Congress’ anti-women stance has made Rajasthan a hub for crimes against women: PM Modi
BJP government’s vision for development stands in stark contrast to the hindrance caused by Congress’ corruption and appeasement politics: PM Modi
Under the BJP government, direct taxes reduced, providing relief to the middle class: PM Modi

भारत माता की...

आवाज गुजरात तक पहुंचनी चाहिए...

भारत माता की...

भारत माता की...

सुंधा माता की...

आशापुरा माता की...

सारणेश्वर महादेव की...

भगवान ऋषभदेव की...

आई माता...

पाबूजी महाराज की...

चारभुजा नाथ की...

लिखमी दास जी महाराज की...

भारत माता की...

1857 की क्रांति के समय अंग्रेजों से लोहा लेने वाले योद्धा कुशाल सिंह जी की धरती पर मैं आप सभी का और पूरे राजस्थान को आदरपूर्वक नमन करता हूं अभिनंदन करता हूं। मैं मेरी बात शुरू करने से पहले आज आपका विशेष रूप से धन्यवाद करना चाहता हूं। देखिए, मैं और ये हमारे ओमजी ये हम ऐसे लोग हैं, जो सालों से संगठन का काम करते थे। कंधे पर थैला लटका के बसों में जाना पार्टी का काम करना। और चुनाव प्रबंधन भी देखते थे। लेकिन कभी चुनाव में हमे कहे कि आपको सभा मिलेगी बड़े से बड़े नेता की मिलेगी, तो हम कहते थे कि भाई सभा तो हम करेंगे, लेकिन सुबह 11 बजे मत दो, देना है तो दो बजे, तीन बजे, चार बजे दे दो। 11 बजे संगठन का काम करते समय मैं भी, अरे भाई बड़ा मुश्किल हो जाता है सुबह लोग निकलते नहीं हैं। लेकिन मैं देख रहा हूं ये पाली की ताकत, पाली के लोगों का प्यार, पाली के कार्यकर्ताओं की मेहनत। सुबह-सुबह इतनी बड़ी जनता-जनार्दन एक प्रकार से जनसागर मैं देख रहा हूं। आप इतनी बड़ी तादाद में आप हम सबको आशीर्वाद देने के लिए आए हैं। मैं आप सबका हृदय से बहुत-बहुत आभार व्यक्त करता हूं। मैं जो पीछे में देख रहा हूं, जितने लोग पांडाल में हैं उससे ज्यादा लोग धूप में तप रहे हैं। आपको जो असुविधा हुई है, हमारी ये जो व्यवस्था छोटी पड़ गई है, और आपकी असुविधा के लिए भाजपा के कार्यकर्ता के नाते मैं सबसे पहले आप सबसे क्षमा मांगता हूं। जो लोग ये ताप में तप रहे हैं और बड़े धैर्य के साथ सभा को सुन रहे हैं, जो इस ताप में तप रहे हैं उनको मैं विश्वास दिलाना चाहता हूं कि ये ताप, ये आपकी तपस्या, कभी भी बेकार नहीं जाने दूंगा। मैं विकास करके उसे लौटाऊंगा। आपके लिए कल्याण योजनाएं लेकर के आऊंगा और आप के इस तपस्या का प्यार से उसकी कीमत चुकाऊंगा ये मैं आपको वादा करता हूं। भाइयों-बहनों ये पाली ऐसा है, जो कभी पाला बदलता ही नहीं है। और पाली की दूसरी भी तकत है। पाली वालों को मालूम है कि नहीं ये मुझे मालूम नहीं है। हिंदुस्तान में कहीं भी जाइए, और खासकर मेरे गुजरात में जाकर के देखिए, कोई जिला ऐसा नहीं मिलेगा जो पालीवाला वहां भाजपा का झंडा लेकर खड़ा ना हो। आप तमिलनाडु में जाकर के किसी को पूछोगे तो बोलेगा पाली का हो...वो यहां तो पाला बदलता नहीं है, लेकिन जहां जाता है वहां नई पारी भी खेल लेता है। ये ताकत है पाली की। और मेरे गुजरात में तो पाली और सिरोही से जो हवा आती है वो गुजरात को भी ताकत देती रहती है। और आज मैं बड़े विश्वास से दो बाते कह रहा हूं। पाली का भाजपा का कार्यकर्ता और सोजद की मेंहदी का रंग ये कभी भी उतरते नहीं हैं। पाली के मेरे भाइयों-बहनों, वाकई आज आपने दिल खुश कर दिया। मैं माताओ-बहनों को विशेष प्रणाम करता हूं, क्योंकि राजस्थान में माताएं-बहनें इस प्रकार से कभी बाहर आती नहीं हैं, आज इतनी बड़ी तादाद में आई हैं। इतना ही नहीं जब खाना पकाने का वक्त है तब वो राजस्थान का भविष्य बनाने के लिए आई हैं, और इसलिए खाना पकाना छोड़कर के राजस्थान का भाग्य बनाना ये जब राजस्थान की हमारी माताएं-बहने करती हैं ना तो राजस्थान का भविष्य उज्ज्वल है ये निश्चित हो जाता है। माताओं और बहनों को मेरा कोटि-कोटि नमन। साथियों पिछले कुछ दिनों से राजस्थान में मैं जहां-जहां गया हूं, राजस्थान के लोगों से जहां-जहां मिला हूं, एक स्वर से एक ही आवाज सुनाई दे रही है, हर कोई कह रहा है...जन-जन की है यही पुकार... जन-जन की है यही पुकार... जन-जन की है यही पुकार... आ रही है भाजपा सरकार।

मेरे परिवारजनों,
आज पूरा देश, विकसित होने के लक्ष्य के लिए दिन-रात मेहनत कर रहा है। भारत 21वीं सदी में जिस ऊंचाई पर होगा, उसमें राजस्थान की भूमिका बहुत बड़ी होगी, अवश्य होगी। और, इसलिए राजस्थान में ऐसी सरकार जरूरी है, जो राजस्थान के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे। दुर्भाग्य से, पिछले पांच साल राजस्थान में जो कांग्रेस सरकार रही...उसने अपने लोगों को विकास में और पीछे धकेल दिया है। यहां की कांग्रेस सरकार के लिए भ्रष्टाचार से बड़ा कुछ भी नहीं है।
यहां की कांग्रेस सरकार के लिए परिवारवाद ही सब कुछ है। यहां की कांग्रेस सरकार, तुष्टिकरण के अलावा कुछ सोच नहीं सकती। तुष्टिकरण की राजनीति का असर क्या होता है, इसको राजस्थान ने बीते 5 वर्षों में झेला है। कांग्रेस ने राजस्थान को दंगों में झोंक दिया।
दंगों और आतंकी मानसिकता रखने वालों के हौसले बुलंद हो गए। सौहार्द की इस धरा पर ऐसी-ऐसी घटनाएं हुईं, जिनके बारे में कभी कल्पना भी हम नहीं कर सकते थे। ऐसी विकृत मानसिकता वाली कांग्रेस को अच्छे से सबक सिखाना ज़रूरी है। सिखाओगे? सिर्फ पाली में ही सिखाओगे कि औरों को भी बताओगे?

