Dholera SIR to be developed on Shanghai model – Shri Narendra Modi at Yangshang

Published By : Admin | November 10, 2011 | 09:19 IST

“Gujarat to serve as trade link between Asia and Middle East, Europe”

“Dholera SIR to be developed on Shanghai model”

- Narendra Modi at Yangshang

Ahmedabad, Thursday: Impressed by China’s Yangshan deepwater seaport on River Yangtze, Gujarat Chief Minister Narendra Modi today resolved to develop the Dholera Special Investment Region (SIR) on the Shanghai model.

The Chief Minister, leading a 22-member high-level business delegation to China, took round of the China’s deepest seaport at Yangshan after successful visit to Beijing yesterday.

The construction of the Yangshan Port was undertaken by the Shanghai International Shipping Centre in 2002 and completed by December 2005. It spread over 72-km and comprising 16 deepwater all-weather berths with a capacity to handle 20 million tonnes container cargo traffic.

Tanks to Gujarat’s port-led development growth for the last 10 years, 1,600-km long coastline is already with humming with 45 ports, including three major ports, two LNG terminals at Hazira and Dahej, an exclusive Chemicals Terminal Port at Dahej, with two more LNG terminals coming up. A New Port City is also being developed now.

With encouragement to the private sector in port sector, he said that over 70 per cent of the state’s sea trade is routed through private ports. The Gujarat model has lately attracted global attention. He said that Gujarat vision is to serve as a vital trade link between Asia and Middle East-Europe.

The Chief Minister on a five-day visit to China met Indians and their family members over a get-together at Shanghai today. He talked about Gujarat’s all round development and setting new benchmarks during the last ten years.

Gujarat Chief Minister Narendra Modi wishes success to Indian students pursuing various courses in Shanghai

Ahmedabad, Thursday: Gujarat Chief Minister Narendra Modi addressing a group of Indian students from different states pursuing various courses at Shanghai today and wished them success in their pursuits and life.

Mr. Modi, leading a 22-member high-level business delegation to China, met nearly 100 families over a get-together held under the aegis of the Indian community.

They were impressed by the Chief Minister’s detailed talk about Gujarat’s all round development and good governance, setting new benchmarks during the last ten years.

Explore More
77ನೇ ಸ್ವಾತಂತ್ರ್ಯ ದಿನಾಚರಣೆಯ ಸಂದರ್ಭದಲ್ಲಿ ಕೆಂಪು ಕೋಟೆಯ ಕೊತ್ತಲದಿಂದ ರಾಷ್ಟ್ರವನ್ನು ಉದ್ದೇಶಿಸಿ ಪ್ರಧಾನಮಂತ್ರಿ ಶ್ರೀ ನರೇಂದ್ರ ಮೋದಿ ಅವರು ಮಾಡಿದ ಭಾಷಣದ ಕನ್ನಡ ಪಠ್ಯಾಂತರ

ಜನಪ್ರಿಯ ಭಾಷಣಗಳು

77ನೇ ಸ್ವಾತಂತ್ರ್ಯ ದಿನಾಚರಣೆಯ ಸಂದರ್ಭದಲ್ಲಿ ಕೆಂಪು ಕೋಟೆಯ ಕೊತ್ತಲದಿಂದ ರಾಷ್ಟ್ರವನ್ನು ಉದ್ದೇಶಿಸಿ ಪ್ರಧಾನಮಂತ್ರಿ ಶ್ರೀ ನರೇಂದ್ರ ಮೋದಿ ಅವರು ಮಾಡಿದ ಭಾಷಣದ ಕನ್ನಡ ಪಠ್ಯಾಂತರ
Apple’s India output: $10 billion in 10 months

Media Coverage

Apple’s India output: $10 billion in 10 months
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
Text of PM's address a public meeting in Adilabad, Telangana
March 04, 2024
Telangana is the land of the brave Ramji Gond & Komaram Bheem
PM JANMAN will enable spending of Rs. 24,000 crores for tribal welfare benefitting various tribes such as Chenchu, Kolam, and Konda Reddi, among various others
Modi's guarantee has enabled the creation of a 'Turmeric Board' for farmers in Telangana
The Kaleswaram Lift irrigation project is a mega scam committed by the B.R.S. government.
Telangana has played a pivotal role in the Pran-Pratishtha of Ram Mandir and has a more significant role in realizing a Viksit Bharat.

