INDI alliance aims to play musical chairs with the Prime Minister's seat: PM Modi in Pataliputra, Bihar
The RJD-Congress are conspiring to allocate SC/ST/OBC quotas to their vote bank: PM Modi in Bihar
Congress allowed grains to rot while refusing to feed the poor: PM Modi taking a jibe at the Opposition

महान पाटलिपुत्र के ई ज्ञान-विज्ञान, शौर्य-पराक्रमी, वैभवशाली भूमि के नमन करीत हियो ! रउआ सभन के हमर प्रणाम पहुंचे !

भाइयों और बहनों,

आज छठे चरण का मतदान हो रहा है। मतदाताओं का अभूतपूर्व उत्साह और उमंग हम लगातार देख रहे हैं। मैं देश के हर मतदाता का अभिनंदन करता हूं और भारी संख्या में मतदान का आग्रह करता हूं।

साथियों,

ये भूमि स्वर्गीय कैलाशपति मिश्र जी की विरासत है। उनकी तपस्या, हर बीजेपी कार्यकर्ता के लिए प्रेरणा है। बीजेपी कार्यकर्ताओं की मेहनत का परिणाम आज पूरा देश देख रहा है। ऐसा लग रहा है कि आप सब लोग मनेर के लड्डू खाकर आए हो। मनेर के लड्डू मशहूर तो है, लेकिन लग रहा है कि मनेर के लड्डू की ताकत भी बड़ी है। आप लोग भी 4 जून के लिए ये मनेर के लड्डू तैयार रखिए। चुनाव के नतीजे क्या आने वाले हैं, उसका एग्जिट पोल चालू हो गया है। आप समझ लीजिए, जब इंडी गठबंधन वाले सोते-उठते, जागते-बैठते EVM को गाली देना शुरू कर दें, मतलब की NDA की सफलता का एक्जिट पोल आ चुका है। 4 जून को पाटलिपुत्र में नया रिकॉर्ड बनेगा और देश में भी नया रिकॉर्ड बनेगा।

साथियों,

मैं हिंदुस्तान के कोने-कोने में गया हूं। जनता-जनार्दन के दर्शन करने गया हूं। देशवासियों के आशीर्वाद लेने गया हूं। माताओं-बहनों के सामने सर झुकाने के लिए गया हूं और चारो तरफ से एक ही मंत्र सुनाई देता है, एक ही गूंज सुनाई देती है और एक ही विश्वास झलक रहा है। फिर एक बार...मोदी सरकार। फिर एक बार...मोदी सरकार। फिर एक बार...मोदी सरकार।

साथियों,

चौबीस के इस चुनाव में, एक तरफ चौबीस घंटे आपके लिए मेहनत करने वाला मोदी है...तो दूसरी तरफ चौबीस घंटे आपसे झूठ बोलने वाला इंडी गठबंधन है। एक तरफ मोदी है...जो चौबिसो घंटे...सातों दिन 2047 में विकसित भारत बनाने में जुटा है। जो 24x7 आत्मनिर्भर भारत बनाने में जुटा है। जो 24x7 देश की सुरक्षा बढ़ाने में जुटा है। जो 24x7 अच्छी आधुनिक सड़कें, आधुनिक रेलवे देने में जुटा है। वहीं दूसरी तरफ इंडी-गठबंधन है...इंडी गठबंधन के पास काम नहीं है...समय ही समय है...खाली है। देशवासियों ने उनकी छुट्टी कर दी है। वे जेल में विश्राम करते रहते हैं...कभी बाहर रहते हैं और इसलिए ये इंडी गठबंधन...दिन हो या रात मोदी को गालियां देने में जुटा है। दिन हो या रात अपने वोट बैंक को खुश करने में जुटा है।