मेरे परिवारजनों,
कांग्रेस और इसके घमंडिया गठबंधन की ये पहली हरकत नहीं है। सनातन को लेकर इन्होंने क्या-क्या कहा है, ये पूरे देश ने देखा है। मेरी माताएं और बहनों ने तो बहुत आक्रोश व्यक्त किया है। कांग्रेस और उसके साथी सनातन को खत्म करने का ऐलान कर रहे हैं। और सनातन को खत्म करने का मतलब है...राजस्थान की संस्कृति को खत्म करना। क्या ये करने देंगे आप? क्या ये करने देंगे? ये कांग्रेस के कारनामें चलने देंगे? ये घमंडिया गठबंधन की करतूत मान्य करेंगे?

साथियों,
हम सब भलीभांति जानते हैं कि यहां जालोर जिले के कानीवाड़ा में हनुमानजी का प्राचीन मंदिर है। उस हनुमान जी के प्राचीन मंदिर में पीढ़ियों से दलित समाज के ही पुजारी होते हैं, भगवान की पूजा करते हैं और सबलोग वहां आके आशीर्वाद लेते हैं और प्रसाद आरोग्य करते हैं। ऐसी प्रेरणादायी भूमि पर कांग्रेस के संरक्षण में दलितों को निशाना बनाया जा रहा है। आप देखिए, महिलाओं और दलितों को लेकर ये कैसी-कैसी भाषा का उपयोग कर रहे हैं। कुछ दिन पहले ही बिहार में घमंडिया गठबंधन के एक नेता, वो वहां के मुख्यमंत्री है, उन्होंने दलित समाज के पूर्व मुख्यमंत्री के लिए कैसी अभद्र भाषा बोली.. ऐसी अभद्र भाषा बोली जो सामान्य नागरिक भी बातचीत में भी ऐसा नहीं बोल सकता, जो वो विधानसभा के फ्लोर पर बोल रहे थे। ये है घमंडिया गठबंधन। क्यों? क्यों गालियां दीं क्योंकि वो पूर्व मुख्यमंत्री अति पिछड़े दलित परिवार से आते हैं, इसलिए उनकी बेइज्जती करने में उनको आनंद आता है। उन्होंने तो पाप किया, लेकिन कांग्रेस के एक भी नेता, उसके मुंह से, ये गलत हुआ है ऐसा नहीं होना चाहिए, ये भी बताने का विवेक नहीं है। दलितों के खिलाफ अत्याचार करने वालों को देखकर कांग्रेस आंखों पर पट्टी बांध लेती है। यहां राजस्थान में 5 वर्ष तक दलित परिवारों के साथ हुए अत्याचार पर कांग्रेस ने यही किया है।

साथियों,
जबसे महिलाओं को आरक्षण देने वाला कानून, नारीशक्ति वंदन अधिनियम पारित हुआ है, तबसे इन्होंने महिलाओं के विरुध अभद्र अभियान छेड़ दिया है। घमंडिया गठबंधन के नेताओं ने कैसी-कैसी आपत्तिजनक टिप्पणियां हमारी माताओं-बहनों के लिए की है। बिहार के मुख्यमंत्री ने तो विधानसभा में, महिलाओं के प्रति घोर अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया है। लेकिन मजाल है कि कांग्रेस के किसी भी नेता ने, कोई आवाज़ उठाई हो। यही कांग्रेस का असली चेहरा है जिसे राजस्थान के लोग पहचान गए हैं। साथियों, महिला विरोधी कांग्रेस, कभी महिलाओं का कल्याण नहीं कर सकती, कभी महिलाओं की सुरक्षा नहीं कर सकती। कांग्रेस ने राजस्थान को महिलाओं के खिलाफ अपराध में नंबर वन बना दिया है। यहां मुख्यमंत्री कहते हैं कि बहनों-बेटियों ने पुलिस थाने में जा करके, उन पर जो अत्याचार हुए, जुल्म हुए, उसकी जो शिकायतें, फरियाद दर्ज की हैं, यहां के मुख्यमंत्री कहते हैं, ये सारी शिकायतें फर्जी हैं। क्या कोई मां-बहन ऐसी फर्जी शिकायत करे, ऐसा हमारे देश में कभी हो सकता है क्या? आप मुझे बताइए हो सकता है क्या? कभी कोई महिला, हमारे देश की माताए-बहने तो ऐसी हैं, थोड़ा सा भी किसी ने उनके साथ बदतमीजी की हो तो वहां से चूपचाप चली जाती हैं, वो सोचती हैं कि वो बुरा आदमी है, वो अपने घर जाए मैं अपने काम पर चली जाती हूं। वो कभी झूठ बोलने का तो सोचती भी नहीं हैं। और पुलिस थाने में जाकर के उस पर अत्याचार की बात लिखबाती है। कुछ तो सच होगा कि नहीं होगा भाई? होगा कि नहीं होगा? अरे मुख्यमंत्री ये कहे कि हम जांच करवाएंगे। ये मुख्यमंत्री तो सर्टिफिकेट देते हैं कि महिलाएं आज-कल फर्जी चीजे लिखवा देती हैं। क्या ये महिलाओं का अपमान है कि नहीं है? ऐसे ही जवाब देते हैं क्या? ये महिलाओं का अपमान है कि नहीं है? ये महिलाओं का अपमान है कि नहीं है? ये महिलाओं का अपमान है कि नहीं है? ये महिलाओं का अपमान करने वाली सरकार जानी चाहिए कि नहीं जानी चाहिए? पूरे राजस्थान से जानी चाहिए कि नहीं जानी चाहिए? इतना ही नहीं ये
मुख्यमंत्री का सबसे करीबी मंत्री विधानसभा में इस अत्याचार को ये कहकर उचित ठहराता है कि ये राजस्था तो मर्दों का प्रदेश है। क्या मर्द इसलिए मर्द कहलाते हैं? इस प्रकार से पाप करते हैं। ये मर्दों का अपमान है कि नहीं है? ये मर्दों का अपमान है कि नहीं है? अरे राजस्थान के मर्द बहन-बेटियों की इज्जत के लिए अपना सर कटवा सकते हैं, ये मर्द होते हैं राजस्थान के...और तुम, तुम्हारे मंत्री खुलेआम कह रहे है कि ये मर्दों का प्रदेश है, तो फिर महिलाओं के साथ...आपको शोभा देता है क्या? और इतना ही नहीं उस मंत्री के पास शायद कई लाल डायरियां छिपी हुई हैं। इसलिए, ऐसे मंत्री को भी टिकट दे दिया, इसका मतलब ये हुआ कि महिलाओं पर अत्याचार और जुल्म करने वालों को कांग्रेस के दिल्ली में कारनामें करने वाले लोग भी कांग्रेस के दिल्ली में बैठे सारे बाजीगर भी ये जादूगर की हर बात मानने लगे हैं। और इसलिए कांग्रेस और उसके घमंडिया साथियों की मानसिकता एक जैसी है, महिला विरोधी है। मैं राजस्थान की हर बहन-बेटी से कहूंगा आपको राजस्थान से कांग्रेस को साफ करने के बाद ही चैन से बैठना है।

