We will break the backbone of terrorism in Jammu and Kashmir and fight it with all our might: PM Modi
Our government is committed to restore dignity of displaced Kashmiri Pandits: PM Modi
PM Modi congratulates people of Jammu Kashmir for making the state Open Defecation Free

जिन नौजवानों से बात करने का मुझे मौका मिला आज आप सभी का आत्‍मविश्‍वास और भविष्‍य के प्रति आपकी जो एक positivity जो मुझे अनुभव आई, मेरे लिए भी उत्‍साहजनक है, मेरी ऊर्जा बढ़ाने वाली है। मैं सबसे पहले तो इन प्रश्‍नकर्ता और कार्यक्रम में आए देश भर के नौजवानों का आभार करता हूं। देश भर से जो साथी जुड़ें हैं उनको मैं फिर बता दूं कि यहां पर श्रीनगर में तापमान काफी नीचे है। हो सकता है रात होते-होते माइनस हो जाएगा। इसके बावजूद मौजूद यहां मेरे युवा साथी अनेक कश्‍मीरी भाई-बहन मौजूद हैं। ये कश्‍मीर की spirit को दिखाता है। कश्‍मीरियों की भावना को दिखाता है।

मंच पर विराजमान जम्‍मू-कश्‍मीर के राज्‍यपाल श्रीमान सतपाल मलिक जी, मंत्रिमंडल में मेरे सहयोगी डॉ. जितेंद्र सिंह, यहां उपस्थित सभी मेरे भाईयो और बहनों।

साथियों, आज जब मैं श्रीनगर आया हूं तब मैं शहीद नजीर अहमद वाणी सहित उन सैंकड़ो वीरों को श्रद्धासुमन अर्पित करता हूं जिन्‍होंने शांति के लिए राष्‍ट्र की रक्षा के लिए सर्वोच्‍च बलिदान दिया। शहीद नजीर अहमद वाणी उनके इसी अदम्‍य साहस और वीरता के लिए कृतज्ञ राष्‍ट्र ने अशोक चक्र से सम्‍मानित किया है। शहीद वाणी जैसे युवा ही जम्‍मू-कश्‍मीर और देश के हर नौजवान को देश के लिए जीने और देश के लिए समर्पित होने का रास्‍ता दिखाते हैं। मैं जम्‍मू-कश्‍मीर के लाखों लोगों को बधाई देता हूं। जिन्‍होंने सालों बाद पंचायतों और शहरी निकायों के चुनाव करवाए और अपने नुमाइंदे चुने।

लोकतंत्र के प्रति आपकी ये निष्‍ठा नफरत से भरे लोगों के लिए एक बहुत बड़ा संदेश है। कुछ लोगों द्वारा negativity फैलाने की कोशिश के बीच धमकियों से बेपरवाह आप जिस संख्‍या में पोलिंग बूथ तक पहुंचे हैं वो आपके अपने बच्‍चों के भविष्‍य जम्‍मू और कश्‍मीर के विकास की भावना को और पुख्‍ता करता है।

साथियों, आज मुझे यहां करीब 7 हजार करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्‍यास और लोकार्पण करने का अवसर मिला है। ये तमाम प्रोजेक्‍टस श्रीनगर और आस पास के इलाकों के लोगों के जीवन को आसान बनाने में मदद करने वाले हैं। शिक्षा, स्‍वास्‍थ्‍य और infrastructure से जुड़ी इन परियोजनाओं के लिए आप सबको बहुत-बहुत बधाई।

साथियों, जैसे कि आपने देखा आज श्रीनगर देश की शिक्षा व्‍यवस्‍था से जुड़े एक बहुत बड़े कार्यक्रम की मेहरबानी कर रहा है। आपमें से बहुत लोगों ने नोटिस किया होगा कि चार साढ़े चार वर्ष पहले जितने भी बड़े कार्यक्रम लॉन्‍च होते थे या फिर केंद्र सरकार कोई योजना शुरु करती थी। वो सब कुछ दिल्‍ली के विज्ञान भवन में होता था। लेकिन हमने पुरानी सरकारों की संस्‍कृति को ही बदल दिया है।