साथियों,

LED बल्ब के जमाने में...यहां बिहार में एक लालटेन लेकर घूम रहे हैं। ये एक ऐसी लालटेन जो सिर्फ एक ही घर में रोशनी करता है। एक ही घर में रोशनी करता है...30 साल का इतिहास देख लीजिए...सिर्फ एक ही घर में रोशनी करता है। चारो तरफ अंधेरा हो जाए तो हो जाए, उनके घर की रोशनी जलती रहे। इस लालटेन ने बिहार में अंधेरा ही अंधेरा फैलाया है। दूसरे के बेटे-बेटियों को ये लोग पूछते तक नहीं हैं। इंडी गठबंधन वालों का सूत्र है...अपना काम बनता, भाड़ में जाए जनता।

भाइयों और बहनों,

ये सिर्फ MP चुनने के लिए चुनाव नहीं है, ये देश का PM चुनने के लिए है। अब आपका वोट मामूली नहीं है, अब आपका वोट इतना वजनदार है इतना ताकतवर है कि आपका वोट देश का पीएम चुनने वाला है। भले ही आप पाटलिपुत्र में बैठे हों, लेकिन पीएम का फैसला आप मेरे भाई-बहन करने वाले हो और भारत को कैसा पीएम चाहिए?... भारत को कैसा पीएम चाहिए?... भारत को कैसा पीएम चाहिए? भारत को ऐसा पीएम चाहिए जो इस दमदार देश का दम दुनिया के सामने दमखम के साथ रख सके। वहीं दूसरी ओर ये इंडी वाले हैं। इंडी-गठबंधन की योजना, 5 साल में 5 पीएम देने की है। अब मुझे बताइए 5 साल में 5 पीएम क्या होगा इस देश का। इसके लिए दावेदार कौन-कौन है? गांधी परिवार का बेटा..सपा वाले परिवार का बेटा...नेशनल कॉन्फ्रेंस परिवार का बेटा...NCP वाले परिवार की बेटी...TMC वाले परिवार का भतीजा...आप पार्टी के आका की पत्नी...नकली शिवसेना परिवार का बेटा...और RJD परिवार के बेटे या फिर बेटियां...ये सारे परिवारवादी मिलकर, प्रधानमंत्री की कुर्सी पर म्यूजिकल चेयर खेलना चाहते हैं।

साथियों,

ये इंडी-गठबंधन के लोग...और मैं आग्रह करता हूं..मैं जो बता रहा हूं..आप भी जांच पड़ताल करके देख लेना। मेरा एक शब्द आपको गलत नहीं मिलेगा। ये लोग घोर सांप्रदायिक हैं। इनको संविधान से...बिन सांप्रदायिकता से...सर्वपंथ सम्भाव से कोई लेना देना नहीं है। ये घोर सांप्रदायिक हैं। ये घोर जातिवादी हैं और ये घोर परिवारवादी हैं। सबसे पहले वो अपने परिवार का ही सोचते हैं और बाकियों को पीछे रखते हैं। क्या ऐसे लोग बिहार का भला कर सकते हैं? पाटलिपुत्र का भला कर सकते हैं? आपके परिवार का भला कर सकते हैं?

