दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई
दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया की स्थिति पर विचारों का आदान-प्रदान किया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज यूनाइटेड किंगडम के प्रधानमंत्री माननीय ऋषि सुनक से टेलीफोन पर बातचीत की।

प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री सुनक को उनके कार्यकाल का एक वर्ष सफलतापूर्वक पूरा होने पर बधाई दी।

दोनों नेताओं ने व्यापार, निवेश, उभरती प्रौद्योगिकी, रक्षा, सुरक्षा, स्वास्थ्य तथा अन्य क्षेत्रों सहित द्विपक्षीय व्यापक रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना जारी रखने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने पारस्परिक रूप से लाभप्रद मुक्त व्यापार समझौते को शीघ्र पूरा करने की दिशा में की जा रही प्रगति का स्वागत किया।

दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया क्षेत्र के घटनाक्रमों और इजराइल एवं हमास के बीच के संघर्ष के बारे में विचारों का आदान-प्रदान किया। दोनों नेताओं ने आतंकवाद, सुरक्षा की बिगड़ती स्थिति और नागरिकों के जीवन की क्षति पर गहरी चिंता व्यक्त की। दोनों नेता क्षेत्रीय शांति, सुरक्षा, स्थिरता और निरंतर मानवीय सहायता प्रदान करने की आवश्यकता पर सहमत हुए।

दोनों नेता परस्पर संपर्क में बने रहने पर सहमत हुए और दीपावली के उत्सव के लिए शुभकामनाओं का आदान-प्रदान किया।

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पीएम मोदी ने आत्म-सम्मान, साहस और दृढ़ता के महत्व को रेखांकित करने वाला संस्कृत सुभाषितम् साझा किया
August 18, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आत्म-सम्मान, साहस और सम्मान के साथ जीने के महत्व पर जोर डालते हुए एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया है। उन्होंने कहा कि सच्ची वीरता और ताकत किसी भी परिस्थिति में समझौता किए बिना अपने सिद्धांतों और मूल्यों पर दृढ़ रहने में निहित है।
प्रधानमंत्री ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया- 

“उद्यच्छेदेव न नमेदुद्यमो ह्येव पौरुषम्।

अप्यपर्वणि भज्येत न नमत्वेव कस्यचित्॥” 

इस सुभाषितम् का यह संदेश है कि व्यक्ति को सदैव आत्म-सम्मान, साहस और सम्मान के साथ जीना चाहिए। सच्ची वीरता और ताकत इसमें है कि किसी भी परिस्थिति में अपने सिद्धांतों और मूल्यों से समझौता किए बिना सत्य, धैर्य और आत्म-गौरव के साथ अपने आदर्शों पर दृढ़ रहें।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा; 

“उद्यच्छेदेव न नमेदुद्यमो ह्येव पौरुषम्।

अप्यपर्वणि भज्येत न नमत्वेव कस्यचित्॥”