महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी के अंतर्गत निर्मित 90,000 से अधिक आवास राष्ट्र को समर्पित किए
सोलापुर में रायनगर हाउसिंग सोसाइटी के 15,000 आवास समर्पित किए
पीएम-स्वनिधि के 10,000 लाभार्थियों को पहली और दूसरी किस्त का वितरण शुरू किया
“हमारी सरकार श्री राम के आदर्शों पर चलकर देश में सुशासन और ईमानदारी का शासन'' सुनिश्चित करने के लिए प्रथम दिन से ही प्रयासरत हैं”
जब हजारों परिवारों के सपने साकार होते हैं तो हमें बहुत संतुष्टि मिलती है और उनका आशीर्वाद मेरी सबसे बड़ी दौलत बन जाती है
"22 जनवरी को राम ज्योति गरीबी के अंधकार को दूर करने की प्रेरणास्रोत बनेगी''
"सरकार का मार्ग है 'श्रम की गरिमा', 'आत्मनिर्भर श्रमिक' और 'गरीबों का कल्याण'"
गरीबों को पक्का मकान, शौचालय, बिजली के कनेक्शन और जल मिलने चाहिएं, ये सभी सुविधाएं सामाजिक न्याय की गारंटी दी है”

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज महाराष्‍ट्र के सोलापुर में लगभग 2000 करोड़ रुपये लागत की आठ अमृत (कायाकल्प और शहरी परिवर्तन के लिए अटल मिशन) परियोजनाओं की आधारशिला रखी। महाराष्ट्र में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी के अंतर्गत बनाए गए 90,000 से अधिक आवास राष्ट्र को समर्पित किए। सोलापुर में रायनगर हाउसिंग सोसाइटी के 15,000 आवास समर्पित किए गए, जिनके लाभार्थियों में हजारों हथकरघा कामगार, वेंडर, पावरलूम श्रमिक, कचरा बीनने वाले, बीड़ी श्रमिक, ड्राइवर और अन्‍य शामिल हैं। प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान महाराष्ट्र में पीएम-स्वनिधि के 10,000 लाभार्थियों को पहली और दूसरी किस्त का वितरण भी शुरू किया।

 

उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि 22 जनवरी को अयोध्या-धाम में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा पर संपूर्ण देशवासी भक्ति के रंग में सराबोर हैं। श्री मोदी ने कहा, "एक तंबू में भगवान राम के दर्शन की दशकों पुरानी पीड़ा अब दूर हो जाएगी।" उन्होंने कहा कि वह साधु-संतों के मार्गदर्शन में 11 दिवसीय अनुष्ठान के नियमों और विनियमों का पूरी निष्ठा एवं प्रतिबद्धता के साथ पालन कर रहे हैं और उन्होंने सभी नागरिकों के आशीर्वाद से श्री राम विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा आयोजित करने का विश्वास व्यक्त किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि उनका 11 दिवसीय विशेष अनुष्ठान महाराष्ट्र के नासिक में पंचवटी में शुरू हुआ था। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की कि भक्ति की इस बेला में महाराष्ट्र के एक लाख से अधिक परिवार अपना गृह प्रवेश कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "यह बहुत प्रसन्‍नता की बात है कि ये एक लाख परिवार 22 जनवरी की शाम को अपने पक्के घरों में राम ज्योति जलाएंगे।" प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी के आग्रह पर लोगों ने अपने मोबाइल का फ्लैश ऑन कर राम ज्योति के संकल्प को प्रदर्शित किया।

 

प्रधानमंत्री ने आज शुभारंभ की गई परियोजनाओं के लिए क्षेत्र और पूरे महाराष्ट्र के लोगों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने महाराष्ट्र के गौरव के लिए महाराष्ट्र निवासियों की कड़ी मेहनत और प्रगतिशील राज्य सरकार के प्रयासों को भी इसका श्रेय दिया।

 