साथियों,
कांग्रेस के लोग, सिर्फ एक परिवार के बारे में सोचते हैं, भाजपा के लिए आप सभी हमारा परिवार हैं। भाजपा का निरंतर प्रयास है कि हर परिवार की बचत को कैसे बढ़ाया जाए। आप याद कीजिए, कांग्रेस सरकार जब थी, तब 2 लाख रुपए तक की इनकम पर भी टैक्स लगता था। यहां के लोग तो बराबर व्यापार दुनिया से जुड़े हुए हैं। दो लाख पर टैक्स लगता था कि नहीं लगता था? जवाब दीजिए, जरा याद कीजिए, कांग्रेस के जमाने में दो लाख रुपये पर टैक्स लगता था कि नहीं लगता था? ये मोदी के आने के बाद 7 लाख रुपए तक एक नया पैसा टैक्स नहीं लगता है। मेरे मध्यम वर्ग के पैसे बचते हैं। 2014 में सरकार बनने के बाद भाजपा सरकार ने डायरेक्ट टैक्स में जो कमी की है, उसकी वजह से मध्यम वर्ग की जेब में ढाई लाख करोड़ रुपए बचे हैं। और ये हमारे कर्मचारियों हो, हमारे व्यापारी हो, छोटे दुकानदार हो, इनके लिए बहुत बडी राहत का काम है।

साथियों,
ये केंद्र की भाजपा सरकार की नीतियां हैं जिनकी वजह से आज आपके मोबाइल का बिल भी कम आ रहा है। कभी आपको मालूम है कि मोबाइल का कितना बिल देते थे आप? या भूल गए? अब ये भूल जाओगे तो कैसे चलेगा भाई। जरा पुराना हिसाब किताब निकाल दीजिए। 2014 के पहले आपके पास अगर मोबाइल फोन था, तो मोबाइल का बिल कितना आता था, वो जरा देख लीजिए। कांग्रेस सरकार के समय में आप जितना मोबाइल डेटा खर्च करते थे, आज अगर डेटा की कीमत वही होती, 2014 में जो दाम देने पड़ते थे, आज अगर वही होता ना, तो हर महीने सिर्फ मोबाइल खर्च में आपको 5 हजार रुपए अधिक खर्च करना पड़ता। अभी आपका हर महीने 5 हजार रुपया बचा कि नहीं बचा? जरा जोर से बोलो ना पैसा बचा है यार मारवाड़ी हो। पांच हजार रुपया बचा कि नहीं बचा? आज एक घऱ में तीन या चार मोबाइल होते हैं, तो कितना रुपया बचा? कितना रुपया बचा? ये मोदी का काम करने का तरीका है। अनेक परिवार हैं, अब आप देखिए, कोई मध्यम वर्ग का परिवार हो, कोई गरीबी से लड़कर बाहर आया हुआ नया-नया मध्यम वर्ग में आया है, लेकिन परिवार में बुजुर्ग मां-बाप हो और मान लीजिए डायबिटीज जैसी बीमारी आ गई, तो उसको हर महीने, जो दवाई लेनी पड़ती है ना, हजार, दो हजार रुपये का अतिरिक्त खर्चा होता है। होता है कि नहीं होता है? लेकिन हमने स्थान-स्थान पर प्रधानमंत्री लेकिन जनऔषधि केंद्र खोले, 80 परसेंट डिस्काउंट.. कितना? कितना थोड़ा बोलिए ना भइया? 80 परसेंट डिस्काउंट.. कितना? 80 परसेंट डिस्काउंट, माताओं-बहनों से पूछना कितना होता है? दिवाली पर साढ़ी की दुकान पर जाए और कोई बड़ा सा बोर्ड लगा दे कि 10 परसेंट डिस्काउंट, तो फिर साड़ी वहां खरीदने जाती है। क्योकि डिस्काउंट हमारे देश में बहुत चलता है। लेकिन कोई 10 परसेंट, 20 परसेंट से ज्यादा डिस्काउंट देता नहीं है। ये आपका बेटा दवाइयों में 80 परसेंट डिस्काउंट ताकि मध्यम वर्ग के परिवार में यदि डायबिटीज की दवा लानी पड़े तो जो दवाई उनको दो हजार रुपये में लानी पड़ती थी वो उनको 10 परसेंट, 20 परसेंट में मिल जाती है। उसका 80 परसेंट पैसा बच जाता है।

मेरे परिवारजनों,
कोरोना के ही संकट काल में दुनिया का सबसे बड़ा मुफ्त राशन देने का अभियान हमने शुरू किया। आप जानते हैं कितनी भयंकर बीमारी आई थी। मौत मंडरा रहा था। दुनियाभर से अस्पतालों से खबरें आने का मतलब डेड बॉढ़ी के ढेर दिखाई देते थे। चारों तरफ मौत का आतंक छाया हुआ था कि नहीं छाया था? कोविड ने डरा दिया था कि नहीं डरा दिया था? कब मौत आके दरबाजे को खटखटाएगी, डर लगता था कि नहीं लगता था? बेटा भी मां की सेवा के लिए उनके कमरे में नहीं जा पाता था। मां भी बेटे की सेवा नहीं कर पाती थी। हर किसी को लगता था कहीं कोरोना ना हो जाए। और उस समय बाहर भी सारा काम बंद हो गया था। लोग भी अपने-अपने घर वापस चले आए थे। तब भी आपका बेटा सो नहीं पाता था, ये आपका बेटा दिन-रात जागता था। और तब मैंने तय किया था कि कुछ भी हो जाए, कुछ भी हो जाए, कितनी ही मूसीबत क्यों न आए, खजाना खाली क्यों ना हो जाए लेकिन किसी के घर का चूल्हा बूझने नहीं दूंगा। किसी गरीब मां को आंसू बहाने के लिए मजबूर नहीं होना पड़ेगा, कोई बेटा भूख से नहीं सोएगा। मुझे बताइये, हम तो राजस्थान के लोग है, पानी के एक प्याऊ भी कर दे ना, तो लोग कहते हैं कि पुण्य का काम किया। कहते हैं कि नहीं कहते हैं? आज भी लाख-बनजारा को याद करते हैं कि नहीं करते हैं? और किसी को थाली भर दें, संकट के समय में भी उन्हें मुफ्त में खाना मिल जाए तो आशीर्वाद देता है कि नहीं देता है? पुण्य मिलता है कि नहीं मिलता है। ये काम पुण्य का किया है कि नहीं किया है? ये पुण्य किसको मिलता है? ये पुण्य किसको मिलता है? ये पुण्य किसको मिलता है? ये पुण्य किसको मिलता है? यही तो गलती हो जाती है। ये पुण्य मोदी को नहीं मिलता है, ये पुण्य आपको मिलता है, क्योंकि आपने एक वोट देकर मोदी को बैठाया है, ये वोट देने का पुण्य आपने किया है, इसलिए आप पुण्य कमा रहे हैं। ये पुण्य जो जमा हो रहा है ना आपका वो एक वोट की ताकत है जिसके कारण पुण्य जमा हो रहा है। आज दिसंवब महीना में ये योजना पूरी होने वाली थी, लेकिन ये पुण्य का काम पवित्र काम है, हर किसी की थाली में रोटी पहुंचाने का काम है, और इसलिए आपके बेटे ने संकल्प किया है, निर्णय किया है, मन बना लिया है कि दिसंबर में ये योजना पूरी नहीं होने दूंगा, उसे पांच साल और आगे बढ़ा दिया है। लेकिन कांग्रेस के भ्रष्ट लोगों ने इसमें भी भ्रष्टाचार का मौका खोज लिया।