ना तेलंगाणा कुटुम्ब सभ्युल्लन्दरिकी नमस्कारालु!

आप सभी विकास के इस उत्सव में इतनी बड़ी संख्या में आए हैं...हम सभी आपके बहुत-बहुत आभारी हैं। अभी से कुछ देर पहले मैंने तेलंगाना और देश के विकास से जुड़ी हजारों करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया है। कुछ लोग आदत से मजबूर होते हैं, मेहनत करने की कुछ आदत भी कम होती है और इसलिए बड़ी सरल भाषा में कह देते हैं कि ये तो चुनावी सभा है। मेरे भाइयों और बहनों और मेरे कुछ साथी जो भांति-भांति का एनालसिस करते हैं जरा समझो ये चुनावी सभा नहीं है, चुनाव की तो अभी घोषणा भी नहीं हुई है।आज देश में विकास का जो उत्सव चल रहा है, उसमें मैं अपने तेलंगाना के भाइयों और बहनों के बीच उत्सव मनाने आया हूं। आप मेरी बात से सहमत है ना... सहमत है ना... सहमत है ना ?

इतनी बड़ी संख्या में माताएं-बहने आई हैं आप सहमत हैं ना। मैं हिंदी बोलूंगा तो चलेगा ना ? क्योंकि मैं तेलुगु में भाषण नहीं कर सकता हूं। लेकिन ये आपका प्यार है कि आप मेरी बात सुनना भी चाहते हैं और समझने का प्रयास भी करते हैं। फिर भी इतना प्यार भी देते हैं, इतना आशीर्वाद देते हैं मैं आपका बहुत आभारी हूं।

साथियों,
बीजेपी की केंद्र सरकार किस स्पीड से और कितने बड़े स्केल से विकास उत्सव मना रही है, ये बताने के लिए मैं आपको और देश को और ये जो बार-बार चुनाव-चुनाव लिखते हैं ना उनको खास मै 15 दिन का हिसाब देता हूं। दे दूं आपको? मैं अपना 15 दिन का हिसाब दे दूं? देखिए 15 दिन में क्या-क्या हुआ।
15 दिन में- दो-दो IIT, एक ट्रिपल आईटी DM, तीन IIM और एक Indian Institute of Skills (IIS) इसके कैंपस का लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में- देश के 5 अलग-अलग राज्यों में 5 एम्स का लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में- किसानों के लिए दुनिया की सबसे बड़ी स्टोरेज स्कीम शुरू हुई है।
15 दिन में- 18 हजार cooperatives के कंप्यूटराइजेशन के काम पूरा होने का लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में- सिंदरी में देश के बड़े खाद कारखाने का लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में- भारत के सबसे लंबे केबल आधारित ब्रिज का लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में- रेलवे से जुड़ी 2000 से अधिक परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है।
15 दिन में ही- ऑयल और गैस सेक्टर से जुड़े डेढ़ लाख करोड़ रुपए से ज्यादा के प्रोजेक्ट्स देश को मिले हैं।
15 दिन में ही- केजी बेसिन में ‘फर्स्ट ऑयल’ का लोकार्पण हुआ है। वहां से निकले कच्चे तेल के पहले टैंकर को हरी झंडी दिखाई है।
15 दिन में- ग्लोबल टेक्सटाइल इवेंट का उद्घाटन हुआ है। 15 दिन के ये काम, आत्मनिर्भर भारत से विकसित भारत के निर्माण को और सशक्त कर रहे हैं। अब बताइए ये विकास का उत्सव है कि नहीं है? ये लोगों के कल्याण का उत्सव है कि नहीं है? ये लोगों की भलाई का उत्सव है कि नहीं है? अरे चुनाव जब आएगा तब देखा जाएगा, मुझे तो देश को आगे बढ़ाना है। मैं सही बोल रहा हूं ना?