हमारी सरकार ने आयुष्‍मान भारत योजना की शुरुआत झारखंड से की, उज्‍ज्‍वला योजना की शुरुआत उत्‍तर प्रदेश से की, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्‍योति योजना पश्चिम बंगाल में जाकर की, हेंडलूम से जुड़े राष्‍ट्रीय अभियान की शुरुआत तमिलनाडू से की, बे‍टी बचाओ-बेटी पढ़ाओ की शुरुआत हरियाणा से की, पोषण अभियान की शुरुआत राजस्‍थान जाकर के की।

अब आज पूरे देश से जुड़े एक महत्‍वपूर्ण कार्यक्रम के लिए हम सभी आज श्रीनगर में मौजूद हैं और देश भर के कार्यक्रम का लॉन्‍चिंग आज मैं श्रीनगर की धरती से कर रहा हूं। आज यहां राष्‍ट्रीय उच्‍च स्‍तर शिक्षा अभियान यानी रूसा के दूसरे फेज से जुड़े प्रोजेक्‍ट की शुरुआत की गई है, यहीं से देश भर 70 नए मॉडल डिग्री कॉलेज, 11 प्रोफेशनल कॉलेज, एक महिला यूनिवर्सिटी, 60 से अधिक entrepreneur, innovation और carrier hub का शिलान्‍यास और उद्घाटन किया गया है। इनमें से अनेक संस्‍थान यहीं जम्‍मू-कश्‍मीर के लिए भी है।

साथियों, ये दिखाता है कि न्‍यू इंडिया किस दिशा में चल रहा है। नए भारत के निर्माण के‍ लिए हमारा रास्‍ता क्‍या है। research, innovation, incubation or startup के लिए एक नया temperament देश में विकसित किया जा रहा है। देश भर स्‍कूलों में बन रही अटल टिंकरिंग लैबस को, अटल incubation centers को जय जवान जय किसान, जय विज्ञान और जय अनुसंधान का हमारा संकल्‍प और सशक्‍त हो रहा है। इस सशक्तिकरण का गवाह हमारा श्रीनगर बना है, जम्‍मू-कश्‍मीर बना है।

साथियों, ये startup India अभियान का ही असर है कि आज भारत चीन और अमेरिका के बाद तीसरा सबसे बड़ा startup nation बन गया है। बीते तीन-चार वर्षों में 15 हजार से अधिक startups recognize किए जा चुके हैं। इनमें से भी लगभग 50 प्रतिशत startups टीयर वन टीयर टू शहरों में स्‍थापित रहे हैं।

साथियों, startups के साथ-साथ देश इनके ग्रामीण इलाकों में टेक्‍नोलॉजी का विस्‍तार भी हमारी प्राथमिकता में है। आज देश भर में तीन लाख से अधिक common service centre ग्रामीणों को डिजिटल सेवाएं तो दे ही रहे हैं। लाखों युवाओं को रोजगार से भी जोड़ रहे हैं। आज बांदीपुरा में राज्‍य का पहला बीपीओ भी खुल गया है इससे बांदीपुरा के युवाओं के लिए नए अवसर का द्वार खुला है।

भाईयो-बहनों जितने भी प्रोजेक्‍ट का शिलान्‍यास और उद्घाटन आज किया गया है। ये देश के ऐसे जिलों में शुरू किया जा रहा है जो विकास की दौड़ में आगे बढ़ने का प्रयास कर रहे हैं। रूसा के दूसरे चरण में देश के पौने चार सौ जिलों में उत्‍कृष्‍ट शिक्षण संस्‍थान तैयार किए जा रहे हैं। अवसरों की समानता की तरफ एक और बड़ा कदम है। मुझे विश्‍वास है कि इन सभी जिलों के युवाओं को जब अपने घर के पास ही अच्‍छे संस्‍थान मिल जाएंगे तो अपने टेलेंट को और निखार पाएंगे, अपनी skill को और तराश पाएंगे।

