भारत के सबसे मजबूत शुभचिंतकों में से एक प्रधानमंत्री ली सिंगापुर और हमारे द्विपक्षीय संबंधों के लिए ड्राइविंग सीट पर बैठे हैं: प्रधानमंत्री
दोनों देशों के नागरिकों की भलाई के लिए, हमारे साझेदारी का लक्ष्य भारत के पैमाने के साथ सिंगापुर की ताकत को जोड़ने का है: प्रधानमंत्री
व्यापार और निवेश का गठबंधन हमारे द्विपक्षीय संबंधों का आधार है: सिंगापुर के प्रधानमंत्री लूंग से प्रधानमंत्री मोदी
हमारी रक्षा और सुरक्षा सहयोग हमारे सामरिक भागीदारी का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है: सिंगापुर के प्रधानमंत्री लूंग से प्रधानमंत्री मोदी
आतंकवाद का बढ़ता ज्वार, विशेष रूप से सीमा पार आतंकवाद और कट्टरपंथ का उदय हमारी सुरक्षा के लिए कड़ी चुनौतियां हैं: प्रधानमंत्री
यह मेरा दृढ़ विश्वास है कि जिन लोगों को शांति और मानवता में विश्वास है उन्हें इस खतरे (आतंकवाद) के खिलाफ खड़े होने और एक साथ मुकाबला करने की जरूरत है: प्रधानमंत्री

महामहिम प्रधानमंत्री ली सीन लूंग
मीडिया के सदस्य।

मुझे बताया गया है कि सिंगापुर बगैर ड्राइवर की कार बनाने में दुनिया में अग्रणी है। लेकिन, मैं आश्वस्त हूं, हम सभी आश्वस्त है कि भारत के प्रभावशाली शुभचिंतकों में से एक प्रधानमंत्री ली सीन लूंग सिंगापुर और हमारे द्विपक्षीय संबंधों के लिए चालक सीट पर है यानी सिंगापुर के चालक है। महामहिम ली आप भारत के मित्र है। हम अपने संबंधों को मजबूत बनाने के लिए आपकी प्रतिबद्धता और योगदान की सराहना करते है। यहां आज आपका स्वागत करना वास्तव में मेरे लिए एक महान सम्मान की बात है।

मित्रों,

प्रधानमंत्री के रूप में सिंगापुर की मेरी पहली यात्रा ली कुआन यू को हमारी श्रद्धांजलि देने के एक पवित्र अवसर पर हुई थी, वह केवल सिंगापुर के लिए ही नहीं बल्कि पूरे एशिया के लिए मार्गदर्शक थे। इस वर्ष, हम सिंगापुर के एक और महान पुत्र पूर्व राष्ट्रपति एस.आर.नाथन के अचानक निधन से दुखी रहे। वह भारत के एक करीबी दोस्त थे और हमें उन्हें प्रवासी भारतीय सम्मान देने का गौरव मिला था। हम उन्हें याद करते रहेंगे।

मित्रों,

सिंगापुर का राष्ट्रीय गान “माजुलाह सिंगापुरा” है – “आगे बढ़ो, सिंगापुर,” कोई आश्चर्य की बात इसलिए नहीं है कि अगर एक देश है जो कि वर्तमान में कार्य करता दिखता है, लेकिन भविष्य की जरूरतों के लिए जीवित है, यह सिंगापुर है। चाहे वह निर्माण, पर्यावरण, नवाचार, प्रौद्योगिकी हो या सार्वजनिक सेवाओं का वितरण हो, सिंगापुर जो आज करता है बाकी की दुनिया वो कल करेगी।

