनेक्ट कर रहा है। हमारे किसान, हमारे मछुआरे, हमारे dairy farmers, हमारी महिलाएं, हमारे स्टूडेंट्स, सभी टेक्नोलॉजी के माध्यम से सशक्त हो रहे हैं, और अपने लिए नए अवसर बना रहे हैं।

साथियों,

आपने 125 करोड़ से अधिक Aadhaar IDs के बारे में सुना है। लेकिन आज भारत सिर्फ पहचान को डिजिटल नहीं बना रहा। आज करीब 90 करोड़ भारतीयों की Unique Digital Health IDs बनाई जा चुकी हैं। जिससे मेडिकल रिकॉर्ड सुरक्षित और accessible बन गए हैं। इससे हेल्थकेयर डिलीवरी और अधिक आसान और efficient हो रही है।

साथियों,

इन उपलब्धियों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनमें से अधिकांश चीजें कुछ वर्ष पहले तक कल्पना जैसी लगती थीं। कौन सोच सकता था कि गांव-गांव तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचेगा ? कौन सोच सकता था कि दूर-सुदूर के गांवों में भी QR code जीवन का हिस्सा बन जायेगा ? गांव में कोई बहन, ड्रोन से खेती करने में मदद करेगी, ये भी असंभव लगता था।

लेकिन आज यह सब, भारत के करोड़ों लोगों के जीवन का सामान्य हिस्सा बनता जा रहा है। और आपको गर्व होगा साथियों, यही नए भारत की पहचान है।

जो कभी सपना था, वह आज सच्चाई है। जो कभी नामुमकिन लगता था, वो आज मुमकिन हुआ है, औऱ ये करने के पीछे सबसे बड़ी ताकत क्या है? किसकी वजह से ये सब संभव हुआ है? यह मोदी के कारण नहीं, वो ताकत है- भारत का लोकतंत्र, भारत की डेमोक्रेसी। इस डेमोक्रेसी में सबका साथ है, सबका विकास है।

साथियों,

आज से 50 या 100 साल बाद जब भारत के इस कालखंड की समीक्षा होगी, तो ये बात उभरकर सामने आएगी कि इस कालखंड को भारत की Aspirations ने ड्राइव किया। यह भारत के एस्पिरेशन्स का नया युग है।

जहां बिजली पहुंची है, वहां लोग सिर्फ बिजली नहीं चाहते, वे Smart Living चाहते हैं। जहां ट्रेन पहुंची है, वहां लोग High-Speed Connectivity चाहते हैं। जहां हाईवे बने हैं, वहां लोग World-Class Expressways चाहते हैं। जहां इंटरनेट पहुंचा है, वहां लोग AI और Digital Innovation में नेतृत्व चाहते हैं।

यानि आज भारत के लोग अपने जीवन को भी Next Level पर ले जाना चाहते हैं, और भारत को भी Next Level पर ले जाना उनका मकसद है, उनका संकल्प है, उनके सपने है।

और साथियों,

यही Aspirations आज भारत की विकास यात्रा की सबसे बड़ी शक्ति हैं। मैं आपको भारत की Space Journey का उदाहरण दूंगा।

भारत ने चंद्रयान को चंद्रमा के South Pole पर उतारा। दुनिया ने इसे एक बहुत बड़ी उपलब्धि माना। लेकिन भारत इसे अपनी मंजिल मानकर रुका नहीं। आज देश गगनयान की तैयारी कर रहा है। भारत अंतरिक्ष में अपना Space Station बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

हमारे Space Startups Global Space Economy में अपनी जगह बनाने के लिए पुरजोश काम कर रहे हैं, आगे बढ़ रहे हैं।

साथियों,

Green Energy के क्षेत्र में भी भारत की यही एस्पिरेशंस दिखाई देती है। Solar Power में भारत की उपलब्धियों की दुनिया भर में लगातार चर्चा हो रही हैं। लेकिन भारत अगली छलांग की तैयारी कर रहा है।

Green Hydrogen में बड़े निवेश हो रहे हैं। Advanced Nuclear Energy पर तेजी से काम हो रहा है। आपने भारत के Fast Breeder nuclear Reactor से जुड़ी प्रोग्रेस के बारे में भी सुना ज़रूर होगा। ये भारत के न्यूक्लियर एनर्जी लैंडस्केप में क्रांतिकारी परिवर्तन करने का बहुत बड़ा अचीवमेंट हमारे सीसेन्टिस्टों ने किया है।

साथियों,

आज का भारत भविष्य का पूरा Ecosystem बना रहा है। भारत एक साथ हर उस क्षेत्र में निवेश कर रहा है, जो आने वाले दशकों की दिशा तय करेगा।

