प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जैनआचार्य श्री विजय वल्लभ सुरिश्वर जी महाराज की 151वीं जयंती समारोह के अवसर पर 16 नवंबर 2020 को 12.30 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ‘स्टैच्यू ऑफ पीस’ का अनावरण करेंगे

श्री विजय वल्लभ सुरिश्वर जी महाराज (1870-1954) ने एक जैन संत के रूप में सादगीपूर्ण जीवन जीते हुए निस्वार्थ और समर्पण भाव से भगवान महावीर के संदेश को फैलाने का कार्य किया। उन्होंने जनता के कल्याण, शिक्षा के प्रसार, सामाजिक बुराइयों के उन्मूलन के लिए भी अथक परिश्रम किया। उन्होंने प्रेरक साहित्य (कविता, निबंध, भक्ति भजन और स्तवन) लिखा और आजादी के आंदोलन और स्वदेशी के उद्देश्य को सक्रिय समर्थन दिया। उनकी प्रेरणा से, कई राज्यों में कॉलेजों, स्कूलों और अध्ययन केंद्रों सहित 50 से अधिक शिक्षण संस्थान संचालित हैं। उनके सम्मान में अनावरण की जाने वाली प्रतिमा को ‘स्टैच्यू ऑफ पीस’ का नाम दिया गया है।

151 इंच ऊंची, यह प्रतिमा अष्टधातु यानी 8 धातुओं से बनाई गई है, जिसमें तांबा प्रमुख घटक है, और इसे राजस्थान के पाली में विजय वल्लभ साधना केंद्र, जैतपुरा में स्थापित किया जा रहा है।

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
India's strong growth outlook intact despite global volatility: Govt

Media Coverage

India's strong growth outlook intact despite global volatility: Govt
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री श्री चंद्रशेखर को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि दी
April 17, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री श्री चन्द्रशेखर को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि दी है।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि इस वर्ष श्री चन्द्रशेखर जी की 100वीं जयंती की शुरुआत हो रही है और यह उनके समृद्ध एवं न्यायपूर्ण भारत के सपने को साकार करने के संकल्प को दोहराने का अवसर है।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने उनकी विरासत को याद करते हुए कहा कि श्री चन्द्रशेखर जी को एक जननेता के रूप में याद किया जाता है; जो साहस, दृढ़ विश्वास और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति गहरी प्रतिबद्धता से परिपूर्ण थे। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि भारत की मिट्टी से गहराई से जुड़े और आम नागरिकों की आकांक्षाओं के प्रति संवेदनशील श्री चन्द्रशेखर जी ने सार्वजनिक जीवन में सादगी और स्पष्टता का उदाहरण प्रस्तुत किया।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने उन अवसरों को भी याद किया जब उन्हें श्री चन्द्रशेखर जी से मिलने और देश के विकास पर विचारों का आदान-प्रदान करने का अवसर मिला।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भारत के युवाओं से श्री चन्द्रशेखर जी के विचारों और भारत की प्रगति के लिए उनके प्रयासों के बारे में अधिक पढ़ने का आह्वान किया।

एक्स(X) पर एक पोस्ट में, श्री मोदी ने लिखा:

“पूर्व प्रधानमंत्री श्री चन्द्रशेखर जी को उनकी जयंती पर विनम्र श्रद्धांजलि। यह वर्ष उनकी 100वीं जयंती की शुरुआत का प्रतीक है और यह एक समृद्ध एवं न्यायपूर्ण भारत के उनके विजन को साकार करने के हमारे संकल्प को दोहराने का समय है। श्री चन्द्रशेखर जी को एक ऐसे जननेता के रूप में याद किया जाता है, जो साहस, दृढ़ विश्वास और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति गहरी प्रतिबद्धता से परिपूर्ण थे। भारत की मिट्टी से गहराई से जुड़े और आम नागरिकों की आकांक्षाओं के प्रति संवेदनशील, उन्होंने सार्वजनिक जीवन में सादगी और स्पष्टता का परिचय दिया। मैं उन अवसरों को याद करता हूं जब मुझे उनसे मिलने और हमारे राष्ट्र के विकास के लिए विचारों का आदान-प्रदान करने का अवसर मिला। मैं भारत के युवाओं से आह्वान करता हूं कि वे श्री चन्द्रशेखर जी के विचारों और भारत की प्रगति के लिए उनके प्रयासों के बारे में अधिक-से-अधिक पढ़ें।”