मेरे परिवारजनों,
राजस्थान सरकार की लूट का एक और उदाहरण पेट्रोल की कीमते हैं। आप देखिए राजस्थान के आस-परोस के राज्य, राजस्था का परोसी यूपी है, राजस्थान का परोसी हरियाणा है, वहां भाजपा की सरकारें हैं। वहां पेट्रोल 97 रुपये प्रति लीटर मिलता है, 97, लेकिन कांग्रेस की राजस्थान सरकार गुजरात, उत्तर प्रदेश और हरियाणा से 12-13 रुपया पेट्रोल एक-एक लीटर का ज्यादा लेती है। महंगा पेट्रोल बेचती है और कटकी कंपनी चलाती है, और इसके कारण राजस्थान में लगातार कीमतें बढ़ रही है। मैं आज राजस्थान को वादा करता हूं मैं गारंटी देता हूं। 3 दिसंबर के बाद भाजपा सरकार बनेगी, तो उसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों की समीक्षा की जाएगी। इससे गरीब और मिडल क्लास परिवारों को बहुत राहत मिलेगी।

मेरे परिवारजनों,
जहां-जहां भाजपा की डबल इंजन सरकार हैं, वहां-वहां केंद्र की हर योजना तेज़ी से ज़मीन पर उतरती है। या फिर भाजपा की राज्य सरकारें, अपना भी कुछ उसमें जोड़कर देती हैं। जहां-जहां भाजपा सरकारें हैं, वहां पीएम किसान सम्मान निधि के 6 हज़ार रुपये के साथ, भाजपा की राज्य सरकार भी अपनी तरफ से 6 हज़ार किसानों को और जोड़कर देती है। अब मैं ऱाजस्थान भाजपा के नेताओं को बधाई देता हूं, उन्होंने भी संकल्प किया है कि यहां तीन दिसंबर के बाद यहां भाजपा की सरकार बनने के बाद किसान को छह हजार रुपये और यानि अब 12 हज़ार रुपए किसानों के बैंक खाते में जमा किए जाएंगे। लेकिन भाइयों-बहनों किसान विरोधी, गरीब विरोधी कांग्रेस सरकार, आपके हित में ऐसा कोई फैसला ले ही नहीं ले सकती है। एक और उदाहरण मैं देता हूं, गरीबों को पक्का आवास देने की योजना, लेकिन राजस्थान में, हम पूरी कोशिश के बाद भी अभी तक लगभग 20 लाख घर ही बना पाए हैं। यहां पाली जिले के गांवों में भी 35 हज़ार से अधिक घर बने हैं। इनकी संख्या बहुत ज्यादा हो सकती थी, लेकिन राजस्थान की गरीब विरोधी कांग्रेस सरकार ने गरीबों के घर बनाने में लगातार अड़चनें लगाईं। आज मुझे अभी हेलीपैड पर कार्यकर्ता मिले तो बता रहे थे कि जब रजिस्ट्री होती थी तो राजस्थान की सरकार ऑनलाइन को सबकुछ बंद कर देती थी, ऑफलाइन कर देती थी और कहती थी कि हमारी रजिस्ट्री नहीं हो रही है ऐसा पाप करते थे। गरीब विरोधी कैसी मानसिकता है।

भाइयों-बहनों,
आप मेरा एक काम करेंगे? करेंगे? आपके गांव में, आपके शहर में, किसी भी मोहल्ले में, कोई फुटपाथ पर रहता है, कोई झुग्गी झोपड़ी में रहता है

कोई कच्चे टूटे फूटे मकान में रहता है। उसको बता देना कि मोदीजी पाली आए थे और मोदी जी ने कहा है, मोदी जी ने कहा है कि 3 दिसंबर को बीजेपी की सरकार बनने के बाद यह गरीबों को पक्का घर देने का काम फिर से चालू होगा और उनका घर भी बन जाएगा। यह काम करोगे? जा करके बताओगे? ये मोदी की गारंटी है बताओगे?

साथियों,
राजस्थान में हर घर नल से जल पहुंचाने के अभियान को भी कांग्रेस ने लूटने का काम किया है। हरियाणा और गुजरात में भाजपा सरकारों ने शत प्रतिशत घरों तक नल से जल पहुंचाया है, लेकिन राजस्थान में अभी तक आधी आबादी तक भी पानी पहुंचा नहीं है। माताओं बहनों से उनकी क्या दुश्मनी है मुझे समझ नहीं आ रहा है। वरना सबसे पहला काम कोई पानी पहुंचाने का करता और तब मेरी माताएं बहनें इतना आशीर्वाद देती, लेकिन उन्होंने नहीं किया। किया तो नहीं होने भी नहीं दिया। मैं दिल्ली से नल के लिए पैसा भेजता हूं, पाइप के लिए पैसा भेजता हूं और यहां कांग्रेसी कागजों पर नल लगाते हैं और पैसे डकार कर जाते हैं। राजस्थान को पानी की समस्याओं से मुक्त करने के लिए कांग्रेस ने भी... अगर आपको पानी चाहिए तो आपको ये काम करना पड़ेगा करोगे? अगर आपको पानी चाहिए तो कांग्रेस से मुक्ति पानी होगी।

मेरे परिवारजनों,
मैंने सुना है कि यहां खुद को जादूगर कहने वाले सीएम अपनी हार से इतना बौखला गए हैं, इतना बौखला गए हैं कि उन्होंने मीडिया को भी धमकाना शुरू कर दिया है। पता नहीं ये डरते है कि नहीं डरते मुझे मालूम नहीं, लेकिन धमकाना शुरू कर दिया है। लेकिन लोग बताते हैं कि लाल डायरी के पन्नों और गणपति प्लाज़ा के लॉकरों से निकलते माल की खबरों पार यहां अघोषित प्रतिबंध लग गया है। छप ही नहीं रहा है, टीवी पे नहीं आ रहा है, अचानक क्या हो गया भाई? मीडिया को दबा कर के इनसे जुड़ी खबरें छापो मत और झूठी खबरें, छापों ये खेल कर रहे हैं गहलोत जी। अरे, जिनकी नैया को जनता ने डुबाने का ठान लिया है वो कांग्रेस पैसे देकर अखबारों में फर्जी लहर चलवा रही है। और जादूगर साहब आप का जादू, आप की काली कमाई के सच को दबा नहीं सकता है। ये पाप से आपको बचा नहीं सकता है। जिन युवाओं का भविष्य पेपर लीक करके बेचा गया है उस पर ये जादू नहीं चलेगा। जिन कर्मचारियों को ट्रांसफर पोस्टिंग के नाम पर लूटा गया है, परेशान किया गया है उन पर ये जादू नहीं चलेगा।

