DMK चाहे कुछ भी करे, सच की जीत होगी और भगवान मुरुगन के भक्त जीतेंगे: मदुरै में पीएम मोदी
अपराधी और ड्रग माफिया सलाखों के पीछे होंगे; और NDA सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण सुनिश्चित करेगा: पीएम मोदी का तमिलनाडु से वादा
जब राजनीति में ईमानदारी की बात आती है, तो के. कामराज ने पूरे देश के लिए एक मिसाल कायम की, जबकि DMK इसके उलट करती है: पीएम मोदी
तमिलनाडु हमेशा से भारत के सभ्यतागत गौरव में सबसे आगे रहा है: पीएम मोदी

PM Modi addressed a massive public rally in Madurai, beginning his speech with deep reverence for Tamil Nadu’s spiritual heritage. He said he had just visited Tirupparankundram and received the darshan of Bhagwan Murugan, describing it as a truly divine experience. He said he prayed for the prosperity of Tamil Nadu and the entire nation.

The PM said his heart felt heavy as he remembered Thiru Poorna Chandran, the young devotee who sacrificed his life. He met Thirumathi Indumati Poorna Chandran and their two young children and conveyed his deepest condolences. He prayed that Thiru Poorna Chandran’s aatma finds peace at the feet of Bhagwan Murugan. He said it was painful that the insensitivity of the DMK government led to this tragedy, but added firmly that no matter what DMK does, the truth will win and devotees of Bhagwan Murugan will win.

Referring to the 2021 mandate given to DMK after 25 years, PM Modi said the party failed to provide good governance. Instead, it looted the state, promoted dynastic politics and ignored people’s aspirations. Speaking about Madurai, he recalled how the city stood firmly with MGR, who deeply loved it, and alleged that DMK has never liked Madurai for that reason. He said DMK brought mafia-style politics to the city, leaving behind bad roads, poor drainage and poor waste management.

Highlighting Tamil Nadu’s coastal strength, the PM said the state has immense potential that was ignored when Congress and DMK were together in power before 2014. He said projects like the Maduravoyal corridor were stalled and the Thoothukudi trans-shipment project remained only on paper. After 2014, the NDA government revived the Chennai Port-Maduravoyal Elevated Corridor and created India’s first Mega Port Cluster by integrating Kamarajar and Chennai ports. He also mentioned that the capacity at Kamarajar Port nearly tripled.

Speaking about women’s safety, PM Modi said women in Tamil Nadu are facing serious distress, with rising crime and families suffering due to the drug mafia and alcohol. He said many remember how much better life was during Amma Jayalalithaa’s rule. He assured every mother, sister and daughter that once the NDA government comes to power, law and order will be the top priority. Criminals and drug mafias will be behind bars and NDA will ensure safety, dignity and empowerment.

Recalling Tamil Nadu’s contribution to the freedom struggle, PM Modi said the Constitution drafted under the leadership of Dr Babasaheb Ambedkar laid the foundation for a strong democracy. He said every moment of his life has been dedicated to upholding constitutional values and that he was part of the movement to protect democracy during the Emergency. Referring to a remark by a DMK leader claiming they do not fear him or his father, he said that in a democracy nobody needs to fear anyone, and such remarks only strengthen his commitment to democratic values.

PM Modi said that Tamil Nadu kept Congress out of power in the state for 60 years. “You were the first state to become Congress-Mukt. For this, Congress took revenge against Tamil Nadu. It was Congress that gave away Katchatheevu. Then, DMK did not do anything.”

He said Tamil Nadu has always been at the forefront of India’s civilisational pride. He recalled that when the Congress government was at the Centre and DMK was supporting them, a notification was issued banning Jallikattu. Through an ordinance, the NDA government ensured Jallikattu could continue.

On corruption, PM Modi said when it comes to honesty in politics, K Kamaraj Ji set an example for the entire country, while DMK represents the opposite. He listed major alleged scams. He said while ministers usually compete in good work, DMK ministers compete in scams, looting the poor, the youth and farmers. Such a corrupt government, he said, has no moral right to continue.

Concluding his address, PM Modi said the people of Tamil Nadu have decided to bring in an NDA government that will deliver clean and efficient governance, reaffirming ‘Modi Ki Guarantee’ for development, dignity and respect for Tamil culture.

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कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश और आंध्र प्रदेश में ₹24,815 करोड़ की दो रेलवे परियोजनाओं को मंजूरी दी
April 18, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिमंडलीय आर्थिक मामलों की समिति ने आज रेल मंत्रालय की लगभग 24,815 करोड़ रुपये की कुल लागत वाली दो परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं में निम्नलिखित शामिल हैं:

परियोजना का नाम

मार्ग की लंबाई (किमी में)

ट्रैक की लंबाई (किमी में)

पूर्ण होने की लागत (रुपये करोड़ में )

गाजियाबाद – सीतापुर तीसरी और चौथी लाइन

403

859

14,926

राजमुंदरी (निदादावोलु) - विशाखापत्तनम (दुव्वाडा) तीसरी और चौथी लाइन

 