साथियों,
कल भी मैंने अब आप देखिए.. ये चुनाव-चुनाव करते हैं ना आप देखिए कल भी मैने दिनभर सभी मंत्रियों और भारत सरकार के सभी वरिष्ठ सचिव और अधिकारी एक प्रकार से टॉप टीम, करीब सबा सौ लोग पूरा दिन उन लोगों के साथ बैठा। और क्या किया? चुनाव की चर्चा नहीं की वहां मैंने विकसित भारत के निर्माण के एक्शन प्लान पर एक-एक मुद्दे पर चर्चा की। विकसित भारत के एक्शन प्लान पर देशभर में Fifteen Lakh लोग अब तक अपने सुझाव दे चुके हैं। Three Lakhs Seventy Five Thousand से ज्यादा स्टेकहोल्डर्स अब तक इसमें सक्रिय रूप से जुड़े हैं। विकसित भारत के विजन को लेकर करीब Three Thousand Meetings हो चुकी हैं। तीन हजार मीटिंग.. देश को विकसित बनाने के लिए दिन-रात काम। करीब-करीब 12 सौ
Twelve Hundred यूनिवर्सिटीज़ ने इसमें हिस्सा लिया है। बड़ी बात ये है कि इनमें अब तक करीब 11 लाख..Eleven Lakhs युवाओं ने हिस्सा लिया है, अपने मौलिक सुझाव दिए हैं. जो हमारे युवा विकसित भारत के सबसे बड़े निर्माता और और सबसे बड़े लाभार्थी, ये हमारी बहुत बड़ी ताकत है। राष्ट्र के विकास के लिए भाजपा का यही कमिटमेंट, है जिसके कारण, तेलंगाना के भी लोग पूरे जोश से कह रहे हैं... तेलंगाना के गांव-गांव से आवाज आ रही है। नौजवान भी बोल रहा है, बुजुर्ग भी बोल रहे हैं, महिलाएं भी बोल रही है, शहरवाले भी बोल रहे हैं, किसान भी बोल रहा है, मजदूर भी बोल रहा है कि
अबकी बार, 400 पार! अबकी बार चार सौ पार... अबकी बार... अबकी बार... अबकी बार... नालगु वंदलु दाटाली, बीजेपी-कि वोटु वेय्याली

साथियों,
ये धरती रामजी गोंड और कोमाराम भीम जैसी महान विभूतियों की धरती है। आज़ादी के इतने दशकों तक, तेलंगाना की इस धरती ने जो योगदान दिया उस योगदान को कभी सम्मान नहीं दिया गया। 2014 के बाद बीजेपी की केंद्र सरकार ने तेलंगाना के विकास को, आदिवासी समाज के सम्मान को इतना महत्व दिया। आप मुझे बताइये, क्या बीजेपी सरकार आने से पहले कोई कल्पना कर सकता था कि एक आदिवासी महिला देश की राष्ट्रपति बनेंगी? क्या कोई कल्पना कर सकता था? पलहे कभी लगता था कि ऐसा हो सकता है। क्या कोई कल्पना कर सकता था कि भगवान बिरसा मुंडा के जन्मदिन को राष्ट्रीय पर्व के रूप में मनाया जाएगा? आदिवासियों के विकास के लिए देश में अलग मंत्रालय बनाने का काम बीजेपी सरकार ने ही किया था। आज़ादी की लड़ाई में जनजातीय समाज के योगदान को समर्पित म्यूजियम बनाए जा रहे हैं। ये काम भी केंद्र की बीजेपी सरकार ने शुरू किया है। हैदराबाद में जो म्यूजियम बन रहा है, हमने उसका नाम रामजी गोंड के नाम पर रखा है।