मेरे परिवारजनों,
कांग्रेस सरकार ने पाली समेत पूरे राजस्थान को अपने हाल पर छोड़ दिया है। कांग्रेस सरकार के ढुलमुल रवैये के कारण पाली शहर की स्थिति भी खस्ताहाल है। आप लोगों को आए दिन प्रदर्शन करना पड़ता है, मोर्चे निकालने पड़ते हैं, संघर्ष करना पड़ता है। लेकिन कांग्रेस के नेताओं ने कभी इसकी परवाह नहीं की। अब कांग्रेस के ऐसे नेताओं को सबक सिखाने का समय आ गया है। साथियों, पाली आस्था और अध्यात्म का केंद्र है। यहां हमारी विरासत से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण स्थान है। इसलिए यहां पर्यटन को लेकर अनेक संभावनाएं हैं। आपको याद होगा कि हाल ही में पाली जिलों को राजस्थान की पहली हेरिटेज ट्रेन की सौगात मिली है। मारवाड़ जंक्शन रेलवे स्टेशन से कांबली गार्ड के बीच राजस्थान की पहली हेरिटेज ट्रेन शुरू की गई है। विस्टाडोम एक ऐसी कोच वाली ये ट्रेन देशी विदेशी पर्यटकों को आपके जिले में लेकर आएगी। ये ट्रेन राजस्थान के मिनी कश्मीर कही जाने वाले गोरमघाट के खूबसूरत नजारों को दुनिया के पर्यटन मानचित्र पर ला करके रखेंगे। यहां के रोड और रेल कनेक्टिविटी पर भाजपा सरकार बल दे रही है। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पाली, मारवाड़, सोजत रोड, सोमेसर और रानी रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है। मारवाड़ दिल्ली-मुंबई डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर से जुड़ा है, इससे पूरे क्षेत्र में टूरिज़म और इंडस्ट्री दोनों को बहुत लाभ होगा। मैसाना-भंटिडा-गुरुदासपुर गैस पाइपलाइन ये शुरू होने से घरों में चूल्हे तक गैस की पाइपलाइन आ जाएगी माताएं बहनें, और गैस सस्ता भी हो जाएगा। और इससे यहां के उद्योगों को भी लाभ होगा।

साथियों,
पाली जिले ने तो हमेशा भाजपा को भरपूर प्यार दिया है। और इसलिए, मैं आपके पास वोट मांगने नहीं आया हूं। अप वो लोग हैं जिनसे कुछ मांगना ही नहीं पड़ा। आप ने देने में कभी कमी नहीं रखी है। मैं तो आया हूं मेरे पाली के सभी परिवारजनों को निमंत्रण देने के लिए कि 3 दिसंबर के बाद भाजपा की सरकार का शपथ होगा, उस शपथ समारोह में आने के लिए निमंत्रण देने आया हूं। आच्छा मैं एक संकल्प लूंगा। और आप को दोहराना होगा, दोहराओगे? आपको बोलना होगा कमल चुनेगा राजस्थान... क्या बोलना है? क्या बोलना है? ज़रा दोनों हाथ ऊपर करके मुट्ठी बंद करके बोलते रहना हैं आपको बोलेंगे? पूरी ताकत से बोलेंगे? दोनों हाथ ऊपर करके, पीछे जो खड़े हैं वो भी। तो मैं शुरू करता हूं..
बंद करो तुष्टीकरण की दुकान........ कमल चुनेगा राजस्थान
दंगाइयों का काम तमाम................. कमल चुनेगा राजस्थान।
भ्रष्टाचार पर लगे लगाम................. कमल चुनेगा राजस्थान।
पेपर माफिया की मिटे नामोनिशान.....कमल चुनेगा राजस्थान।
बहन-बेटियों का बढ़ेगा मान............... कमल चुनेगा राजस्थान

आपकी हिम्मत और हौसला देखकर के मुझे पक्का लगता है हर कोने से कांग्रेस गई। अच्छा मेरा एक काम करोगे? मेरा एक काम करोगे? ऐसे नहीं ज़रा ज़ोर से बोलो तो बतऊं मैं। करोगे? चुनाव वाला काम नहीं है, फिर भी करोगे? ये चुनावी क्षेत्र वाला कोई कुछ नहीं है, सीधा सीधा काम है करोगे? मेरा पर्सनल काम है, करोगे? पक्का करोगे? अच्छा तो एक काम करना, घर-घर जाना। हर परिवार को कहना, कि अपने मोदी जी पाली आए थे। और अपने मोदी जी ने आपको राम-राम कहा है। ये मेरा-राम राम पहुंचा दोगे? हर घर में मेरा प्रणाम पहुंचा दोगे? हर घर में मेरा नमस्ते पहुंचा दोगे? जब आप हर परिवार में मेरा राम-राम पहुंचाओगे ना, मेरा प्रणाम पहुंचाओगे ना, मेरा नमस्ते कहोगे ना तो वो पूरा परिवार, वो पूरा परिवार मुझे आशीर्वाद देगा। पूरा परिवार मुझे आशीर्वाद देगा और जब आशीर्वाद मिलते है ना तो मुझे एक नई औषधि मिल जाती है। जब आशीर्वाद मिलते हैं ना तो मुझे नई ऊर्जा मिल जाती है। अगर आशीर्वाद मिलते हैं तो आपकी आकांक्षाएं पूरी करने की ताकत आ जाती है। जब आशीर्वाद मिलते हैं तो दिन-रात दौड़ने का हौसला बुलंद हो जाता है। और इसलिए, हर परिवार में जाना होगा, राम राम कहना होगा। कहेंगे? कहेंगे?
बोलो भारत माता की... भारत माता की... भारत माता की..।
बहुत-बहुत धन्यवाद।

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Indian Air Force’s Made-in-India Samar-II to shield India’s skies against threats from enemies

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New India is finishing tasks at a rapid pace: PM Modi
February 25, 2024
Dedicates five AIIMS at Rajkot, Bathinda, Raebareli, Kalyani and Mangalagiri
Lays foundation stone and dedicates to nation more than 200 Health Care Infrastructure Projects worth more than Rs 11,500 crore across 23 States /UTs
Inaugurates National Institute of Naturopathy named ‘Nisarg Gram’ in Pune
Inaugurates and dedicates to nation 21 projects of the Employees’ State Insurance Corporation worth around Rs 2280 crores
Lays foundation stone for various renewable energy projects
Lays foundation stone for New Mundra-Panipat pipeline project worth over Rs 9000 crores
“We are taking the government out of Delhi and trend of holding important national events outside Delhi is on the rise”
“New India is finishing tasks at rapid pace”
“I can see that generations have changed but affection for Modi is beyond any age limit”
“With Darshan of the submerged Dwarka, my resolve for Vikas and Virasat has gained new strength; divine faith has been added to my goal of a Viksit Bharat”
“In 7 decades 7 AIIMS were approved, some of them never completed. In last 10 days, inauguration or foundation stone laying of 7 AIIMS have taken place”
“When Modi guarantees to make India the world’s third largest economic superpower, the goal is health for all and prosperity for all”

भारत माता की जय!

