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Be it connectivity, tourism or industrial development, today Uttarakhand is scripting a new chapter in every field: PM Modi
Those doubting the capability of our forces in combating terror must answer the people: PM Modi in Rudrapur
Our defence procurements were marred for years by systematic delays and lack of transparency because of ‘Congress Culture’ of corruption: PM Modi

राज्य के मुख्यमंत्री श्रीमान त्रिवेंद्र सिंह रावत जी, केन्द्र में मंत्री परिषद के मेरे साथी श्रीमान थावर चंद गहलोत, प्रदेश के अध्यक्ष एवं नैनीताल के उधम सिंह नगर से भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी भाई श्री अजय भट्ट जी, पूर्व मुख्यमंत्री हमारे वरिष्ठ नेता श्रीमान भगत सिंह कोश्यारी जी, भाजपा के प्रदेश प्रभारी भाई श्याम जाजू जी, मंच पर उपस्थित सभी महानुभाव और मेरे प्यारे भाइयो और बहनो।

साथियो, 2019 के चुनाव के नतीजे क्या आने जा रहे हैं वो, यहां हमारे मिनी एशिया में साफ-साफ दिखाई दे रहा है। साथियो, 2019 के चुनाव में हम लोग विकास के मुद्दे को आगे लेकर के आगे बढ़ रहे हैं लेकिन आज जब मैं आप के बीच आया हूं तो मैं याद दिलाना चाहूंगा कि हमारे देश के वीर सैनिक, जिस प्रकार से उनको अपमानित किया जा रहा है, जिस प्रकार से उन्हें नीचा दिखाने का प्रयास कर रहे हैं, जिस प्रकार से देश के सेनानायक को अपशब्द बोलने की हिम्मत की जाती है। ये उत्तराखण्ड की धरती तो एक प्रकार से वीरों की भूमि है, बलिदानियों की भूमि है और ऐसी भूमि पर देश के चौकीदार को आशीर्वाद देने के लिए इतने सारे चौकीदार एक साथ निकल पड़े हैं।

भाइयो-बहनो, मेरे साथ पूरी ताकत से बोलिए मैं भी चौकीदार हूं, मैं भी चौकीदार हूं। आज जब उधम सिंह नगर आया हूं तो क्रांतिवीर उधम सिंह को मैं नमन करता हूं, गुरूनानक जी के पग जहां पड़े हैं, ऐसी मिट्टी को मैं प्रणाम करता हूं।

साथियो, जिस उत्तराखण्ड का सपना, हम सभी के श्रद्धेय रहे अटल बिहारी वाजपेयी जी ने देखा था वो सपना अब साकार होता दिख रहा है। इस क्षेत्र के विकास के लिए जिस प्रकार पंजाब से आए, देश के अलग-अलग हिस्सों से आए भाइयों-बहनों ने यहां के लोगों के साथ मिलकर काम किया है वो एक भारत-श्रेष्ठ भारत की भावना को मजबूत करता है। ऐसे ही एकजुट होकर हम हर चुनौती का सामना कर सकते हैं। अपने देश को विकास की नई ऊंचाई पर ले जा सकते हैं। मेरे सामने हर उम्र के लोग मुझे नजर आ रहे हैं, जो पुराने साथी हैं उन्होंने तो उत्तराखण्ड के तमाम उतार-चढ़ाव देखे हैं, हर सरकार के काम-काज के तरीके देखे हैं। आपने 2014 से पहले की केंद्र सरकार, 2017 से पहले की उत्तराखण्ड की सरकार के काम को भी भली-भांति देखा है। बीजेपी और कांग्रेस की सरकारों में, इन संस्कारों से भी भली-भांति परिचित हैं।

साथियो, वो स्थिति याद कीजिए जब यहां के हाई-वे बेहाल थे, शहरों की सड़कें गढ्ढे वाली थीं, जाम से बंद रहती थीं, गांव वालों के भाग्य में तो मिलों का पैदल सफर, यही उनके नसीब में लिखा था। सड़कों के अभाव में खेती और बागवानी की स्थिति दयनीय थी। इसी कारण से पलायन उत्तराखण्ड की सबसे कड़वी सच्चाई थी, इसको कोई नकार नहीं सकता है। याद करिए, घोटालों की वजह से उत्तराखण्ड की पहचान क्या हो गई थी, कभी राहत के नाम पर घोटाला, कभी आबकारी घोटाला, कभी खनन घोटाला कांग्रेस के कल्चर ने उत्तराखण्ड को तबाह कर दिया था।

 

