Modi is tirelessly working day and night to change your lives: PM Modi at Dharashiv rally
Serious allegations have been made against the Congress Party and its members for creating fake videos: PM Modi against the Opposition

भारत माता की, भारत माता की, भारत माता की।

महाराष्ट्राची कुलस्वामिनी आई तुलजाभवानी ला नमन करतो !

मां तुलजाभवानी ने यहां छत्रपति शिवाजी महाराज को विजयी होने का आशीर्वाद दिया था। और आज मैं भी इस धरती पर जनता जनार्दन से आशीर्वाद लेने आया हूं। आशीर्वाद शक्तिशाली भारत के लिए...आशीर्वाद विकसित भारत बनाने के लिए...आपका ये आशीर्वाद ही गारंटी दे रहा है-फिर एक बार...मोदी सरकार! फिर एक बार...मोदी सरकार! फिर एक बार...मोदी सरकार!

भाइयों और बहनों,

ये चुनाव भारत के स्वाभिमान का है। आपने 10 साल पहले का समय देखा है। आप आज का समय भी आप देख रहे हैं। आज दुनिया, उस भारत को जानती है... जो दुनिया के विकास को गति दे रहा है। जिसका चंद्रयान वहां पहुंचाता है, जहां कोई नहीं पहुंचा। जो एक साथ 100 सैटेलाइट भेजता है। जो गगनयान को अंतरिक्ष में भेजने की तैयारी कर रहा है। वो भारत जिसने अपनी मेड इन इंडिया कोरोना वैक्सीन बनाई... वो भारत जिसने दुनिया के करोड़ों लोगों की जान बचाई। वो भारत जो बड़े से बड़े युद्ध से गोलाबारी के बीच से अपने नागरिकों को सुरक्षित निकाल लाता है। भाइयों-बहनों पहले ऐसा कभी होता था। पहले आतंकी हमला करके भाग जाते थे… कांग्रेस की सरकार रोती रहती थी, दुनियाभर में जाकर कहती थी बचाओ... बचाओ। पहले जिसे देखो वो भारत को आंख दिखा देता था। और कांग्रेस की सरकार क्या करती थी? अमन की आशा का राग अलापती थी। अब आप मुझे बताइए, जो सरकार खुद ही कमजोर हो, वो देश कैसे मजबूत बनाती। क्या कमजोर सरकार मजबूत देश बना सकती है? जिसका खुद का ठिकाना ना हो कि ना जाने कब गिर जाएगी, वो कांग्रेस सरकार भारत को नई ऊंचाई दे सकती है?

भाइयों और बहनों,

कांग्रेस पार्टी की एक पहचान रही है- विश्वासघात, विश्वासघात, विश्वासघात। मराठ-वाड़ा की इस धरती को भी कांग्रेस ने एक ही चीज दी है...विश्वासघात, विश्वासघात, विश्वासघात। कांग्रेस 60 साल तक सत्ता में रही, लेकिन किसान के खेत में पानी नहीं पहुंचा पाई। आप मुझे बताइए, मराठ-वाड़ा वॉटर ग्रिड परियोजना को किसने रोका था? ऐसे नहीं चलेगा भाई। आपको जवाब देना पड़ेगा। किसने रोका था। जलयुक्त शिवार योजना को किसने रोका था? जिन्होंने आपका पानी रोका, आप उनको वोट देंगे क्या?

साथियों,

ये मोदी है। मोदी समस्याएं टालता नहीं, उनसे टकराता है। हर घर पानी पहुंचाना...हर खेत पानी पहुंचाना...ये मोदी का मिशन है। अभी तो मोदी को 10 साल ही हुए हैं। 10 साल में पानी के लिए जितना काम मोदी ने किया है...उतना कांग्रेस अपने 60 साल में नहीं कर पाई। सिर्फ 5 साल में...ध्यान दीजिए...सिर्फ 5 साल में...5 साल में मोदी ने महाराष्ट्र के 75 लाख से ज्यादा घरों को नल कनेक्शन से जोड़ा है। मोदी ने हर खेत तक पानी लाने का भी बीड़ा उठाया हुआ है। यहां महाराष्ट्र में कांग्रेस ने 26 सिंचाई परियोजनाएं दशकों से लटका कर रखी थीं। अब कांग्रेस नेताओं के बंगले में, इंडी अघाड़ी वालों के बंगले में तो पानी आता था। वो आपकी चिंता क्यों करते? इसलिए उन्होंने आपको अपने हाल पर छोड़ दिया था। कांग्रेस ने जिन सिंचाई योजनाओं को दशकों तक अधूरा रहने दिया, उन्हें अब मोदी पूरा कर रहा है। इसके अलावा भी मोदी नई सिंचाई परियोजनाएं शुरू करवा रहा है। यहां हमारे साथी एकनाथ जी, देवेंद्र जी, अजीत दादा के नेतृत्व में इसके लिए बहुत तेजी से काम हो रहा है।