अभी आपने कुछ दिन पहले ही देखा है नीस में भारत इनोवेट्स का एक आयोजन किया। ये इवेंट भारत के डीप टेक सामर्थ्य को दुनिया तक पहुंचाने का एक और माध्यम था। इसमें भारत के 120 Deep-Tech Startups उपस्थित थे। Bharat Innovates में करीब एक हजार चार सौ B2B Meetings हुईं है। कई Startups के लिए Investment Commitments आगे बढ़ीं, Commercial Orders के लिए रास्ते खुले। French और European Universities तथा Incubators के साथ Engagements बढ़ रही हैं।

Student Exchanges, Joint Research, और Innovation Support के नए रास्ते बने। इसलिए Bharat Innovates सिर्फ एक Summit नहीं रहा। यह Innovation Diplomacy का एक नया मॉडल बना है।

और आज ही पेरिस में VivaTech इवेंट के जरिए, इस यात्रा को हमने और आगे बढ़ाया। नीस में हमने Ideas को Capital से जोड़ा और पेरिस में Indian Innovation को Global Scale से जोड़ा। आज दुनिया देख रही है भारत केवल भविष्य के लिए तैयार नहीं हो रहा है। भारत भविष्य को आकार दे रहा है।

साथियों,

एक समय था, जब देशों के बीच रिश्ते केवल व्यापार से तय होते थे। आज व्यापार के साथ-साथ Trust यानि भरोसा भी उतना ही महत्वपूर्ण हो गया है।

हर देश Reliable Supply Chains चाहता है। हर देश Stable Partnerships चाहता है। हर देश ऐसे साथियों की तलाश में है, जिन पर लंबे समय तक भरोसा किया जा सके। और ऐसे समय में, भारत विश्व में एक Trusted Partner के रूप में उभर रहा है।

एवियां में G7 बैठक के दौरान मैंने trust based partnerships बनाने पर ज़ोर दिया। ग्लोबल साउथ के देशों के साथ equal पार्टनर्स के रूप में आगे बढ़ने का आह्वान किया। भारत का G7 समिट में संदेश था Global Governance तभी प्रभावी होगी जब वह Inclusive होगी। Global Growth तभी Sustainable होगी जब वह शेयर्ड होगी। और Global Technology तभी मानवता के लिए उपयोगी होगी जब वह Trusted होगी।

साथियों,

भारत और दुनिया के बीच व्यापारिक रिश्तों में नई ऊर्जा नज़र आ रही है। फ्रांस के साथ भारत का ट्रेड लगतार बढ़ रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारत ने दुनिया के अनेक देशों के साथ Free Trade Agreements किए हैं। यूरोपियन यूनियन हो, यूनाइटेड किंगडम हो दुनिया के हर देश, हर रीजन के साथ भारत समझौते कर रहा है।

अगले महीने से भारत और UK के बीच ट्रेड एग्रीमेंट भी लागू हो जाएगा। यह एग्रीमेंट भारत के farmers, workers और innovators को अनेक नए अवसर प्रदान करेगा।

साथियों,

आज दुनिया Uncertainty और Disruption के दौर से गुजर रही है। ऐसे समय में भारत और फ्रांस की साझेदारी विश्वास, स्थिरता और सहयोग का एक मजबूत स्तंभ बन रहा है।

इस वर्ष हमने भारत और फ्रांस के संबंधों को Special Global Strategic Partnership का दर्जा दिया था। नीस में मेरे मित्र President Macron और मैंने हमारे संबंधों को force for global good बनाने पर चर्चा की। Defence से लेकर space और नुक्लियर तक AI और क्रिटीकल मिनरल्स से लेकर high speed railway तक, हर क्षेत्र में हम मिलकर आगे बढ़ेंगे।

साथियों,

Solar energy हो, या AI के क्षेत्र में सहयोग हो, भारत और फ्रांस मिलकर ऐसे समाधान विकसित कर रहे हैं जो पूरी मानवता के हित में हैं। पिछले वर्ष पेरिस में और इस वर्ष दिल्ली में हमने AI Summit को Co-chair किया।

अब हम साथ मिलकर अगले वर्ष “तृष्णा” satellite को लॉन्च करने जा रहें हैं। यह “तृष्णा” satellite जो विश्व में फूड और वाटर सिक्युरिटी सुनिश्चित करने में योगदान देगा।

और साथियों,

यह सभी गवर्नमेंट टू गवर्नमेंट पहलो में आप सभी का योगदान बहुत महत्वपूर्ण है। ये आप हैं जो भारत और यूरोप के बीच सबसे मजबूत सेतु हैं। आप दोनों समाजों को समझते हैं। दोनों बाजारों को समझते हैं। आने वाले समय में Talent, Trade, Technology, Tourism और Investment के नए अवसरों को आगे बढ़ाने में आपकी भूमिका लगातार बढ़ने वाली हैं।

