प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज बिश्केक में 26वें एससीओ शिखर सम्मेलन के दौरान रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। इस साल यह उनकी पहली मुलाकात थी। इससे पहले दोनों नेता दिसंबर 2025 में दिल्ली में 23वें वार्षिक शिखर सम्मेलन के दौरान मिले थे।

दोनों नेताओं ने राजनीतिक, आर्थिक, रक्षा, ऊर्जा, अंतरिक्ष, गतिशीलता और लोगों के बीच आपसी संबंधों समेत कई क्षेत्रों में आपसी सहयोग की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने व्यापार, आर्थिक और सांस्कृतिक मामलों पर भारत-रूस अंतर-सरकारी आयोग के 27वें सत्र के नतीजों का स्वागत किया, जो 24 अगस्त 2026 को मॉस्को में आयोजित हुआ था।
दोनों नेताओं ने खासकर 2026 में भारत की अध्यक्षता में होने वाले ब्रिक्स सम्मेलन समेत, बहुपक्षीय मंचों पर भारत-रूस सहयोग पर विचार-विमर्श किया। उन्होंने आपसी हित के अहम क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी अपने विचार साझा किए, जिनमें पश्चिम एशिया और काला सागर क्षेत्र में चल रहे संघर्ष शामिल हैं, जिनका समुद्री व्यापार और भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर असर पड़ा है। प्रधानमंत्री ने दोहराया कि बातचीत और कूटनीति ही संघर्षों को सुलझाने का सही रास्ता है।

दोनों नेता अपने देशों के बीच विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने के लिए मिलकर काम करने पर सहमत हुए। यह साझेदारी लगातार महत्वपूर्ण प्रगति कर रही है और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बावजूद इसने मजबूती बनाए रखी है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि वह 12-13 सितंबर 2026 को 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए राष्ट्रपति पुतिन का भारत में स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं।
Had extensive discussions with President Putin. Discussed the full range of the India-Russia Special and Privileged Strategic Partnership. It is gladdening to see significant progress across various sectors in recent years.
— Narendra Modi (@narendramodi) August 31, 2026
Focus areas for the India-Russia friendship remain… pic.twitter.com/tclMVJ72KS