भाइयो-बहनो, आज जब नई आशा और नई उम्मीद की तरफ उत्तराखण्ड बढ़ चला है तब मुझे ये बताइए कि यहां के युवाओं को पलायन करने के लिए मजबूर किसने किया था, घोटाले किसने किए थे, बर्बादी कौन लाया था। 60 दशक तक भी उत्तराखण्ड के अधिकतर गांवों को सड़कों से वंचित रखने वाले कौन थे? जिस कांग्रेस ने आप के साथ इतनी बड़ी नाइंसाफी की, क्या ऐसी कांग्रेस को मौका मिलना चाहिए? ऐसे झूठे लोगों को वादाखिलाफी करने वालों को सजा मिलनी चाहिए कि नहीं मिलनी चाहिए? 11 अप्रैल को बटन दबाकर के सजा देंगे क्या?

साथियो, 2014 में इस चौकीदार को अवसर दिया था तो मैंने उत्तराखण्ड के कोने-कोने तक विकास की रोशनी पहुंचाने का प्रण लिया था लेकिन शुरुआत के तीन वर्षों में कांग्रेसी मानसिकता ने मेरे तमाम प्रयासों में अड़ंगे लगाने का ही काम किया। यहां जो तब मुख्यमंत्री थे, जो अब यहां से उम्मीदवार भी हैं, उनके पास काम क्या था- उनके पास दिल्ली दरबार में हाजिरी लगाने के अलावा फुर्सत ही नहीं थी और वो तो सिर्फ एक परिवार के एक बेरोजगार का रोजगार पक्का करने के मिशन में ही जुटे थे। उनको उत्तराखण्ड के हजारों परिवारों के युवाओं के रोजगार की चिंता नहीं थी लेकिन जब से भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनी है तब से एक नए उत्साह और तेज गति से अपने काम को हम लोगों ने आगे बढ़ाने की कोशिश की है। यहां बुनियादी सुविधाओं सड़कों और कनेक्टिविटी की दूसरी सुविधाओं को जोड़ने में हमने वापस प्रयास किए हैं।

साथियो, आज आप अपने आस-पास देख रहे हैं कि चार-धाम ऑल-वेदर रोड का कार्य तेजी से चल रहा है। भारतमाला योजना के तहत यहां 600 किलोमीटर से अधिक के हाई-वे पर काम किया जा रहा है। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे-लाइन की मांग भी, यहां बरसों से की जा रही थी, इस पर भी तेजी से काम चल रहा है।

भाइयो-बहनो, आप सभी के आशीर्वाद से बाबा केदार के धाम को भव्य और दिव्य बनाने के लिए हमारी सरकार तेजी के साथ काम कर रही है और यह देश देख रहा है। नमामि गंगे के तहत भी उत्तराखण्ड के कई शहरों में गंगा की सफाई से जुड़ी परियोजनाएं शुरू की गई हैं। आस्था हो, अध्यात्म हो, टूरिज्म हो या फिर औद्योगिक विकास, आज उत्तराखण्ड नए रास्ते पर निकल पड़ा है। अटल जी के विजन के चलते ही हमारा ये रुद्रपुर शहर उत्तराखण्ड का इंडस्ट्रियल हब है। अब जिस गति से यहां इन्फ्रास्ट्रक्चर का विकास किया जा रहा है उससे और अधिक उद्योगों की निवेश की संभावनाएं यहां बन रही हैं।

साथियो, उत्तराखण्ड भारत की सुंदर परिभाषा जैसा है, यहां गंगा है, यमुना है, भागीरथी से संगम को आतुर अलखनंदा है तो पांच महान प्रयाग है और बद्री- केदार मिलाएं तो चार धाम बनते हैं, मैं इनमें एक पांचवा धाम जोड़ता हूं सैनिक धाम। ये देव भूमि, यहां इंडियन मिलिट्री एकेडमी है, राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज है तो गढ़वाल राइफल, कुमाऊं रेजिमेंट और गोरखा राइफल के केंद्र भी इसी धरती पर हैं। ये सभी मां-भारती की रक्षक भुजाएं हैं, यहां हर दूसरा घर सैनिक का है, इस सैनिक धाम उत्तराखण्ड को मेरा कोट-कोटि नमन।

भाइयो-बहनो, आज जब मैं इस सैनिक धाम में आया हूं तो आप से कुछ गंभीर सवाल पूछने का मन कर रहा है, पूछूं क्या, जोर से जवाब देंगे? आप मुझे बताइए, सर्जिकल स्ट्राइक के बाद हमारे वीर-जवानों की वीरता पर सवाल उठाना क्या सही था, जब आतंकियों को घर में घुसकर मारा गया तो फिर हमारे वीर-जवानों पर इस प्रकार के सवाल करना ठीक था क्या, क्या हमारे सेनाध्यक्ष को गाली देना सही था क्या, क्या हमारे वायु-सेना के अध्यक्ष को झूठा कहना उचित था क्या ?