साथियों,

बिहार की इस धरती ने सामाजिक न्याय को लेकर पूरे देश को दिशा दिखाई है। SC/ST/OBC के आरक्षण के अधिकार के लिए बिहार ने लंबी लड़ाई लड़ी है। लेकिन आज बिहार के जागरूक लोगों के सामने मैं बड़े दुख और पीड़ा के साथ एक कड़वा सच रख रहा हूं। क्योंकि मैं भी आपकी ही तरह अति पिछड़े लोगों के बीच में पल-बढ़ कर आपके बीच पहुंचा हूं। इसलिए मैं उस दर्द को जानता हूं। RJD-कांग्रेस और इंडी गठबंधन के दल मिलकर SC/ST/OBC के साथ बहुत बड़ा विश्वासघात कर रहे हैं। हमारा संविधान कहता है कि भारत में धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं होगा...बाबासाहेब अम्बेडकर कहते थे कि धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं होगा...लेकिन RJD-कांग्रेस SC/ST/OBC का कोटा खत्म करके, अपने वोट बैंक को..जो वोट जिहाद करते हैं...ऐसे लोगों को धर्म के आधार पर आरक्षण देना चाहती हैं। चौबीस के इस चुनाव में जब मैंने इन दलों की इस साजिश का पर्दाफास किया है...तो एक के बाद एक इनकी SC/ST/OBC आरक्षण विरोधी करतूतें सामने आ रही हैं। मैं बहुत जिम्मेदारी से बिहार के मेरे परिवारजनों के सामने ये पीड़ा बताना चाहता हूं। RJD-कांग्रेस ने मिलकर मेरे यादव परिवारों को, मेरे कुर्मी परिवारों को, मेरे कुशवाहा परिवारों को, मेरे कलवार परिवारों को, मेरे तेली परिवारों को, मेरे सूरी परिवारों को, मेरे कानू परिवारों को, मेरे निषाद परिवारों को, मेरे पासवान परिवारों को, मेरे रविदास परिवारों को, मेरे मुसहर परिवारों को...ऐसे हरेक का जो आरक्षण था ना उसपर डाका डाल दिया है। आपको अंधेरे में रख कर के जैसे चोर आकर चोरी कर जाए वैसे ही इन लुटेरों ने आपके हक को लूटा है। मैं बात कड़वी बता रहा हूं, लेकिन मेरे जेहन पर बड़े घाव लगे हैं, मेरे भाइयों और इन जातियों के आरक्षण का कोटा कम करके RJD-कांग्रेस-इंडी गठबंधन ने वोट जिहाद वाले अपने वोट बैंक को दे दिया है।

साथियों,

SC/ST/OBC के हमारे बच्चों को दाखिले में आरक्षण से बहुत मदद मिलती है। लेकिन RJD-कांग्रेस ने दलितों-पिछड़ों-आदिवासियों के बच्चों से ये अधिकार छीनकर इसे मुसलमानों को दे दिया है। ये संविधान के खिलाफ है। ये बाबासाहेब अम्बेडकर ने जो संविधान बनाया उसकी पीठ में छुरा भोंकने का पाप किया है। अपने वोट बैंक को खुश करने के लिए कांग्रेस ने रातों-रात माइनॉरिटी इंस्टीट्यूशन्स से जुड़ा कानून बदल दिया...इसके बाद धड़ा-धड़ हजारों संस्थानों को माइनॉरिटी इंस्टीट्यूशन घोषित कर दिया। इन संस्थानों में पहले एडमिशन के दौरान SC/ST/OBC को पूरा आरक्षण मिलता था। RJD-कांग्रेस के चलते आज SC/ST/OBC को माइनॉरिटी इंस्टीट्यूशन में 1 परसेंट भी आरक्षण नहीं मिलता है। जो पहले मिलता था उसपर ताले लगा दिए, आपका जो हक था उसपर डाका डाल दिया। यानि लाखों SC/ST/OBC युवाओं की शिक्षा के अवसर इंडी गठबंधन वालों ने छीन लिए हैं। आप मुझे बताइए...क्या ये आपसे विश्वासघात है की नहीं है... ये आपसे विश्वासघात है की नहीं है...मैं आपसे पूछता हूं... क्या ये आपसे विश्वासघात है की नहीं है। क्या ये आपके बच्चों से विश्वासघात है की नहीं है।

साथियों,

इंडी-गठबंधन की एक और साजिश उसको अभी कोलकता हाईकोर्ट ने नकाब उतारकर खुला कर दिया है। इंडी वालों ने बंगाल में 77 मुस्लिम जातियों को खटाखट... खटाखट...एक झटके में OBC का दर्जा दे दिया। इसके बाद सरकारी नौकरियों में जो लाभ OBC को मिलना चाहिए था, वो इन 77 मुस्लिम जातियों को मिलने लगा। हक किसका मारा गया? हक मेरे OBC परिवारों का मारा गया, हक मेरे अति पिछड़ों का मारा गया, फायदा किसको हुआ? इंडी वालों के वोट जिहाद करने वालों को मिला। कांग्रेस के राज में कर्नाटक में रातों-रात सभी मुसलमानों को ओबीसी घोषित कर दिया।

