प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को NaMo ऐप के माध्यम से दिल्ली के भाजपा कार्यकर्ताओं से संवाद किया। उन्होंने कहा कि हजारों बूथ कार्यकर्ताओं ने इस कार्यक्रम के लिए सोशल मीडिया के माध्यम से ढेर सारे सुझाव भेजे थे। उन्होंने कहा, ‘मेरा बूथ, सबसे मजबूत’ केवल एक कार्यक्रम नहीं है, ये भारतीय जनता पार्टी की जीवंतता, भारतीय जनता पार्टी की जड़ों की ताकत, और जिन जड़ों से भारतीय जनता पार्टी का विस्तार हुआ है। उसके मूल में आप सब कार्यकर्ताओं ने जिसे अपना जीवन मंत्र बनाया है- वो है, मेरा बूथ सबसे मजबूत’।

पीएम मोदी ने कहा कि उन्हें पक्का विश्वास है कि दिल्ली में संगठन की शक्ति इस बार विधानसभा चुनाव में भी भाजपा को प्रचंड विजय दिलाएगी। वहीं विरोधियों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, ‘आप ने जो आपदा का संकट ढाया है। उसे लेकर दिल्लीवाले खुल्लमखुल्ला नाराजगी व्यक्त कर रहे हैं और उसके झूठ का नकाब उतार रहे हैं’।

पीएम ने कहा कि दिल्ली को आप पार्टी ने संकट में डाला हुआ है। इससे मुक्ति के बाद ही दिल्ली को विकसित भारत की विकसित दिल्ली बनाने का संकल्प सिद्ध हो पाएगा। बीजेपी कार्यकर्ताओं से संवाद की कड़ी में उन्होंने सबसे पहले शाहदरा से भाजपा कार्यकर्ता सुंदर चौधरी के अनुभवों को जाना। सुंदर चौधरी ने बताया की किस तरह से झुग्गियों में रहने वाली माताएं-बहनें और बेटियां उनको पक्का घर मिलने की गारंटी को लेकर बेहद उत्साहित हैं।

सुंदर चौधरी से चर्चा के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस और आपदा वालों के विश्वासघात को दिल्लीवाले समझ गए हैं। और आपदा के फिर आएंगे नारे के जवाब में कह रहे हैं- ये फिर खाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि शीशमहल जनता के साथ आपदा वालों के धोखे का जीता-जागता सबूत है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में टैंकर माफिया फलफूल रहे हैं। लेकिन भाजपा की सरकार बनने के बाद साफ पानी पहुंचाने का एक महाअभियान चलाया जाएगा।

मॉडल टाउन से बीजेपी कार्यकर्ता रवि कुमार ने पीएम को बताया की दिल्ली वाले आप पार्टी से बहुत ज्यादा दुखी हैं, क्योंकि उनके झूठ ने दिल्ली वालों का जीना दुश्वार कर रखा है। लोगों को पेंशन नहीं मिल रही है और बहुत सारी समस्याओं से वे जूझ रहे हैं। प्रधानमंत्री ने आपदा के फरेब का जिक्र करते हुए कहा कि वे रोज नया-नया झूठ बोलते हैं।

दिल्ली के विकास का जिक्र करते हुए पीएम ने कहा कि दिल्ली के मध्यम वर्ग के एस्पिरेशन को एड्रेस किया गया है। वहीं बिजली के बिल का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इसका बड़ा झटका मिडिल क्लास को लगा है। आपदा वालों के चलते दिल्लीवालों के हजारों रुपये के बिजली के बिल बढ़ गए हैं। दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी देश के लोगों के लिए पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना लाई है।

पीएम मोदी ने कहा कि हर साल छठी मैया की पूजा के समय यमुना जी की तस्वीरें देखकर पूरा देश चौंक जाता है। आपदा वालों ने पहले वादा किया था कि पांच साल में यमुना की सफाई नहीं की तो वोट मत देना। लेकिन अब कह रहे हैं यमुना जी की सफाई से वोट नहीं मिलता है।