भारत माता की जय!

मंच पर उपस्थित गुजरात के लोकप्रिय मुख्यमंत्री श्रीमान भूपेंद्र भाई पटेल, केंद्र में मंत्रिपरिषद के मेरे सहयोगी मनसुख मांडविया, गुजरात प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष और संसद में मेरे साथी सी आर पाटिल, मंच पर विराजमान अन्य सभी वरिष्ठ महानुभाव, और राजकोट के मेरे भाइयों और बहनों, नमस्कार।

आज के इस कार्यक्रम से देश के अनेक राज्यों से बहुत बड़ी संख्या में अन्य लोग भी जुड़े हैं। कई राज्यों के माननीय मुख्यमंत्री, माननीय गवर्नर श्री, विधायकगण, सांसदगण, केंद्र के मंत्रीगण, ये सब इस कार्यक्रम में वीडियो कांफ्रेंसिंग से हमारे साथ जुड़े हैं। मैं उन सभी का भी हृदय से बहुत-बहुत अभिनंदन करता हूं।

एक समय था, जब देश के सारे प्रमुख कार्यक्रम दिल्ली में ही होकर रह जाते थे। मैंने भारत सरकार को दिल्ली से बाहर निकालकर देश के कोने-कोने तक पहुंचा दिया है और आज राजकोट पहुंच गए। आज का ये कार्यक्रम भी इसी बात का गवाह है। आज इस एक कार्यक्रम से देश के अनेकों शहरों में विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास होना, एक नई परंपरा को आगे बढ़ा रहा है। कुछ दिन पहले ही मैं जम्मू कश्मीर में था। वहां से मैंने IIT भिलाई, IIT तिरुपति, ट्रिपल आईटी DM कुरनूल, IIM बोध गया, IIM जम्मू, IIM विशाखापट्टनम और IIS कानपुर के कैंपस का एक साथ जम्‍मू से लोकार्पण किया था। और अब आज यहां राजकोट से- एम्स राजकोट, एम्स रायबरेली, एम्स मंगलगिरी, एम्स भटिंडा, एम्स कल्याणी का लोकार्पण हुआ है। पांच एम्स, विकसित होता भारत, ऐसे ही तेज गति से काम कर रहा है, काम पूरे कर रहा है।

साथियों,

आज मैं राजकोट आया हूं, तो बहुत कुछ पुराना भी याद आ रहा है। मेरे जीवन का कल एक विशेष दिन था। मेरी चुनावी यात्रा की शुरुआत में राजकोट की बड़ी भूमिका है। 22 साल पहले 24 फरवरी को ही राजकोट ने मुझे पहली बार आशीर्वाद दिया था, अपना MLA चुना था। और आज 25 फरवरी के दिन मैंने पहली बार राजकोट के विधायक के तौर पर गांधीनगर विधानसभा में शपथ ली थी, जिंदगी में पहली बार। आपने तब मुझे अपने प्यार, अपने विश्वास का कर्जदार बना दिया था। लेकिन आज 22 साल बाद मैं राजकोट के एक-एक परिजन को गर्व के साथ कह सकता हूं कि मैंने आपके भरोसे पर खरा उतरने की पूरी कोशिश की है।

आज पूरा देश इतना प्यार दे रहा है, इतने आशीर्वाद दे रहा है, तो इसके यश का हकदार ये राजकोट भी है। आज जब पूरा देश, तीसरी बार-NDA सरकार को आशीर्वाद दे रहा है, आज जब पूरा देश, अबकी बार-400 पार का विश्वास, 400 पार का विश्वास कर रहा है। तब मैं पुन: राजकोट के एक-एक परिजन को सिर झुकाकर नमन करता हूं। मैं देख रहा हूं, पीढ़ियां बदल गई हैं, लेकिन मोदी के लिए स्नेह हर आयु सीमा से परे है। ये जो आपका कर्ज है, इसको मैं ब्याज के साथ, विकास करके चुकाने का प्रयास करता हूं।

साथियों,

मैं आप सबकी भी क्षमा चाहता हूं, और सभी अलग-अलग राज्यों में माननीय मुख्यमंत्री और वहां के जो नागरिक बैठे हैं, मैं उन सबसे भी क्षमा मांगता हूं क्योंकि मुझे आज आने में थोड़ा विलंब हो गया, आपको इंतजार करना पड़ा। लेकिन इसके पीछे कारण ये था कि आज मैं द्वारका में भगवान द्वारकाधीश के दर्शन करके, उन्हें प्रणाम करके राजकोट आया हूं। द्वारका को बेट द्वारका से जोड़ने वाले सुदर्शन सेतु का लोकार्पण भी मैंने किया है। द्वारका की इस सेवा के साथ-साथ ही आज मुझे एक अद्भुत आध्यात्मिक साधना का लाभ भी मिला है। प्राचीन द्वारका, जिसके बारे में कहते हैं कि उसे खुद भगवान श्रीकृष्ण ने बसाया था, आज वो समुद्र में डूब गई है, आज मेरा सौभाग्य था कि मैं समुद्र के भीतर जाकर बहुत गहराई में चला गया और भीतर जाकर मुझे उस समुद्र में डूब चुकी श्रीकृष्‍ण वाली द्वारका, उसके दर्शन करने का और जो अवशेष हैं, उसे स्पर्श करके जीवन को धन्य बनाने का, पूजन करने का, वहां कुछ पल प्रभु श्रीकृष्ण का स्मरण करने का मुझे सौभाग्य मिला। मेरे मन में लंबे अर्से से ये इच्छा थी कि भगवान कृष्ण की बसाई उस द्वारका भले ही पानी के भीतर रही हो, कभी न कभी जाऊंगा, मत्था टेकुंगा और वो सौभाग्य आज मुझे मिला। प्राचीन ग्रंथों में द्वारका के बारे में पढ़ना, पुरातत्वविदों की खोजों को जानना, ये हमें आश्चर्य से भर देता है। आज समंदर के भीतर जाकर मैंने उसी दृश्य को अपनी आंखों से देखा, उस पवित्र भूमि को स्पर्श किया। मैंने पूजन के साथ ही वहां मोर पंख को भी अर्पित किया। उस अनुभव ने मुझे कितना भाव विभोर किया है, ये शब्दों में बताना मेरे लिए मुश्किल है। समंदर के गहरे पानी में मैं यही सोच रहा था कि हमारे भारत का वैभव, उसके विकास का स्तर कितना ऊंचा रहा है। मैं समुद्र से जब बाहर निकला, तो भगवान श्रीकृष्ण के आशीर्वाद के साथ-साथ मैं द्वारका की प्रेरणा भी अपने साथ लेकर लाया हूं। विकास और विरासत के मेरे संकल्पों को आज एक नई ताकत मिली है, नई ऊर्जा मिली है, विकसित भारत के मेरे लक्ष्य से आज दैवीय विश्वास उसके साथ जुड़ गया है।