साथियों,

किसानों से विश्वासघात का कांग्रेस का एक और तरीका रहा है। ये तरीका है- झूठे पैकेज देने का। इस पैकेज का लाभ असली किसान तक पहुंचता ही नहीं था। फिर ये पैसा कहां जाता था? ये पैसा कांग्रेस का पंजा छीन लेता था। मोदी ने ये खेल भी बंद कर दिया है। आप सबको पीएम किसान सम्मान निधि के बारे में पता है। इससे 3 लाख करोड़ रुपए देश के किसानों को मिले हैं। यहां धाराशिव के किसानों के खाते में भी 800 करोड़ रुपए NDA सरकार ने भेजे हैं। और आप मुझे बताइए, एक भी पैसे की लूट हुई क्या?

साथियों,

कांग्रेस की सरकार थी, तो किसानों के हिस्से की खाद भी, फर्टिलाइजर भी लुट जाती थी। केमिकल की फैक्टरियों में चली जाती थी। किसानों को यूरिया के लिए लाठियां खानी पड़ती थीं। लेकिन 10 सालों में किसानों को हमने यूरिया की कमी नहीं आने दी। पिछले साल ही हमने खाद पर ढाई लाख करोड़ रुपए की सब्सीडी दी है। यूरिया की जो बोरी 3 हजार रुपए की पड़ती है, वो आपको मोदी 300 रुपए से भी कम कीमत में दे देता है। और मोदी सिर्फ इतने पर ही नहीं रुका है। आपने नैनो यूरिया और नैनो डैप के बारे में भी सुना होगा। हमारे वैज्ञानिक एक बोरी खाद की, एक बोरी यूरिया की ताकत अब एक बोतल में ले लाए हैं। जो काम एक बोरी यूरिया करता है, एक बोतल नैनो यूरिया करता है। ये आपके बहुत काम आने वाली है। साथियों, अब सूखा हो, ओला वृष्टि हो, बारिश हो, हमारे किसानों पर मौसम की तरह-तरह से मार पड़ती रही है। पहले ऐसे किसानों को सौ तरह की मुश्किलें आती थीं। ऐसे किसानों को पीएम फसल बीमा योजना से बड़ी मदद मिली है। उन्हें बहुत मामूली प्रीमियम के बदले डेढ़ लाख करोड़ रुपए का क्लेम मिला है।

साथियों,

आज कांग्रेस के लोग, अघाड़ी के लोग, किसानों के लिए बड़ी-बड़ी बातें करते हैं। लेकिन इन्होंने किया क्या, आज जरा मैं इनका कच्चा चिट्ठा भी खोलना चाहता हूं। मैं हमारे सोयाबीन किसानों से कहूंगा कि मेरी बात ध्यान से सुनें। 2014 से पहले 10 सालों में सिर्फ 12 हजार करोड़ रुपए का दलहन-तिलहन, कांग्रेस सरकार ने खरीदा। जबकि बीते 10 सालों में मोदी सरकार ने कितनी खरीद की? हमने करीब सवा लाख करोड़ रुपए दलहन-तिलहन किसानों को MSP के रूप में पहुंचाए हैं। यानि NDA ने दलहन-तिलहन के किसानों को कांग्रेस के मुकाबले 10 गुना ज्यादा पैसा दिया है। और ये तो सिर्फ ट्रेलर है। अब मोदी का मिशन, देश को दलहन और तिलहन में आत्मनिर्भर बनाने का है। आपको पता है ना...दाल और तेल खरीदने के लिए हर साल हमारा देश हज़ारों करोड़ रुपए विदेश भेजते हैं। मोदी ने ठान लिया है कि वो पैसा विदेश नहीं जाएगा मेरे किसानों की जेब में जाएगा। इसलिए हम भारत को आत्मनिर्भर बना रहे हैं।

साथियों,

ये हमारा महाराष्ट्र तो सहकारिता की धरती है। NDA सरकार, खेती में सहकारिता का दायरा बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही है। बीते 10 साल में 8000 से ज्यादा किसान उत्पाद संघ-FPO बने हैं। हमने एक और बड़ा काम किया है। हमने दुनिया की सबसे बड़ी भंडारण योजना बनाई है। इसके तहत देश में हजारों गोदाम बनाए गए हैं। और इसका जिम्मा भी सहकारी संस्थाओं को दिया है। साथियों, इस क्षेत्र में ज्वार की पैदावार होती है। मोदी ने इस मोटे अनाज यानि मिलेट्स को श्रीअन्न के नाम से पहचान बनाई है। मोदी ने संकल्प लिया है, आपका जो ये श्री अन्न है, उसे दुनिया के कोने-कोने में डायनिंग टेबल पर पहुंचाउंगा। इसका बहुत बड़ा लाभ ये हमारे छोटे किसानों को मिलेगा, जो ज्वार पैदा करते हैं। आपको खुशी होगी भाई जब काम करते हैं तो प्रभाव कैसा होता है। अभी कुछ समय पहले अमेरिका के राष्ट्रपति ने मुझे अमेरिका आने का निमंत्रण दिया। और उनके व्हाइट हाउस में बहुत बड़ा भोज समारोह किया। मैं हिंदुस्तान का पहला प्रधानमंत्री था जिसके लिए इतना बड़ा समारोह हुआ। लेकिन मजा इस बात की है कि अमेरिका के राष्ट्रपति बाइडन ने उस रात को भोजन में सबके टेबल ये हमारा श्रीअन्न मिलेट्स परोसा था सबको। ये सुपरफूड के रूप में आज दुनिया में जानने लगे हैं लोग।