साथियों,

RJD-कांग्रेस-इंडी गठबंधन इस सच्चाई से इनकार नहीं कर सकते। ये संविधान बदलकर पूरे देश में धर्म के आधार पर आरक्षण देना चाहते हैं। लेकिन मैं भी आज बिहार की इस धरती से..सामाजिक न्याय की पुण्य भूमि से देश को एक गारंटी दे रहा हूं..बिहार को गारंटी देता हूं...SC/ST/OBC परिवारों को गारंटी देता हूं...अति पिछड़े परिवारों को गारंटी देता हूं। जब तक मोदी जिंदा है, मैं SC/ST/OBC और अति पिछड़ों के हकों को छीनने नहीं दूंगा। ये मोदी की गारंटी है। मोदी के लिए संविधान सर्वोपरि है...मोदी के लिए बाबासाहेब अम्बेडकर की भावना सर्वोपरि है...इंडी अलायंस को अपने वोट बैंक की गुलामी करनी है, तो करे...उनको वहां जाकर मुजरा करना है तो भी करें। मैं SC/ST/OBC आरक्षण के साथ डटकर खड़ा हूं...खड़ा रहूंगा, जब तक जान है लड़ता रहूंगा।

साथियों,

गरीब का ये बेटा जानता है कि जब किसी का हक छिनता है...जब किसी को उसका हक नहीं मिलता...तो उस पर क्या बीतती है। इसलिए मोदी ने गरीब को उसका हक दिया है। तभी हिंदुस्तान के हर कोने में ...दुनिया के लोगों को आश्चर्य होता है कि आज हजारों-लाखों की तादाद में माताएं-बहनें आती हैं, बैठ करके आशीर्वाद देती हैं। अपने घर का काम छोड़ कर आती हैं। आप याद कीजिए..देश के गोदामों में आनाज सड़ जाता था, लेकिन कांग्रेस सरकार सुप्रीम कोर्ट में जाकर कहती थी कि वो गरीबों को अनाज नहीं दे सकती और सुप्रीम कोर्ट टांग अड़ाना बंद कर दे, यहां तक चले गए थे वो लोग। मोदी ने हर जरूरतमंद के लिए गोदाम के दरवाजे खोल दिए। आज भी गरीबों को मुफ्त राशन मिलता है और ये मोदी की गारंटी है कि आने वाले पांच साल भी जिन परिवारों को मुफ्त राशन मिलता रहा है, मिलता रहेगा। आज कोई मां इसलिए रात-रात भर नहीं जागती...कि उसके बच्चे के पास खाने को कुछ नहीं है। हर गरीब का पेट भरे, ये मोदी की गारंटी है। कोई बच्चा भूखा सो ना जाए, गरीब के घर का चूल्हा बुझ ना जाए, इसलिए आपने मोदी को बिठाया है।