साथियों,

आज भी यहां 48 हज़ार करोड़ से ज्यादा के प्रोजेक्ट्स आपको, पूरे देश को मिले हैं। आज न्यू मुंद्रा-पानीपत पाइपलाइन प्रोजेक्ट का शिलान्यास हुआ है। इससे गुजरात से कच्चा तेल सीधे हरियाणा की रिफाइनरी तक पाइप से पहुंचेगा। आज राजकोट सहित पूरे सौराष्ट्र को रोड, उसके bridges, रेल लाइन के दोहरीकरण, बिजली, स्वास्थ्य और शिक्षा सहित अनेक सुविधाएं भी मिली हैं। इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बाद, अब एम्स भी राजकोट को समर्पित है और इसके लिए राजकोट को, पूरे सौराष्‍ट्र को, पूरे गुजरात को बहुत-बहुत बधाई! और देश में जिन-जिन स्‍थानों पर आज ये एम्स समर्पित हो रहा है, वहां के भी सब नागरिक भाई-बहनों को मेरी तरफ से बहुत-बहुत बधाई।

साथियों,

आज का दिन सिर्फ राजकोट और गुजरात के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए भी ऐतिहासिक है। दुनिया की 5वीं बड़ी अर्थव्यवस्था का हेल्थ सेक्टर कैसा होना चाहिए? विकसित भारत में स्वास्थ्य सुविधाओं का स्तर कैसा होगा? इसकी एक झलक आज हम राजकोट में देख रहे हैं। आज़ादी के 50 सालों तक देश में सिर्फ एक एम्स था और भी दिल्ली में। आज़ादी के 7 दशकें में सिर्फ 7 एम्स को मंजूरी दी गई, लेकिन वो भी कभी पूरे नहीं बन पाए। और आज देखिए, बीते सिर्फ 10 दिन में, 10 दिन के भीतर-भीतर, 7 नए एम्स का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। इसलिए ही मैं कहता हूं कि जो 6-7 दशकों में नहीं हुआ, उससे कई गुना तेजी से हम देश का विकास करके, देश की जनता के चरणों में समर्पित कर रहे हैं। आज 23 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 200 से अधिक हेल्थ केयर इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का भी शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। इनमें मेडिकल कॉलेज हैं, बड़े अस्पतालों के सैटेलाइट सेंटर हैं, गंभीर बीमारियों के लिए इलाज से जुड़े बड़े अस्पताल हैं।

साथियों,

आज देश कह रहा है, मोदी की गारंटी यानि गारंटी पूरा होने की गारंटी। मोदी की गारंटी पर ये अटूट भरोसा क्यों है, इसका जवाब भी एम्स में मिलेगा। मैंने राजकोट को गुजरात के पहले एम्स की गारंटी दी थी। 3 साल पहले शिलान्यास किया और आज लोकार्पण किया- आपके सेवक ने गारंटी पूरी की। मैंने पंजाब को अपने एम्स की गारंटी दी थी, भटिंडा एम्स का शिलान्यास भी मैंने किया था और आज लोकार्पण भी मैं ही कर रहा हूं- आपके सेवक ने गारंटी पूरी की। मैंने यूपी के रायबरेली को एम्स की गारंटी दी थी। कांग्रेस के शाही परिवार ने रायबरेली में सिर्फ राजनीति की, काम मोदी ने किया। मैंने रायबरेली एम्स का 5 साल पहले शिलान्यास किया और आज लोकार्पण किया। आपके इस सेवक ने गारंटी पूरी की। मैंने पश्चिम बंगाल को पहले एम्स की गारंटी दी थी, आज कल्याणी एम्स का लोकार्पण भी हुआ-आपके सेवक ने गारंटी पूरी कर दी। मैंने आंध्र प्रदेश को पहले एम्स की गारंटी दी थी, आज मंगलगिरी एम्स का लोकार्पण हुआ- आपके सेवक ने वो गारंटी भी पूरी कर दी। मैंने हरियाणा के रेवाड़ी को एम्स की गारंटी दी थी, कुछ दिन पहले ही, 16 फरवरी को उसकी आधारशिला रखी गई है। यानि आपके सेवक ने ये गारंटी भी पूरी की। बीते 10 वर्षों में हमारी सरकार ने 10 नए एम्स देश के अलग-अलग राज्यों में स्वीकृत किए हैं। कभी राज्यों के लोग केंद्र सरकार से एम्स की मांग करते-करते थक जाते थे। आज एक के बाद एक देश में एम्स जैसे आधुनिक अस्पताल और मेडिकल कॉलेज खुल रहे हैं। तभी तो देश कहता है- जहां दूसरों से उम्मीद खत्म हो जाती है, मोदी की गारंटी वहीं से शुरू हो जाती है।

साथियों,

भारत ने कोरोना को कैसे हराया, इसकी चर्चा आज पूरी दुनिया में होती है। हम ये इसलिए कर पाए, क्योंकि बीते 10 वर्षों में भारत का हेल्थ केयर सिस्टम पूरी तरह से बदल गया है। बीते दशक में एम्स, मेडिकल कॉलेज और क्रिटिकल केयर इंफ्रास्ट्रक्चर के नेटवर्क का अभूतपूर्व विस्तार हुआ है। हमने छोटी-छोटी बीमारियों के लिए गांव-गांव में डेढ़ लाख से ज्यादा आयुष्मान आरोग्य मंदिर बनाए हैं, डेढ़ लाख से ज्यादा। 10 साल पहले देश में करीब-करीब 380-390 मेडिकल कॉलेज थे, आज 706 मेडिकल कॉलेज हैं। 10 साल पहले MBBS की सीटें लगभग 50 हज़ार थीं, आज 1 लाख से अधिक हैं। 10 साल पहले मेडिकल की पोस्ट ग्रेजुएट सीटें करीब 30 हज़ार थीं, आज 70 हज़ार से अधिक हैं। आने वाले कुछ वर्षों में भारत में जितने युवा डॉक्टर बनने जा रहे हैं, उतने आजादी के बाद 70 साल में भी नहीं बने। आज देश में 64 हज़ार करोड़ रुपए का आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन चल रहा है। आज भी यहां अनेक मेडिकल कॉलेज, टीबी के इलाज से जुड़े अस्पताल और रिसर्च सेंटर, PGI के सैटेलाइट सेंटर, क्रिटिकल केयर ब्लॉक्स, ऐसे अनेक प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया है। आज ESIC के दर्जनों अस्पताल भी राज्यों को मिले हैं।