भाइयो-बहनो, पाकिस्तान का हीरो बनने की चाहत में भारत विरोधी बयान देना, क्या देश की जनता माफ करेगी? आपको इन सवालों के सही जवाब पता हैं, देश को इन सवालों के सही जवाब पता हैं लेकिन कांग्रेस के नामदारों के रागदरबारी कहते हैं कि ऐसी बातें मोदी को नहीं करनी चाहिए, मोदी को बालाकोट के एयर-स्ट्राइक की बात नहीं करनी चाहिए, मोदी को आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई की बात नहीं करनी चाहिए, मोदी को देश का रक्षा और सुरक्षा का मुद्दा नहीं उठाना चाहिए। क्या मोदी चुप-चाप बैठ जाए क्या, क्या आतंकियों की धमकी से मोदी डर जाए क्या? साथियो, डरने वाले संस्कार आपके इस चौकीदार में नहीं हैं।

कान खोलकर के सुन लें, देश के दुश्मन भी सुन लें, हमारे विरोधी भी सुन लें, हम डरने वाले नहीं-डटने वाले हैं। यही संस्कार उत्तराखण्ड की मिट्टी के हैं, यही संस्कार मां भारती ने हमें दिए हैं। डरने और झुकने का काम तो कांग्रेस का है कांग्रेस के नामदारों का है। ये वो लोग हैं जिनका खून तब भी नहीं खौला जब देश के बीचों-बीच भरी आबादी में आतंकी देश के लोगों का, वीर-जवानों का खून बहा रहे थे।
साथियो, देश की सेना हथियार मांगती थी, आधुनिक तोप मांगती थी, लड़ाकू विमान मांगती थी, बुलेटप्रूफ जैकेट मांगती थी, रात में देखने के लिए कैमरे मांगती थी, वन रैंक-वन पेंशन मांगती थी और जवानों के सिर काटने वालों से बदला लेने की इजाजत मांगती थी लेकिन मिलता था क्या, सरकार सोई पड़ी थी कि नहीं पड़ी थी? सेनाध्यक्ष पर ही मुकदमा कर दिया और ये अफवाह फैला दी कि सेना सरकार का तख्ता पलट करने वाली है। हथियारों और जहाजों के सौदों पर दलाल मामा-भांजे भारी पड़ गए, सौदे दस साल तक फंसे रहे।

साथियो, हमारे पास जो अत्याधुनिक विमान आज है उनको खरीदने की प्रक्रिया 80 के दशक में शुरू हुई, उसके बाद अटल जी की सरकार ने राफेल जहाज खरीदने की शुरुआत की थी लेकिन कांग्रेस दस वर्षों तक उस सौदे पर बैठी रही, क्यों? क्योंकि मलाई नहीं मिल रही थी, मलाई कैसे निकालें, किस रास्ते से निकालें, किसकी मदद से निकालें, इसी सोच में दस साल बीत गए। हमारी सरकार ने वायु-सेना की जरूरत को देखते हुए इस काम को आगे बढ़ाया और अगले कुछ महीने में ही राफेल हमारी सैन्य ताकत को मजबूत करेंगे। हाल ही में आपने देखा होगा कि नए और आधुनिक हेलिकॉप्टर सेना को मिल रहे हैं। जब इनकी सरकार ने हेलिकॉप्टर खरीदने का काम किया तो उसमें भी घोटाला कर दिया और इसकी जांच चल रही है। मिशेल मामा कोर्ट में राज उगल रहा है और इनका पसीना छूट रहा है। बोफोर्स के साथ क्या हुआ था ये भी आप अच्छी तरह जानते हैं, आज दशकों बाद भारत को देश में ही बनी आधुनिक तोपें मिल रही हैं, अत्याधुनिक राइफल्स हमारे जवानों को मिलनी तय हुई हैं, बुलेटप्रूफ जैकेट दिए जा रहे हैं। ये सारा सामान सेना, कांग्रेस की सरकार से मांग रही थी लेकिन उन्होंने कोई चिंता नहीं की क्योंकि ध्यान सुरक्षा के बजाय मलाई खाने पर लगा हुआ था।

