प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भूटान की राजधानी थिम्पू में आज भूटान के महामहिम नरेश जिग्मे खेसर नामग्याल वांगचुक से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को ज्यादा प्रगाढ़ एवं सुदृढ़ करने पर चर्चा की। उन्होंने आपसी हित के क्षेत्रीय एवं वैश्विक मुद्दों पर भी चर्चा की। महामहिम नरेश ने दिल्ली विस्फोट में हुई जनहानि पर शोक व्यक्त किया।
प्रधानमंत्री ने दोनों देशों के बीच मैत्री एवं सहयोग के घनिष्ठ संबंधों को आकार देने में उत्तरोत्तर ड्रुक ग्यालपो (राजाओं) द्वारा प्रदान किए गए मार्गदर्शक दृष्टिकोण की सराहना की। महामहिम नरेश ने भूटान के सामाजिक-आर्थिक विकास में भारत सरकार के अमूल्य सहयोग की सराहना की।

दोनों नेताओं ने भारत से लाए गए भगवान बुद्ध के पवित्र पिपराह अवशेषों के सामने प्रार्थना की, जो वर्तमान में ताशिछोद्ज़ोंग के ग्रैंड कुएनरे हॉल में स्थापित हैं। थिम्पू में पवित्र पिपराह अवशेषों की प्रदर्शनी, महामहिम चतुर्थ नरेश की 70वीं जयंती और वैश्विक शांति एवं खुशहाली के लिए भूटान द्वारा आयोजित वैश्विक शांति प्रार्थना महोत्सव के अवसर पर आयोजित की जा रही है।
दोनों नेताओं ने संयुक्त रूप से 1020 मेगावाट की पुनात्सांगचू-II जलविद्युत परियोजना का उद्घाटन किया, जो भारत एवं भूटान के बीच जीवंत और बढ़ती पारस्परिक लाभकारी ऊर्जा साझेदारी में एक मील का पत्थर है, जिससे दोनों देशों के आम नागरिकों के जीवन में महत्वपूर्ण लाभ मिला है।

दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय सहयोग को और ज्यादा मज़बूत करने के लिए नवीकरणीय ऊर्जा, मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं एवं स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्रों में तीन समझौता ज्ञापनों (एमओयू) का भी आदान-प्रदान किया। इस अवसर पर, भारत सरकार ने ऊर्जा परियोजनाओं का वित्तपोषण करने के लिए भूटान को 4,000 करोड़ रुपये की रियायती ऋण सुविधा प्रदान करने की घोषणा की। एमओयू एवं घोषणाओं की सूची यहां देखी जा सकती है।
Had a very good meeting with His Majesty Jigme Khesar Namgyel Wangchuck, the King of Bhutan. We covered the full range of India-Bhutan relations. We discussed cooperation in sectors like energy, capacity building, connectivity, technology, defence and security. India is proud to… pic.twitter.com/8OEX7wQnhI
— Narendra Modi (@narendramodi) November 11, 2025
མི་དབང་ མངའ་དང་འཇིགས་མེད་གེ་སར་རྣམ་རྒྱལ་དབང་ཕྱུག་གཅིག་ཁར་ ཞལ་འཛོམས་ལེགས་ཤོམ་ཅིག་འབད་ཡི། ང་བཅས་ཀྱིས་ རྒྱ་གར་དང་ འབྲུག་གི་མཐུན་འབྲེལ་གྱི་ གནད་དོན་སྣ་ཚོགས་ གྲོས་བསྡུར་འབད་ཡི། ང་བཅས་ཀྱིས་ ནུས་ཤུགས་དང་ ལྕོགས་གྲུབ་ཡར་དྲག་གཏང་ནི་ མཐུད་སྦྲེལ་དང་ འཕྲུལ་རིག་ དེ་ལས་ ཁྲི་འཛིན་དང་… pic.twitter.com/EdiugJRupB
— Narendra Modi (@narendramodi) November 11, 2025