साथियों,

हमारी सरकार की प्राथमिकता, बीमारी से बचाव और बीमारी से लड़ने की क्षमता बढ़ाने की भी है। हमने पोषण पर बल दिया है, योग-आयुष और स्वच्छता पर बल दिया है, ताकि बीमारी से बचाव हो। हमने पारंपरिक भारतीय चिकित्सा पद्धति और आधुनिक चिकित्सा, दोनों को बढ़ावा दिया है। आज ही महाराष्ट्र और हरियाणा में योग और नेचुरोपैथी से जुड़े दो बड़े अस्पताल और रिसर्च सेंटर का भी उद्घाटन हुआ है। यहां गुजरात में ही पारंपरिक चिकित्सा पद्धति से जुड़ा WHO का वैश्विक सेंटर भी बन रहा है।

साथियों,

हमारी सरकार का ये निरंतर प्रयास है कि गरीब हो या मध्यम वर्ग, उसको बेहतर इलाज भी मिले और उसकी बचत भी हो। आयुष्मान भारत योजना की वजह से गरीबों के एक लाख करोड़ रुपए खर्च होने से बचे हैं। जन औषधि केंद्रों में 80 परसेंट डिस्काउंट पर दवा मिलने से गरीबों और मध्यम वर्ग के 30 हजार करोड़ रुपए खर्च होने से बचे हैं। यानि सरकार ने जीवन तो बचाया, इतना बोझ भी गरीब और मिडिल क्लास पर पड़ने से बचाया है। उज्ज्वला योजना से भी गरीब परिवारों को 70 हज़ार करोड़ रुपए से अधिक की बचत हो चुकी है। हमारी सरकार ने जो डेटा सस्ता किया है, उसकी वजह से हर मोबाइल इस्तेमाल करने वाले के करीब-करीब 4 हजार रुपए हर महीने बच रहे हैं। टैक्स से जुड़े जो रिफॉर्म्स हुए हैं, उसके कारण भी टैक्सपेयर्स को लगभग ढाई लाख करोड़ रुपए की बचत हुई है।

साथियों,

अब हमारी सरकार एक और ऐसी योजना लेकर आई है, जिससे आने वाले वर्षों में अनेक परिवारों की बचत और बढ़ेगी। हम बिजली का बिल ज़ीरो करने में जुटे हैं और बिजली से परिवारों को कमाई का भी इंतजाम कर रहे हैं। पीएम सूर्य घर- मुफ्त बिजली योजना के माध्यम से हम देश के लोगों की बचत भी कराएंगे और कमाई भी कराएंगे। इस योजना से जुड़ने वाले लोगों को 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलेगी और बाकी बिजली सरकार खरीदेगी, आपको पैसे देगी।

साथियों,

एक तरफ हम हर परिवार को सौर ऊर्जा का उत्पादक बना रहे हैं, तो वहीं सूर्य और पवन ऊर्जा के बड़े प्लांट भी लगा रहे हैं। आज ही कच्छ में दो बड़े सोलर प्रोजेक्ट और एक विंड एनर्जी प्रोजेक्ट का शिलान्यास हुआ है। इससे रिन्यूएबल एनर्जी के उत्पादन में गुजरात की क्षमता का और विस्तार होगा।

साथियों,

हमारा राजकोट, उद्यमियों का, श्रमिकों, कारीगरों का शहर है। ये वो साथी हैं जो आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में बहुत बड़ी भूमिका निभा रहे हैं। इनमें से अनेक साथी हैं, जिन्हें पहली बार मोदी ने पूछा है, मोदी ने पूजा है। हमारे विश्वकर्मा साथियों के लिए देश के इतिहास में पहली बार एक राष्ट्रव्यापी योजना बनी है। 13 हज़ार करोड़ रुपए की पीएम विश्वकर्मा योजना से अभी तक लाखों लोग जुड़ चुके हैं। इसके तहत उन्हें अपने हुनर को निखारने और अपने व्यापार को आगे बढ़ाने में मदद मिल रही है। इस योजना की मदद से गुजरात में 20 हजार से ज्यादा लोगों की ट्रेनिंग पूरी हो चुकी है। इनमें से प्रत्येक विश्वकर्मा लाभार्थी को 15 हजार रुपए तक की मदद भी मिल चुकी है।

साथियों,

आप तो जानते हैं कि हमारे राजकोट में, हमारे यहाँ सोनार का काम कितना बड़ा काम है। इस विश्वकर्मा योजना का लाभ इस व्यवसाय से जुड़े लोगों को भी मिला है।

साथियों,

हमारे लाखों रेहड़ी-ठेले वाले साथियों के लिए पहली बार पीएम स्वनिधि योजना बनी है। अभी तक इस योजना के तहत लगभग 10 हज़ार करोड़ रुपए की मदद इन साथियों को दी जा चुकी है। यहां गुजरात में भी रेहड़ी-पटरी-ठेले वाले भाइयों को करीब 800 करोड़ रुपए की मदद मिली है। आप कल्पना कर सकते हैं कि जिन रेहड़ी-पटरी वालों को पहले दुत्कार दिया जाता था, उन्हें भाजपा किस तरह सम्मानित कर रही है। यहां राजकोट में भी पीएम स्वनिधि योजना के तहत 30 हजार से ज्यादा लोन दिए गए हैं।

साथियों,

जब हमारे ये साथी सशक्त होते हैं, तो विकसित भारत का मिशन सशक्त होता है। जब मोदी भारत को तीसरे नंबर की आर्थिक महाशक्ति बनाने की गारंटी देता है, तो उसका लक्ष्य ही, सबका आरोग्य और सबकी समृद्धि है। आज जो ये प्रोजेक्ट देश को मिले हैं, ये हमारे इस संकल्प को पूरा करेंगे, इसी कामना के साथ आपने जो भव्‍य स्‍वागत किया, एयरपोर्ट से यहां तक आने में पूरे रास्ते पर और यहां भी बीच में आकर के आप के दर्शन करने का अवसर मिला। पुराने कई साथियों के चेहरे आज बहुत सालों के बाद देखे हैं, सबको नमस्ते किया, प्रणाम किया। मुझे बहुत अच्छा लगा। मैं बीजेपी के राजकोट के साथियों का हृदय से अभिनंदन करता हूं। इतना बड़ा भव्य कार्यक्रम करने के लिए और फिर एक बार इन सारे विकास कामों के लिए और विकसित भारत के सपने को साकार करने के लिए हम सब मिलजुल करके आगे बढ़ें। आप सबको बहुत-बहुत बधाई। मेरे साथ बोलिए- भारत माता की जय! भारत माता की जय! भारत माता की जय!

बहुत-बहुत धन्यवाद!

डिस्क्लेमर: प्रधानमंत्री के भाषण का कुछ अंश कहीं-कहीं पर गुजराती भाषा में भी है, जिसका यहाँ भावानुवाद किया गया है।