भाइयो-बहनो, यही कांग्रेस है, जिसने पूर्व सैनिकों को दशकों तक धोखे में रखा, वन रैंक-वन पेंशन के लिए लटकाए रखा। सच्चाई ये थी OROP के नाम पर सिर्फ 500 करोड़ रुपए का बजट रखा। हमारी सरकार ने अपने वादे के मुताबिक वन रैंक-वन पेंशन को मंजूरी दी और उसके तहत 35 हजार करोड़ रुपए पूर्व सैनिकों तक पहुंचा दिए। कांग्रेस का बजट था 500 करोड़, हमने दिए 35 हजार करोड़। अब कांग्रेस की बातों पर कोई भरोसा करेगा क्या, क्या 500 करोड़ से वन रैंक-वन पेंशन होता क्या? 35 हजार करोड़ लगा हमें, और ये झूठ बोलते चले जा रहे हैं।

साथियो, कांग्रेस कभी लोगों की भावनाओं को समझ ही नहीं सकती, मत भूलिए अगर कांग्रेस ने चाहा होता तो हमारी श्रद्धा का स्थल, हमारा तीर्थ हमारा करतारपुर साहिब आज भारत में होता लेकिन अपने स्वार्थ के लिए सोचने वाली कांग्रेस को दूसरों की परवाह कहां है। साथियो, कांग्रेस ने जो काम देश के लोगों के साथ किया, जो सलूक देश के लोगों के साथ किया, वही काम इन्होंने किसानों के साथ किया, गरीबों के साथ किया, नारे दिए-वोट लिए और फिर भूल गए। चार पीढ़ी पहले गरीबी हटाने का जो वादा कांग्रेस ने किया था वही वादा इस चुनाव में भी दोहरा रहे हैं। ये कांग्रेस के झूठ का, कांग्रेस की सोच का, उसकी असफलता का सबसे बड़ा झूठ है।
भाइयो-बहनो, कांग्रेस इसलिए नाकाम रही है क्योंकि वो जो भी करती है उसमें गंभीरता नहीं होती, अधूरापन होता है। 72 साल तक गरीबों से गद्दारी करने वाली कांग्रेस कभी गरीबों के बारे में नहीं सोच सकती और इसलिए देश का गरीब भी कह रहा है, कांग्रेस हटाओ गरीबी अपने-आप हट जाएगी। जब तक कांग्रेस किसी भी कोने में रहेगी गरीबी भी रहेगी, गरीबी का कारण ही कांग्रेस है, जबकि मोदी जो भी करता है पूर्णता के साथ करता है, एक मिशन के साथ करता है इसका सुबूत आपके सामने है। आज उत्तराखण्ड के करीब 8 लाख किसान परिवारों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना द्वारा सीधी मदद मिलनी तय हुई है, इनमें से सवा 3 लाख से अधिक किसानों को पहली किश्त के पैसे मिल भी चुके हैं बाकियों के खाते में भी बहुत जल्द ये पैसे आ जाएंगे। इसी तरह आयुष्मान भारत के तहत उत्तराखण्ड में हर परिवार यानी करीब 19 लाख परिवारों को 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज सुनिश्चित हुआ है। इसके तहत 11 हजार से अधिक को इलाज मिल भी चुका है। यहां रुद्रपुर में मेडिकल कॉलेज का विस्तार किए जाने से भी आपको लाभ हुआ है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत उत्तराखण्ड के गांवों में करीब 40 हजार गरीबों के घर बन चुके हैं। इनमें से करीब 10 हजार घर यहीं इसी जिले में बने हैं और जिनको अभी घर नहीं मिला है उनको भी घर देने की जिम्मेदारी मेरी है। 2022, डंके चोट पर कह रहा हूं, 2022 जब आजादी के 75 साल होंगे इस देश में कोई परिवार पक्के घर के बिना नहीं होगा, ये मेरा संकल्प है। इसी प्रकार उज्जवला योजना का लाभ यहां की साढ़े 3 लाख माताओं-बहनों को मिल चुका है। जो परिवार बचे हैं उन्हें भी बहुत ही जल्द धुएं से मुक्ति मिलने वाली है।

साथियो, एक और बड़ा-ऐतिहासिक काम हमारी सरकार ने किया है, जिसका बहुत बड़ा लाभ उत्तराखण्ड के युवाओं को होना तय है। इतिहास में पहली बार सामान्य वर्ग के गरीबों को दस प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित किया गया है, इतना ही नहीं उसको लागू भी कर दिया गया है। भाइयो-बहनो, ये तमाम बड़े-बड़े काम अगर हुए हैं तो इसके पीछे कौन है, ये सब कैसे संभव हुआ है, विकास कैसे हो पा रहा है, इसके पीछे कौन है, क्या कारण है? इसके पीछे मोदी कारण नहीं है, ये मोदी के कारण नहीं, ये सब हो रहा है आपके एक वोट के कारण। ये आप के वोट की ताकत है और इसी के कारण 5 साल से देश को मुसीबतों से बाहर निकाल कर के आगे बढ़ाने का एक के बाद एक काम संभव हुआ है। 11 अप्रैल को आपका एक-एक वोट नए भारत का भविष्य तय करने वाला है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं नैनीताल के उधम सिंह नगर से बीजेपी के प्रत्याशी श्री अजय भट्ट जी को दिया आपका हर वोट मोदी को मजबूत करेगा। आपका हर वोट विकास के नाम पर पड़ेगा, चौकीदार के विश्वास पर पड़ेगा और इसलिए आप जब कमल का बटन दबाएंगे, आप मान के चलिए वो वोट सीधा-सीधा मोदी को मिलने वाला है।

