स्किल की ये ताकत जो है, इंसान को कहां से कहां पहुंचा सकती है, एक सफल व्यक्ति की बहुत बड़ी निशानी होती है कि वो अपनी स्किल बढ़ाने का कोई भी मौका जाने ना दे: प्रधानमंत्री मोदी
तेजी से बदलती हुई आज की दुनिया में अनेक सेक्टरों में लाखों स्किल्ड लोगों की जरूरत है, विशेषकर स्वास्थ्य सेवाओं में तो बहुत बड़ी संभावनाएं बन रही हैं: पीएम मोदी
अब कौशल विकास मंत्रालय ने दुनिया भर में बन रहे इन अवसरों की मैपिंग शुरू की है, कोशिश यही है कि भारत के युवा को अन्य देशों की जरूरतों के बारे में, उसके संबंध में भी सही और सटीक जानकारी मिल सके: प्रधानमंत्री

नमस्कार!

नमस्कार मेरे युवा साथियों को

World Youth Skill Day की आप सभी नौजवानों को बहुत- बहुत शुभकामनाएं।

आज का ये दिन आपकी skill को, आपके कौशल को समर्पित है।21वीं सदी के युवाओं की, आज के Millenials की अगर सबसे बड़ी कोई ताकत है, तो उनकी Skill है,उनकी Skill acquire करने की क्षमता है।

साथियों,

कोरोना के इस संकट ने World- Culture के साथ ही Nature of Job को भी बदलकर के रख दिया है।और बदलती हुई नित्य नूतन Technology ने भी उस पर प्रभाव पैदा किया है। नए Work- Culture और नए Nature of Job को देखते हुए, हमारे युवा नई-नई Skills को तेजी से अपना रहे हैं।

वैसे साथियों, कई लोग मुझसे पूछते हैं, कि आज के दौर में बिज़नेस और बाज़ार इतनी तेजी से बदलते हैं कि समझ ही नहीं आता Relevant कैसे रहा जाए। कोरोना के इस समय में तो ये सवाल और भी अहम हो गया है।

साथियों,

मैं इसका एक ही जवाब देता हूं। Relevant रहने का मंत्र है- Skill, Re- Skill और Upskill. Skill का अर्थ है, आप कोई नया हुनर सीखें। जैसे कि आपने लकड़ी के एक टुकड़े से कुर्सी बनाना सीखा, तो ये आपका हुनर हुआ। आपने लकड़ी के उस टुकड़े की कीमत भी बढ़ा दी। Value Addition किया। लेकिन ये कीमत बनी रहे, इसके लिए नए डिज़ाइन, नयी स्टाइल, यानी रोज़ कुछ नया जोड़ना पड़ता है। उसके लिए नया सीखते रहना पड़ता है। और कुछ नया सीखते रहने का मतलब, ये है Re- Skill. और हमारी जो skill है, उसका और विस्तार करना, जैसे छोटे-मोटे फर्नीचर बनाते- बनाते आप और भी चीजें सीखते गए, पूरा का पूरा ऑफिस डिज़ाइन करने लगे, तो वो हो गया Up skill. Skill, Re- skill और Upskill का ये मंत्र जानना, समझना,और इसका पालन करना, हम सभी के जीवन में बहुत महत्वपूर्ण है।

वैसे जब मैं Skill की बात करता हूं तो मुझे अपने एक बहुत पुराने जानने वाले हमेशा याद आते हैं। मेरा सीधा परिचय तो नहीं था, लेकिन हमारे एक जानने वाले सज्जन बताते रहते थे। वो उनके किसी परिचित के विषय में बताते थे।वो ज्यादा पढ़े-लिखे नहीं थे, लेकिन उनकी Hand- Writing बहुत अच्छी थी। समय के साथ उन्होंने अपनी Hand- Writing में और भी नए स्टाइल जोड़ लिए।यानी खुद को Reskill किया। उनकी ये skill देखकर, लोग खुद उनके पास पहुंचने लगे। लोग उनसे कहते थे कि हमारे यहां यह Special Occasion है, तो Invitation Card पर नाम वगैरह का काम आप कीजिए। बाद में उन्होंने खुद को Re- Skill किया, Upskill किया। उन्होंने कई और लैंग्वेज में लिखना शुरू किया, कुछ और Language सीखीं। और इस तरह से, एक प्रकार से उनका कारोबार बढ़ गया। बैठे-बिठाए लोग उनके पास काम लेकर के आने लगे। शौक से पनपा हुआ एक हुनर, रोजी रोटी का और सम्मान का भी एक माध्यम बन गया।

Friends.

