एक खास रिश्ता

Published By : Admin | February 6, 2022 | 13:39 IST

लता दीदी स्वर्गलोक के लिए प्रस्थान कर चुकी हैं। यह भारतीय फिल्म उद्योग के लिए शानदार और मधुर युग का अंत है। उनकी भावपूर्ण आवाज पूरे देश में गूंजी और देश में लाखों दिल जीते। अपने प्रशंसकों द्वारा 'स्वर कोकिला' के रूप में बुलाए जाने पर, लता दीदी ने उनके साथ एक विशेष अमूर्त रिश्ता साझा किया। लता दीदी को अपने फैन्स से ही नहीं, बल्कि पीएम मोदी से भी बेहद लगाव था।

 

पीएम मोदी और लता दीदी का जन्मदिन का महीना एक ही है। वह प्यार से पीएम मोदी को 'नरेन्द्र भाई' कहकर बुलाती थीं। वर्ष 2013 में, जब पीएम मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, लता दीदी और उनके परिवार ने पुणे में एक सुपर-स्पेशियलिटी हॉस्पिटल का उद्घाटन करने के लिए उन्हें आमंत्रित किया था, जिसे उनके दिवंगत पिता दीनानाथ मंगेशकर की याद में बनाया गया था। अस्पताल लता दीदी के दिल के बहुत करीब था क्योंकि इसे उनके दिवंगत पिता की याद में बनाया गया था। कार्यक्रम के दौरान लता दीदी ने कहा था, "मैं भगवान से प्रार्थना करती हूं कि हम नरेन्द्र भाई को पीएम के रूप में देखें।" यह बात लता दीदी ने वर्ष 2014 के चुनाव से काफी पहले कही थी।

 

 

वह हर साल रक्षा बंधन के शुभ अवसर पर अपने "नरेन्द्र भाई" को शुभकामनाएं देती थीं। अपने एक वीडियो संदेश में लता दीदी ने इस बात पर दु:ख व्यक्त किया था कि वह कोविड महामारी के कारण पीएम मोदी को राखी नहीं भेज सकी। उन्होंने कहा था - "नरेन्द्र भाई, मैं राखी के अवसर पर आपको बधाई देना और प्रणाम कहना चाहूंगी। मैं राखी नहीं भेज सकी और हर कोई इसका कारण जानता है।” जिस पर पीएम मोदी ने जवाब दिया था कि "उनका हार्दिक संदेश अनंत प्रेरणा और ऊर्जा देता है। आप स्वस्थ रहें और दीर्घायु हों, यही मेरी ईश्वर से प्रार्थना है।"

 

वर्ष 2019 में मन की बात के एक दिलचस्प एपिसोड में पीएम मोदी ने राष्ट्र के साथ टेलीफोन पर एक बातचीत साझा की थी, जो उन्होंने अमेरिका की यात्रा पर जाने से पहले लता दीदी के साथ की थी। उन्होंने इस Cheerful बातचीत को "यह एक छोटे भाई की तरह अपनी बड़ी बहन से प्यार से बात करने जैसा" कहा था।

 

पीएम मोदी ने भी इसी बातचीत में लता दीदी के साथ अपने निजी संबंधों का जिक्र किया। उन्होंने याद किया कि जब भी उन्हें उनसे मिलने का अवसर मिला तो उन्होंने (लता दीदी) हमेशा गुजराती व्यंजन खिलाया।

 

इसी बातचीत में वे कहते हैं, "शायद ही कोई होगा जो लता मंगेशकर जी के प्रति अत्यधिक सम्मान न रखता हो। वह हममें से अधिकांश से बड़ी हैं और देश में विभिन्न युगों की गवाह रही हैं। हम उन्हें 'दीदी' कहकर संबोधित करते हैं। इस पर लता दीदी ने कहा था, "यहां तक ​​कि आप (पीएम मोदी) भी नहीं जानते कि आप वास्तव में क्या हैं। मुझे पता है कि आपके आने से भारत की तस्वीर बदल रही है और इससे मुझे बहुत खुशी होती है।" लता दीदी ने यह भी कहा था कि उन्होंने अपने जन्मदिन पर पीएम मोदी की मां का आशीर्वाद लिया था।