साथियों, जब मैं न्‍यू इंडिया के आत्‍मविश्‍वास की बात करता हूं तो उसके पीछे एक ठोस आधार रहता है। जम्‍मू-कश्‍मीर की बेटी नौ साल की तजामुल इस्‍लाम जैसे देश के अनेक साथी हैं जो मुश्किल हालात में भी कुछ करने के लिए आगे बढ़ते हैं।

केंद्र सरकार आप सभी युवा सा‍थियों के इस उत्‍साह, इस उमंग को और उड़ान देना चाहती है। इसके लिए खेलो इंडिया अभियान के तहत एक बहुत बड़ा टेलेंट हंट कार्यक्रम देश में चल रहा है। छोटे-छोटे शहरों, कस्‍बों में स्‍पोर्टस की बेहतरीन सुविधाएं तैयार की जा रही है। यहां जम्‍मू-कश्‍मीर के 22 जिलों में भी multi purpose sports hall बनाने की योजना शुरू की गई है। आज भी गांदरबल में ऐसे ही एक इंडोर स्‍टेडियम का उद्घाटन किया गया है।

साथियों, जम्‍मू-कश्‍मीर में बीते 7-8 महीनों में विकास की गति को तेज करने का प्रयास किया गया है। यहां के सामान्‍य मानवी का जीवन आसान हो इसके लिए यहां का प्रशासन जुटा हुआ है। मुझे बताया गया है कि अनेक ऐसे प्रोजेक्‍टस जो दस-दस, बीस-बीस साल से अटके हुए थे वो भी अब पूरे कर लिए गए हैं बीते दो महीने में सैंकड़ों की डॉक्‍टरों की भर्ती हो, या बारामुला का पुल हो, ऐसे अनेक प्रोजेक्‍ट पूरे किए गए हैं। मैं जम्‍मू-कश्‍मीर के एक-एक नागरिक को बधाई देता हूं कि आप सभी ने पिछले साल सितंबर में तय समय से पहले ही राज्‍य को खुले में शौच से मुक्‍त घोषित कर दिया है। आप बधाई के पात्र हैं। मुझे ये भी बताया गया है कि जम्‍मू-कश्‍मीर को देश का पहला ऐसा राज्‍य बनने का लक्ष्‍य रखा गया है जहां हर गांव, गांव तक पाइप से पीने का पानी उपलब्‍ध होगा, ये बहुत सराहनीय प्रयास है।

साथियों, हमारी सरकार में तय समय सीमा में लक्ष्‍य को प्राप्‍त करने का ईमानदार प्रयास किया जाता है। आप सभी को याद होगा कि लालकिले से मैंने एक हजार दिन के भीतर देश के 18 हजार से अधिक उन गांवों तक बिजली पहुंचाने के लिए ऐलान किया जो स्‍वतंत्रता के इतने वर्षों बाद भी अंधेरे में गुजारा करते थे। उस लक्ष्‍य को समय सीमा के भीतर ही पूरा कर लिया गया है। इसके बाद सौभाग्‍य योजना के तहत देश के करोड़ों परिवारों को मुफ्त बिजली कनेक्‍शन देने का अभियान चल रहा है। लगभग ढाई करोड़ कनेक्‍शन दिए जा चुके हैं। और बहुत जल्‍द बाकी घरों को भी रोशन किया जाएगा। मुझे खुशी है कि जम्‍मू–कश्‍मीर में भी अब करीब-करीब हर परिवार तक बिजली का कनेक्‍शन पहुंच चुका है। इसके लिए मैं यहां के लोगों को बिजली विभाग से जुड़े हर कर्मी को, हर इंजीनियर को हृयपूर्वक बधाई देता हूं। राज्‍य सरकार की पूरी टीम को बधाई देता हूं।