Skill is something which we gift to ourselves, which grows with experience. Skill is timeless, it keeps getting better with time. Skill is unique, it makes you different from others. Skill is a treasure that nobody can take away. And, skill is self- reliance, it not only makes one employable but also self- employable. Skill की ये ताकत जो है, इंसान को कहां से कहां पहुंचा सकती है।

साथियों,

एक सफल व्यक्ति की बहुत बड़ी निशानी होती है कि वो अपनी स्किल बढ़ाने का कोई भी मौका जाने ना दे। इतना ही नहीं, मौका ढूँढता रहे।Skill के प्रति अगर आप में आकर्षण नहीं है, कुछ नया सीखने की ललक नहीं है तो जीवन ठहर जाता है। एक रुकावट सी महसूस होती है। एक प्रकार से वो व्यक्ति अपने व्यक्तित्व को, अपनी Personality को ही बोझ बना लेता है। और खुद के लिए नहीं, अपने स्वजनों के लिए भी बोझ बन जाता है।वहीं skill के प्रति आकर्षण, जीने की ताकत देता है, जीने का उत्साह देता है। Skill सिर्फ रोजी- रोटी और पैसे कमाने का जरिया नहीं है। जिंदगी में उमंग चाहिए, उत्साह चाहिए, जीने की जिद चाहिए, तो skill हमारी driving force बनती है, हमारे लिए नई प्रेरणा लेकर आती है। ऊर्जा का काम करती है। और उम्र कोई भी हो, चाहे युवावस्था हो या बुजुर्ग, अगर आप नई-नई skills सीख रहे हैं, तो जीवन के प्रति उत्साह कभी कम नहीं होगा।

साथियों,

skill क्या ताकत होती है, इससे जुड़ा हर किसी का कुछ ना कुछ अनुभव होगा। मुझे भी आज, जब आपसे बात कर रहा हूं, तो एक पुरानी घटना याद आती है। और ये तब की बात है, जब मैं युवावस्था में tribal belt में एक volunteer के रूप में काम करता था।और कुछ संस्थाओं के साथ मिलकर के मैं काम कर लेता था। तो एक बार, एक संस्था के साथ, उनके लोगों के साथ कहीं बाहर जाना था, तो उनकी जीप में हम सब जाने वाले थे। लेकिन वो जीप सुबह जब निकलना था, उसी समय चली नहीं। अब उन जंगलों में भटकते- भटकते, वो जीप भी ऐसी ही थी। अब सब लोग लगे, काफी कुछ कोशिश की, धक्के मारे, सब किया, लेकिन गाड़ी चली नहीं। आगे जब 7-8 बज गए तो किसी एक मैकेनिक को बुला लिया। उसने आकर के कुछ इधर-उधर किया और 2 मिनट में तो ठीक कर दिया। फिर उसको पूछा, कितने पैसे तो बोला 20 रुपये। उस जमाने में 20 रुपये की कीमत बहुत होती थी। लेकिन हमारे एक साथी ने कहा, अरे यार 2 मिनट का काम और तुम 20 रुपये मांग रहे हो। उसका जवाब मुझे आज भी प्रेरणा देता है, मेरे मन में प्रभाव पैदा करता है। उस अनपढ़ मैकेनिक ने कहा, साहब मैं 2 मिनट का 20 रुपये नहीं ले रहा, 20 साल से काम करते-करते मैंने, जो Skill मेरे में आया है, जो अनुभव जुटाया है, ये 20 रुपया उसका है। मैं समझता हूं, ये ही होती है skill की ताकत।Skill आपके काम की ही नहीं, आपकी भी प्रतिभा को, प्रभाव को, प्रेरक बना देती है।

और साथियों,

यहां एक और चीज समझनी बहुत जरूरी है। कुछ लोग knowledge और skill को लेकर के हमेशा confusion में रहते हैं, या confusion पैदा करते हैं। ऐसे लोगों को मैं हमेशा छोटा सा उदाहरण देता हूं। आप books में पढ़ सकते हैं, You Tube पर वीडियो देख सकते हैं कि साइकिल कैसे चलाई जाती है। साइकिल पर कैसे बैठना है, साइकिल कैसी होती है, कौन सा पुर्जा क्या काम करता है, कहां हैंडल पकड़ना है, कहां ब्रेक लगाना है, सब उसमें, आपको वीडियो में भी दिखेगा। यह सब knowledge है। आपको knowledge है इसलिए आप साइकिल चला जाएंगे, ऐसी गारंटी नहीं है।लेकिन वास्तव में, actually में जब साइकिल चलाना होता है, तो skill की जरूरत पड़ती है। आपको ही खुद को धीरे-धीरे आ जाता है। और फिर आप अपनी मस्ती में भी साइकिल चलाते हैं। चलते रहते हैं, कोई तकलीफ़ नहीं होती है। जैसे-जैसे आपने इस कला को सीख लिया, टैलेंट आ गई, आपको कभी दिमाग खपाना भी नहीं पड़ता।