साथियों,

मोदी दिन-रात काम करता है आपका जीवन बदलने के लिए। आपका जीवन बदलने के लिए दिन रात एक कर देता हूं। ये इंडी अघाड़ी वाले मोदी को बदलने में पूरी ताकत लगा रहे हैं। मैं आपका जीवन बदलना चाहता हूं, वो मुझे बदलना चाहते हैं। जिनके घोटाले मैंने रोके हैं, वो मोदी पर गुस्सा करेंगे, ये बहुत स्वाभाविक है। वो मोदी को गालियां देते फिरंगे, अनगिनत झूठे आरोप लगाएंगे, और आजकल ये दिन-रात मोदी को गाली देने में लगे हैं। देश के लिए क्या करेंगे, उसके लिए कुछ नहीं है। मोदी को मारो, मोदी को पीटो, मोदी को गाली दो। और ये लोग आपको कैसे-कैसे डरा रहे हैं। कभी कहते हैं मोदी आया तो लोकतंत्र चला जाएगा। कभी कहते हैं तो संविधान को खतम कर देगा, आरक्षण छीन लेगा। ऐसा झूठ बोलने की जरूरत क्या पड़ गई भाई आपको। क्या आपके पास सच बोलने के लिए कोई जगह नहीं बची। साथियों, आज पार्लियामेंट हो या असेंबली, एससी-एसटी-ओबीसी सबसे ज्यादा एमएलसी बीजेपी-एनडीए के, सबसे ज्यादा एमएलए बीजेपी-एनडीए के, सबसे ज्यादा एमपी बीजेपी-एनडीए के। अब उनको लगा ये भी चले गए। ये आज इसलिए दलित, आदिवासी, पिछड़े ये हमारा समर्थन इसलिए कर रहे हैं कि हम जीजान से उनके कल्याण के लिए खप रहे हैं। अब इनकी हालत ये है, झूठ नहीं चलता है तो हमारा चेहरा उपयोग करके, आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस का उपयोग करके उनकी मोहब्बत की दुकान में फेक वीडियो बिकने लगे हैं। ये फेक वीडियो बना रहे हैं, मोदी के भाषण को, मोदी की आवाज का उपयोग करके नई-नई चीजें गढ़ रहे हैं। कांग्रेस पार्टी इतनी कंगालियत पर पहुंच गई है, उसको पराजय का भय इतना सता रहा है। और कांग्रेस वाले लिख लो, आप लाख कोशिश करो, मुझे बताइए भाई, हमारे देश में किसी भी पार्टी को सरकार बनानी है तो 272 से ज्यादा सीटें चाहिए कि नहीं चाहिए। किसी को भी बहुमत चाहिए तो 272 से ज्यादा सीटें चाहिए कि नहीं चाहिए। ये इनका पूरे गठबंधन में एक भी पार्टी नहीं है जो 272 से ज्यादा चुनाव लड़ती हो। जिनका चुनाव में लड़ने के लिए जगह नहीं है, वो देश पे कब्जा जमाने के सपने देख रहे हैं। भाइयों-बहनों,ये झूठ की दुकान वाले, ये जो फेक वीडियो निकाल करके तालियां बजा रहे हैं, ये इनकी दुकानें बंद होनी चाहिए।

