प्राचीन बरगद का जतन सांस्कृतिक विरासत के रूप में किया जाएगा:मुख्यमंत्री
गुजरात के मुख्यमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज गांधीनगर जिले की दहेगाम तहसील के कंथारपुरा गांव में 500 वर्ष पुराने घेघुर बरगद का निरीक्षण किया।पूर्वनिर्धारित शाला प्रवेशोत्सव अभियान को सम्पन्न करके श्री मोदी महाकाली माता के प्राचीन मन्दिर की निश्रा में गुजरात की सांस्कृतिक विरासत समान कंथारपुरा के बरगद का निरीक्षण करने करने पहुंचे। महाकाली माता के भक्तिभाव से दर्शन करके श्री मोदी ने कहा कि दहेगाम तहसील के गांव- गांव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रचारक के रूप में उन्होंने इस बरेअगद को बरसों पहले भी देखा था।
इस बरगद के वन्य सृष्टि के वैज्ञानिक जतन और संवर्धन के लिए उन्होंने वन विभाग को निर्देश भी दिए। उन्होंने पश्चिम बंगाल में प्राचीन बरगद का वैज्ञानिक संवर्धन, संरक्षण हो रहा है जिसका अभ्यास करने का मुख्यमंत्री ने सुझाव दिया।
श्री मोदी ने गुजरात में प्राचीन विरासतों और वन्यसृष्टि के जतन की भूतकाल में की गई उपेक्षा पर दुख जताते हुए कहा कि ऐसी दुर्लभ वन्यसृष्टि का विकास और संवर्धन हमारी विरासत के वैभव का दुनिया को दर्शन करवा सकता है। इस दिशा में वन विभाग को कंथारपुरा बरगद के विकास की कार्य योजना तैयार करने का निर्देश दिया।