करोलबाग से बीजेपी कार्यकर्ता ममता मेहरा से चर्चा के दौरान पीएम मोदी ने भाजपा के संकल्प पत्र को लेकर दिल्लीवालों के बीच हो रही चर्चा को लेकर जब सवाल किए. तो इसके जवाब में ममता मेहरा ने कहा कि दिल्ली की माताएं-बहनें भाजपा के संकल्प पत्र को लेकर बहुत खुश हैं।

पीएम मोदी ने कहा कि भाजपा का मॉडल सच्चाई का मॉडल है। उन्होंने बीजेपी कार्यकर्ता से आग्रह करते हुए कहा कि भाजपा के संकल्प पत्र में नागरिकों, माताओं-बहनों और युवकों के लिए क्या है। उन्हें ये बारीकी से बताना चाहिए।

इसके बाद पीएम मोदी ने संगम विहार के भाजपा कार्यकर्ता कमलेश कुमार यादव से बातचीत की। कमलेश यादव ने उन्हें बताया की दिल्ली के युवा भी आज बहुत परेशान हैं और आपदा सरकार में खुद को ठगा महसूस कर रहे हैं। क्योंकि बीते वर्षों में आपदा सरकार ने उनके कल्याण के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उनसे चर्चा के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि इस बार दिल्ली के शत-प्रतिशत युवाओं का वोट भाजपा-एनडीए को ही मिलने वाला है। क्योंकि दिल्ली के युवा की पहली पसंद भाजपा है। दिल्ली का युवा आपदा वालों से नफरत करता है और सजा करने के मूड में है।

राजिंदर नगर के चैतन्य पांडेय ने भी पीएम मोदी के साथ संवाद के दौरान अपना अनुभव सामने रखा। उन्होंने बताया कि वे पेशे से एक ऑटो चालक हैं। इसके साथ ही भाजपा कार्यकर्ता के तौर पर लोगों की सेवा मे जुटे हैं। उनका कहना था कि दिल्ली के ऑटो और टैक्सी चालक भाजपा के संकल्प पत्र से बेहद खुश हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि वे दिल्ली के लोगों के एस्पिरेशन को अच्छी तरह से जानते हैं। उन्होंने कहा, ‘हमें लोगों की आशा आकांक्षा की दिल्ली बनाना है। दुनियाभर में दिल्ली की अपनी एक स्वतंत्र पहचान हो, जिससे दिल्ली जाना जाए’। इसके साथ ही पीएम मोदी ने भाजपा कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि दिल्ली में मैक्सिमम वोटिंग हो, पुराने रिकॉर्ड तोड़ने का काम हर बूथ में होना चाहिए।

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पीएम मोदी ने 52वीं PRAGATI मीटिंग की अध्यक्षता की
June 24, 2026
प्रधानमंत्री ने सड़क, बिजली, औद्योगिक कॉरिडोर और मेट्रो रेल क्षेत्रों से जुड़ी लगभग 30,000 करोड़ रुपये लागत वाले चार प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की समीक्षा की, जो चार राज्यों में फैली हुई हैं
प्रधानमंत्री ने कुशल योजना निर्माण के लिए पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के उपयोग तथा पोर्टल पर परियोजनाओं, उपयोगिताओं और अवसंरचना संबंधी आंकड़ों को समय पर अपडेट करने पर जोर दिया
प्रधानमंत्री ने मंत्रालयों और राज्य सरकारों से लंबित मुद्दों का मिशन मोड में समाधान करने और उनकी कड़ी निगरानी सुनिश्चित करने को कहा
प्रधानमंत्री ने टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा की और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) सहित नवीनतम डिजिटल प्रौद्योगिकियों के उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया
प्रधानमंत्री ने साइबर अपराध और डिजिटल गिरफ्तारी से संबंधित शिकायतों की समीक्षा की तथा समयबद्ध कार्रवाई, समन्वित प्रतिक्रिया और ई-जीरो एफआईआर पंजीकरण व्यवस्था पर जोर दिया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज सेवा तीर्थ में 'प्रगति' की 52वीं बैठक की अध्यक्षता की। सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) आधारित यह बहु-माध्यम मंच केंद्र और राज्य सरकारों के प्रयासों को निर्बाध रूप से एकीकृत कर सक्रिय शासन और समयबद्ध क्रियान्वयन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किया गया है।

बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने सड़क, बिजली, औद्योगिक कॉरीडोर और मेट्रो रेल क्षेत्रों से संबंधित चार महत्वपूर्ण अवसंरचना परियोजनाओं की समीक्षा की। लगभग 30,000 करोड़ रुपये लागत वाली ये परियोजनाएं चार राज्यों में फैली हुई हैं। आर्थिक विकास, क्षेत्रीय संपर्क, औद्योगिक प्रगति और जनकल्याण की दृष्टि से महत्वपूर्ण इन परियोजनाओं की समीक्षा समयसीमा, विभिन्न एजेंसियों के बीच तालमेल, समस्याओं के समाधान और समय पर पूरा होने पर विशेष ध्यान देते हुए की गई।

प्रधानमंत्री ने कहा कि बुनियादी ढांचे की परियोजनाओं में देरी न केवल लागत बढ़ाती है, बल्कि लोगों और उद्योगों को समय पर मिलने वाले लाभों से भी वंचित कर देती है। उन्होंने संबंधित मंत्रालयों और राज्य सरकारों को लंबित मुद्दों का मिशन मोड में समाधान करने तथा उच्चतम स्तर पर उनकी सतत निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

प्रधानमंत्री ने बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की प्रभावी योजना और समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने परियोजनाओं के विवरण, उपयोगिताओं, अवसंरचना परतों, स्वीकृतियों और अन्य क्षेत्रीय सूचनाओं को पोर्टल पर नियमित एवं समय पर अपडेट करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मंच पर जमीनी स्तर की नवीनतम स्थिति दिखाई देनी चाहिए ताकि रूकावटों के बारे में पहले से पता चल सके और विभिन्न एजेंसियों के बीच तालमेल बेहतर हो तथा विश्वसनीय एवं वास्तविक समय के आंकड़ों के आधार पर निर्णय लिए जा सकें।

प्रधानमंत्री ने टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा की और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) सहित नवीनतम डिजिटल तकनीकों के उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने जागरूकता, रोगियों के फॉलो-अप और सामुदायिक सहभागिता के लिए एनसीसी कैडेटों और ‘माय भारत’ स्वयंसेवकों की एक टीम गठित करने का सुझाव दिया।

प्रधानमंत्री ने साइबर अपराध और डिजिटल गिरफ्तारी से संबंधित शिकायतों की भी समीक्षा की। उन्होंने नागरिकों को ठगने के लिए डिजिटल मंचों के बढ़ते दुरुपयोग पर चिंता व्यक्त की और कहा कि ऐसे मामलों का सभी संबंधित एजेंसियों द्वारा समन्वित, संवेदनशील और समयबद्ध तरीके से निपटारा किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोगों को अपनी समस्या के समाधान के लिए एक विभाग या एजेंसी से दूसरी एजेंसी के चक्कर नहीं लगाने पड़ने चाहिए। उन्होंने स्पष्ट जवाबदेही, त्वरित प्रतिक्रिया, कानून प्रवर्तन एजेंसियों, बैंकों और डिजिटल मंचों के बीच बेहतर समन्वय तथा जन-जागरूकता अभियानों को और मजबूत करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

प्रधानमंत्री ने कहा कि साइबर धोखाधड़ी के मामलों में वित्तीय नुकसान को रोकने और लोगों का विश्वास बहाल करने के लिए समय पर कार्रवाई अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी हितधारकों से रोकथाम, रिपोर्टिंग, जांच और शिकायत निवारण तंत्र को मजबूत करने के लिए मिलकर कार्य करने का आग्रह किया। उन्होंने यह भी कहा कि राज्यों को साइबर धोखाधड़ी के मामलों में त्वरित पंजीकरण और प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए ई-जीरो एफआईआर व्यवस्था लागू करने की दिशा में कार्य करना चाहिए।