भारी मतदान करेंगे, गर्मी होगी तो भी मतदान करेंगे, सुबह जलपान से पहले मतदान करेंगे, दस बजे पहले बूथ का पूरा मतदान कर देंगे, पक्का करेंगे? आपने जो भरोसा दिया है और आपने मुझे हर बार सहयोग दिया है, मेरे हर शब्द को आपने ताकत दी है। मैं उत्तराखण्ड का ऋण कभी भूल नहीं सकता हूं भाइयो। मुझे एक महीने पहले यहां आना था आ नहीं पाया, मैंने वादा किया था मैं आऊंगा। आया कि नहीं आया, वादा निभाया कि नहीं निभाया? ये मोदी है जुबान का पक्का है, आप खुश हैं, आपका आशीर्वाद है, मेरे साथ बोलिए। भारत माता की… जय, भारत माता की… जय। आप इतनी बड़ी तादाद में आशीर्वाद देने आए मैं आपका बहुत-बहुत आभारी हूं।

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June 03, 2023
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एक भयंकर हादसा हुआ। असहनीय वेदना मैं अनुभव कर रहा हूं और अनेक राज्यों के नागरिक इस यात्रा में कुछ न कुछ उन्होंने गंवाया है। जिन लोगों ने अपना जीवन खोया है, ये बहुत बड़ा दर्दनाक और वेदना से भी परे मन को विचलित करने वाला है।

जिन परिवारजनों को injury हुई है उनके लिए भी सरकार उनके उत्तम स्वास्थ्य के लिए कोई कोर-कसर नहीं छोड़ेगी। जो परिजन हमने खोए हैं वो तो वापिस नहीं ला पाएंगे, लेकिन सरकार उनके दुख में, परिजनों के दुख में उनके साथ है। सरकार के लिए ये घटना अत्यंत गंभीर है, हर प्रकार की जांच के निर्देश दिए गए हैं और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसको सख्त से सख्त सजा हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।

मैं उड़ीसा सरकार का भी, यहां के प्रशासन के सभी अधिकारियों का जिन्‍होंने जिस तरह से इस परिस्थिति में अपने पास जो भी संसाधन थे लोगों की मदद करने का प्रयास किया। यहां के नागरिकों का भी हृदय से अभिनंदन करता हूं क्योंकि उन्होंने इस संकट की घड़ी में चाहे ब्‍लड डोनेशन का काम हो, चाहे rescue operation में मदद की बात हो, जो भी उनसे बन पड़ता था करने का प्रयास किया है। खास करके इस क्षेत्र के युवकों ने रातभर मेहनत की है।

मैं इस क्षेत्र के नागरिकों का भी आदरपूर्वक नमन करता हूं कि उनके सहयोग के कारण ऑपरेशन को तेज गति से आगे बढ़ा पाए। रेलवे ने अपनी पूरी शक्ति, पूरी व्‍यवस्‍थाएं rescue operation में आगे रिलीव के लिए और जल्‍द से जल्‍द track restore हो, यातायात का काम तेज गति से फिर से आए, इन तीनों दृष्टि से सुविचारित रूप से प्रयास आगे बढ़ाया है।

लेकिन इस दुख की घड़ी में मैं आज स्‍थान पर जा करके सारी चीजों को देख करके आया हूं। अस्पताल में भी जो घायल नागरिक थे, उनसे मैंने बात की है। मेरे पास शब्द नहीं हैं इस वेदना को प्रकट करने के लिए। लेकिन परमात्मा हम सबको शक्ति दे कि हम जल्‍द से जल्‍द इस दुख की घड़ी से निकलें। मुझे पूरा विश्वास है कि हम इन घटनाओं से भी बहुत कुछ सीखेंगे और अपनी व्‍यवस्‍थाओं को भी और जितना नागरिकों की रक्षा को प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़ाएंगे। दुख की घड़ी है, हम सब प्रार्थना करें इन परिजनों के लिए।