साथियों,
आदिवासी समाज को सम्मान मिले, ये परिवारवादी पार्टियों को बर्दाश्त नहीं हो सकता। हमने जनजातीय समाज के लिए जब भी फैसले किए, इन्होंने उन फैसलों का विरोध करने का कोई मौका नहीं छोड़ा है। साथियों, बीजेपी, आदिवासी कल्याण को, आदिवासी गौरव को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए काम कर रही है। आदिवासी समाज में भी, जो लोग अति पिछड़े हैं, जो अब तक विकास से वंचित हैं, उनके लिए बीजेपी सरकार ने पीएम जनमन योजना शुरू की। इस योजना पर 24 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च किए जाएंगे। इसका लाभ तेलंगाना की भी चैन्चु, कोलम, कोन्डा रेड्डी, थोटी ऐसी छोटी-छोटी जो आदिवासी समाज की जातियां हैं.. दूर-दूर है इनके लाभ मिलने वाला काम है। तेलंगाना में ‘सम्मक्का सारक्का’ सेंट्रल ट्राइबल यूनिवर्सिटी स्थापित की जा रही है।

साथियों,
आज पूरे देश में मोदी की गारंटी इसकी बहुत चर्चा है। यहां तेलंगाना के लोगों का सपना था कि ‘टरमरिक बोर्ड’ बने, था कि नहीं था? तेलंगाना के किसानों के लिए ‘टरमरिक बोर्ड’ अब एक सच्चाई बन चुका है कि नहीं बन चुका है, बन गया ना? मैंने कहा था, कपास के किसानों की हर तरह से मदद करेंगे। बीजेपी सरकार ने कपास की MSP में रिकॉर्ड वृद्धि की है। आज देश में जो 7 मेगा टेक्सटाइल पार्क बन रहे हैं, उनमें से एक मेगा पार्क तेलंगाना में बन रहा है।
इसलिए लोग कहते हैं कि मोदी की गारंटी यानि गारंटी पूरी होने की गारंटी।- मोदी गैरंटी अंटे गारंटी-गा पूर्ति अय्ये गारंटी

साथियों,
तेलंगाना के लोग ये जान चुके हैं कि परिवारवादी पार्टियों के चेहरे अलग हो सकते हैं, लेकिन चरित्र एक ही होता है- और ये चरित्र क्या है? दो पक्की चीजें हैं इनके चरित्र में एक झूठ और दूसरा लूट! तेलंगाना में जैसे TRS के BRS बनने से कुछ नहीं बदला था, वैसे ही BRS की जगह काँग्रेस आने से कुछ नहीं बदलने वाला क्योंकि एक ही चट्टे-बट्टे के लोग हैं ये। BRS ने अपनी सरकार में कालेश्वरम प्रोजेक्ट जैसे घोटाले किए। कॉंग्रेस की सरकार उस पर कार्रवाई करने के बजाय फाइलों को दबाकर बैठ गई है। तुम भी भले हम भी भले, तुमने खाया और अब मैं खाऊंगा। यहीं करते हैं।

