People of Karnataka must be wary of both JD(S) and Congress. They aren’t different. They are the same. Both are corrupt, promote dynastic politics and sow divisions in society: PM in Chitradurga
So many people attending the event reflect the decisions of the people of Karnataka: Ee Bariya Sarkara, Bahumatada BJP Sarkara: PM Modi in Chitradurg

2 मई की पहली रैली: चित्रदुर्गा
भारत माता की...
दोनों हाथ ऊपर करके ऐसी तेज आवाज में बोलिए की सारे कर्नाटका में सुनाई दे।
इसका मतलब है कि आपको हिंदी समझ आती है।
मदकरी नायक मत्तु ओनके ओबव्वा आवारा चित्रदुर्गदा वीरा जनतेगे नन्ना नमस्कारगलु !
मैं इस भूमि के विभिन्न मठों को, सभी संतजनों को आदरपूर्वक प्रणाम करता हूं।
आज इतनी बड़ी संख्या में आप सभी लोग बीजेपी को आशीर्वाद देने के लिए आए हैं।
ये नजारा...दूर दूर तक लोग खड़े हैं,
कर्नाटका की जनता का निर्णय साफ है-
ई बारिया निर्धारा..., ई बारिया निर्धारा..., ई बारिया निर्धारा...बहुमतदा बीजेपी सरकारा!
भाइयों और बहनों,
ये आज़ादी के अमृतकाल में कर्नाटका का पहला चुनाव है।
ये कर्नाटका का चुनाव, कर्नाटका को नंबर वन राज्य बनाने का चुनाव है। ये चुनाव तय करेगा कि आने वाले 25 वर्ष में कर्नाटका विकास की किस ऊंचाई पर होगा।
कर्नाटका को हमें विकसित भारत की ड्राइविंग फोर्स बनाना है, ग्रोथ इंजन बनाना है। और इसलिए हमारे सामने भारतीय जनता पार्टी है, बीजेपी सरकार दुबारा बनाना है, डबल इंजन की सरकार लाना है।


साथियों,
मैं कर्नाटका प्रदेश बीजेपी की टीम को, कर्नाटका बीजेपी के नेतृत्व को आज सार्वजनिक रूप से बहुत-बहुत बधाई दूंगा। कल जो उन्होंने संकल्प पत्र घोषित किया है , ये बहुत ही अच्छा संकल्प पत्र लेकर आए हैं।
इसमें कर्नाटक को देश का नंबर वन स्टेट बनने का रोडमैप है।
इसमें आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का ब्लूप्रिंट है।
इसमें महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर है।
इसमें युवाओं के उज्जवल भविष्य और रोजगार की मजबूत नींव है।
इसमें गरीब, दलित, शोषित, वंचित, आदिवासी, पिछड़े, सभी के कल्याण का विश्वास है।
इसमें कोस्टल इकोनामी को मजबूत करने की बात है।
इसमें सुरक्षित, समृद्ध और सशक्त कर्नाटका का संकल्प है
और,
इसमें सबका साथ सबका विकास की दृढ़ प्रतिज्ञा है।


साथियों,
मैं आपको अलर्ट करना चाहता हूं। सावधान करना चाहता हूं। क्या आप मेरी बात मानोगे। पूरी ताकत से बताइए मेरी बात मानोगे। पक्का मानोगे।
देखिए, कर्नाटका के लोगों को कांग्रेस और जेडीएस दोनों से सावधान रहना है। कांग्रेस-जेडीएस दिखावे के लिए दो दल हैं, लेकिन दिल से और अपनी करतूतों से ये दोनों एक ही हैं।
ये दोनों परिवारवादी हैं, दोनों करप्शन को बढ़ावा देते हैं और दोनों समाज को बांटने की राजनीति करते हैं।
इन दोनों दलों की प्राथमिकता कभी भी कर्नाटका का विकास नहीं है। आपके बच्चों का भविष्य उनकी चिंता का विषय नहीं है।