साथियों,

कांग्रेस की एक और चाल से आपको बहुत सावधान रहना है। कांग्रेस की नजर अब आपकी मेहनत की कमाई पर पड़ गई है। आप सबको मालूम है, हमारे देश में हर मां-बाप जीवनभर मेहनत करके कमा करके बचाने का प्रयास करता है। छोटी आय वाला भी मां-बाप होगा न वो भी कुछ बचाने की कोशिश करता है। उसके मन में एक ही बात रहती है कि मरने के बाद संतानों को कुछ देकर के जाना है। अब कांग्रेस पार्टी ने ये मन बना लिया है और उनके फिलॉसफर ने तो घोषणा भी कर दी है कि वो ऐसा कर लगाएंगे, ऐसा टैक्स लगाएंगे कि अब आप जो कमाया हुआ धन है, आपके पास जो स्त्रीधन पड़ा हुआ है, जो मंगलसूत्र पड़ा हुआ है। अब वो आप अपने बच्चों को नहीं दे पाएंगे। आधे से ऊपर ये कांग्रेस की सरकार मार लेगी। बोले एक्स-रे करेंगे। मोदी 4 करोड़ गरीबों को पक्के घर दे चुका है। मोदी ने 3 करोड़ नए घर बनाने की गारंटी दी है। मोदी स्वामित्व योजना से जमीन के कानूनी दस्तावेज़ दे रहा है, ताकि आपकी संतान संपत्ति के झगड़े में न डूबे, परेशानी न हो, उसका मालिक का हक बन जाए। लेकिन कांग्रेस क्या कह रही है? कांग्रेस कह रही है कि वो आपके घर और जमीनों पर छापा मारकर उसका आधा हिस्सा आपसे छीन करके अपने वोटबैंक में बांट देगी। और कांग्रेस के इरादे बहुत खतरनाक हैं। यहां जो रैली में हमारी माताएं-बहनें आई हैं, वो भी सुन लें। कांग्रेस, महिलाओं के गहने और मंगलसूत्र छीनने की तैयारी करके बैठी है। क्या यहां बैठी मेरी माताएं-बहनें ऐसी कांग्रेस को कभी स्वीकार कर सकती है क्या?

भाइयों और बहनों,

कांग्रेस वो पार्टी है, जिसे भारत की विरासत से भी समस्या है। आज 500 साल बाद, अयोध्या में भव्य राम मंदिर बन गया है। आज पूरी दुनिया से राम भक्त अयोध्या जा रहे हैं। लेकिन कांग्रेस ने, नकली शिवसेना और नकली राष्ट्रवादी ने प्रभु राम की प्राण प्रतिष्ठा का निमंत्रण भी ठुकरा दिया। ऐसे लोग क्या आपके वोट के हकदार हैं? साथियों, NDA सरकार, भारत की विरासत को पूरी शान से अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में जुटी है। यहां, मां तुलजाभवानी के मंदिर के विकास के लिए महायुती की सरकार पूरे भक्ति भाव से काम कर रही है। ये मंदिर संभाजीनगर-सोलापुर हाइवे से जुड़ चुका है। तुलजाभवानी के मंदिर को शक्तिपीठ एक्सप्रेसवे से भी जोड़ा जाएगा। यहां लातूर से टेंभुणी के बीच भी महामार्ग बनाया जा रहा है। सोलापुर-तुलजापुर-धाराशिव का रेल मार्ग भी जल्दी पूरा हो जाएगा। इससे आपका शहर बहुत बड़ा जंक्शन हो जाएगा।

साथियों,

एक जमाना था, जब धाराशिव से सिर्फ एक ट्रेन चलती थी, आज ये संख्या दो दर्जन तक पहुंच रही है। लातूर की रेल कोच फैक्ट्री हो या फिर टेक्सटाइल पार्क इससे बड़ी संख्या में रोजगार भी पैदा हो रहा है। साथियों, ऐसे हर काम और जल्दी से जल्दी उसके फल आपको मिले, इसके लिए 7 मई को भारी संख्या में बहन अर्चना पाटिल के पक्ष में मतदान करना है। और जब आप बहन अर्चना जी को वोट देंगे न, वो वोट सीधा-सीधा मोदी के खाते में जाएगा। वो वोट मोदी को मजबूती देगा। तो आप ज्यादा से ज्यादा मतदान करेंगे। कितनी भी गर्मी हो, मतदान करेंगे, ज्यादा से ज्यादा बूथ जीतेंगे। भारी बहुमत से जीतेंगे। अच्छा मेरा एक और काम करेंगे। जरा हाथ ऊपर करके बताइए तो मैं बताऊं। मेरा पर्सनल काम है करेंगे। ये चुनाव वाला काम नहीं है, निजी काम है करेंगे। देखिए आप घर-घर जाइएगा और हर घर जाकर कहिएगा कि मोदी जी आए थे, मोदी जी ने आपको नमस्कार भेजा है। मेरा नमस्कार पहुंचा देंगे।

बोलिए भारत माता की। भारत माता की। भारत माता की।

बहुत बहुत धन्यवाद।

Explore More
শ্ৰী ৰাম জনমভূমি মন্দিৰৰ ধ্বজাৰোহণ উৎসৱত প্ৰধানমন্ত্ৰীৰ সম্বোধনৰ অসমীয়া অনুবাদ

Popular Speeches

শ্ৰী ৰাম জনমভূমি মন্দিৰৰ ধ্বজাৰোহণ উৎসৱত প্ৰধানমন্ত্ৰীৰ সম্বোধনৰ অসমীয়া অনুবাদ
IIT Delhi tops India in QS Rankings 2027; 52 Indian institutions feature

Media Coverage

IIT Delhi tops India in QS Rankings 2027; 52 Indian institutions feature
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Text of Prime Minister addresses the Indian Community in Paris
June 18, 2026

नमस्ते!