 

लता दीदी और पीएम मोदी एक-दूसरे को बर्थडे की बधाई देते थे। एक जन्मदिन-संदेश में उन्होंने कहा था कि "नमस्कार नरेन्द्र भाई। आपको जन्मदिन की बहुत बधाई। ईश्वर आप को हर काम में यश दे, यही मंगल कामना। तथास्तु।" इस पर पीएम मोदी ने जवाब दिया था, "धन्यवाद लता दीदी। मुझे कई वर्षों तक आपका आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। वे मुझे अपार शक्ति देते हैं।" अभिवादन के इस आदान-प्रदान को देखें तो लता दीदी और उनके 'नरेन्द्र भाई' के बीच आपसी स्नेह और गर्मजोशी को देखा जा सकता है।


पीएम मोदी ने वर्ष 2021 में उनके 92वें जन्मदिन पर भी शुभकामनाएं दी थीं। उन्होंने कहा था, "आदरणीय लता दीदी को जन्मदिवस की बधाई। उनकी मधुर वाणी पूरे विश्व में गूंजती है। अपनी विनम्रता और भारतीय संस्कृति के प्रति लगाव के लिए उनका आदर किया जाता है। निजी तौर पर उनका आशीर्वाद मेरे लिए शक्ति का स्रोत है। मैं लता दीदी की दीर्घायु और उनके स्वस्थ जीवन के लिए प्रार्थना करता हूं।"

 

लता दीदी का निधन वास्तव में देश के लिए एक दुखद दिन है। लेकिन उनकी आवाज अब भी पूरे देश में गूंजेगी। इस साल बीटिंग रिट्रीट सेरेमनी में पीएम मोदी के कहने पर "ऐ मेरे वतन के लोगों.." की धुन बजाई गई। लता दीदी द्वारा गाया गया यह गीत हर भारतीय के दिल में देशभक्ति की भावना भर देता है।

 

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
How PLI schemes, design in India and manufacturing excellence are transforming the architectural lighting industry

Media Coverage

How PLI schemes, design in India and manufacturing excellence are transforming the architectural lighting industry
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
पीएम नरेन्द्र मोदी ने भारत सरकार के सचिवों के साथ दूसरी उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की
July 28, 2026
चर्चा किए गए क्षेत्र: वित्त और अर्थव्यवस्था, वाणिज्य और उद्योग, और प्रौद्योगिकी
न प्रधानमंत्री ने सरकार के भीतर क्षैतिज और ऊर्ध्वाधर दोनों प्रकार की कार्यगत बाधाओं को खत्म करने की आवश्यकता पर बल दिया
प्रधानमंत्री ने महत्वपूर्ण क्षेत्रों में तकनीकी आत्मनिर्भरता तथा घरेलू क्षमताओं के विकास के महत्व पर जोर दिया
प्रधानमंत्री ने साइबर सुरक्षा पारिस्थितिकी तंत्र में युवा नवोन्मेषकों और उद्यमियों की अधिक भागीदारी को प्रोत्साहित किया
प्रधानमंत्री ने भ्रामक जानकारी का मुकाबला करने के लिए रणनीतिक क्षेत्रों में सक्रिय जनसंपर्क और संवाद की आवश्यकता पर बल दिया
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार को सदैव युवा, गतिशील और दूरदर्शी बने रहना चाहिए तथा नई चुनौतियों और अवसरों के अनुरूप फुर्ती और नवाचार के साथ निरंतर स्वयं को ढालते रहना चाहिए
सचिवों ने प्रमुख पहलों, उभरते अवसरों और कार्यान्वयन संबंधी चुनौतियों पर अपने अनुभव और विचार साझा किए