साथियों,
कांग्रेस-जेडीएस के कुशासन का प्रमाण है, अपर भद्रा इरीगेशन प्रोजेक्ट।
इनको किसानों की चिंता नहीं थी, इसलिए इस प्रोजेक्ट को नजरअंदाज किया।
बीजेपी की डबल इंजन सरकार ने अपर भद्रा प्रोजेक्ट को पूरा करने का संकल्प लिया है।
इसके लिए साढ़े 5 हज़ार करोड़ रुपए का बजट तय किया गया है।
इस सिंचाई परियोजना से चित्रदुर्ग सहित इस पूरे क्षेत्र के लाखों किसानों का जीवन बदल जाएगा।
बीजेपी सरकार ने ‘वाणी विलास सागरा’ नहरों के आधुनिकीकरण के लिए भी सैकड़ों करोड़ रुपए का प्रावधान किया है।

भाइयों और बहनों,
जब तक कर्नाटका में कांग्रेस-जेडीएस की सरकार रही, तब तक हर प्रोजेक्ट पर काम धीमी गति से होता रहा, रिवर्स गियर में ही चला।
डबल इंजन सरकार बनते ही इसमें नई गति आई है।
कर्नाटका में हाईवे, रेलवे, एयरपोर्ट के लिए बीजेपी सरकार ने बजट में कई गुना वृद्धि की है।
अकेले चित्रदुर्ग जिले में ही साढ़े 3 हज़ार करोड़ रुपए के नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट्स पर काम चल रहा है।
तुमकुरू-चित्रदुर्ग-दावणगेरे रेल लाइन पर भी काम शुरु हो चुका है।
डबल इंजन सरकार कर्नाटका के औद्योगिक विकास के लिए प्रतिबद्ध है।
बीजेपी सरकार ने जिन 9 इंडस्ट्रियल क्लस्टर की योजना बनाई है, उसमें से एक चित्रदुर्ग में भी बनेगा।
इससे युवाओं के लिए रोज़गार के अनेक अवसर बनेंगे।

साथियों,
ये एलु सुत्तिना कोटे यानि सुरक्षा के 7 घेरों का क्षेत्र है।
बीजेपी सरकार ने भी योजनाओं का एलु सुत्तिना कोटे तैयार किया है।
पहला सुरक्षा घेरा जिसे आप सुरक्षा कोटे बोलते हैं- पीएम आवास योजना के पक्के घर का है, मुफ्त गैस कनेक्शन, हर घर जल का है।
दूसरा सुरक्षा घेरा यानि सुरक्षा कोटे, गरीबों को मुफ्त राशन का है, भुखमरी से बचाव का है, पोषण का है।
तीसरा सुरक्षा घेरा, यानि सुरक्षा कोटे, आरोग्य का है, आयुष्मान भारत के तहत मुफ्त इलाज का है, मुफ्त टीकाकरण का है।
चौथा सुरक्षा घेरा या सुरक्षा कोटे, जनधन बैंक खातों और मुद्रा योजना के तहत दी गई लाखों करोड़ रुपए की मदद का है।
पांचवां सुरक्षा घेरा, संकट के समय मदद का है। जीवन ज्योति योजना, सुरक्षा बीमा योजना औऱ अटल पेंशन जैसे कवच का है।
छठा सुरक्षा घेरा, सुरक्षा कोटे, बेहतर कानून व्यवस्था का है, माता-बहन-बेटियों को पूरी सुरक्षा का है।
सुरक्षा का सातवां घेरा, सुरक्षा कोटे, हर समाज के हक को सुरक्षित रखने का है, उन्हें उनका हक देने का है।

भाइयों और बहनों,
हमारे SC/ST/OBC भाई-बहनों को भी डबल इंजन सरकार का डबल लाभ मिला है।
ये अटल जी की सरकार थी जिसने हमारे ST भाइयों-बहनों के लिए, ट्राइबल मिनिस्ट्री बनाई थी।
यहां की बीजेपी सरकार ने भी आदिवासी भाई-बहनों के लिए अनेक योजनाएं चलाई हैं।
हमने बंजारा-लंबानी, समाज के साथियों को पहली बार प्रॉपर्टी का हक दिया है, उनकी बस्तियों को गांव का दर्जा दिया है।
हमने भूमिहीनों को भूमि के पट्टे दिए हैं, बच्चों को स्कॉलरशिप की सुविधा दी है।
ऐसे हर कदम से इनके लिए भविष्य में पक्के घर और दूसरी सुविधाएं मिलना और आसान हो जाएगा।

