प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि विनम्रता, क्षमाशीलता और श्रेष्ठ आचरण ही किसी के व्यक्तित्व के सच्चे आभूषण हैं। उन्होंने कहा कि इन्हीं गुणों के कारण देशवासी विकसित भारत के संकल्प की सिद्धि में निरंतर जुटे हैं।
प्रधानमंत्री ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया-
“तेजः क्षमा धृतिः शौचमद्रोहो नातिमानिता।
भवन्ति सम्पदं दैवीमभिजातस्य भारत।। ”
प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा;
“विनम्रता, क्षमाशीलता और उत्तम आचरण ही व्यक्तित्व के सच्चे आभूषण हैं। इन गुणों के साथ ही आज देशवासी विकसित भारत के संकल्प की सिद्धि में निरंतर जुटे हैं।
तेजः क्षमा धृतिः शौचमद्रोहो नातिमानिता।
भवन्ति सम्पदं दैवीमभिजातस्य भारत।।”
विनम्रता, क्षमाशीलता और उत्तम आचरण ही व्यक्तित्व के सच्चे आभूषण हैं। इन गुणों के साथ ही आज देशवासी विकसित भारत के संकल्प की सिद्धि में निरंतर जुटे हैं।
— Narendra Modi (@narendramodi) May 29, 2026
तेजः क्षमा धृतिः शौचमद्रोहो नातिमानिता।
भवन्ति सम्पदं दैवीमभिजातस्य भारत।। pic.twitter.com/5JuC5ITZAu