साथियों,

भारत और फ्रांस के रिश्तों को साझा इतिहास, साझा मूल्यों और साझा विश्वास ने आगे बढ़ाया है। विश्व युद्धों के दौरान फ्रांस की धरती पर बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों की स्मृतियां आज भी हमें जोड़ती हैं।

मुझे पहले नव शापेल में श्रद्धांजलि देने का अवसर मिला, पिछले वर्ष प्रेसिडेंट मैक्रों के साथ मार्सेय के वॉर मेमोरियल जाने का अवसर भी मिला। ये हमारी साझा विरासत है।

फ्रांस, भारतीयों के योगदान को संजोता भी है और सराहता भी है। भारतीय मूल की नूर इनायत खान हों, जिन्होंने फ्रांस की Resistance के लिए अपना जीवन बलिदान किया, या महाराजा रणजीत सिंह के साथ काम करने वाले जनरल जां फ्रांस्वा अलार हों ये सभी भारत और फ्रांस की साझा विरासत के प्रतीक हैं।

भारत के राज्य पुडुचेरी में भी फ्रेंच विरासत की झलक दिखाई देती है। वहां का Architecture, वहां की कला-संस्कृति और खान-पान सभी में हमारे संबंधों की महेक है।

साथियों,

इस समय फ्रांस समेत पूरी दुनिया में International Yoga Day की तैयारी भी चल रही है। इस अवसर पर मैं, फ्रांस में योग को आगे बढ़ाने वाले श्रीमान महेश घाट्राड्याल जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धांजलि देता हूं। मैं पद्म पुरस्कार से सम्मानित, शार्लोत शोपां जी को भी प्रणाम करता हूं। जिन्होंने सौ वर्ष की आयु में भी, योग के माध्यम से फ़्रांस को भारत की विरासत से जोड़ा है। उनका जीवन यह सिद्ध करता है: Yoga does not add years to life, it adds life to years.

साथियों,

मैं फ्रेद नेग्री जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धापूर्वक याद करता हूं। भारतीय विरासत को संरक्षित करने में उनका योगदान अतुल्य रहा है।

साथियों,

भारत और फ्रांस को कनेक्ट करने वाली एक और चीज है, और वो है फुटबॉल। इस वक्त यहां फुटबॉल फीवर पूरे जोर पर है। फ्रांस में इसकी दीवानगी, चप्पे-चप्पे पर दिखती है। लेकिन भारत में भी फुटबॉल का क्रेज़ सिर चढ़कर बोलता है।

खासतौर पर फ्रांस की टीम के फैन्स भारत में बहुत अधिक हैं। फ़्रांस ने इस वर्ल्ड कप की शुरुआत एक जोरदार जीत से शुरू की है। मैं फ्रांस की टीम को बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

साथियों,

जाने से पहले, आप सभी के लिए कुछ और अच्छी खबरें भी लेकर के आया हूँ। वो आपके लिए हैं। पिछले वर्ष, मार्सेय में कॉन्सुलेट खोला गया, इससे काफी अधिक सुविधा मिल रही है। कुछ हफ्ते पहले, Indian Nationals के लिए French Airports पर Visa-free Transit की व्यवस्था शुरू हो गई है।

Students और Professionals की Mobility बढ़ाना हो, या Educational Qualifications की Mutual Recognition की बात हो, या फिर French Universities के भारत में Campus खोलना हो, इन सभी पर हम मिलकर आगे बढ़ रहें हैं।

अब फ्रांस में UPI के उपयोग का दायरा भी और बढ़ने जा रहा है। यानि भारत-फ्रांस कनेक्ट भी Instant और आपसी Payment भी Instant!

साथियों,

इन सभी पहलों से, हम भारत और फ़्रांस को और करीब ला रहें हैं। और मैं फिर कहूंगा इस साझेदारी की नींव, इस रिश्ते की असली ताकत आप सभी हैं। आप सब मेरे देशवासी हैं।

आज जब भारत तेज़ी से विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, तो मैं आप सभी से भारत के साथ और गहराई से जुडने का आग्रह करूंगा। इससे भारत की विकास यात्रा को नई शक्ति मिलेगी, और आपको अपनी पुरखों की धरती की सेवा करने का अवसर भी मिलेगा।

इन्हीं शब्दों के साथ आप सभी के प्रेम आपके उत्साह और इस आत्मीय स्वागत के लिए मैं एक बार फिर आप सभी का आभार व्यक्त करता हूं।

भारत माता की जय!

बहुत बहुत धन्यवाद।