माताओं-बहनों,

आप में से बहुतों को मोदी ने जो पक्का आवास की योजना बनाई है, वो मिल चुका होगा। मेरा एक काम करोगे आप लोग जरा यहां जो बैठे हैं, जरा हाथ ऊपर करके बताएं, तो मैं बताऊं। मेरा एक काम करेंगे। उधर से आवाज नहीं आई, मेरा एक काम करेंगे। उधर माताओं-बहनों से आवाज नहीं आई, मेरा एक काम करेंगे। उधर पीछे से आवाज नहीं आई मेरा एक काम करेंगे। देखिए अगर आप गांव में जाते हैं, अलग-अलग बस्तियों में जाते हैं...लोगों से मिलते हैं और कहीं पर भी आपकी नजर में आए की कोई झुग्गी-झोंपड़ी में रहता है। कोई मिट्टी के कच्चे घर में रहता है तो आप उसका नाम-पता लिख करके मुझे दे दीजिए। आप उसका नाम-पता लिख करके मुझे भेज दीजिए और उसको कह देना...उसको बिना संकोच कह देना की 4 जून के बाद मोदी की सरकार जब तीसरी बार बनेगी तो तुम्हारे लिए घर भी बनेगा ये बता देना, ये मोदी की गारंटी है...कहना उनको और उस गरीब परिवार को कहना। मेरे लिए तो आप सभी मोदी हैं। 3 करोड़ पक्के घर बनाउंगा, लेकिन एक भी परिवार कच्चे घर या झोंपड़ी में रहने के लिए मजबूर ना हो, ये मैं करके रहूंगा। जिनको नहीं मिला उनको भी पक्का घर मिलेगा। अभी तक इसमें शौचालय, बिजली कनेक्शन, सस्ता सिलेंडर, नल और नल से जल...ये सबकुछ मिलता था। अब मोदी एक और काम करने वाला है, वो सबके लिए है, जितना अमीर हो वो भी फायदा ले सकता है, जितना भी गरीब हो वो भी ले सकता है। गांव वाला भी फायदा ले सकता है, शहर वाला भी ले सकता है। ऐसी योजना है कि आपको जीवन भर तकलीफ ही ना हो। और मोदी ने तय किया है आपका बिजली का बिल जीरो। बिजली का बिल जीरो। हमने पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना शुरु की है। छत पर सोलर पैनल लगेगा, उससे बिजली पैदा होगी, ये बिजली आपकी जरूरत के हिसाब से आप मुफ्त में उपयोग करेंगे और जो अतिरिक्त बिजली होगी ना वो सरकार खरीदेगी उसका पैसा देगी आपको। अबतक बिजली का बिल देते थे, अब बिजली का पैसा सरकार आपको देगी और ये काम करने के लिए...आपको लगता होगा कि मोदी बिजली का बिल जीरो तो ले आया..सोलर पैनल की बात तो कर रहा है...लगाएगा कौन..उसके लिए भी मोदी हर परिवार को 75 हजार रूपए देगा। और ये ऑनलाइन जाकर के अभी भी आप रजिस्ट्रेशन करवा सकते हो। योजना शुरू है..ऐसे ही खप्पड़बाजी नहीं है कि ये होगा तो वो होगा...योजना चालू है। आप आपना नाम रजिस्टर करवा दीजिए। जैसे -जैसे आगे बढ़ेगा...आपका नंबर लग जाएगा। बेटा तुम थक जाओगे...आप मुझे देना चाहते हैं, आप मेरे लिए लाए हैं..अच्छा मैं ले लेता हूं। मुझे बहुत दया आती है..तुम कब से खड़े हो भैया...लेकिन मैं देख रहा हूं तुमने बढ़िया बनाया है...तुमने तो मोदी भी बनाया है...पार्लियामेंट भी बनाया है..कमल भी बनाया है। सुंदर बनाया है...जरा कैमरे वाले भी इन बच्चों के फोटो ले लो। अच्छा पीछे अपना नाम लिखा है बेटा...अच्छा अपना नाम लिखना और मैं आपको चिट्ठी जरूर लिखूंगा। ये सबसे जो भी हैं, ले लीजिए भाई..इतने प्यार से बच्चे लेकर आए हैं...मेरा सौभाग्य है...ये बेटी भी कुछ लेकर आई है...ले लीजिए इससे ..ऐसा लग रहा है....बच्चों का इतना प्यार...कभी-कभी सोचता हूं कि ये कर्ज मैं कैसे उतारूंगा। मैं सबका आभारी हूं। साथियों, जितनी बिजली चाहिए मुफ्त उपयोग करो और बाकी सरकार को बेच कर कमाई भी कर लो।