प्रधानमंत्री ने कहा कि श्री राम ने हमें सर्वदा अपने शब्दों और वचनों के प्रति सच्चा रहना सिखाया। उन्‍होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सोलापुर के हजारों गरीबों के कल्‍याण के लिए लिया गया संकल्प आज वास्तविकता बन रहा है। प्रधानमंत्री ने भावुक होकर कहा कि आज प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत सबसे बड़ी सोसायटी का उद्घाटन किया गया है। उन्होंने ऐसे घरों में रहने की अपने बचपन की इच्छा को याद किया। नम आंखों से प्रधानमंत्री ने कहा, "यह हमें बहुत संतुष्टि देता है जब हजारों परिवारों के सपने साकार होते हैं। उनका आशीर्वाद मेरी सबसे बड़ी दौलत बन जाता है।" उन्होंने इस परियोजना के शिलान्यास समारोह के दौरान लोगों को यह आश्वासन दिया था कि परियोजना पूरी होने पर मोदी खुद उनके घरों की चाबियां सौंपने आएंगे। “आज मोदी ने अपनी गारंटी पूरी कर दी”, उन्होंने कहा, “मोदी की गारंटी का मतलब है गारंटी की पूर्ति।” प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन लोगों को आज अपने घर मिले हैं, उनकी पीढ़ियों को बेघर होने के कारण पीड़ा एवं कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है, मुझे विश्वास है कि पीड़ा की श्रृंखला अब टूट जाएगी और आने वाली पीढ़ियों को उस कठिनाई का सामना नहीं करना पड़ेगा। प्रधानमंत्री ने कहा, "22 जनवरी को प्रज्‍ज्‍वलित की जाने वाली राम ज्योति निर्धनता के अंधेरे को दूर करने की प्रेरणा बनेगी। प्रधानमंत्री ने सभी के लिए प्रसन्‍नता से पूर्ण जीवन की कामना की।

 

प्रधानमंत्री ने उन परिवारों की समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना की जिन्हें आज नए आवास मिले हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार पहले दिन से ही प्रयास कर रही है कि श्रीराम के आदर्शों पर चलते हुए देश में सुशासन हो और देश में ईमानदारी का राज हो। यह राम राज्य ही है जिसने सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र को प्रेरित किया है। श्री मोदी ने रामचरित मानस का उल्‍लेख किया कि सरकार ने निर्धनों के कल्याण को केन्‍द्र में रखा है।

 

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने उस समय को याद किया जब पक्के घर और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव के कारण निर्धन, इस सम्मान से वंचित थे। इस कारण वर्तमान सरकार का ध्यान घरों और शौचालयों के इन मुद्दों पर गया और मिशन मोड में 10 करोड़ 'इज्जत घर' तथा 4 करोड़ पक्के घर उपलब्ध कराए गए।

 

प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार का रास्ता लोगों को बहकाने के स्‍थान पर 'श्रम की गरिमा', 'आत्मनिर्भर श्रमिक' और 'गरीबों का कल्याण' करने का है। प्रधानमंत्री ने आश्वासन दिया कि आप बड़े सपने देखें, आपके सपने ही मेरा संकल्प हैं। उन्होंने प्रवासी मजदूरों के लिए किफायती शहरी आवासों और उचित किराया लेने वाली समितियों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि हम कार्यस्थल के समीप आवास उपलब्ध कराने का प्रयास कर रहे हैं।

 

'श्रमिकों' के शहर होने के बारे में अहमदाबाद के साथ सोलापुर शहर की तुलना करते हुए, प्रधानमंत्री ने 'पूर्वाश्रम' में व्‍यतीत किये गए समय के दौरान सोलापुर शहर से अपने संबंध पर चर्चा की और कहा कि यह पद्मशाली परिवार ही थे जो उन्हें भोजन उपलब्‍ध कराते थे। भले ही उनकी रहने की स्थिति खराब थी। प्रधानमंत्री ने उनके जीवन को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले वकील लक्ष्मणराव ईनामदार की बुनी हुई कलाकृति भेंट किए जाने को याद किया और कहा कि यह आज भी उनके जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।

 

प्रधानमंत्री ने उचित इरादे की कमी और बिचौलियों के कारण पहले के गरीबी उन्मूलन कार्यक्रमों के परिणामों की कमी की ओर संकेत किया। उन्‍होंने कहा कि साफ नियत, गरीबों के सशक्तिकरण की पक्षधर नीतियों और राष्ट्र के प्रति प्रतिबद्धता के कारण मोदी ने सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पहुंचाने की गारंटी दी है। पिछले 10 वर्षों में 30 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे महिलाओं, किसानों, युवाओं और गरीबों के खातों में स्थानांतरित की गई है। जन धन-आधार-मोबाइल की जेएएम ट्रिनिटी का उपयोग करके 10 करोड़ फर्जी लाभार्थियों को बाहर कर दिया गया।