भाइयों और बहनों,
कांग्रेस, कभी बीजेपी के विकास कार्यों का मुकाबला कर ही नहीं सकती।
कांग्रेस ने 2014 से पहले के 10 सालों में जितने मेडिकल कॉलेज बनाए, बीजेपी सरकार ने उससे दोगुने सिर्फ 9 वर्ष में बना लिए हैं।
यहां चित्रदुर्ग में भी नया मेडिकल कॉलेज स्वीकृत हुआ है।
इससे स्वास्थ्य सुविधाएं तो बढ़ेंगी ही, यहां के जो नैजवान हैं न, उन्हें डॉक्टर, पैरामेडिक्स बनने का अवसर मिलेगा।
कुछ समय पहले ही केंद्र सरकार ने डेढ़ सौ से अधिक नर्सिंग कॉलेज स्वीकृत किए हैं।
इससे कर्नाटका के भी सैकड़ों युवाओं को युवतियों को इस क्षेत्र में अवसर मिलेंगी और दुनिया के देशों में जाने की एक नई ताकत खड़ी हो जाएगी।

साथियों,
बीजेपी सरकार ने गरीबों की एक और चिंता का समाधान किया है।
हमरी सरकार, मेडिकल से लेकर इंजीनियरिंग तक की पढ़ाई, स्थानीय भाषा में कराने पर जोर दे रही है।
इससे गांव-गरीब के युवाओं को विशेष लाभ होगा।
बीजेपी ने ही किसानों के बच्चों की पढाई के लिए रैता विद्यानिधि की शुरुआत की है।
आदिवासी साथियों के लिए 400 से ज्यादा एकलव्य म़ॉडल स्कूल भी बीजेपी ने बनाए हैं।
कांग्रेस की सरकार ने तो यहां बच्चों की यूनिफॉर्म में ही घोटाला कर दिया था।
आदिवासी विकास के लिए कांग्रेस की सरकार का बजट लगभग 25 हज़ार करोड़ रुपए था।
बीजेपी ने इसमें 5 गुणा वृद्धि करके, आदिवासियों के विकास के लिए लगभग सवा लाख करोड़ रुपए कर दिए हैं।

साथियों,
कर्नाटका के लोगों को, कांग्रेस का इतिहास और उसकी सोच कभी भी भूलनी नहीं है।
कांग्रेस का इतिहास आतंक और आतंकवादियों के तुष्टिकरण का है।
जब दिल्ली में बाटला हाउस एनकाउंटर हुआ तो कांग्रेस की सबसे बड़े नेता की आंखों में, आतंकियों के मारे जाने की खबर सुनकर आंसू आ गये थे।
जब सर्जिकल स्ट्राइक हुई, जब एयर स्ट्राइक हुई, तो कांग्रेस ने देश की सेनाओं के सामर्थ्य पर ही सवाल खड़ा कर दिया।
यहां कर्नाटक में तो आप लोगों ने देखा ही है कांग्रेस कैसे आतंक को बढ़ावा देती रही है।
कांग्रेस ने कर्नाटक को आतंकियों के रहमोकरम पर छोड़ दिया था।
ये बीजेपी ही है जिसने आतंकवाद की कमर तोड़ी है, तुष्टिकरण का खेल बंद किया है।
समृद्ध कर्नाटका के लिए, कर्नाटका को नंबर वन बनाने के लिए, कर्नाटका का सुरक्षित होना उतना ही जरूरी है।
आतंक को बढ़ावा देने वाली कांग्रेस-जेडीएस, यहां कभी निवेश नहीं बढ़ा सकतीं।
आतंक को बढ़ावा देने वाली कांग्रेस-जेडीएस, यहां कभी नौजवानों के लिए नए अवसर नहीं बना सकती।

