2nd August, 1965 was the day when the first stone of the beautiful city of Gandhinagar was laid.
And the journey of the greenest capital which recently called as the Tree Captial of India had begun. With the passage of time specifically in past one decade, this planned city has become the most beautiful and exotic city of the state.
With the word Gandhinagar the first picture that comes into the mind is the green meadows, clean roads and the peace in the city. With 416 trees per 100 people the city gives the most purest and fresh air to breathe.
Gandhinagar has its development history in four phases out which the last phase which began from 2002 has the most innovative, and inclusive development plans. The state government aimed at a new, triple focus for the city:
Industrial, Educational, Religious, Tourist, Transportation each and every sector has progressed. The Infocity in Gandhinagar, an IT park project is strategically developed on a 24/7 work culture, on a principal location spread across 150 acres in the Greenest Capital City in the World. While the mega project of GIFT city (Gujarat International Finance-Tech City) has embarked to be devised as a global financial and IT services hub.
On the educational grounds PDPU, NID, NIFT, DA-IICT, GNLU (Gujarat National Law University), and BISAG (Bhaskaracharya Institute For Space Applications and Geo-Informatics) located in Gandhinagar, are few of the domain specific and rarest institutes found in the nation. Moreover, since 2008 nationally renowned engineering institute IIT has its campus in Gandhinagar which recently provided its first, fresh batch of graduates.
Akshardham Temple
Coming on to the tourist destinations Swaminarayan temple - Akshardham, Nature park - Indroda, are some of the tourist attractions in the city.
Mahatma Mandir – the dream project of Shri Narendra Modi. It is a convention cum exhibition centre with a capacity to accommodate 5000 people. An initiative by Government of Gujarat dedicated to the father of the nation has laid its foundation and it will develop to be one of the biggest attractions of the state.
Gandhinagar is connected by all means of transportation, while to add icing on the cake Gujarat government has decided to start a Metrolink Express from Gandhinagar to Ahmedabad.
While a new Gandhinagar city is being planned with efforts of government the gap between Gandhinagar and Ahmedabad is about to close and in the coming years we will be celebrating the birthday of the New Gandhinagar city.
Today, India has embarked on the Reform Express, aimed at making both life and business easier: PM Modi at the 18th Rozgar Mela
January 24, 2026
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In recent years, the Rozgar Mela has evolved into an institution and through it, lakhs of young people have received appointment letters in various government departments: PM
Today, India stands among the youngest nations in the world; Our government is consistently striving to create new opportunities for the youth of India, both within the country and across the globe: PM
Today, the Government of India is entering into trade and mobility agreements with numerous countries which will open up countless new opportunities for the youth of India: PM
Today, the nation has embarked on the Reform Express, with the purpose to make both life and business easier across the country: PM