भाइयों और बहनों,

नीतीश जी के नेतृत्व में NDA सरकार...बिहार को विकास की पटरी पर ले आई है। आने वाले 5 सालों में हमें बिहार में और तेज विकास करना है। आज उत्तर और दक्षिण बिहार...गंगा जी पर बन रहे दीघा-सोनपुर रेल रोड ब्रिज से जुड़ चुका है। NDA सरकार की पहचान ऐसे ही विकास के लिए है। आने वाले 5 साल भारतीय रेल के आधुनिकीकरण के स्वर्णिम साल होने वाले हैं। इसका सीधा फायदा पाटलीपुत्र को होगा...मेरे बिहार को होगा... यहां नई इंडस्ट्री आएगी...रोजगार के नए अवसर आएंगे। इसलिए...मेरे अनन्य साथी और मैं कहूंगा कुछ लोगों को राम के नाम से ही झगड़ा है। और इसलिए वो रामकृपाल नाम भी सहन नहीं करेंगे, ऐसे लोग जो है जिनको राम से घोर विरोध है, वो रामकृपाल नाम से भी उनके माथे के बाल खड़े हो जाएंगे। ऐसे रामकृपाल बाबू को आप प्रतिनीधि बनाकर दिल्ली भेजिए, ये मेरे हाथ मजबूत करेंगे। इसलिए मैं आपके पास आशीर्वाद मांगने आया हूं। और कमल पर पड़ा आपका हर वोट सीधे-सीधे मोदी के खाते में जाएगा। आप ज्यादा से ज्यादा मतदान कराएंगे। हर पोलिंग बूथ जीत कर दिखाएंगे..घर-घर जाएंगे।

मेरा एक काम करेंगे...ऐसे नहीं...हाथ ऊपर करके बताओ तो बोलूं...आप लोग करेंगे की नहीं करेंगे मालूम नहीं..माताएं-बहनें तो जरूर करेंगी। ये माताएं-बहनें तो पक्का करेंगी। जरा हाथ ऊपर करके बताइए मेरा एक काम करेंगे। ये चुनाव का काम नहीं है...मेरा पर्सनल है करेंगे...करेंगे। आप अपने क्षेत्र में अपने गांव में मंदिर होंगे.. देवीस्थान होंगे...वहां मेरी तरफ से जाकर मत्था टेक देना और ईश्वर से विकसित भारत बनाने के लिए आशीर्वाद ले लेना। हर मंदिर में मेरी तरफ से जाकर के मत्था टेकेंगे....हर तीर्थ क्षेत्र में मेरी तरफ से जाकर मत्था टेकेंगे। मेरे लिए और देश के लिए आशीर्वाद मांगेंगे। विकसित भारत बनाने का काम पक्का करेंगे। बोलिए...
भारत माता की जय !

भारत माता की जय !

भारत माता की जय !

बहुत-बहुत धन्यवाद!

Explore More
Today, the entire country and entire world is filled with the spirit of Bhagwan Shri Ram: PM Modi at Dhwajarohan Utsav in Ayodhya

Popular Speeches

Today, the entire country and entire world is filled with the spirit of Bhagwan Shri Ram: PM Modi at Dhwajarohan Utsav in Ayodhya
Tier 2 cities emerge as next frontiers for India's growing GCC ecosystem

Media Coverage

Tier 2 cities emerge as next frontiers for India's growing GCC ecosystem
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
India-Australia Roadmap for Sports Collaboration
July 10, 2026

Sports is a powerful bridge between India and Australia, bringing communities together and opening new pathways for collaboration.

Building on the 2023 MoU on Cooperation in Sports, the India-Australia Roadmap for Sports Collaboration sets out practical, future-focused priorities and opportunities to strengthen this cornerstone of our bilateral relationship.

Recognising the decade of opportunity ahead — including the 2030 Commonwealth Games in Ahmedabad, the Brisbane 2032 Olympic and Paralympic Games, and India’s ambition to host a future Olympic and Paralympic Games — this Roadmap identifies targeted areas of cooperation aligned to shared priorities, capabilities and resources.