 

विभिन्‍न योजनाएं का शुभारंभ करके निर्धन कल्याण को प्राथमिकता देने के सरकार के प्रयासों पर प्रकाश डालते हुए प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले 9 वर्षों में देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह 10 साल की तपस्या और गरीबों के प्रति सच्चे समर्पण का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यह भाव गरीबी को हराने के लिए दूसरों को भी सशक्त और प्रेरित करता है।

प्रधानमंत्री ने इस विश्वास को दोहराया कि यदि गरीबों को संसाधन और सुविधाएं प्रदान की जाएं तो वे निर्धनता से उबर सकते हैं। इसलिए वर्तमान सरकार ने संसाधन एवं सुविधाएं उपलब्ध कराईं तथा उनके कल्याण की दिशा में ईमानदार प्रयास किये। उस समय को याद करते हुए जब गरीबों के लिए मुख्य मुद्दा दो वक्त का भोजन था, प्रधानमंत्री ने सरकार द्वारा शुरू किए गए नि:शुल्‍क राशन कार्यक्रम का उल्लेख किया ताकि किसी भी गरीब व्यक्ति को खाली पेट न सोना पड़े। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस काल में शुरू की गई इस योजना को अब 5 साल के लिए बढ़ाया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने उन 25 करोड़ लोगों को समर्थन देने की आवश्यकता पर बल दिया जो गरीबी से बाहर आ गए हैं ताकि वे भविष्य में कभी भी गरीबी रेखा से नीचे न आएं। उन्होंने कहा कि ये 25 करोड़ लोग मेरे संकल्प को पूरा करने के लिए समर्पण के साथ आगे बढ़ रहे हैं और मैं उनके साथ खड़ा हूं।

एक राष्‍ट्र, एक राशन कार्ड का उल्‍लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इससे उन लोगों को निरंतर राशन की आपूर्ति सुनिश्चित होगी जो काम के सिलसिले में एक राज्‍य से दूसरे राज्‍य में जाते हैं। उन्होंने कहा कि चिकित्सा खर्च लोगों को गरीबी में धकेलता है और इसलिए सरकार आयुष्मान कार्ड लेकर आई है, इस कार्ड से 5 लाख रुपये तक का नि:शुल्‍क चिकित्सा उपचार प्रदान किया जाता है, जिससे चिकित्सा खर्च पर लगभग 1 लाख करोड़ रुपये की बचत होती है। इसी प्रकार, जन औषधि केंद्र से प्राप्‍त दवाओं पर 80 प्रतिशत की छूट मिलने से गरीब मरीजों के लगभग 30 हजार करोड़ रुपये की बचत होती है। जल जीवन मिशन नागरिकों को जलजनित बीमारियों से बचा रहा है। उन्होंने बताया कि लाभार्थियों में सबसे अधिक संख्या पिछड़े और आदिवासी समुदायों से आती है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने बलपूर्वक कहा कि गरीबों को पक्का घर मिले, शौचालय मिले, बिजली कनेक्शन मिले, पानी मिले, ये सारी सुविधाएं सामाजिक न्याय की भी गारंटी हैं।

“गरीबों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान की जानी चाहिए-यह भी मोदी की गारंटी है। प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने गरीबों के लिए दुर्घटनाओं और जीवन बीमा के लिए 2 लाख रुपये के कवर वाली जीवन बीमा योजनाएं शुरू की हैं। उन्होंने गरीब परिवारों को आवश्‍यकता के समय बीमा के रूप में 16,000 करोड़ रुपये दिये जाने की जानकारी भी साझा की।

