प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी 22 जुलाई को ‘इंडिया आइडियाज समिट’ में मुख्य भाषण देंगे।

इस शिखर सम्मेलन की मेजबानी अमेरिका-भारत व्यवसाय परिषद द्वारा की जा रही है। इस वर्ष परिषद के गठन की 45वीं वर्षगांठ मनाई जा रही है। इस वर्ष की ‘इंडिया आइडियाज समिट’ की थीम ‘बेहतर भविष्य का निर्माण’ है।

इस आभासी शिखर सममेलन (वर्चुअल समिट) में भारतीय एवं अमेरिकी सरकार के नीति-निर्माताओं, राज्य स्तरीय अधिकारियों और कारोबार जगत एवं समाज के प्रमुख विचारकों की उच्चस्तरीय उपस्थिति होगी। शिखर सम्मेलन के अन्य प्रमुख वक्ताओं में विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, अमेरिकी विदेश मंत्री श्री माइक पोम्पिओ, वर्जीनिया के सीनेटर एवं सीनेट इंडिया कॉकस के सह-अध्यक्ष श्री मार्क वार्नर, संयुक्त राष्ट्र में पूर्व अमेरिकी राजदूत सुश्री निक्की हेली, इत्‍यादि शामिल हैं। इस शिखर सम्मेलन के दौरान ‘भारत-अमेरिका सहयोग’ और ‘महामारी काल के बाद की दुनिया में दोनों देशों के बीच पारस्‍परिक संबंधों का भविष्य’ सहित विभिन्‍न विषयों पर गहन चर्चाएं होंगी।

 

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प्रधानमंत्री ने भारत के युवाओं के साहस और दृढ़ संकल्प की सराहना करते हुए संस्कृत सुभाषितम साझा किया
July 20, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने भारत के युवाओं के साहस और दृढ़ता की सराहना करते हुए एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया है।

"प्राप्यापदं न व्यथते कदाचिदुद्योगमन्विच्छति चाप्रमत्तः।

दुःखं च काले सहते महात्मा धुरन्धरस्तस्य जिताः सपत्नाः॥"

श्री मोदी ने कहा कि हमारे युवा अपने साहस, आत्मविश्वास और अथक परिश्रम के बल पर ऐतिहासिक सफलता प्राप्त कर रहे हैं, और यही तेजी से विकासशील भारत की सबसे बड़ी ताकत है।

प्रधानमंत्री ने एक्‍स पर पोस्ट किया:

आज हमारे युवा साथी धैर्य, आत्मविश्वास और अथक परिश्रम से ऐतिहासिक सफलता हासिल कर रहे हैं। यही विकसित हो रहे भारत की सबसे बड़ी ताकत है।

प्राप्यापदं न व्यथते कदाचिदुद्योगमन्विच्छति चाप्रमत्तः।

दुःखं च काले सहते महात्मा धुरन्धरस्तस्य जिताः सपत्नाः॥