बों जू!

ऐसा लग रहा है, आप सब छुट्टी के मूड में हैं।

साथियों,

ये पेरिस शहर, Lights का शहर है, रंगों का शहर है, यहां Art है, Ideas हैं, और innovation की प्रेरणा भी है। इस शहर को भारत के अलग-अलग राज्यों से आए आप सभी लोग और भी खूबसूरत बना देते हैं। नए नए रंगों से भर देते हैं।

कोई तमिल है, कोई पंजाबी है, कोई गुजराती है, तो कोई मराठी है, और कोई बंगाली है। भारत के हर कोने का प्रतिनिधित्व यहां दिखाई देता है।

साथियों,

मैं जब 14 जून को नीस पहुंचा था तो सबसे पहले भारत इनोवेट्स कार्यक्रम में शामिल हुआ था। आज जब मैं फ्रांस से वापसी की तैयारी में हूं तो लग रहा है जैसे भारत कनेक्ट्स कार्यक्रम में आ गया हूं।

फ्रांस में रहने वाले आप लोगों ने 21वीं सदी के भारत-फ्रांस रिश्तों को जिस तरह कनेक्ट किया है, वो हमारी Strategic Partnership की बहुत बड़ी ताकत बन रही है। मैं आप सभी के लिए भारत से 140 करोड़ देशवासियों की शुभकामनाएं लेकर आया हूं। इस आत्मीय स्वागत के लिए, मैं आप सभी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।

साथियों,

आज मैं ऐसे समय में फ्रांस आया हूं जब कुछ ही दिन पहले हमारी सरकार के 12 वर्ष पूरे हुए हैं। चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप निरंतर 12 साल तक देश की सेवा करना मेरे जीवन का बहुत बड़ा सौभाग्य रहा है। यह भारत के लोकतंत्र की शक्ति है जिसने एक चायवाले को यहां तक पहुंचा दिया।

साथियों,

बीते 12 वर्ष, 140 करोड़ भारतीयों के अद्भुत सामर्थ्य के रहे हैं। 12 साल के इस कालखंड में भारत का GDP दोगुना हुआ है। Airports की संख्या दोगुनी हुई है। Universities की संख्या भी दोगुनी हो गई है। Highway Construction की स्पीड तीन गुना बढ़ गई। और Metro Network, चार गुणा बड़ा हो गया है।

मैं आपको कुछ और फैक्ट्स दूंगा, उससे आप अंदाजा लगा पाएंगे कि भारत किस स्पीड और कितने बड़े स्केल पर काम कर रहा है। पिछले 12 वर्षों में भारत का Defence Export 35 गुणा यानि Thirty Five Times बढ़ गया है।

औऱ एक फैक्ट सुनिए भारत में मोबाइल मैन्यूफैक्टरिंग यूनिट्स में, 100 गुणा की बढ़ोतरी हुई है। 100 times. भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा mobile phone manufacturer है। इसी गति, इसी प्रगति का नतीजा है कि आज भारत दुनिया की Fastest Growing Major Economy है।

साथियों,

आज भारत की कहानी सिर्फ Economic Progress की कहानी नहीं है। सिर्फ यहाँ अटक नहीं जाती है। ये Social Transformation की भी कहानी है।

पिछले 12 साल में देश में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं। यानि एक ऐसी प्रगति जिसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है। फ्रांस में जितने घर हैं, उससे भी अधिक पक्के घर बीते 12 वर्ष में हमने जरूरतमंदों के लिए बनाए हैं।

अब हर परिवार के पास, गरीब से गरीब क्यों न हो, Bank Account है। Financial Inclusion एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन का अभियान बना है।

साथियों,

इन 12 वर्षों की उपलब्धियों में, एक उपलब्धि ऐसी भी है जिसे किसी आंकड़े से, या अंकों से, नहीं मापा जा सकता। वह है 140 करोड़ भारतीयों का आत्मविश्वास।

आज का भारत और आज के भारत का युवा बहुत बड़े सपने देख रहा है। भारत का किसान नई संभावनाओं के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत की महिलाएं नए नेतृत्व का परिचय दे रही हैं। इसलिए ये सिर्फ Achievements के 12 साल नहीं हैं, ये भारत की एस्पिरेशन्स को नई बुलंदी देने का कालखंड रहा है।