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने कहा कि मोदी की गारंटी एक वरदान बन रही है, विशेषकर उन लोगों के लिए जिनके पास कोई बैंक गारंटी नहीं है। उन्होंने उन लोगों का उल्लेख किया जिनके पास बैंक खाते नहीं थे और उनके लिए बैंक से ऋण प्राप्त करना असंभव था। प्रधानमंत्री ने जन धन योजना का उल्‍लेख करते हुएकहा कि इससे 50 करोड़ गरीबों को बैंक खाते खोलकर बैंकिंग प्रणाली से जोड़ा गया। उन्‍होंने आज के अवसर का भी उल्लेख किया जहां 10,000 लाभार्थियों को पीएम स्वनिधि के अंतर्गत बैंक सहायता मिली। उन्होंने यह भी बताया कि जिन रेहड़ी-पटरी वालों और फेरीवालों को अधिक ब्याज वाले ऋण के लिए बाजार की ओर देखना पड़ता था, उन्हें अब बिना किसी गारंटी के बैंक ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब तक उन्हें हजारों करोड़ रुपये का ऋण वितरित किया जा चुका है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सोलापुर एक औद्योगिक शहर है, श्रमिकों का यह शहर स्कूल की वर्दी बनाने के लिए सबसे बड़े सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्योग का क्लस्टर है। उन्‍होंने कहा कि वर्दी सिलने वाले ऐसे विश्वकर्माओं को ध्यान में रखते हुए सरकार ऋण, प्रशिक्षण और आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराने के लिए पीएम विश्वकर्मा योजना लेकर आई। उन्होंने पात्र श्रमिकों से नामांकन कराने को कहा क्योंकि 'मोदी की गारंटी की गाड़ी' पूरे देश में धूम मचा रही है।

आत्मनिर्भर भारत निर्माण की आवश्यकता पर बल देते हुए, प्रधानमंत्री ने कहा कि इस मिशन में लघु और कुटीर उद्योगों की भूमिका को प्रमुख है। सूक्ष्‍म, लघु और मध्‍यम उद्योग को समर्थन देने के कदमों के बारे में प्रधानमंत्री ने महामारी के दौरान इन उद्योगों को दिए पैकेज और एक जिला एक उत्पाद योजना का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि वोकल फॉर लोकल और मेड इन इंडिया जैसे अभियानों से भारतीय उत्पादों को बेहतर प्रोफाइल के कारण नई संभावनाओं का लाभ मिल रहा हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार के तीसरे कार्यकाल के दौरान भारत, विश्‍व की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होगा। उन्होंने बलपूर्वक कहा कि मैंने नागरिकों को इसकी गारंटी दी है और इसे पूरा भी किया जाएगा।" उन्होंने देश के आर्थिक विस्तार में सोलापुर जैसे कई शहरों की भूमिका पर प्रकाश डाला और इन शहरों में पानी तथा सीवेज जैसी सुविधाओं में लगातार सुधार के लिए डबल इंजन सरकार को श्रेय दिया। उन्होंने शहरों को अच्छी सड़कों, रेल और वायुमार्गों से जोड़ने के विकास कार्यों को तेज गति से पूरा करने का भी उल्लेख किया। उन्‍होंने कहा कि संत ज्ञानेश्वर महाराज पालखी मार्ग हो या संत तुकाराम पालखी मार्ग, इन पर भी तेजी से काम चल रहा है और रत्नागिरि, कोल्हापुर तथा सोलापुर के बीच चार लेन के राजमार्ग का काम भी जल्द पूरा हो जाएगा। अपने संबोधन का समापन करते हुए प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि नागरिक, सरकार को आशीर्वाद देना जारी रखेंगे और उन उन्‍होंने उन लोगों को बधाई दी जिन्हें आज अपना स्थायी आवास मिला है।

 

इस अवसर पर अन्य गणमान्‍य लोगों के अतिरिक्‍त महाराष्ट्र के राज्यपाल श्री रमेश बैस, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री एकनाथ शिंदे, महाराष्ट्र के उप-मुख्यमंत्री श्री देवेन्द्र फड़नवीस और श्री अजीत पवार तथा रायनगर फेडरेशन के संस्थापक श्री नरसैया एडम भी उपस्थित थे।

 

पूरा भाषण पढ़ने के लिए यहां क्लिक कीजिए

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
Why Abrogation Of Article 370 Was A Strategic Necessity For India

Media Coverage

Why Abrogation Of Article 370 Was A Strategic Necessity For India
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
सोशल मीडिया कॉर्नर 05 अगस्त 2026
August 05, 2026

Viksit Bharat in Action: Inclusive, Green, and Globally Competitive Under PM Modi