198

 

458

 

9,889

कुल

601

1,317

24,815

 

इस बढ़ी हुई लाइन क्षमता से आवागमन में उल्लेखनीय सुधार होगा। इससे भारतीय रेलवे की परिचालन दक्षता और सेवा विश्वसनीयता में वृद्धि होगी। ये मल्‍टीट्रैकिंग प्रस्ताव परिचालन को सुव्यवस्थित करेंगे और भीड़भाड़ को कम करेंगे। ये परियोजनाएं प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी जी के नए भारत की परिकल्‍पना के अनुरूप हैं। इसका उद्देश्य क्षेत्र के व्यापक विकास के माध्यम से इस क्षेत्र के लोगों को आत्मनिर्भर बनाना है, जिससे उनके रोजगार/स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे।

ये परियोजनाएं प्रधानमंत्री गति शक्ति राष्ट्रीय मुख्‍य योजना के अंतर्गत बनाई गई हैं, जिनका मुख्य उद्देश्य एकीकृत योजना और हितधारकों के परामर्श के माध्यम से बहु-मार्गीय संपर्क और लॉजिस्टिक दक्षता को बढ़ाना है। इन परियोजनाओं से लोगों, वस्तुओं और सेवाओं की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित होगी।

उत्तर प्रदेश और आंध्र प्रदेश राज्यों के 15 जिलों को कवर करने वाली ये 02 (दो) परियोजनाएं भारतीय रेल के मौजूदा नेटवर्क को लगभग 601 किलोमीटर तक बढ़ाएंगी।

प्रस्तावित क्षमता वृद्धि से देश भर के कई प्रमुख पर्यटन स्थलों तक रेल संपर्क में सुधार होगा, जिनमें दूधेश्वरनाथ मंदिर, गढ़मुक्तेश्वर गंगा घाट, दरगाह शाह विलायत जामा मस्जिद (अमरोहा), नैमिषारण्य (सीतापुर), अन्नवरम, अंतर्वेदी, द्रक्षरामम आदि शामिल हैं।

प्रस्तावित परियोजनाएं कोयला, अनाज, सीमेंट, पीओएल, लोहा और इस्पात, कंटेनर, उर्वरक, चीनी, रासायनिक लवण, चूना पत्थर आदि जैसी वस्तुओं के परिवहन के लिए आवश्यक मार्ग हैं। रेलवे पर्यावरण के अनुकूल और ऊर्जा कुशल परिवहन का साधन होने के नाते, जलवायु लक्ष्यों को प्राप्त करने और देश की रसद लागत को कम करने में मदद करेगा, जिससे कार्बन डाइऑक्‍साइड के उत्सर्जन (180.31 करोड़ किलोग्राम) में कमी आएगी, जो 7.33 करोड़ वृक्षारोपण के बराबर है।

गाजियाबाद – सीतापुर तीसरी और चौथी लाइन (403 किमी)

  • गाजियाबाद-सीतापुर एक मौजूदा दोहरी लाइन खंड है जो दिल्ली-गुवाहाटी उच्च घनत्व नेटवर्क (एचडीएन 4) का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
  • यह परियोजना देश के उत्तरी और पूर्वी क्षेत्रों के बीच संपर्क सुधारने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
  • इस खंड की मौजूदा लाइन क्षमता का 168% तक उपयोग हो रहा है और परियोजना शुरू न होने की स्थिति में इसके 207% तक होने का अनुमान है।
  • उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, हापुड, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी और सीतापुर जिलों से होकर गुजरती है।
  • परियोजना का मार्ग गाजियाबाद (मशीनरी, इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मास्यूटिकल्स), मुरादाबाद (पीतल के बर्तन और हस्तशिल्प), बरेली (फर्नीचर, वस्त्र, इंजीनियरिंग), शाहजहांपुर (कालीन और सीमेंट से संबंधित उद्योग) और रोजा (तापीय विद्युत संयंत्र) जैसे प्रमुख औद्योगिक केंद्रों से होकर गुजरता है।
  • सुगम परिवहन के लिए, परियोजना की रूपरेखा हापुड़, सिंभाओली, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, शाहजहांपुर और सीतापुर के भीड़भाड़ वाले स्टेशनों को बाईपास करने के लिए बनाई गई है और तदनुसार, बाईपास खंडों पर छह नए स्टेशन प्रस्तावित हैं।
  • परियोजना खंड के पास/पास प्रमुख पर्यटक/धार्मिक स्थान दूधेश्वरनाथ मंदिर, गढ़मुक्तेश्वर गंगा घाट, दरगाह शाह विलायत जामा मस्जिद (अमरोहा), और नैमिषारण्य (सीतापुर) हैं।
  • इस परियोजना से कोयला, खाद्यान्न, रासायनिक खाद, तैयार इस्पात आदि के 35.72 मीट्रिक टन प्रति वर्ष के अतिरिक्त माल परिवहन का अनुमान है।
  • अनुमानित लागत: लगभग 14,926 करोड़ रुपये।
  • रोजगार सृजन: 274 लाख मानव दिन।
  • कार्बन डाइऑक्‍साइड उत्सर्जन में लगभग 128.77 करोड़ किलोग्राम कार्बन डाइऑक्‍साइड की कमी। यह 5.15 करोड़ पेड़ों के बराबर है।