साथियों,

एक समय था जब दूर-दराज के गांवों तक आधुनिक सुविधाएं पहुंचाना वाकई बहुत मुश्किल भरा था। आज उन्हीं गांवों में बिजली भी है, इंटरनेट भी है, और डिजिटल सेवाओं की पूरी दुनिया भी है। आज एक क्लिक पर, कभी भी, कहीं भी बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध हैं।

आज मोबाइल फोन, भारत के नागरिकों को अनेक सुविधाओं से कनेक्ट कर रहा है। हमारे किसान, हमारे मछुआरे, हमारे dairy farmers, हमारी महिलाएं, हमारे स्टूडेंट्स, सभी टेक्नोलॉजी के माध्यम से सशक्त हो रहे हैं, और अपने लिए नए अवसर बना रहे हैं।

साथियों,

आपने 125 करोड़ से अधिक Aadhaar IDs के बारे में सुना है। लेकिन आज भारत सिर्फ पहचान को डिजिटल नहीं बना रहा। आज करीब 90 करोड़ भारतीयों की Unique Digital Health IDs बनाई जा चुकी हैं। जिससे मेडिकल रिकॉर्ड सुरक्षित और accessible बन गए हैं। इससे हेल्थकेयर डिलीवरी और अधिक आसान और efficient हो रही है।

साथियों,

इन उपलब्धियों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनमें से अधिकांश चीजें कुछ वर्ष पहले तक कल्पना जैसी लगती थीं। कौन सोच सकता था कि गांव-गांव तक हाई-स्पीड इंटरनेट पहुंचेगा ? कौन सोच सकता था कि दूर-सुदूर के गांवों में भी QR code जीवन का हिस्सा बन जायेगा ? गांव में कोई बहन, ड्रोन से खेती करने में मदद करेगी, ये भी असंभव लगता था।

लेकिन आज यह सब, भारत के करोड़ों लोगों के जीवन का सामान्य हिस्सा बनता जा रहा है। और आपको गर्व होगा साथियों, यही नए भारत की पहचान है।

जो कभी सपना था, वह आज सच्चाई है। जो कभी नामुमकिन लगता था, वो आज मुमकिन हुआ है, औऱ ये करने के पीछे सबसे बड़ी ताकत क्या है? किसकी वजह से ये सब संभव हुआ है? यह मोदी के कारण नहीं, वो ताकत है- भारत का लोकतंत्र, भारत की डेमोक्रेसी। इस डेमोक्रेसी में सबका साथ है, सबका विकास है।

साथियों,

आज से 50 या 100 साल बाद जब भारत के इस कालखंड की समीक्षा होगी, तो ये बात उभरकर सामने आएगी कि इस कालखंड को भारत की Aspirations ने ड्राइव किया। यह भारत के एस्पिरेशन्स का नया युग है।

जहां बिजली पहुंची है, वहां लोग सिर्फ बिजली नहीं चाहते, वे Smart Living चाहते हैं। जहां ट्रेन पहुंची है, वहां लोग High-Speed Connectivity चाहते हैं। जहां हाईवे बने हैं, वहां लोग World-Class Expressways चाहते हैं। जहां इंटरनेट पहुंचा है, वहां लोग AI और Digital Innovation में नेतृत्व चाहते हैं।

यानि आज भारत के लोग अपने जीवन को भी Next Level पर ले जाना चाहते हैं, और भारत को भी Next Level पर ले जाना उनका मकसद है, उनका संकल्प है, उनके सपने है।

और साथियों,

यही Aspirations आज भारत की विकास यात्रा की सबसे बड़ी शक्ति हैं। मैं आपको भारत की Space Journey का उदाहरण दूंगा।

भारत ने चंद्रयान को चंद्रमा के South Pole पर उतारा। दुनिया ने इसे एक बहुत बड़ी उपलब्धि माना। लेकिन भारत इसे अपनी मंजिल मानकर रुका नहीं। आज देश गगनयान की तैयारी कर रहा है। भारत अंतरिक्ष में अपना Space Station बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

हमारे Space Startups Global Space Economy में अपनी जगह बनाने के लिए पुरजोश काम कर रहे हैं, आगे बढ़ रहे हैं।

साथियों,

Green Energy के क्षेत्र में भी भारत की यही एस्पिरेशंस दिखाई देती है। Solar Power में भारत की उपलब्धियों की दुनिया भर में लगातार चर्चा हो रही हैं। लेकिन भारत अगली छलांग की तैयारी कर रहा है।

Green Hydrogen में बड़े निवेश हो रहे हैं। Advanced Nuclear Energy पर तेजी से काम हो रहा है। आपने भारत के Fast Breeder nuclear Reactor से जुड़ी प्रोग्रेस के बारे में भी सुना ज़रूर होगा। ये भारत के न्यूक्लियर एनर्जी लैंडस्केप में क्रांतिकारी परिवर्तन करने का बहुत बड़ा अचीवमेंट हमारे सीसेन्टिस्टों ने किया है।

