प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति के साथ उनके पैतृक गांव गए
"परौंख एक भारत श्रेष्ठ भारत का बेहतरीन उदाहरण है"
"राष्ट्रपति 'संविधान' और 'संस्कार' दोनों के प्रतीक हैं"
"भारत में एक गांव में पैदा हुआ गरीब से गरीब व्यक्ति भी राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री-राज्यपाल-मुख्यमंत्री के पद तक पहुंच सकता है"
"भारत के गांवों का सशक्तिकरण हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है"
"देश ने गरीबों के कल्याण के लिए अभूतपूर्व गति से काम किया है"
“मैं चाहता हूं कि परिवारवाद के शिकंजे में फंसी पार्टियां, खुद को इस बीमारी से मुक्त करें और स्वस्थ बने। तभी भारत का लोकतंत्र मजबूत होगा और देश के युवाओं को राजनीति में आने का ज्यादा से ज्यादा अवसर मिलेगा”

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी आज माननीय राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद के साथ कानपुर के परौंख गांव में पथरी माता मंदिर गए। इसके बाद उन्होंने डॉ. बी आर अंबेडकर भवन का दौरा किया और फिर मिलन केंद्र का दौरा किया। यह केंद्र माननीय राष्ट्रपति का पैतृक घर है जिसे सार्वजनिक उपयोग के लिए दान कर दिया गया था जिसे एक सामुदायिक केंद्र (मिलन केंद्र) में परिवर्तित कर दिया गया है। दोनों गणमान्य व्यक्तियों ने परौंख गांव में एक सार्वजनिक समारोह में भाग लिया । इस अवसर पर प्रथम महिला श्रीमती सविता कोविंद, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय मंत्री, राज्य मंत्री, जनप्रतिनिधि शामिल थे।

 

इस अवसर पर अपने सम्बोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि वह उस गांव का दौरा करके खुश हैं, जिसने राष्ट्रपति के बचपन को देखा है और उन्हें देश के सर्वोच्च पद तक पहुंचते देखा है। उन्होंने उन स्मृतियों को याद किया जो राष्ट्रपति ने यात्रा के दौरान उनके साथ साझा की थीं। उन्होंने राष्ट्रपति के जीवन की यात्रा की ताकत की सराहना की।

प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने परौंख में भारत के आदर्श गांवों की ताकत को महसूस किया। उन्होंने कहा कि यह गांव एक भारत श्रेष्ठ भारत का बेहतरीन उदाहरण है। पथरी माता मंदिर देव भक्ति और देश भक्ति दोनों का ही प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने राष्ट्रपति के पिताजी की विचार प्रक्रिया और कल्पनाशीलता को नमन किया जो तीर्थयात्रा के लिए और पूरे देश में आस्था के स्थानों से शिलाएं और आस्था की शिल्पकृतियां लेकर आए।

प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्रपति को परौंख गांव की मिट्टी से जो संस्कार मिले हैं उन्हें आज दुनिया देख रही हैI राष्ट्रपति, जो कि ' संविधान ' और ' संस्कार ' दोनों का प्रतिनिधित्व करते हैं ने प्रोटोकॉल तोड़कर और हेलीपैड पर उनका स्वागत करके प्रधानमंत्री को आश्चर्यचकित कर दिया। प्रधानमंत्री ने याद किया कि राष्ट्रपति ने कहा था कि वह एक अतिथि का स्वागत करने के अपने 'संस्कारों' का पालन कर रहे थे। प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति को उनके अनुग्रहपूर्ण कार्य के लिए धन्यवाद दिया।

श्री मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति ने अपने पैतृक आवास को 'मिलन केंद्र' के रूप में विकसित करने के लिए दिया था। आज यह परामर्श और प्रशिक्षण केंद्र के रूप में महिला सशक्तिकरण को नई ताकत दे रहा है। इसी तरह डॉ. बी आर अंबेडकर भवन बाबासाहेब अंबेडकर के आदर्शों को बढ़ावा दे रहा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि परौंख गांव के लोगों के सामूहिक प्रयासों से गांव आगे बढ़ता रहेगा और देश के सामने एक आदर्श गांव का मॉडल पेश करेगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि गांव का कोई भी व्यक्ति कहीं भी चला जाए लेकिन उससे उसका गांव कभी भी नहीं छूटता है। प्रधानमंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी भारत की स्वतन्त्रता को भारत के गांवों से जोड़कर देखते थे। भारत के गांव का अर्थ है कि जहां आध्यात्मिकता है, वहां आदर्श भी होने चाहिए। भारत के गांव का मतलब है, जहां परंपराएं हैं और वहां प्रगति भी है। भारत का गांव अर्थात जहां संस्कृति है वहां सहयोग भी होना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि जहां प्रेम है वहां समानता है। अमृत काल के इस दौर में ऐसे गांवों को सुदृढ़ करने की आवश्यकता है। देश अब गांवों, किसानों, गरीबों और पंचायती लोकतंत्र के लिए काम करने के इस संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है I उन्होंने कहा "हमारे गांवों के पास सबसे ज्यादा सामर्थ्य है, सबसे ज्यादा श्रम शक्ति है और सबसे ज्यादा समर्पण भी है। इसलिए भारत के गांवों का सशक्तिकरण हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।"