  • लॉजिस्टिक लागत में बचत: सड़क परिवहन की तुलना में प्रति वर्ष 2,877.46 करोड़ रुपये की बचत।

गाजियाबाद – सीतापुर तीसरी और चौथी लाइन (403 किमी)

 

राजमुंदरी (निदादावोलु) - विशाखापत्तनम (दुव्वाडा) तीसरी और चौथी लाइन (198 किमी)

 

  • राजमुंदरी (निदादावोलु) - विशाखापत्तनम (दुव्वाडा) खंड हावड़ा - चेन्नई उच्च घनत्व नेटवर्क (एचडीएन) का हिस्सा है।
  • प्रस्तावित परियोजना हावड़ा-चेन्नई उच्‍च घनत्‍व नेटवर्क (एचडीएन) मार्ग के चौगुने विस्तार की पहल का हिस्सा है।
  • यह परियोजना आंध्र प्रदेश के पूर्वी गोदावरी, कोनासीमा, काकीनाडा, अनाकापल्ले और विशाखापत्तनम जिलों से होकर गुजरती है।
  • विशाखापत्तनम को आकांक्षी जिला कार्यक्रम में एक आकांक्षी जिला माना गया है।
  • यह पूर्वी तट पर स्थित विशाखापत्तनम, गंगावरम, मछलीपटनम और काकीनाडा जैसे प्रमुख पत्तनों को जोड़ती है।
  • परियोजना का मार्ग पूर्वी तटरेखा के साथ-साथ चलता है और यह पूर्वी तटीय रेल गलियारे के सबसे व्यस्त, मुख्य रूप से माल ढुलाई के खंडों में से एक है।
  • इस खंड की लाइन क्षमता का उपयोग पहले ही 130% तक पहुंच चुका है, जिसके कारण बार-बार जाम और परिचालन में देरी हो रही है। क्षेत्र में पत्तनों और उद्योगों के प्रस्तावित विस्तार के कारण लाइन की क्षमता में और वृद्धि होने की उम्मीद है।
  • परियोजना के इस खंड में गोदावरी नदी पर 4.3 किमी लंबा रेल पुल, 2.67 किमी लंबा वायडक्ट, 3 बाईपास शामिल हैं और नया मार्ग मौजूदा मार्ग से लगभग 8 किमी छोटा है, जिससे संपर्क और परिचालन दक्षता में सुधार होगा।
  • प्रस्तावित खंड अन्नवरम, अंतर्वेदी और द्रक्षरामम आदि जैसे प्रमुख स्थलों तक पहुंच में सुधार करके पर्यटन को भी बढ़ावा देगा।
  • कोयला, सीमेंट, रासायनिक खाद, लोहा और इस्पात, खाद्यान्न, कंटेनर, बॉक्साइट, जिप्सम, चूना पत्थर आदि सहित 29.04 मीट्रिक टन प्रति वर्ष के अतिरिक्त माल परिवहन का अनुमान है।
  • अनुमानित लागत: लगभग 9,889 करोड़ रुपये।
  • रोजगार सृजन: 135 लाख मानव दिन।
  • कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन में लगभग 51.49 करोड़ किलोग्राम कार्बन डाइऑक्साइड की कमी। यह 2.06 करोड़ पेड़ों के बराबर है।

  • लॉजिस्टिक लागत में बचत: सड़क परिवहन की तुलना में प्रति वर्ष 1,150.56 करोड़ रुपये की बचत।

 

आर्थिक सशक्तिकरण:

आकांक्षी जिले - विशाखापत्तनम जिले को बेहतर संपर्क मिलेगा।

पर्यटन और उद्योगों के माध्यम से इस क्षेत्र में अतिरिक्त आर्थिक अवसर उपलब्ध होंगे।

रेल संपर्क में सुधार के कारण नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा प्राप्त होगी।

राजमुंदरी (निदादावोलु) - विशाखापत्तनम (दुव्वाडा) तीसरी और चौथी लाइन (198 किलोमीटर)

 

प्रधानमंत्री का ध्यान रेलवे पर:

  • वित्त वर्ष 26-27 के लिए रिकॉर्ड 2,65,000 करोड़ रुपये का बजट आबंटन।
  • 1600 से अधिक लोकोमोटिव का निर्माण करके, इसने लोकोमोटिव उत्पादन में अमेरिका और यूरोप को पीछे छोड़ दिया।
  • वित्त वर्ष 2026 में, भारतीय रेल के वैश्विक स्तर पर शीर्ष तीन मालवाहकों में शामिल होने की उम्मीद है, जो 1.6 बिलियन टन माल का परिवहन करेगा।

  • भारत ने ऑस्ट्रेलिया को मेट्रो कोच और यूनाइटेड किंगडम, सऊदी अरब, फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया को बोगियां निर्यात करना शुरू कर दिया है।