मित्रों

बारह महीने से भी कम समय पहले अपनी सिंगापुर यात्रा के दौरान हमने अपने द्विपक्षीय संबंधों को ” नवीकृत विचारधारा, नई ऊर्जा ” के साथ सामरिक भागीदारी के स्तर तक उन्नत किया। हमारे दोनों तऱफ के लोगों को लाभ प्रदान करने के लिए हमारी भागीदारी का लक्ष्य सिंगापुर की ताकत और गतिशीलता का हमारे राज्यों की जीवंतता के साथ भारत के स्तर तक गठबंधन करना है। अपनी पिछले वर्ष की यात्रा के दौरान हमने सहकारी महत्वाकांक्षी एजेंडा को समझते हुए हमने एक रोड मैप तैयार किया था। सहमति वाले फैसलों का शीघ्र कार्यान्वयन भी हमारे संबंधों का एक महत्वपूर्ण तत्व है। आज, महामहिम ली और मैंने हमारी सामरिक भागीदारी के प्रतिरूप और तत्वों की एक विस्तृत समीक्षा की। मेरी सिंगापुर की यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री ली मुझे प्राविधिक शिक्षण संस्थान के दौरे पर लेकर गए थे। आज, हमने कौशळ विकास पर केंद्रित दो समझौता पत्रों पर हस्ताक्षर किए हैं। एक हमारे उत्तर पूर्वी राज्य गुवाहाटी में कौशल विकास केंद्र स्थापित करने के लिए और एक अन्य राष्ट्रीय कौशल विकास परिषद स्थापित करने के लिए है।

मैं राजस्थान की राज्य सरकार के सहयोग के साथ उदयपुर में पर्यटन प्रशिक्षण के लिए उत्कृष्टता केंद्र के उद्घाटन का भी स्वागत करता हूं। राजस्थान की शहरी विकास और अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में सिंगापुर के साथ भी साझेदारी है। सिंगापुर अमरावती, आंध्र प्रदेश की नई राजधानी के विकास में पहले से ही हमारा भागीदार है।

मित्रों,

व्यापार और निवेश संबंधों हमारे द्विपक्षीय संबंधों का सुदृढ़ आधार है। हम व्यापार भागीदारी के लिए कारोबार के एक मजबूत नेटवर्क का आनंद लेते हैं।इस संदर्भ में, प्रधानमंत्री ली और मैं अपने व्यापक आर्थिक सहयोग करार की दूसरी समीक्षा में तेजी लाने के लिए सहमत हो गए हैं। आज बौद्धिक संपदा के जिस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए हैं इससे व्यापार के आदान-प्रदान और सहयोग के लिए अधिक से अधिक सुविधा होगी।प्रधानमंत्री ली और मैं भी सिंगापुर में कॉरपोरेट रुपया बांड जारी करने का स्वागत करते हैं। यह भारत के बड़े बुनियादी ढांचागत विकास की जरूरतों के लिए पूंजी जुटाने के लिए हमारे प्रयासों की तरफ आगे बढ़ा एक कदम है।

मित्रों,

हमारा रक्षा और सुरक्षा सहयोग हमारी सामरिक भागीदारी का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। दो समुद्री राष्ट्रों के रूप में समुद्री संचार पथ को खुला रखते हुए, महासागरों और सागरों के कानूनी आदेश के लिए सम्मान एक साझा प्राथमिकता है। आसियान की संरचना, पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन और आसियान क्षेत्रीय संरचना में हमारे सहयोग का उद्देश्य क्षेत्रीय सहयोग के लिए आस्था और विश्वास के माहौल में एक खुली और समावेशी संरचना का निर्माण करना है । आतंकवाद की बढ़ता ज्वार, विशेष रूप से सीमा पार आतंकवाद और कट्टरपंथ के उदय हमारी सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौतियां। ये हमारे समाज की संरचना को धमकाने-तोड़ने का काम करती हैं।यह मेरा दृढ़ विश्वास है कि जो लोग शांति और मानवता में विश्वास रखते उन्हें इस बुराई के खिलाफ एक साथ खड़े होने और काम करने की जरूरत है।आज, साइबर सुरक्षा क्षेत्र सहित हम इन खतरों का मुकाबला करने के लिए अपना सहयोग बढ़ाने के लिए सहमत हो गए हैं।