 

प्रधानमंत्री ने कहा कि जन धन योजना, पीएमएवाई, उज्ज्वला और हर घर जल जैसी योजनाओं से करोड़ों ग्रामीण लाभान्वित हुए हैं। उन्होंने कहा, "देश ने गरीबों के कल्याण के लिए अभूतपूर्व गति से काम किया है।" अब देश सभी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ शत-प्रतिशत लोगों तक पहुंचाने का प्रयास कर रहा है। योजनाओं की संतृप्ति अब एक उच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि इससे बिना किसी भेदभाव के सभी का सशक्तिकरण होगा।

भारतीय लोकतंत्र की शक्ति का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इस मंच पर उपस्थित सभी चार गणमान्य व्यक्ति- राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री गांवों या छोटे शहरों से निकले हैं। हमारे संघर्ष और गरीबी तथा ग्रामीण जीवन से सीधे संपर्क ने हमारे संस्कारों को मजबूत किया हैI उन्होंने कहा कि यह हमारे लोकतंत्र की ही ताकत है कि "भारत में, एक गांव में पैदा हुआ गरीब से गरीब व्यक्ति भी राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री-राज्यपाल-मुख्यमंत्री के पद तक पहुंच सकता है"।

लोकतंत्र की मजबूती के संदर्भ में प्रधानमंत्री ने परिवारवाद की राजनीति के प्रति सतर्क किया। उन्होंने कहा कि यह परिवारवाद की राजनीति ही है जो न केवल राजनीति में बल्कि हर क्षेत्र में प्रतिभाओं का गला घोंटती है और नई प्रतिभाओं को आगे आने से रोकती है। उन्होंने कहा, “मेरा किसी राजनीतिक दल या किसी व्यक्ति से कोई व्यक्तिगत द्वेष नहीं है। लेकिन मैं चाहता हूं कि देश में एक मजबूत विपक्ष हो और लोकतंत्र के लिए समर्पित राजनीतिक दल हों", उन्होंने आगे कहा "मैं चाहता हूं कि परिवारवाद के शिकंजे में फंसी पार्टियां, खुद को इस बीमारी से मुक्त करें और स्वस्थ बने। तभी भारत का लोकतंत्र मजबूत होगा और देश के युवाओं को राजनीति में आने का ज्यादा से ज्यादा अवसर मिलेगा।

प्रधानमंत्री ने ग्रामीणों से गांव में अमृत सरोवर के निर्माण में मदद करने का अनुरोध किया और उन्हें प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए भी कहाI अंत में उन्होंने कहा कि सबका प्रयास आत्मनिर्भर भारत को हासिल करने का तरीका है और आत्मनिर्भर गांव ही आत्मनिर्भर भारत की बुनियाद है।

भारत के माननीय राष्ट्रपति ने भी सभा को संबोधित किया।

पूरा भाषण पढ़ने के लिए यहां क्लिक कीजिए

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
PM Modi, Guterres Stress Multipolarity, Need To Reform UN Institutions Including UNSC

Media Coverage

PM Modi, Guterres Stress Multipolarity, Need To Reform UN Institutions Including UNSC
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Prime Minister offers prayers to Bhagwan Shri Ganesh during Ganpati Darshan at Union Minister Piyush Goyal’s residence
September 14, 2026

The Prime Minister, Shri Narendra Modi has visited the residence of Union Minister Shri Piyush Goyal for Ganpati Darshan.

The Prime Minister prayed for the blessings of Bhagwan Shri Ganesh for everyone.

The Prime Minister wrote on X;

“Went for Ganpati Darshan at the residence of Union Minister Shri Piyush Goyal Ji.

May Bhagwan Shri Ganesh bless everyone!

@PiyushGoyal”