साथियों,
भ्रष्टाचार, परिवारवाद और तुष्टिकरण में आकंठ डूबे इंडी गठबंधन के नेता बौखलाते जा रहे हैं। अब इन्होंने 2024 के चुनाव का अपना असली घोषणापत्र निकाला है। मैं इनके परिवारवाद पर सवाल उठाता हूं तो इन लोगों ने अब बोलना शुरू कर दिया है कि मोदी का कोई परिवार नहीं है। अब तो कल ये कह देंगे कि कभी तुझे जेल की सजा नहीं हुई इसलिए तुम राजनीति में नहीं आ सकते ये भी कह देंगे। तेलंगाना के मेरे भाइयों बहनों मेरा जीवन खुली किताब जैसा है। आप मुझे देशवासी भलीभांति जानते हैं, समझते हैं। मेरी पल-पल की खबर देश रखता है। और कभी रात देर तक जब काम करता हूं और खबर बाहर निकल जाती है तो देश से लाखों लोग मुझे लिखते हैं और बताते हैं कि इतना काम मत करिए, कुछ आराम करिए। ये प्यार भाइयों-बहनों एक सपना लेकर मैंने बचपन में घर छोड़ा था, और जब मैंने अपना घर छोड़ा तब एक सपना लेकर के चला था कि मैं देशवासियों के जिऊंगा। मेरा पल-पल अब सिर्फ आपके लिए होंगे। मेरा कोई निजी सपना नहीं होगा आपके सपने यही मेरा संकल्प होगा। जिंदगी खपा दूंगा तो आपके सपनों को पूरा करने के लिए आपके बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाने के लिए। और इसलिए देश के कोटि-कोटि लोग मुझे अपना मानते हैं। अपने परिवार के सदस्य की तरह प्यार करते हैं। और इसलिए मैं कहता हूं कि 140 करोड़ देशवासी यही मेरा परिवार है। ये नौजवान यही मेरा परिवार है। आज देश की करोड़ों बेटियां, माताएं, बहनें यही मेरा परिवार है। आज देश का हर गरीब ये मेरा परिवार है। देश के कोटि-कोटि बच्चे बुजुर्ग ये मोदी का परिवार है। जिसका कोई नहीं है वे भी मोदी के हैं और मोदी उनका है। मेरा भारत मेरा परिवार... मेरा भारत मेरा परिवार यहीं भावनाओं का विस्तार लेकर के मैं सपनों को संकल्प के साथ सिद्ध करने के लिए जी रहा हूं, आपके लिए जूझ रहा हूं और आपके लिए जूझता रहूंगा। इसलिए आज पूरा देश एक सुर में कह रहा है। मैं हूं मोदी का परिवार... मैं हूं मोदी का परिवार
नेने मोदी कुटुम्बम् !
आप भी मेरे साथ बोलिए...
मैं हूं मोदी का परिवार..
मैं हूं... मैं हूं... मैं हूं...
नेने मोदी कुटुम्बम् ! नेने...नेने... नेने

साथियों,
आखिर में, मैं तेलंगाना के लोगों को देश के अन्य लोगों का एक संदेश भी देना चाहता हूं। और गर्व से भरे हुए लोगों को कहना चाहता हूं... राममंदिर में सोने के दरवाजे हों या फिर मंदिर के स्तंभ, उनके निर्माण में तेलंगाना की भूमिका रही है। इसके लिए पूरा देश तेलंगाना के लोगों का आभार व्यक्त करता है। रामलला का आशीर्वाद पूरे तेलंगाना के लोगों पर है। हम विकसित भारत-विकसित तेलंगाना का लक्ष्य जरूर हासिल करेंगे। भाइयों-बहनों मैं आपसे यही आग्रह करता हूं कि 2047, 25 साल हमारे पास है, इतनी मेहनत करनी है..इतनी मेहनत करनी है देश को दुनिया के समृद्ध देशों के बराबरी में लाकर के खड़ा रखना है। हमारे मां-बाप को तो मुसीबतों में जिंदगी गुजारनी पड़ी, लेकिन अपने बच्चों को मुसीबत में जीने के लिए मजबूर नहीं करेंगे और इसलिए तेलंगाना मुझको आपका आशीर्वाद चाहिए, मुझे आपका अपार प्रेम चाहिए। मैं आपके प्यार का भूखा हूं और एक सेवक के नाते आपको समर्पित हूं।

मेरे साथ बोलिए... भारता माता की... दोनों मुट्ठी बंद कर पूरी ताकत से बोलिए... भारता माता की... भारता माता की... भारता माता की...

बहुत बहुत धन्यवाद