साथियों,
अक्सर कोई कंपनी बाजार में अपना कोई सामान लाती है तो साथ ही वो एक वारंटी भी देती है।
और कंपनी ये भी कहती है कि वारंटी खत्म होने के बाद कंपनी की कोई जिम्मेदारी नहीं होगी।
कांग्रेस भी अपनी वारंटी खो दी है, विश्वसनीयता खो दी है।
ऐसे में बिना वारंटी वाली कांग्रेस की गारंटी भी उतनी ही झूठी है।
और ये झूठी गारंटियों का कांग्रेस का ट्रैक रिकॉर्ड बहुत पुराना है।
मुझे याद है कि बरसों तक सत्ता से बाहर रहने के बाद 2012 में गुजरात में भी कांग्रेस ऐसी ही झूठी गारंटी लेकर आई थी।
कांग्रेस ने कार्ड-बोर्ड के मकान बनाए और लोगों को ले जाते थे दिखाने के लिए कि देखो हम ऐसा बनाकर मकान देंगे और फिर वे फार्म भरवाते थे, मकान के लिए और पीछे से कुछ लोग फार्म के नाम पर गरीबों से 200-200, 500-500 रूपया मार लेते थे, रिश्वत ले लेते थे।
एक वो समय है और आज का समय है- गुजरात में कांग्रेस का झंडा उठाने के लिए दूसरे राज्यों से लोगों को लाना पड़ रहा है।
पिछले, कुछ सालों से यही फर्ज़ीवाड़ा कांग्रेस हर राज्य में कर रही है।
मैंने सुना है कर्नाटका में भी ये अपनी गारंटियों का फॉर्म भरवाने लगे हैं।
और अब तो जांच इस बात की होनी चाहिए कि झूठी गारंटी के फॉर्म को दिखाकर, कांग्रेस कितनी रिश्वत ले रही है।
कांग्रेस को पक्का पता है कि कर्नाटक के लोग उसे सत्ता में नहीं ला रहे हैं।
इसलिए वो बड़े-बड़े झूठे वायदे कर रही है।
जितनी बड़ी राशि और गारंटी की बात कांग्रेस कर रही है, उसमें तो कर्नाटका का खजाना भी खाली हो जाएगा। फिर भी गारंटी अधूरी रह जाएगी।
इसलिए ऐसी गारंटी सिर्फ बोलने के लिए ही बोली जा रही है।
ये गारंटी अगर पूरी करनी है तो राज्य के विकास के सारे काम बंद करने होंगे।
आपके बच्चों के भविष्य के लिए जो पैसे हैं, वो खा जाएंगे, खर्च कर देंगे।
इसके लिए एक काम कांग्रेस और करेगी।
कांग्रेस, भाजपा की सारी योजनाओं को रिवर्स गीयर में डाल देगी।
गरीब कल्याण की जो योजनाएं, बीजेपी ने शूरू की हैं, कांग्रेस उन्हें बंद करने की तैयारी में है।

भाइयों और बहनों,
बीजेपी, विकसित कर्नाटका का रोडमैप लेकर आपसे आशीर्वाद मांग रही है।
लेकिन कांग्रेस के पास दो ही मुद्दे हैं।
एक तो वो रिटायरमेंट के नाम पर वोट मांग रहे हैं।
आखिरी बार सीएम बना दो, ये उनका घोषणा पत्र है।
कांग्रेस का दूसरा एजेंडा है- गाली देकर लोगों को भड़काओ।
कभी कांग्रेस ओबीसी समाज को गाली दे रही है, कभी लिंगायत समुदाय को गाली दे रही है।
मुझे तो ये 90 से ज्यादा गालियां दे चुके हैं और सेंचुरी की तरफ बढ़ रहे हैं।
इस क्षेत्र के लोगों ने तो एस निजलिंगप्पा जी का काम करीब से देखा है।
कांग्रेस ने तो एस निजलिंगप्पा जी को भी नहीं छोड़ा था।
उनका अपमान करने वाली कांग्रेस, गालियों की सेंचुरी ही बना सकती है।