Respecting differences in the governance of sport and the development of sport ecosystems in Australia and India, and recognising the leadership role of sporting bodies, businesses, state–level governments, universities and community groups in promoting elite and community sports, we are committed to facilitating engagement and supporting collaborative ways of working between relevant institutions, to encourage stronger sports partnerships at all levels that benefits both countries.

Implementation will be pragmatic and outcomes-focused, with activities prioritised in line with available resources and major event timelines.

Cooperation will be delivered through established partnerships, supported by flexible, demand-led arrangements, whereby responsibility for resourcing activities will be negotiated on a case-by-case basis. This approach ensures practical, sustainable and mutually beneficial outcomes.

In this context, the following have been identified as focus areas for collaboration under this Roadmap:

A. Capacity Building:

o Collaborate for sharing best practice in establishing and operating High-Performance Sports Centres in India in priority sports.

o Identify Para sport as a key priority and opportunity for collaboration, including Australian expertise in Para classification, coaching and performance support, with potential links between Indian and Australian universities where appropriate.

o Drawing on Australia’s coach development models, facilitate two-way exchanges that bring Indian coach and coach educators to Australia and Australian coaches and coach educators to India, using a Train the Trainer approach where appropriate.

o A physical education exchange programme between India and Australia may be introduced to facilitate mutual learning, sharing of best practices, and collaboration in areas such as school sports, sports science, and community participation in physical education.

o Recognising the physical and mental health benefits of yoga and the World Yogasana, the federation for yogasana sports based in India, identify opportunities to share knowledge, foster collaboration and encourage participation in yoga in Australia.

o Work with the Australian Sports Commission to build the capability of select Indian coaches as part of the India Australia High Performance Coach Development program.

o Explore opportunities through relevant non-government stakeholders such as sporting organisations and universities to support talented young Indian sportspersons as part of high-performance programs in Australia through student scholarships funded by Government of India.

B. Collaborative Sports Science and Technology Research:

o Encourage joint research and development projects between universities in India and Australia on athlete performance analytics, injury prevention, sports nutrition, wearable performance technology, recovery techniques and Para sport.

o Encourage partnerships between Indian and Australian universities to co-develop sports curriculums.

o Sport Integrity Australia and National Anti-Doping Agency India contribute to international anti-doping efforts by supporting World Anti-Doping Agency (WADA)-led capacity building programs through engagement with the WADA Asia/Oceania Office, and through representation on the UNESCO International Convention against Doping in Sport (Convention) Groups.

C. Major Sporting Events:

o Collaborate with Australian States and Territories, and National Sporting Organisations to exchange best practices for hosting large events.

o Explore opportunities to host exhibition matches and youth events in both countries to promote sports of mutual interest (such as Kabaddi and Kho Kho in Australia, and Australian Football League and basketball in India).

o Leverage the build-up to major sporting events such as Olympic, Paralympic and Commonwealth Games to establish formal, reciprocal arrangements between Indian and Australian sporting bodies for shared facilities, competitions and support networks during and in the build-up to major sporting events.

o Welcoming the inaugural Big Bash League match to be played in India in Chennai in December 2026, encourage Cricket Australia and the Board of Control for Cricket in India to work towards a commitment to host annual BBL matches in India.

D. Sports Industry and Investment Platform:

o Build on the Australia-funded Sports Industry Summit in Mumbai in December 2026 to promote collaboration between Indian and Australian companies on sports equipment manufacturing, sports media and broadcasting, event management, and sports start-ups.

o Facilitate Australian sports sector businesses in the Indian sports market through information sessions and vice-versa.

o Expand India’s export of high quality, competitively priced sports goods to Australia.

o Expand the export of Australian expertise in high performance sports, including coaching, coach development, strength and conditioning, athlete wellbeing, nutrition and psychology.

E. Women in Sports Partnership:

o Launch joint initiatives promoting women’s leadership, health, high performance and participation in sport, including bilateral tournaments for women athletes, drawing on the Australian Sports Commission’s flagship programs, recognising that sport is a powerful pathway for women’s economic empowerment, leadership, health and social inclusion.