जीएसटी कोई अलग से लगाया गया टैक्स नहीं है, बल्कि पहले जो आप सभी सामान पर या सेवाओं पर दर्जनों टैक्स देते थे, उनको समेटकर कम कर दिया गया है, आजादी के इतने दशकों के बाद गरीबी के कारण बढ़ी असमानता को स्वीकार किया गया है: प्रधानमंत्री मोदी
गरीबों के दुश्मन सोशल मीडिया से लेकर बड़े मंचों पर अब झूठ फैलाने के काम में जुट गए हैं, समाज में बंटवारे से जिनका स्वार्थ सिद्ध होता है, उनकी हर चाल को हमें असफल करना है: पीएम मोदी
आजादी के इतने दशकों के बाद गरीबी के कारण बढ़ी असमानता को स्वीकार किया गया है, सामान्य श्रेणी के गरीब परिवारों को 10% का आरक्षण मिले, इस तरफ एक महत्वपूर्ण बड़ा कदम उठाया गया: प्रधानमंत्री

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने विकास की गति तेज करने के साथ-साथ आगरा में पर्यटन से जुड़ी बुनियादी ढांचागत सुविधाओं का विस्‍तार करने के लिए आगरा शहर और उसके आसपास के क्षेत्रों में 2900 करोड़ रुपये की लागत वाली अनेक विकास परियोजनाओं का शुभारंभ किया।

प्रधानमंत्री ने 2880 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली ‘गंगाजल परियोजना’ राष्‍ट्र को समर्पित की जिसके तहत आगरा में बेहतर और ज्‍यादा सुनिश्चित जलापूर्ति संभव होगी। गंगाजल परियोजना का लक्ष्‍य आगरा में 140 क्‍यूसेक गंगाजल की उपलब्‍धता सुनिश्चित करना है। इससे आगरा शहर में पेयजल की मांग पूरी करने में मदद मिलेगी।

प्रधानमंत्री ने आगरा स्‍मार्ट सिटी के लिए एकीकृत कमांड एवं नियंत्रण केन्‍द्र की आधारशिला रखी। इस परियोजना के तहत सुरक्षा एवं हिफाजत सुनिश्चित करने के उद्देश्‍य से निगरानी एवं चौकसी के लिए पूरे आगरा शहर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इससे एक आधुनिक विश्‍वस्‍तरीय स्‍मार्ट सिटी के रूप में आगरा को विकसित करने में मदद मिलेगी जिससे पर्यटन की दृष्टि से एक प्रमुख शहर के रूप में आगरा की पहचान सुनिश्चित होगी। इस पर कुल मिलाकर 285 करोड़ रुपये की लागत आएगी।

आज आगरा स्थित कोठी मीना बाजार में आयोजित एक रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने कहा, ‘गंगाजल जैसी परियोजनाओं और सीसीटीवी कैमरे जैसी सुविधाओं के जरिए हम आगरा को एक स्‍मार्ट सिटी बनाने की दिशा में अहम कदम उठा रहे हैं।’ प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि ये सुविधाएं पर्यटकों को भी आकर्षित करेंगी।

प्रधानमंत्री ने ‘आयुष्‍मान भारत परियोजना’ के तहत आगरा में एसएन मेडिकल कॉलेज के उन्‍नयन की आधारशिला रखी। इसके परिणामस्‍वरूप महिलाओं के अस्‍पताल में 100 बिस्‍तरों (बेड) वाला प्रसूति प्रकोष्‍ठ बनेगा। इस पर 200 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत आएगी। इसकी बदौलत समाज के कमजोर तबकों को स्‍वास्‍थ्‍य एवं मातृत्‍व देखभाल सुविधाएं भी मिलेंगी। प्रधानमंत्री ने आयुष्‍मान भारत योजना की सराहना की और इसके साथ ही उन्‍होंने कहा कि 100 दिनों के भीतर 7 लाख से भी अधिक लोग इस योजना से लाभान्वित हुए हैं।