और इस फर्क को समझना शासन से लेकर समाज के हर स्तर पर बहुत जरूरी होता है। आज भारत में knowledge और skill, दोनों में जो अंतर है, उसे समझते हुए ही काम हो रहा है। आज से 5 साल पहले, आज के ही दिन Skill India Mission इसी सोच के साथ शुरू किया गया था। इसका मकसद यही था कि youth को knowledge के साथ skill भी मिले, कौशल भी मिले। इसके लिए देशभर में सैकड़ों प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र खोले गए। ITIs की संख्या बढ़ाई गई, उसमें लाखों नई seats जोड़ी गई। इस दौरान 5 करोड़ से ज्यादा लोगों का skill development किया जा चुका है। और यह अभियान निरंतर जारी है।

साथियों,

तेजी से बदलती हुई आज की दुनिया में अनेक सेक्टरों में लाखों skilled लोगों की जरूरत है। विशेषकर स्वास्थ्य सेवाओं में तो बहुत बड़ी संभावनाएं बन रही हैं। यही समझते हुए अब कौशल विकास मंत्रालय ने दुनिया भर में बन रहे इन अवसरों की मैपिंग शुरू की है। कोशिश यही है कि भारत के युवा को अन्य देशों की जरूरतों के बारे में, उसके संबंध में भी सही और सटीक जानकारी मिल सके। किस देश में, हेल्थ सर्विस में नए द्वार खुल रहे हैं। किस देश में, कौन से सर्विस सेक्टर में, क्या डिमांड बन रही है, इससे जुड़ी जानकारी अब तेजी से भारत के युवाओं को मिल सकेगी।

अब जैसे मर्चेंट नेवी का उदाहरण लें तो भारत समेत पूरी दुनिया को सेलर्स की बहुत जरूरत है। हमारी तो साढे सात हजार किलोमीटर से लंबी कोस्ट लाइन है। बड़ी संख्या में हमारा youth समुद्र और तटीय परिस्थितियों से परिचित है। अगर इस क्षेत्र में स्किल को बढ़ाने पर काम किया जाए तो दुनिया भर को हम लाखों expert सेलर्स दे सकते हैं, और अपने देश की कोस्टल इकोनॉमी को भी मजबूत कर सकते हैं।

मैपिंग की वजह से अब इस तरह की जानकारियां देने का काम और आसान हो जाएगा। इसके अलावा चार-पांच दिन पहले देश में श्रमिकों की स्किल मैपिंग का एक पोर्टल भी शुरू किया गया है। यह पोर्टल स्किल्ड लोगों को, स्किल्ड श्रमिकों की मैपिंग करने में अहम भूमिका निभाएगा। इससे Employers एक click में ही स्किल्ड मैप वाले वर्कर्स तक पहुंच पाएंगे। ख़ासकर जो श्रमिक, हाल फिलहाल में शहरों से अपने गांवों में गए हैं, उन्हें बहुत मदद मिल पाएगी। आपने इधर बीच भी देखा होगा कि कैसे एक खास Skill set के साथ गांव पहुंचे लोगों ने, गांव का कायाकल्प करना शुरू कर दिया है। कोई स्कूल को पेंट कर रहा है, तो कोई नई डिजाइन के घर बनवा रहा है। छोटी-बड़ी हर तरह की ऐसी ही Skill, आत्मनिर्भर भारत की भी बहुत बड़ी शक्ति बनेगी।

मैं देश के युवाओं को, world youth skill day पर एक बार फिर बहुत-बहुत शुभकामनाएं देता हूं।