भाइयों और बहनों,
हिंदुस्तान के हर कोने में से कांग्रेस के भ्रष्टाचार काल को जड़-मूल से उखाड़ कर फेंकना है और विकसित भारत के अमृतकाल को हिंदुस्तान के हर कोने में लाना है। कर्नाटका से भी भ्रष्टाचार काल जाना चाहिए और कर्नाटका में अमृतकाल लाना है। आजादी के 100 वर्ष होंगे तब विकसित भारत बनाना, ये हमारा संकल्प है।
ये संकल्प तभी सिद्ध होगा, जब कर्नाटका में बीजेपी की पूर्ण बहुमत की सरकार होगी।
आपको 10 मई को कमल के निशान पर बटन दबाना है।
आपको याद रखना है- ई बारिया निर्धारा..., ई बारिया निर्धारा..., ई बारिया निर्धारा...
आपको बूथ-बूथ, घर-घर जाना है, जाएंगे हरेक बूथ में जाएंगे, हाथ ऊपर कर बताइए जाएंगे, घर-घर जाएंगे, हर मतदाता को मिलेंगे, बीजेपी को वोट देने के लिए कहेंगे, ज्यादा से ज्यादा मतदान कराएंगे। बूथ को जीतकर के लाएंगे, एक भी बूथ हारेंगे नहीं ना। पक्का जीतेंगे। अच्छा एक मेरा काम करेंगे। जरा जोर से बताइए मेरा काम करेंगे। जरा जोर से बताइए हाथ ऊपर करके बताइए करेंगे। अच्छा..अपनी मोबाइल की फलैश लाइट लगा कर बताइए, मेरा काम करेंगे। अपनी मोबाइल की फलैश लाइट जला कर बताइए, एक मेरा काम करेंगे। मेरा पर्सनल काम करेंगे, पक्का करेंगे, तो जरा ध्यान से सुन लीजिए, क्या काम करीएगा, घर-घर जाइएगा सभी मतदाताओं को नमस्कार कीजिएगा और उनको कहिएगा, उनको बताना है सुन लीजिए, हर मतदाता को कहना है कि आपके सेवक, दिल्ली से मोदी जी आए थे। और मोदी जी ने आकर के आपको नमस्कार भेजा है। आपको प्रणाम कहा है, क्या कहेंगे, घर-घर जाकर मेरा नमस्कार कहेंगे। घर-घर जाकर के मेरा प्रमाण कहेंगे। आप सबको जब मेरा नमस्कार कहेंगे, आप सबको मेरा जब प्रमाण कहेंगे, तो लोग मुझे आशीर्वाद देंगे, वो आशीर्वाद मेरी ताकत बन जाता है और उस ताकत से मैं दिन रात लोगों की सेवा कर सकता हूं, कर्नाटका की सेवा कर सकता हूं, इसलिए लोगों के घर -घर जाएंगे, जोर से बोलिए जाएंगे। हाथ ऊपर करके बोलिए जाएंगे, मेरा प्रणाम पहुंचाएंगे।
बोलो भारत माता की...
भारत माता की...
भारत माता की...
धन्यवाद।

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Prime Minister pays tribute to Saratchandra Chattopadhyay on his 150th birth anniversary
September 15, 2026

The Prime Minister, Shri Narendra Modi has paid homage to renowned Bengali writer Saratchandra Chattopadhyay on his 150th birth anniversary. Remembering the eminent writer, Shri Modi highlighted the enduring significance of his literary works, which have been translated into every Indian language and several foreign languages. He noted that Saratchandra Chattopadhyay’s writings provide an accurate and sensitive portrayal of 19th-century India, particularly Bengali society in rural areas.

The Prime Minister posted on X:

Homage to noted Bengali writer, the versatile Saratchandra Chattopadhyay on his 150th birth anniversary.

His works, translated into every Indian language and several foreign languages, are remembered for their accurate depiction of 19th century India, especially Bengali society in rural areas. Equally noteworthy was his commitment to social reform, women’s rights and nationalism.

I call upon more youngsters to read his writings in the times to come.

প্রখ্যাত বাঙালি লেখক, বহুমুখী প্রতিভার অধিকারী শরৎচন্দ্র চট্টোপাধ্যায়ের ১৫০তম জন্মবার্ষিকীতে জানাই বিনম্র শ্রদ্ধাঞ্জলি।

ভারতের সমস্ত ভাষায় এবং একাধিক আন্তর্জাতিক ভাষায় অনূদিত তাঁর সাহিত্যকর্মগুলি উনিশ শতকের ভারত, বিশেষ করে গ্রামীণ অঞ্চলের বাঙালি সমাজকে সঠিকভাবে চিত্রিত করার জন্য স্মরণীয় হয়ে রয়েছে। সামাজিক সংস্কার, নারী অধিকার এবং জাতীয়তাবাদের প্রতি তাঁর দায়বদ্ধতাও সমানভাবে স্মরণীয়।

আগামী দিনের তরুণ-তরুণীকে আমি আরও বেশি করে তাঁর রচনা পড়ার জন্য আহ্বান জানাচ্ছি।