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज अपने आवास 7, लोक कल्याण मार्ग पर केन्द्र सरकार के सचिवों के साथ दूसरी उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने वित्त एवं अर्थव्यवस्था, वाणिज्य एवं उद्योग, तथा प्रौद्योगिकी क्षेत्रों से जुड़े मंत्रालयों और विभागों के भावी कार्य योजना की समीक्षा की। यह बैठक विकसित भारत के लक्ष्यों की प्राप्ति की दिशा में प्रगति को और तेज़ करने पर केंद्रित रही।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने मंत्रालयों और विभागों के बीच मजबूत टीम भावना विकसित करने पर विशेष बल देते हुए अधिकारियों से साझा उद्देश्य की भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने सरकार के भीतर क्षैतिज एवं ऊर्ध्वाधर दोनों प्रकार की कार्यगत बाधाओं को समाप्त करने की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और एकीकृत एवं प्रभावी परिणाम सुनिश्चित कर सकें।

जन-केंद्रित सुशासन का महत्व बतलाते हुए, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि भारत के नागरिक ही सदैव शासन व्यवस्था के केंद्र में रहने चाहिए। उन्होंने याद दिलाया कि हर निर्णय और नीति आम-नागरिक के हितों और आकांक्षाओं के अनुरूप होना चाहिए।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि भारत जहां बुनियादी ढांचे के विकास में उल्लेखनीय निवेश कर रहा है, वहीं स्वदेशी तकनीकों को विकसित करने को भी समान प्राथमिकता दिया जाना चाहिए। उन्होंने महत्वपूर्ण क्षेत्रों में तकनीकी आत्मनिर्भरता और घरेलू क्षमताओं के निर्माण के महत्व पर विशेष बल दिया।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि ऊर्जा सुरक्षा का सीधा संबंध राष्ट्रीय सुरक्षा, आर्थिक स्थिरता और नागरिकों के कल्याण से है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि भारत को नवाचार, विविधता और क्षमता निर्माण में तेजी लाकर ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता हासिल करना होगा।

सुधारों को सिरफ एक चलन या फैशनेबल शब्द न मानकर प्रभावी शासन के लिए एक निरंतर आवश्यकता बतलाते हुए, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कार्यप्रणालियों में सुधार लाने, कार्य संस्कृति को बेहतर बनाने तथा संस्थागत दक्षता को मज़बूत करने की आवश्यकता पर ज़ोर दिया।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि प्रौद्योगिकी के बढ़ते उपयोग के साथ-साथ डिजिटल प्रणालियों और अवसंरचना को सुरक्षित रखने के लिए साइबर सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। उन्होंने उभरते साइबर खतरों के प्रति निरंतर सतर्कता की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने साइबर सुरक्षा पारिस्थितिकी तंत्र में युवा नवोन्मेषकों और उद्यमियों की अधिक भागीदारी को प्रोत्साहित करने का आह्वान किया और इस दिशा में इसे एक राष्ट्रव्यापी जनआंदोलन के रूप में विकसित करने पर जोर दिया।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने उन रणनीतिक क्षेत्रों में सक्रिय संवाद और जनसंपर्क के महत्व पर भी बल दिया, जहां देश महत्वपूर्ण पहल कर रहा है, जिससे इन प्रयासों से जुड़ी भ्रामक जानकारी और बेबुनियाद आशंकाओं का प्रभावी ढंग से मुकाबला किया जा सके।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि कार्यबल को उभरते और भविष्य के उद्योगों द्वारा आवश्यक कौशल से सुसज्जित करने के लिए नए शैक्षणिक पाठ्यक्रमों की योजना उद्योग जगत के साथ साझेदारी में बनानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को सदैव युवा, गतिशील और दूरदर्शी बने रहना चाहिए तथा नई चुनौतियों और अवसरों के अनुरूप फुर्ती एवं नवाचार के साथ निरंतर स्वयं को ढालते रहना चाहिए।

बैठक में सचिवों ने अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित प्रगति, प्राथमिकताओं और कार्यान्वयन से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की। बैठक में कैबिनेट सचिव, प्रमुख मंत्रालयों एवं विभागों के सचिव तथा प्रधानमंत्री कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।