साथियों,

आज का भारत भविष्य का पूरा Ecosystem बना रहा है। भारत एक साथ हर उस क्षेत्र में निवेश कर रहा है, जो आने वाले दशकों की दिशा तय करेगा।

अभी आपने कुछ दिन पहले ही देखा है नीस में भारत इनोवेट्स का एक आयोजन किया। ये इवेंट भारत के डीप टेक सामर्थ्य को दुनिया तक पहुंचाने का एक और माध्यम था। इसमें भारत के 120 Deep-Tech Startups उपस्थित थे। Bharat Innovates में करीब एक हजार चार सौ B2B Meetings हुईं है। कई Startups के लिए Investment Commitments आगे बढ़ीं, Commercial Orders के लिए रास्ते खुले। French और European Universities तथा Incubators के साथ Engagements बढ़ रही हैं।

Student Exchanges, Joint Research, और Innovation Support के नए रास्ते बने। इसलिए Bharat Innovates सिर्फ एक Summit नहीं रहा। यह Innovation Diplomacy का एक नया मॉडल बना है।

और आज ही पेरिस में VivaTech इवेंट के जरिए, इस यात्रा को हमने और आगे बढ़ाया। नीस में हमने Ideas को Capital से जोड़ा और पेरिस में Indian Innovation को Global Scale से जोड़ा। आज दुनिया देख रही है भारत केवल भविष्य के लिए तैयार नहीं हो रहा है। भारत भविष्य को आकार दे रहा है।

साथियों,

एक समय था, जब देशों के बीच रिश्ते केवल व्यापार से तय होते थे। आज व्यापार के साथ-साथ Trust यानि भरोसा भी उतना ही महत्वपूर्ण हो गया है।

हर देश Reliable Supply Chains चाहता है। हर देश Stable Partnerships चाहता है। हर देश ऐसे साथियों की तलाश में है, जिन पर लंबे समय तक भरोसा किया जा सके। और ऐसे समय में, भारत विश्व में एक Trusted Partner के रूप में उभर रहा है।

एवियां में G7 बैठक के दौरान मैंने trust based partnerships बनाने पर ज़ोर दिया। ग्लोबल साउथ के देशों के साथ equal पार्टनर्स के रूप में आगे बढ़ने का आह्वान किया। भारत का G7 समिट में संदेश था Global Governance तभी प्रभावी होगी जब वह Inclusive होगी। Global Growth तभी Sustainable होगी जब वह शेयर्ड होगी। और Global Technology तभी मानवता के लिए उपयोगी होगी जब वह Trusted होगी।

साथियों,

भारत और दुनिया के बीच व्यापारिक रिश्तों में नई ऊर्जा नज़र आ रही है। फ्रांस के साथ भारत का ट्रेड लगतार बढ़ रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारत ने दुनिया के अनेक देशों के साथ Free Trade Agreements किए हैं। यूरोपियन यूनियन हो, यूनाइटेड किंगडम हो दुनिया के हर देश, हर रीजन के साथ भारत समझौते कर रहा है।

अगले महीने से भारत और UK के बीच ट्रेड एग्रीमेंट भी लागू हो जाएगा। यह एग्रीमेंट भारत के farmers, workers और innovators को अनेक नए अवसर प्रदान करेगा।

साथियों,

आज दुनिया Uncertainty और Disruption के दौर से गुजर रही है। ऐसे समय में भारत और फ्रांस की साझेदारी विश्वास, स्थिरता और सहयोग का एक मजबूत स्तंभ बन रहा है।

इस वर्ष हमने भारत और फ्रांस के संबंधों को Special Global Strategic Partnership का दर्जा दिया था। नीस में मेरे मित्र President Macron और मैंने हमारे संबंधों को force for global good बनाने पर चर्चा की। Defence से लेकर space और नुक्लियर तक AI और क्रिटीकल मिनरल्स से लेकर high speed railway तक, हर क्षेत्र में हम मिलकर आगे बढ़ेंगे।

साथियों,

Solar energy हो, या AI के क्षेत्र में सहयोग हो, भारत और फ्रांस मिलकर ऐसे समाधान विकसित कर रहे हैं जो पूरी मानवता के हित में हैं। पिछले वर्ष पेरिस में और इस वर्ष दिल्ली में हमने AI Summit को Co-chair किया।

अब हम साथ मिलकर अगले वर्ष “तृष्णा” satellite को लॉन्च करने जा रहें हैं। यह “तृष्णा” satellite जो विश्व में फूड और वाटर सिक्युरिटी सुनिश्चित करने में योगदान देगा।

और साथियों,

यह सभी गवर्नमेंट टू गवर्नमेंट पहलो में आप सभी का योगदान बहुत महत्वपूर्ण है। ये आप हैं जो भारत और यूरोप के बीच सबसे मजबूत सेतु हैं। आप दोनों समाजों को समझते हैं। दोनों बाजारों को समझते हैं। आने वाले समय में Talent, Trade, Technology, Tourism और Investment के नए अवसरों को आगे बढ़ाने में आपकी भूमिका लगातार बढ़ने वाली हैं।

