"Calls for maximizing use of space science in governance and development "
"“Develop a SAARC satellite as a gift from India”: PM Narendra Modi "
"“India’s space programme driven by a vision of service to humanity”: PM Narendra Modi"

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने श्रीहरिकोटा से पोलर सेटेलाईट लॉंच वेहिकल- पीएसएलवी-सी23 का सफल प्रक्षेपण देखा। मिशन कंट्रोल सेंटर से अपने बधाई संदेश में उन्होंने अंतरिक्ष वैज्ञानिकों को हितधारकों के साथ मिलकर शासन प्रणाली तथा विकास में अंतरिक्ष विज्ञान का अधिक से अधिक उपयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भारत को अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में जो महारथ हासिल है, वे उसे सामाजिक परिवर्तन, आर्थिक विकास तथा संसाधनों के संरक्षण के लिए पूरी तरह से उपयोग करें।

भारत की वसुधैव कुटुम्बकं की प्राचीन मान्यताओं का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत का अंतरिक्ष कार्यक्रम मानवता की सेवा के उद्देश्य से प्रेरित है, न कि शक्तिशाली बनने के उद्देश्य से। उन्होंने कहा कि विज्ञान तथा प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत की एक उज्ज्वल परम्परा है, जिसमें अंतरिक्ष विज्ञान भी शामिल है। श्री मोदी ने कहा कि भास्कराचार्य तथा आर्यभट्ट जैसे प्राचीन भारत के महान वैज्ञानिक कई पीढ़ियों को प्रेरित कर रहे है। उन्होंने कहा कि भारत को अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के लाभ विकासशील देशों, विशेषकर पड़ोसी देशों के साथ सांझा करना चाहिएं। उन्होंने अंतरिक्ष वैज्ञानिकों का आह्वान किया कि वे सार्क देशों के लिए कृत्रिम उपग्रह तैयार करें, जिसकी सेवाएं अपने पड़ोसी देशों को भारत की ओर से एक उपहार के तौर पर दिया जाए।


l2014063054850 l2014063054851

श्री मोदी ने कहा कि पूरी तरह से स्वदेशी भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम अंतर्राष्ट्रीय दबाव तथा बाधाओं के बीच विकसित हुआ है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में “हमनें सामान्य की स्थिति से उपर उठकर उत्कृष्टता की स्थिति हासिल की है।” उन्होंने कहा कि चंद्रमा मिशन पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी के सोच से प्रेरित था। उन्होंने कहा कि मंगल मिशन तथा उपग्रह आधारित नौ-वहन इन दिनों चल रही परियोजनाओं में से एक हैं।

आम आदमी के लिए अंतरिक्ष तकनीकी के लाभ का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इससे आधुनिक संचार-व्यवस्था संभव है, सुदूर गांवों में बच्चों को स्तरीय शिक्षा प्रदान करके उन्हें सशक्त बनाया जा सकता है तथा टेलीमैडिसन द्वारा बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकती है। डिजीटल भारत के हमारे स्वप्न को साकार करने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है- कम्प्यूटर से जुड़े 125 करोड़ भारतीयों की शक्ति।

प्रधानमंत्री ने कहा कि अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में निरंतर विकास हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने अत्याधुनिक उपग्रहों के विकास तथा सेटेलाईट फुटप्रिन्ट बढ़ाने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि भारत के पास विश्व के लिए सर्विस प्रोवाईडर प्रक्षेपित करने की क्षमता है और इस उद्देश्य की ओर काम करना होगा।

प्रधानमंत्री ने भारत के युवा वर्ग को अंतरिक्ष कार्यक्रमों से जोड़ने का आह्वान किया। श्री मोदी ने कहा कि श्रीहरिकोटा में युवा वैज्ञानिकों को मिलकर तथा उनके काम एवं उपलब्धियों को देखकर वे बेहद खुश हुए। उन्होंने डॉ. के. राधाकृष्णन के नेतृत्व की सराहना की और कहा कि भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम के लिए उनकी सोच का पैमाना, उसकी गति तथा कौशल इत्यादि बेहतरीन है। कुछ ही महीनों में मंगल ग्रह की कक्षा में हमारे वायुयान को स्थापित करने में जुटे अंतरिक्ष वैज्ञानिकों को उन्होंने अपनी शुभकामनाएं दी।

अंग्रेजी तथा हिंदी दोनों भाषाओं के मिले-जुले भाषण में श्री मोदी ने भारतीय वैज्ञानिकों की कई पीढ़ियों की तपस्या का जिक्र किया और कहा कि उपनिषद से उपग्रह तक की यात्रा एक लंबी यात्रा रही है। उन्होंने कहा कि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन के दौरे के समय वे वैज्ञानिकों की चार पीढ़ियों से मिले हैं।


l2014063054854 l2014063054855 l2014063054856
इस अवसर पर आंध्र प्रदेश के राज्यपाल श्री नरसिम्हन, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री चंद्रबाबू नायडू, संसदीय मामलों के केंद्रीय मंत्री श्री वैंकेय्या नायडू, प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्यमंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह, अंतरिक्ष-सचिव डॉ. राधाकृष्णन, तथा प्रो. यू.आर. राव और डॉ. कस्तूरीरंगन जैसे वरिष्ठ वैज्ञानिक उपस्थित थे।

Explore More
आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी

लोकप्रिय भाषण

आज सम्पूर्ण भारत, सम्पूर्ण विश्व राममय है: अयोध्या में ध्वजारोहण उत्सव में पीएम मोदी
PM Modi Explains How India Overcame the West Asia Energy Crisis, Slams Opposition for Fear-Mongering

Media Coverage

PM Modi Explains How India Overcame the West Asia Energy Crisis, Slams Opposition for Fear-Mongering
NM on the go

Nm on the go

Always be the first to hear from the PM. Get the App Now!
...
प्रधानमंत्री ने अमेरिका की स्वतंत्रता की 250वीं वर्षगांठ पर अमेरिका के राष्ट्रपति को बधाई दी
July 04, 2026

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अमेरिका की स्वतंत्रता की 250वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर अमेरिका के राष्ट्रपति श्री डोनाल्ड जे. ट्रम्प और अमेरिका की जनता को बधाई दी। श्री मोदी ने भारत-अमेरिका साझेदारी की स्थायी ताकत पर जोर दिया। उन्होंने उल्लेख किया कि दोनों लोकतंत्रों के बीच का रिश्ता केवल एक रणनीतिक साझेदारी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह लोकतंत्र के साझा मूल्यों, कानून के शासन और अपने लोगों की असीम क्षमता में विश्वास पर आधारित है।

प्रधानमंत्री ने एक्स पर पोस्ट में लिखा:

140 करोड़ भारतीयों की ओर से, मैं राष्ट्रपति ट्रम्प और अमेरिका की जनता को आपकी स्वतंत्रता की इस ऐतिहासिक 250वीं वर्षगांठ पर हार्दिक बधाई देता हूँ।

भारत और अमेरिका केवल एक रणनीतिक साझेदारी से कहीं बढ़कर एक गहरा रिश्ता साझा करते हैं। लोकतंत्र, कानून के शासन और अपने लोगों की असीम क्षमता में हमारा साझा विश्वास हमारी मित्रता को वैश्विक कल्याण की एक ताकत बनाता है।

आने वाले 250 वर्ष अमेरिका के लिए और भी अधिक समृद्धि, शांति और प्रगति लेकर आएं तथा भारत-अमेरिका साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाएं।

@POTUS
@realDonaldTrump