सभी युवा साथियों, आप सबको मेरा नमस्कार! साल 2026 का आरंभ, आपके जीवन में नई खुशियों का आरंभ कर रहा है। इसके साथ ही जब वसंत पंचमी कल ही गई है, तो आपके जीवन में भी ये नई वसंत का आरंभ हो रहा है। आपको ये समय, संविधान के प्रति अपने दायित्वों से भी जोड़ रहा है। संयोग से इस समय देश में गणतंत्र का महापर्व चल रहा है। कल 23 जनवरी को हमने नेताजी सुभाष की जयंती पर पराक्रम दिवस मनाया, और अब कल 25 जनवरी को राष्ट्रीय मतदाता दिवस है, फिर उसके बाद 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस है। आज का दिन भी विशेष है। आज के ही दिन हमारे संविधान ने ‘जन गण मन’ को राष्ट्रीय गान और ‘वंदे मातरम’ को राष्ट्रीय गीत के रूप में अपनाया था। आज के इस महत्वपूर्ण दिन, देश के इकसठ हज़ार से ज्यादा नौजवान जीवन की नई शुरुआत कर रहे हैं। आज आप सबको सरकारी सेवाओं के नियुक्ति पत्र मिल रहे हैं, ये एक तरह से Nation Building का Invitation Letter है। ये विकसित भारत के निर्माण को गति देने का संकल्प पत्र है। आप में बहुत सारे साथी, देश की सुरक्षा को मज़बूत करेंगे, हमारे एजुकेशन और हेल्थकेयर इकोसिस्टम को और सशक्त करेंगे, कई साथी वित्तीय सेवाओं और एनर्जी सिक्योरिटी को मज़बूती देंगे, तो कई युवा हमारी सरकारी कंपनियों की ग्रोथ में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। मैं आप सभी युवाओं को बहुत-बहुत बधाई और शुभकामनाएं देता हूं।
साथियों,
युवाओं को कौशल से जोड़ना और उन्हें रोजगार-स्वरोजगार के अवसर देना, ये हमारी सरकार की प्राथमिकता रही है। सरकारी भर्तियों को भी कैसे मिशन मोड पर किया जाए, इसके लिए रोज़गार मेले की शुरुआत की गई थी। बीते वर्षों में रोज़गार मेला एक इंस्टीट्यूशन बन गया है। इसके जरिए लाखों युवाओं को सरकार के अलग-अलग विभागों में नियुक्ति पत्र मिल चुके हैं। इसी मिशन का और विस्तार करते हुए, आज देश के चालीस से अधिक स्थानों पर ये रोजगार मेला चल रहा है। इन सभी स्थानों पर मौजूद युवाओं का मैं विशेष तौर पर अभिनंदन करता हूं।
साथियों,
आज भारत, दुनिया के सबसे युवा देशों में से एक है। हमारी सरकार का निरंतर प्रयास है कि भारत की युवाशक्ति के लिए देश-दुनिया में नए-नए अवसर बनें। आज भारत सरकार, अनेक देशों से ट्रेड और मोबिलिटी एग्रीमेंट कर रही है। ये ट्रेड एग्रीमेंट भारत के युवाओं के लिए अनेकों नए अवसर लेकर आ रहे हैं।
साथियों,
बीते समय में भारत ने आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए अभूतपूर्व निवेश किया है। इससे कंस्ट्रक्शन से जुड़े हर सेक्टर में रोजगार बहुत बढ़े हैं। भारत के स्टार्ट-अप इकोसिस्टम का दायरा भी तेज़ गति से आगे बढ़ रहा है। आज देश में करीब दो लाख रजिस्टर्ड स्टार्ट-अप हैं। इनमें इक्कीस लाख से ज्यादा युवा काम कर रहे हैं। इसी प्रकार, डिजिटल इंडिया ने, एक नई इकॉनॉमी को विस्तार दिया है। एनिमेशन, डिजिटल मीडिया, ऐसे अनेक क्षेत्रों में भारत एक ग्लोबल हब बनता जा रहा है। भारत की क्रिएटर इकॉनॉमी बहुत तेज़ गति से ग्रो कर रही है, इसमें भी युवाओं को नई-नई अपॉरचुनिटीज मिल रही हैं।
मेरे युवा साथियों,
आज भारत पर जिस तरह दुनिया का भरोसा बढ़ रहा है, वो भी युवाओं के लिए अनेक नई संभावनाएं बना रहा है। भारत दुनिया की एकमात्र बड़ी इकॉनॉमी है, जिसने एक दशक में GDP को डबल किया है। आज दुनिया के सौ से अधिक देश, भारत में FDI के जरिए निवेश कर रहे हैं। वर्ष 2014 से पहले के दस वर्षों की तुलना में भारत में ढाई गुना से अधिक FDI आया है। और ज्यादा विदेशी निवेश का अर्थ है, भारत के युवाओं के लिए रोजगार के अनगिनत अवसर।
साथियों,