साथियों,

भारत और फ्रांस के रिश्तों को साझा इतिहास, साझा मूल्यों और साझा विश्वास ने आगे बढ़ाया है। विश्व युद्धों के दौरान फ्रांस की धरती पर बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों की स्मृतियां आज भी हमें जोड़ती हैं।

मुझे पहले नव शापेल में श्रद्धांजलि देने का अवसर मिला, पिछले वर्ष प्रेसिडेंट मैक्रों के साथ मार्सेय के वॉर मेमोरियल जाने का अवसर भी मिला। ये हमारी साझा विरासत है।

फ्रांस, भारतीयों के योगदान को संजोता भी है और सराहता भी है। भारतीय मूल की नूर इनायत खान हों, जिन्होंने फ्रांस की Resistance के लिए अपना जीवन बलिदान किया, या महाराजा रणजीत सिंह के साथ काम करने वाले जनरल जां फ्रांस्वा अलार हों ये सभी भारत और फ्रांस की साझा विरासत के प्रतीक हैं।

भारत के राज्य पुडुचेरी में भी फ्रेंच विरासत की झलक दिखाई देती है। वहां का Architecture, वहां की कला-संस्कृति और खान-पान सभी में हमारे संबंधों की महेक है।

साथियों,

इस समय फ्रांस समेत पूरी दुनिया में International Yoga Day की तैयारी भी चल रही है। इस अवसर पर मैं, फ्रांस में योग को आगे बढ़ाने वाले श्रीमान महेश घाट्राड्याल जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धांजलि देता हूं। मैं पद्म पुरस्कार से सम्मानित, शार्लोत शोपां जी को भी प्रणाम करता हूं। जिन्होंने सौ वर्ष की आयु में भी, योग के माध्यम से फ़्रांस को भारत की विरासत से जोड़ा है। उनका जीवन यह सिद्ध करता है: Yoga does not add years to life, it adds life to years.

साथियों,

मैं फ्रेद नेग्री जी को भी आदरपूर्वक श्रद्धापूर्वक याद करता हूं। भारतीय विरासत को संरक्षित करने में उनका योगदान अतुल्य रहा है।

साथियों,

भारत और फ्रांस को कनेक्ट करने वाली एक और चीज है, और वो है फुटबॉल। इस वक्त यहां फुटबॉल फीवर पूरे जोर पर है। फ्रांस में इसकी दीवानगी, चप्पे-चप्पे पर दिखती है। लेकिन भारत में भी फुटबॉल का क्रेज़ सिर चढ़कर बोलता है।

खासतौर पर फ्रांस की टीम के फैन्स भारत में बहुत अधिक हैं। फ़्रांस ने इस वर्ल्ड कप की शुरुआत एक जोरदार जीत से शुरू की है। मैं फ्रांस की टीम को बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

साथियों,

जाने से पहले, आप सभी के लिए कुछ और अच्छी खबरें भी लेकर के आया हूँ। वो आपके लिए हैं। पिछले वर्ष, मार्सेय में कॉन्सुलेट खोला गया, इससे काफी अधिक सुविधा मिल रही है। कुछ हफ्ते पहले, Indian Nationals के लिए French Airports पर Visa-free Transit की व्यवस्था शुरू हो गई है।

Students और Professionals की Mobility बढ़ाना हो, या Educational Qualifications की Mutual Recognition की बात हो, या फिर French Universities के भारत में Campus खोलना हो, इन सभी पर हम मिलकर आगे बढ़ रहें हैं।

अब फ्रांस में UPI के उपयोग का दायरा भी और बढ़ने जा रहा है। यानि भारत-फ्रांस कनेक्ट भी Instant और आपसी Payment भी Instant!

साथियों,

इन सभी पहलों से, हम भारत और फ़्रांस को और करीब ला रहें हैं। और मैं फिर कहूंगा इस साझेदारी की नींव, इस रिश्ते की असली ताकत आप सभी हैं। आप सब मेरे देशवासी हैं।

आज जब भारत तेज़ी से विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, तो मैं आप सभी से भारत के साथ और गहराई से जुडने का आग्रह करूंगा। इससे भारत की विकास यात्रा को नई शक्ति मिलेगी, और आपको अपनी पुरखों की धरती की सेवा करने का अवसर भी मिलेगा।

इन्हीं शब्दों के साथ आप सभी के प्रेम आपके उत्साह और इस आत्मीय स्वागत के लिए मैं एक बार फिर आप सभी का आभार व्यक्त करता हूं।

भारत माता की जय!

बहुत बहुत धन्यवाद।