साथियों, जम्‍मू–कश्‍मीर में हर घर तक बिजली पहुंचाने के साथ-साथ पर्याप्‍त बिजली देने की कोशिश भी की जा रही है। लेह, लद्दाख, कारगिल हो जम्‍मू हो या फिर अब श्रीनगर तीनों जगहों पर आज बिजली उत्‍पादन और ट्रांसमिशन से जुड़े अनेक बड़े प्रोजेक्‍टस का लोकार्पण और शिलान्‍यास एक ही दिन में करने का मुझे मौका‍ मिला है। यहां की बिजली जरूरतों को देखते हुए आजादी के बाद पहली बार इतने व्‍यापक स्‍तर पर काम हो रहा है। हमारी सरकार की कोशिश है कि पहले जो भारत के हक का पानी बेकार में बह जाता था। उसकी एक-एक बूंद का उपयोग जम्‍मू–कश्‍मीर के हित में किया जाए, इसी सोच के साथ अनेक पावर प्रोजेक्‍टस यहां शुरू किए गए हैं।

साथियों, ये तमाम प्रोजेक्‍टस देश भर में infrastructure को लेकर सरकार की प्राथमिकताओं का परिणाम है, सडक हो, बिजली हो, शिक्षा हो, या फिर स्‍वास्‍थ्‍य मूल सुविधाओं के निर्माण में देश तेजी से आगे बढ़ रहा है। जम्‍मू–कश्‍मीर के हेल्‍थ infrastructure को मजबूत करने के लिए जम्‍मू और पुलवामा में बनने वाले दो एम्‍स का आज ही शिलान्‍यास किया गया है। इन दोनों संस्‍थानों से राज्‍य के स्‍वास्‍थ्‍य सेक्‍टर में बहुत बड़ा बदलाव आने वाला है। ‍

साथियों, हम आधुनिक अस्‍पताल तो बना ही रहे हैं, दुनिया की सबसे बड़ी हेल्‍थ केयर स्‍कीम आयुष्‍मान भारत पीएमजे भी चला रहे हैं। देश के इतिहास में इतनी बड़ी हेल्‍थ केयर स्‍कीम गरीबो के लिए पहले कभी नहीं हुई। इस योजना के तहत गरीबों का हर वर्ष पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज सुनिश्चित हुआ है।

देश के लगभग 50 करोड़ गरीब बहन भाई इसके दायरे में है। जिसमें से तीस लाख लाभार्थी जम्‍मू-कश्‍मीर के ही हैं।

साथियों, आयुषमान भारत योजना की वजह से अब तक देश में 10 लाख से अधिक गरीबों को मुफ्त इलाज किया जा चुका है। अभी तो इस योजना को 100 दिन अभी-अभी पूरे हुए हैं। इतने कम समय में 10 लाख लोगों के मेजर सर्जरी उनकी मुसीबत में एक प्रकार से जो दो-दो तीन-तीन साल से मौत का इंतजार कर रहे थे। उनको आज नई जिदगी मिलेगी। इस योजना के तहत हर दिन दस हजार से अधिक हमारे गरीब भाई बहन मुफ्त इलाज पा रहे हैं। और ये पचास करोड़ लोग, ये दुनिया की सबसे बड़ी योजना है। अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको इनकी जो टोटल पापुलेशन है उससे ज्‍यादा लोगों के लिए हमारी आयुष्‍मान भारत योजना है। आप कल्‍पना कर सकते हैं कितना बड़ा काम है।

साथियों, आयुषमान भारत जैसी योजना एक भारत श्रेष्‍ठ भारत का भी सर्वोत्‍तम उदाहरण है। क्‍योंकि जम्‍मू–कश्‍मीर का लाभार्थी देश में कहीं भी इस योजना का लाभ ले सकता है। मान लीजिए आप यहां से मुंबई गए और बीमारी आ गई, आप यहां पर अगर रजिस्‍टर्ड हैं तो मुंबई के अस्‍पताल में भी आप बिना खर्च किए लाभ ले सकते हैं। मुंबई का कोई यहां श्रीनगर कें अंदर घूमने-फिरने आया है कुछ मुसीबत आई वो यहां फायदा ले सकता है। सरकार ने सारी व्‍यवस्‍था करने के लिए व्‍यवस्‍था बनाई हुई है। संसाधनों की साझेदारी की यही शक्ति हमारे देश की सबसे बड़ी ताकत है। हर मुश्किल परिस्थिति में एक-दूसरे के काम आ सके, यही भारत की आत्‍मा है, यही कश्‍मीर की भावना है।