आज भारत एक बड़ी मैन्युफेक्चरिंग पावर बनता जा रहा है। Electronics, दवाएं और वैक्सीन, डिफेंस, ऑटो, ऐसे अनेक सेक्टर्स में भारत के प्रोडक्शन और एक्सपोर्ट, दोनों में अभूतपूर्व वृद्धि हो रही है। 2014 के बाद से भारत की electronics manufacturing में छह गुना वृद्धि हुई है, छह गुना। आज ये 11 लाख करोड़ रुपए से अधिक की इंडस्ट्री है। हमारा इलेक्ट्रॉनिक्स एक्सपोर्ट भी चार लाख करोड़ रुपए को पार कर चुका है। भारत की ऑटो इंडस्ट्री भी सबसे तेजी से ग्रो करने वाले सेक्टर्स में से एक बन गई है। वर्ष 2025 में टू-व्हीलर की बिक्री दो करोड़ के पार पहुंच चुकी है। ये दिखाता है कि देश के लोगों की खरीद शक्ति बढ़ी है, इनकम टैक्स और GST कम होने से उन्हें अनेक लाभ हुए हैं, ऐसे अनेक उदाहरण हैं, जो बताते हैं कि देश में बड़ी संख्या में रोजगार का निर्माण हो रहा है।
साथियों,
आज के इस आयोजन में 8 हजार से ज्यादा बेटियों को भी नियुक्ति पत्र मिले हैं। बीते 11 वर्षों में, देश की वर्कफोर्स में वीमेन पार्टिसिपेशन में करीब-करीब दोगुनी बढ़ोतरी हुई है। सरकार की मुद्रा और स्टार्ट अप इंडिया जैसी योजनाओं का, बहुत बड़ा फायदा हमारी बेटियों को हुआ है। महिला स्व-रोजगार की दर में करीब 15 परसेंट की बढ़ोतरी हुई है। अगर मैं स्टार्ट अप्स और MSMEs की बात करूं, तो आज बहुत बड़ी संख्या में वीमेन डायरेक्टर, वीमेन फाउंडर्स हैं। हमारा जो को-ऑपरेटिव सेक्टर है, जो हमारे सेल्फ हेल्प ग्रुप्स गांवों में काम कर रहे हैं, उनमें बहुत बड़ी संख्या में महिलाएं नेतृत्व कर रही हैं।
साथियों,
आज देश रिफॉर्म एक्सप्रेस पर चल पड़ा है। इसका उद्देश्य, देश में जीवन और कारोबार, दोनों को आसान बनाने का है। GST में नेक्स्ट जेनरेशन रिफॉर्म्स का सभी को फायदा हुआ है। इससे, हमारे युवा आंत्रप्रन्योर्स को लाभ हो रहा है, हमारे MSMEs को फायदा हो रहा है। हाल में देश ने ऐतिहासिक लेबर रिफॉर्म्स लागू किए हैं। इससे, श्रमिकों, कर्मचारियों और बिजनेस, सबको फायदा होगा। नए लेबर कोड्स ने, श्रमिकों के लिए, कर्मचारियों के लिए, सामाजिक सुरक्षा का दायरा और सशक्त किया है।
साथियों,
आज जब रिफॉर्म एक्सप्रेस की चर्चा हर तरफ हो रही है, तो मैं आपको भी इसी विषय में एक काम सौंपना चाहता हूं। आप याद कीजिए, बीते पांच-सात साल में कब-कब आपका सरकार से किसी न किसी रूप में संपर्क हुआ है? कहीं किसी सरकारी दफ्तर में काम पड़ा हो, किसी और माध्यम से संवाद हुआ हो और आपको इसमें परेशानी हुई हो, कुछ कमी महसूस हुई हो, आपको कुछ न कुछ खटका हो, जरा ऐसी बातों को याद करिए। अब आपको तय करना है, कि जिन बातों ने आपको परेशान किया, कभी आपके माता पिता को परेशान किया, कभी आपके यार दोस्तों को परेशान किया, और वो जो आपको अखरता था, बुरा लगता था, गुस्सा आता था, अब वो कठिनाइयां, आपके अपने कार्यकाल में आप दूसरे नागरिकों को नहीं होने देंगे। आपको भी सरकार का हिस्सा होने के नाते, अपने स्तर पर छोटे-छोटे रिफॉर्म करने होंगे। इस अप्रोच को लेकर के आपको आगे बढ़ना है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों का भला हो। Ease of living, Ease of doing business, इसको ताकत देने का काम, जितनी नीति से होता है, उससे ज्यादा स्थानीय स्तर पर काम करने वाले सरकारी कर्मचारी की नीयत से होता है। आपको एक और बात याद रखनी है। तेज़ी से बदलती टेक्नॉलॉजी के इस दौर में, देश की ज़रूरतें और प्राथमिकताएं भी तेज़ी से बदल रही हैं। इस तेज़ बदलाव के साथ आपको खुद को भी अपग्रेड करते रहना है। आप iGOT कर्मयोगी जैसे प्लेटफॉर्म का जरूर सदुपयोग करें। मुझे खुशी है कि इतने कम समय में, करीब डेढ़ करोड़ सरकारी कर्मचारी iGOT के इस प्लेटफॉर्म से जुड़कर खुद को नए सिरे से ट्रेन कर रहे हैं, Empower कर रहे हैं।
साथियों,
चाहे प्रधानमंत्री हो, या सरकार का छोटा सा सेवक, हम सब सेवक हैं और हम सबका एक मंत्र समान है, उसमें न कोई ऊपर है, न कोई दाएं बाएं है, और हम सबके लिए, मेरे लिए भी और आपके लिए भी मंत्र कौन सा है- ‘’नागरिक देवो भव’’ ‘’नागरिक देवो भव’’ के मंत्र के साथ हमें काम करना है, आप भी करते रहिए, एक बार फिर आपके जीवन में ये जो नई वसंत आई है, ये नया जीवन का युग शुरू हो रहा है और आप ही के माध्यम से 2047 में विकसित भारत बनने वाला है। आपको मेरी तरफ से बहुत-बहुत शुभकामनाएं। बहुत-बहुत धन्यवाद।