सामान्‍य वर्ग के गरीबों को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का उल्‍लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सही दिशा में उठाया गया कदम है। उन्‍होंने यह स्‍पष्‍ट किया कि सरकार शै‍क्षणिक संस्‍थानों में और ज्‍यादा सीटों की उपलब्‍धता सुनिश्चित करेगी, ताकि अन्‍य श्रेणियों के विद्यार्थी प्रभावित न हों। प्रधानमंत्री ने कहा, ‘हमने सामान्‍य वर्ग के गरीबों के लिए आरक्षण की व्‍यवस्‍था करने के अलावा उच्‍च शैक्षणिक, तकनीकी और प्रोफेशनल संस्‍थानों में शिक्षा सुविधाएं मुहैया कराने के लिए एक प्रमुख कदम उठाया है। हमने उच्‍च शैक्षणिक संस्‍थानों में सीटों की संख्‍या भी 10 प्रतिशत बढ़ा दी है। हम किसी का भी अधिकार छीनने वाली कोई प्रणाली स्‍थापित नहीं करेंगे।’

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘आपने भ्रष्‍टाचार के खिलाफ साढ़े चार साल पहले मुझे जो जनादेश दिया था उस पर पूरी तरह से खरा उतरने के लिए मैं भरसक कोशिश करता रहा हूं। यही कारण है कि कुछ लोग इस चौकीदार के खिलाफ एकजुट होने लगे हैं।’ अपनी सरकार की प्राथमिकताओं पर विशेष जोर देते हुए प्रधानमंत्री ने यह बात दोहराई कि विकास के पांच पहलू ‘पंचधारा’ राष्‍ट्र की प्रगति की कुंजी हैं। इनमें बच्‍चों के लिए शिक्षा, किसानों के लिए सिंचाई, युवाओं के लिए आजीविका, बुजुर्गों के लिए दवाएं और सभी के लिए शिकायत निवारण सुविधा शामिल हैं।

प्रधानमंत्री ने ‘अमृत’ योजना के तहत आगरा के पश्चिमी हिस्‍से में सीवरेज नेटवर्क परियोजना की आधारशिला रखी। इस परियोजना से 50,000 से भी अधिक घरों में बेहतर स्‍वच्‍छता सुविधा सुनिश्चित होगी।

 

पूरा भाषण पढ़ने के लिए यहां क्लिक कीजिए

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
PMAY-U Nears 1.25 Crore Homes: Top 10 States With The Highest PMAY-U Completion Rates

Media Coverage

PMAY-U Nears 1.25 Crore Homes: Top 10 States With The Highest PMAY-U Completion Rates
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
पीएम मोदी ने 52वीं PRAGATI मीटिंग की अध्यक्षता की
June 24, 2026
प्रधानमंत्री ने सड़क, बिजली, औद्योगिक कॉरिडोर और मेट्रो रेल क्षेत्रों से जुड़ी लगभग 30,000 करोड़ रुपये लागत वाले चार प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की समीक्षा की, जो चार राज्यों में फैली हुई हैं
प्रधानमंत्री ने कुशल योजना निर्माण के लिए पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के उपयोग तथा पोर्टल पर परियोजनाओं, उपयोगिताओं और अवसंरचना संबंधी आंकड़ों को समय पर अपडेट करने पर जोर दिया
प्रधानमंत्री ने मंत्रालयों और राज्य सरकारों से लंबित मुद्दों का मिशन मोड में समाधान करने और उनकी कड़ी निगरानी सुनिश्चित करने को कहा
प्रधानमंत्री ने टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा की और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) सहित नवीनतम डिजिटल प्रौद्योगिकियों के उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया
प्रधानमंत्री ने साइबर अपराध और डिजिटल गिरफ्तारी से संबंधित शिकायतों की समीक्षा की तथा समयबद्ध कार्रवाई, समन्वित प्रतिक्रिया और ई-जीरो एफआईआर पंजीकरण व्यवस्था पर जोर दिया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज सेवा तीर्थ में 'प्रगति' की 52वीं बैठक की अध्यक्षता की। सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) आधारित यह बहु-माध्यम मंच केंद्र और राज्य सरकारों के प्रयासों को निर्बाध रूप से एकीकृत कर सक्रिय शासन और समयबद्ध क्रियान्वयन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किया गया है।

बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने सड़क, बिजली, औद्योगिक कॉरीडोर और मेट्रो रेल क्षेत्रों से संबंधित चार महत्वपूर्ण अवसंरचना परियोजनाओं की समीक्षा की। लगभग 30,000 करोड़ रुपये लागत वाली ये परियोजनाएं चार राज्यों में फैली हुई हैं। आर्थिक विकास, क्षेत्रीय संपर्क, औद्योगिक प्रगति और जनकल्याण की दृष्टि से महत्वपूर्ण इन परियोजनाओं की समीक्षा समयसीमा, विभिन्न एजेंसियों के बीच तालमेल, समस्याओं के समाधान और समय पर पूरा होने पर विशेष ध्यान देते हुए की गई।

प्रधानमंत्री ने कहा कि बुनियादी ढांचे की परियोजनाओं में देरी न केवल लागत बढ़ाती है, बल्कि लोगों और उद्योगों को समय पर मिलने वाले लाभों से भी वंचित कर देती है। उन्होंने संबंधित मंत्रालयों और राज्य सरकारों को लंबित मुद्दों का मिशन मोड में समाधान करने तथा उच्चतम स्तर पर उनकी सतत निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

प्रधानमंत्री ने बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की प्रभावी योजना और समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने परियोजनाओं के विवरण, उपयोगिताओं, अवसंरचना परतों, स्वीकृतियों और अन्य क्षेत्रीय सूचनाओं को पोर्टल पर नियमित एवं समय पर अपडेट करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मंच पर जमीनी स्तर की नवीनतम स्थिति दिखाई देनी चाहिए ताकि रूकावटों के बारे में पहले से पता चल सके और विभिन्न एजेंसियों के बीच तालमेल बेहतर हो तथा विश्वसनीय एवं वास्तविक समय के आंकड़ों के आधार पर निर्णय लिए जा सकें।

प्रधानमंत्री ने टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा की और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) सहित नवीनतम डिजिटल तकनीकों के उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने जागरूकता, रोगियों के फॉलो-अप और सामुदायिक सहभागिता के लिए एनसीसी कैडेटों और ‘माय भारत’ स्वयंसेवकों की एक टीम गठित करने का सुझाव दिया।

प्रधानमंत्री ने साइबर अपराध और डिजिटल गिरफ्तारी से संबंधित शिकायतों की भी समीक्षा की। उन्होंने नागरिकों को ठगने के लिए डिजिटल मंचों के बढ़ते दुरुपयोग पर चिंता व्यक्त की और कहा कि ऐसे मामलों का सभी संबंधित एजेंसियों द्वारा समन्वित, संवेदनशील और समयबद्ध तरीके से निपटारा किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोगों को अपनी समस्या के समाधान के लिए एक विभाग या एजेंसी से दूसरी एजेंसी के चक्कर नहीं लगाने पड़ने चाहिए। उन्होंने स्पष्ट जवाबदेही, त्वरित प्रतिक्रिया, कानून प्रवर्तन एजेंसियों, बैंकों और डिजिटल मंचों के बीच बेहतर समन्वय तथा जन-जागरूकता अभियानों को और मजबूत करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

प्रधानमंत्री ने कहा कि साइबर धोखाधड़ी के मामलों में वित्तीय नुकसान को रोकने और लोगों का विश्वास बहाल करने के लिए समय पर कार्रवाई अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी हितधारकों से रोकथाम, रिपोर्टिंग, जांच और शिकायत निवारण तंत्र को मजबूत करने के लिए मिलकर कार्य करने का आग्रह किया। उन्होंने यह भी कहा कि राज्यों को साइबर धोखाधड़ी के मामलों में त्वरित पंजीकरण और प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए ई-जीरो एफआईआर व्यवस्था लागू करने की दिशा में कार्य करना चाहिए।