इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में ‘एआई फॉर ऑल: ग्लोबल इम्पैक्ट चैलेंज’ के लिए चयनित 12 भारतीय एआई स्टार्टअप ने अपने विचार और कार्य प्रस्तुत किए
ये स्टार्टअप्‍स स्वास्थ्य सेवा, बहुभाषी एलएलएम, सामग्री अनुसंधान, डेटा एनालिटिक्स, इंजीनियरिंग सिमुलेशन सहित विभिन्‍न क्षेत्रों में काम कर रहे हैं
स्टार्टअप्‍स ने एआई क्षेत्र की तीव्र वृद्धि और विशाल भविष्य की संभावनाओं को रेखांकित करते हुए कहा कि एआई नवाचार और तैनाती का केंद्र भारत की ओर स्थानांतरित हो रहा है
स्टार्टअप्‍स ने एआई इकोसिस्‍टम को आगे बढ़ाने के लिए भारत की मजबूत प्रतिबद्धता की सराहना की
स्टार्टअप्‍स और एआई उद्यमी भारत के भविष्य के सह-निर्माता हैं: प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री ने सुझाव दिया कि भारतीय एआई मॉडल स्थानीय एवं स्वदेशी सामग्री तथा क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा दें
प्रधानमंत्री ने इस बात पर बल दिया कि भारतीय एआई मॉडल नैतिक, निष्पक्ष, पारदर्शी तथा डेटा गोपनीयता के सिद्धांतों पर आधारित हों
प्रधानमंत्री ने भारतीय एआई मॉडलों की सफलता के लिए पूर्ण सरकारी सहयोग का आश्वासन दिया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज अपने आवास 7, लोक कल्याण मार्ग पर भारतीय एआई स्टार्टअप्स के साथ गोलमेज बैठक की अध्यक्षता की।

अगले महीने भारत में आयोजित होने वाले इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 से पूर्व, समिट के अंतर्गत ‘एआई फॉर ऑल: ग्लोबल इम्पैक्ट चैलेंज’ के लिए चयनित 12 भारतीय एआई स्टार्टअप ने इस गोलमेज बैठक में भाग लिया तथा अपने विचारों और कार्यों को प्रस्तुत किया।

ये स्टार्टअप कई विविध क्षेत्रों में काम कर रहे हैं, जिनमें भारतीय भाषा फाउंडेशन मॉडल, बहुभाषी एलएलएम, स्पीच-टू-टेक्स्ट, टेक्स्ट-टू-ऑडियो और टेक्स्ट-टू-वीडियो; ई-कॉमर्स, मार्केटिंग और वैयक्तिकृत सामग्री निर्माण के लिए जनरेटिव एआई का उपयोग करके 3डी सामग्री; इंजीनियरिंग सिमुलेशन, सामग्री अनुसंधान और विभिन्न उद्योगों में डेटा-संचालित निर्णय लेने के लिए उन्नत एनालिटिक्‍स; स्वास्थ्य देखभाल निदान और चिकित्सा अनुसंधान आदि शामिल हैं।

एआई स्टार्टअप्स ने भारत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) इकोसिस्‍टम को आगे बढ़ाने की भारत की मजबूत प्रतिबद्धता की सराहना की। उन्होंने एआई क्षेत्र की तीव्र वृद्धि और अपार भविष्य की संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि एआई नवाचार और तैनाती का केंद्र अब भारत की ओर स्थानांतरित हो रहा है। स्टार्टअप प्रतिनिधियों ने कहा कि भारत अब एआई विकास के लिए एक मजबूत और अनुकूल वातावरण प्रदान करता है, जिससे देश वैश्विक एआई मानचित्र पर मजबूती से स्थापित हो गया है।

बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने समाज में परिवर्तन लाने में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भारत अगले महीने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट की मेजबानी करेगा, जिसके माध्यम से देश प्रौद्योगिकी क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि भारत कृत्रिम बुद्धिमत्ता का लाभ उठाकर परिवर्तन लाने के लिए निरंतर प्रयास कर रहा है।