साथियों, इसी कश्‍मी‍यरित का तकाजा है कि हिंसा के दौर जिन कश्‍मीरी पंडित भाईयो बहनों को यहां से अपना घर, अपनी जमीन, अपने पूर्वजों की यादों को छोड़ कर जाना पड़ा है। उनको पूरे सम्‍मान से यहां बसाया जाए।

प्रधानमंत्री विकास पैकेज के जरिये हम इसके लिए कोशिश कर रहे है, राज्‍य प्रशासन ने वैसु और सेफपुरा में ट्रांजिट आवास बनाने शुरू कर दिए हैं। आज मुझे बांदीपुरा और गांदेरबल में ट्रांजिट आवास की सुविधा का विस्‍तार करने वाली योजना का शिलान्‍यास करने का अवसर मिला है। ये योजना भी प्रधानमंत्री विकास पैकेज का ही हिस्सा है

साथियों, यहां पर करीब 7 सौ फ्लैट बन जाने के बाद विस्‍थापित परिवारों को नई छत मिलेगी। सरकार का प्रयास रहेगा कि जो भी यहां वापिस आना चाहते हैं। उन्‍हें पूरी सुरक्षा और सम्‍मान के साथ यहां जगह मिले।

साथियों, कश्‍मीरी विस्‍‍थापितों को रोजगार के अवसर देने के लिए भी सरकार प्रतिबद्ध है। वर्ष 2015 में घोषित PM Development Package के तहत राज्‍य प्रशासन ने तीन हजार नियुक्तियों की स्‍वीकृति दे दी है। मुझे विश्‍वास है कि जल्‍द ही ये भर्तियां हो जाएंगी।

साथियों, जैसा कि मैंने शुरू में जिक्र किया कि जम्‍मू-कश्‍मीर के हीरो शहीद नजीर अहमद वाणी, शहीद मुहम्‍मद ओरेंगजेब और तजामूर हुसैन जैसे युवा हैं। जो शांति और देश के बेहतर भविष्‍य के लिए समर्प्रित रहे है। हीरो वही है जो सपने पूरा करने के लिए जीता है, वो सबसे बड़ा कायर है। जो दूसरे के सपनों को मारता है।

आज पूरा देश निर्दोष, निहत्‍थे, कश्‍मीरी बेटे, बेटियों की हत्‍या देखकर आक्रोष में हैं सिर्फ इसलिए कि वो नौजवान शांति चाहते हैं, जीना चाहते हैं उन्‍हें आतंकवाद का शिकार बनाया जा रहा है। यही यहां के आतंकवाद की सच्‍चाई है। मैं आज आपको जम्‍मू–कश्‍मीर के नौजवानों को और पूरे देश को ये विश्‍वास दिलाता हूं कि इस आतंक का पूरी ताकत से मुकाबला किया जाएगा। हर आतंकी को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। सर्जिकल स्‍ट्राइक करके हम पूरी दुनिया को बता चुके हैं। कि अब भारत की नई नीति और नई रीति क्‍या होती है।

हम जम्‍मू-कश्‍मीर में भी आंतकवाद की कमर तोड़ करके ही रहेंगे। जम्‍मू-कश्‍मीर का विकास यहां के लोगों का विकास ये हमारी प्राथमिकता है। और हमेशा रहेगी, मैं एक बार फिर आप सभी को शिक्षा से जुड़ी योजनाओं की शुरूआत के लिए से infrastructure परियोजनाओं के लिए बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं। बहुत-बहुत बधाई देता हूं। और मैं विश्‍वास दिलाता हूं। अटल बिहारी वाजपेयी जो सपना देखते थे, उन्‍होंने हमें विरासत में जो काम दिया है, उसमें एक रती भर भी पीछे नहीं हटेंगे। उस भावना को हम साकार करके दिखाएंगे और इसके लिए चाहे लद्दाख हो, चाहे श्रीनगर हो, चाहे जम्‍मू हो एक-एक नागरिक को साथ लेकर के सबका साथ-सबका विकास का मंत्र लेकर के हम वही खुशहाल कश्‍मीर, शांत कश्‍मीर, पूरे हिन्‍दुस्‍तान को न्‍योता देने वाला कश्‍मीर हरी-भरी इस वादियों में खुशहाली के दिन वाला कश्‍मीर उस सपनों को पूरा करने के लिए जो भी आवश्‍यक है वो कदम हम उठायेगें।