और वैश्विक महामारी का युग है, तो मेरा भी कर्तव्य बनता है। एक बार मैं, बार-बार एक चीज को दोहराता ही रहूं। और सिर्फ मैं ना दोहराऊं, आप भी दोहराइये। और वह क्या है? पहले तो मैं चाहूंगा आप स्वस्थ रहिए। दूसरा 2 गज की दूरी का पालन करते रहिए, मास्क पहनना ना भूलें, थकने की आदत सब को छोड़ने के लिए समझाते रहिए। और जिस काम के लिए आज इकट्ठे हुए हैं, उस मंत्र को हमेशा याद रखें। कितना ही पढ़े-लिखे क्यों ना हों, कितनी ही डिग्रियां क्यों ना हो, फिर भी निरंतर स्किल भी बढ़ाते रहना चाहिए। लगातार नई नई स्किल के लिए अपने आप को तैयार करना चाहिए। जिंदगी जीने का आनंद आएगा। जिंदगी के नए अवसरों को पाने का आनंद आएगा। और मुझे विश्वास है कि आप अपने हाथों की ताक़त, अपने उंगलियों की ताक़त, अपने दिल दिमाग की ताकत, एक हुनर के द्वारा पनपाएंगे और बढ़ाएंगे। और खुद की प्रगति करेंगे, देश की भी प्रगति करेंगे।

बहुत-बहुत धन्यवाद।

आपको बहुत शुभकामनाएं।

 

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
GIFT City scales new heights as India's 1st international finance and IT hub

Media Coverage

GIFT City scales new heights as India's 1st international finance and IT hub
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
विधानसभा चुनाव से पहले पीएम मोदी ने असम के भाजपा बूथ कार्यकर्ताओं से बातचीत की
March 30, 2026
‘सेवा, संगठन और समर्पण’ - असम के भाजपा कार्यकर्ताओं में संगठन की सच्ची भावना झलकती है: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने भाजपा कार्यकर्ताओं के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि जब हर बूथ मजबूत होता है, तो जीत निश्चित हो जाती है और असम का भविष्य और भी उज्ज्वल बनता है।
असम की पहचान की रक्षा करना और अवैध घुसपैठ जैसी समस्याओं से निपटना केवल राजनीतिक मुद्दा नहीं है, बल्कि यह सुरक्षा, संस्कृति और न्याय से जुड़ा एक महत्वपूर्ण विषय है: पीएम मोदी
एक दर्जन से अधिक महत्वपूर्ण शांति समझौतों ने स्थायी शांति और स्थिरता लाई है, खासकर बोडोलैंड जैसे क्षेत्रों में: पीएम मोदी

PM Modi interacted with BJP booth karyakartas across Assam as a part of the ‘Mera Booth, Sabse Mazboot’ programme via NaMo App. He energised booth-level members and reaffirmed that every booth remains the foundation of the party’s strength and electoral success. He hailed the true spirit of Assam, calling it a powerful force driving BJP’s growth in the Northeast.

Opening the interaction, PM Modi described himself as a karyakarta first, expressing pride in working alongside the grassroots cadre. He lauded booth karyakartas for their tireless dedication, emphasising that their connect with every household is the BJP’s greatest strength. “Booth jeetoge toh chunav jeetoge,” he reiterated.

Highlighting Assam’s transformation over the past decade, PM Modi underlined the shift from instability and violence to peace, progress, and prosperity under the double engine government. He noted that over a dozen key peace agreements have brought lasting stability, especially in regions like Bodoland.

He stressed the importance of educating first-time voters about Assam’s past challenges, urging karyakartas to actively communicate the contrast between earlier regimes marked by unrest and the current era of stability. He encouraged innovative booth-level engagements to emotionally connect with voters while showcasing developmental achievements.

PM Modi also called for focused outreach to beneficiaries of key welfare schemes such as PM Awas Yojana, PM-Kisan, Ujjwala, and others, urging workers to compile beneficiary lists and strengthen direct engagement. He emphasised turning polling day into a Jan Utsav, with collective participation ensuring maximum voter turnout.
Encouraging youth and women’s participation, PM Modi praised Assam’s Nari Shakti and highlighted initiatives empowering women economically and socially. He urged workers to leverage platforms like the NaMo App and social media to share real-life stories.

Addressing key regional concerns, PM Modi underscored the importance of protecting Assam’s identity and tackling issues like illegal infiltration, calling it not just a political issue but one of security, culture, and justice. He urged karyakartas to raise awareness at the grassroots and support efforts ensuring the rights and dignity of indigenous communities.

He also highlighted the empowerment of tea garden workers through land rights and welfare schemes, calling it a historic step towards dignity and long-term security for lakhs of families.

Reaffirming the guiding principles of ‘Seva, Sangathan, and Samarpan’, PM Modi said that Assam’s BJP karyakartas embody the true spirit of the organisation.

He concluded with a powerful call to action:“When every booth becomes strong, victory becomes certain, and Assam’s future becomes brighter.”