प्रधानमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि स्टार्टअप्‍स और एआई उद्यमी भारत के भविष्य के सह-निर्माता हैं और कहा कि देश में नवाचार और बड़े पैमाने पर कार्यान्वयन, दोनों की अपार क्षमता है। उन्होंने आगे कहा कि भारत को दुनिया के सामने एक ऐसा अनूठा एआई मॉडल प्रस्तुत करना चाहिए, जो "मेड इन इंडिया, मेड फॉर द वर्ल्ड" की भावना को दर्शाता हो।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत पर दुनिया का विश्‍वास ही देश की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने यह सुनिश्चित करने की आवश्‍यकता पर बल दिया कि भारतीय एआई मॉडल नैतिक, निष्पक्ष, पारदर्शी और डेटा गोपनीयता सिद्धांतों पर आधारित हों। उन्होंने कहा कि भारतीय स्टार्टअप्स को वैश्विक नेतृत्वकर्ता बनने की दिशा में भी काम करना चाहिए और उल्‍लेख किया कि विश्‍व स्तर पर किफायती एआई, समावेशी एआई और मितव्ययी नवाचार को बढ़ावा दे सकता है। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि भारतीय एआई मॉडल अलग होने चाहिए तथा स्थानीय एवं स्वदेशी सामग्री और क्षेत्रीय भाषाओं को बढ़ावा देना चाहिए।

इस बैठक में अवतार, भारतजेन, फ्रैक्टल, जीएएन, जीईएनएलओओपी, जीएनएएनआई, इंटेलीहेल्थ, सर्वम, शोध एआई, सॉकेट एआई, टेक महिंद्रा और जेडईएनटीईआईक्यू सहित भारतीय एआई स्टार्टअप्स के सीईओ, प्रमुखों और प्रतिनिधियों ने इस बैठक भाग लिया। केन्‍द्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव तथा केन्‍द्रीय राज्य मंत्री श्री जितिन प्रसाद भी इस बैठक में उपस्थित थे।

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
After Modi's Push For Domestic Tourism, Here Are 8 Places Seeing A Surge

Media Coverage

After Modi's Push For Domestic Tourism, Here Are 8 Places Seeing A Surge
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
प्रधानमंत्री ने सभी की सुख, समृद्धि और शाश्वत खुशहाली की कामना करते हुए एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया
May 25, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज संस्कृत में सुभाषितम् पाठ किया, जिसमें कहा गया है कि प्रकृति की असीम कृपा, सूर्य देव की शक्ति और वर्षा के पवित्र आशीर्वाद से हमारे जीवन में सुख और सौभाग्य का संचार होता है। श्री मोदी ने हार्दिक कामना व्यक्त की कि पृथ्वी सदा जीवंत, हरी-भरी और समृद्ध बनी रहे।

प्रधानमंत्री ने एक्‍स पर पोस्ट किया:

"प्रकृति की असीम कृपा, सूर्यदेव की ऊर्जा और वर्षा का पावन आशीर्वाद हम सभी के जीवन को सुख-सौभाग्य से समृद्ध करता है। मेरी कामना है कि धरती पर सदैव हरियाली और खुशहाली बनी रहे।

शं नो देवः सविता त्रायमाणः शं नो भवन्तूषसो विभातीः।

शं नः पर्जन्यो भवतु प्रजाभ्यः शं नः क्षेत्रस्य पतिरस्तु शम्भुः॥"

विश्व के तेजस्वी रक्षक सविता देव हम पर कृपा करें। उज्ज्वल सूर्योदय हमारे जीवन में सुख और समृद्धि लाए। वर्षा के देवता पर्जन्य हमारे जन कल्याण की रक्षा करें और खेतों, फसलों और भूमि के कृपालु स्वामी हमें सुख और समृद्धि प्रदान करें।