महामहिम ली,

भारत मजबूत आर्थिक विकास और परिवर्तन के पथ प्रारंभ कर चुका है। इस यात्रा में हम एक महत्वपूर्ण भागीदार के रूप में सिंगापुर का आदर करते हैं। हाल ही में, हम भारत के रूपांतर में सिंगापुर के उप प्रधानमंत्री श्री थर्मन शनमुगरत्‍नम के विचारों से लाभान्वित हुए। मैं भी गहराई से आपकी व्यक्तिगत दोस्ती को महत्व देता हूं, और हमारे द्विपक्षीय संबंधों को आगे ले जाने में आपके नेतृत्व को महत्व देता हूं। एक बार फिर, मैं आपका और आपके प्रतिनिधिमंडल का हार्दिक स्वागत करता हूं। मुझे विश्वास है कि भारत के लिए अपकी यात्रा लाभदायक और सफल रहेगी।

धन्यवाद।

आपका बहुत बहुत धन्यवाद।

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
India’s gem and jewellery exports surge 26% in June

Media Coverage

India’s gem and jewellery exports surge 26% in June
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
प्रधानमंत्री ने स्काईरूट एयरोस्पेस को शुभकामनाएं दीं
July 18, 2026
प्रधानमंत्री ने नागरिकों को ऑर्बिटल लॉन्च व्हीकल 'विक्रम-1' के प्रक्षेपण को देखने के लिए आमंत्रित किया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज भारत के पहले निजी तौर पर विकसित प्रक्षेपण यान विक्रम-1 के प्रथम कक्षीय प्रक्षेपण से पूर्व स्काईरूट एयरोस्पेस को शुभकामनाएं दीं और इसे राष्ट्र की अंतरिक्ष यात्रा में एक ऐतिहासिक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। श्री मोदी ने कहा कि विक्रम-1 का प्रक्षेपण भारत की अंतरिक्ष महत्वाकांक्षाओं के लिए एक नए आयाम का द्वार खोलता है और नवाचार, प्रौद्योगिकी और उद्यमशीलता में देश की बढ़ती क्षमताओं को दर्शाता है।

प्रधानमंत्री ने नागरिकों, विशेषकर युवाओं से, इस ऐतिहासिक अभियान को देखने का आग्रह किया।

प्रधानमंत्री ने X पर पोस्ट किया:

भारत की अंतरिक्ष यात्रा के लिए एक ऐतिहासिक नई उपलब्धि!

आज सुबह 11:30 बजे, स्काईरूट एयरोस्पेस भारत के पहले निजी तौर पर विकसित प्रक्षेपण यान विक्रम-1 का पहला कक्षीय प्रक्षेपण करेगी।

यह चार चरणों वाला रॉकेट तेज़ी से और मांग के अनुसार प्रक्षेपण सेवाएं प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह मिशन हमारे युवाओं की प्रतिभा, दृढ़ संकल्प और उद्यमशीलता की भावना को उजागर करता है। यह भी दिखाता है कि हमारे अंतरिक्ष क्षेत्र में किए गए सुधार नवाचार और उद्यम के लिए नए अवसर कैसे खोल रहे हैं।

स्काईरूट एयरोस्पेस की पूरी टीम को सफल प्रक्षेपण के लिए मेरी हार्दिक शुभकामनाएं। विक्रम-1 ऊंचाइयों को छूए, इतिहास रचे और नवप्रवर्तकों की एक पीढ़ी को प्रेरित करे।

मैं सभी भारतीयों, विशेषकर अपने युवा मित्रों से आग्रह करता हूं कि वे इस ऐतिहासिक मिशन का अनुसरण करें और #IndiaWithVikram1 का उपयोग करके टीम स्काईरूट की सफलता की कामना करें।

@SkyrootA