बौद्ध धर्म लोगों को आदर करना सिखाता है इसलिए बुद्ध द्वारा दी गई सीख आज भी प्रसांगिक है: प्रधानमंत्री मोदी
आज दुनिया कठिन चुनौतियों से लड़ रही है, इन चुनौतियों के लिए स्थायी समाधान भगवान बुद्ध के आदर्शों से आ सकते हैं, वे अतीत में प्रासंगिक थे, वे वर्तमान में प्रासंगिक हैं और वे भविष्य में प्रासंगिक रहेंगे: पीएम मोदी
तेज तर्रार युवा मन वैश्विक समस्याओं का हल लेकर आ रहा है, भारत के पास सबसे बड़ा स्टार्ट अप ईको-सिस्टम है: प्रधानमंत्री

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज धर्म चक्र दिवस के अवसर पर आयोजित उद्घाटन कार्यक्रम को एक वीडियो के माध्यम से संबोधित किया। अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध परिसंघ भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के तत्वावधान में 4 जुलाई, 2020 को आषाढ़ पूर्णिमा को धर्म चक्र दिवस के रूप मना रहा है।

इस दिन गौतम बुद्ध ने उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के रि​सीपत्तन जिसे वर्तमान में सारनाथ के नाम से जाना जाता है, अपने पांच तपस्वी शिष्यों को बौद्ध धर्म का पहला उपदेश दिया था। दुनिया भर में बौ्द्ध धर्म के अनुयायी इस दिवस को धर्म चक्र प्रवत्तन या "धर्म चक्र को गति देने" के दिन के रूप में भी मनाते हैं।

प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर देशवासियों को आषाढ़ पूर्णिमा, जिसे गुरु पूर्णिमा के रूप में भी जाना जाता है की बधाई दी और भगवान बुद्ध को श्रद्धांजलि भी अर्पित की। उन्होंने मंगोलिया सरकार को मंगोलियाई कंजूर की प्रतियां भेंट किए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की।

उन्होंने भगवान बुद्ध की शिक्षाओं और उनके ​द्वारा दिखाए गए अष्टांग मार्ग का उल्लेख करते हुए कहा कि यह कई समाजों और राष्ट्रों को कल्याण का मार्ग दिखाता है। बौद्ध धर्म की शिक्षाएं लोगों, महिलाओं और गरीबों के प्रति सम्मान का भाव रखने और अहिंसा तथा शांति का पाठ पढ़ाती हैं, जो पृथ्वी रूपी ग्रह पर सतत विकास का आधार है।

श्री मोदी ने कहा कि भगवान बुद्ध ने अपनी शिक्षाओं में आशा और उद्देश्य के बारे में बात की थी और दोनों के बीच एक मजबूत संबंध का अनुभव किया था। उन्होंने कहा कि वह किस तरह से 21वीं सदी को लेकर बेहद आशान्वित हैं और ये उम्मीद उन्हें देश के युवाओं से मिलती है। उन्होंने कहा कि भारत के पास आज दुनिया में स्टार्टअप का एक सबसे बड़ा परितंत्र मौजूद हैं जहां प्रतिभावान युवा वैश्विक चुनौतियों का समाधान तलाशने में जुटे हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज दुनिया असाधारण चुनौतियों से जूझ रही है जिसका स्थायी समाधान भगवान बुद्ध की शिक्षाओं से निकल कर आ सकता है। उन्होंने बौद्ध धरोहर स्थलों के साथ और अधिक लोगों को जोड़ने और इन स्थलों से संपर्क बढ़ाने की आवश्यकता के बारे में बात की। उन्होंने हाल ही में उत्तर प्रदेश में कुशीनगर हवाई अड्डे को अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा घोषित करने के कैबिनेट के फैसले का भी उल्लेख किया, जिसके माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देने के साथ-साथ तीर्थयात्रियों और पर्यटकों के लिए यात्रा भी सुविधाजनक हो जाएगी।

 

पूरा भाषण पढ़ने के लिए यहां क्लिक कीजिए

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
Teachers: The artists of education

Media Coverage

Teachers: The artists of education
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
सोशल मीडिया कॉर्नर 7 सितंबर 2026
September 07, 2026

Vasudhaiva Kutumbakam in Action: Tech Hub, Border Villages, Global Leadership by PM Modi