हमारा हर यहां का परिवार, हमारा हर यहां का हर बच्‍चा, उनका उज्‍ज्‍वल भविष्‍य, यही भारत के उज्‍ज्‍वल भविष्‍य का जीता जागता संबंध है। उन संबंधों को बरकरार रखते हुए हम इस बात को आगे बढ़ाने के लिए भरसक प्रयास करते रहेंगे इसी विश्‍वास के साथ मैं आप सबको हृदय से बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

धन्‍यवाद.

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PM chairs 52nd PRAGATI Meeting
June 24, 2026
PM reviews four key infrastructure projects worth around ₹30,000 crore spanning four states across Road, Power, Industrial Corridor and Metro Rail sectors
PM emphasises use of PM GatiShakti National Master Plan and timely updation of project, utility and infrastructure data on the portal for efficient planning
PM asks Ministries and State Governments to resolve pending issues in a mission-mode manner and ensure close monitoring
PM reviews TB Mukt Bharat Abhiyan and emphasizes need to leverage latest digital technologies including AI
PM reviews grievances related to Cyber Crime and Digital Arrest and stresses timely action, coordinated response and e-Zero FIR registration mechanism

Prime Minister Shri Narendra Modi chaired the 52nd meeting of PRAGATI, the ICT-enabled, multi-modal platform aimed at fostering Pro-Active Governance and Timely Implementation, by seamlessly integrating efforts of the Central and State Governments, earlier today at Seva Teerth.

During the meeting, the Prime Minister reviewed four critical infrastructure projects across the Road, Power, Industrial Corridor and Metro Rail sectors, covering four States and costing around ₹30,000 crore. These projects, important for economic growth, regional connectivity, industrial development and public welfare, were reviewed with focus on timelines, inter-agency coordination, issue resolution and timely completion.

Prime Minister underlined that delays in infrastructure projects not only lead to cost escalation, but also deprive people and industries of timely benefits. He asked the concerned Ministries and State Governments to resolve pending issues in a mission-mode manner and ensure close monitoring at the highest level.

Prime Minister emphasised the use of PM GatiShakti National Master Plan for efficient planning and timely implementation of infrastructure projects. He also underlined the need for regular and timely updation of project details, utilities, infrastructure layers, clearances and other field-level information on the portal. He further emphasised that the platform must reflect the latest ground situation so that bottlenecks can be identified in advance, inter-agency coordination can be improved and decisions can be taken on the basis of reliable, real-time data.

Prime Minister reviewed TB Mukt Bharat Abhiyan and emphasised the need to leverage latest digital technologies including Artificial Intelligence. He suggested a team of NCC cadets and MY Bharat volunteers, for awareness, patient follow-up and community mobilisation.

Prime Minister also reviewed grievances related to Cyber Crime and Digital Arrest. He expressed concern over the rising misuse of digital platforms to defraud citizens and stressed that such matters require coordinated, sensitive and time-bound handling by all concerned agencies. He noted that citizens should not be made to run from one department or agency to another. He also emphasized the need for clear ownership, faster response, better coordination among law enforcement agencies, banks and digital platforms, and stronger public awareness campaigns.

Prime Minister observed that in cases involving cyber fraud, timely action is crucial to prevent financial loss and restore public confidence. He asked all stakeholders to work in close coordination to strengthen prevention, reporting, investigation and grievance redressal mechanisms. He also emphasised that States should work towards enabling e-Zero FIR mechanisms for faster registration and response in cyber fraud cases.