प्रधानमंत्री ने गुजरात के हजीरा में प्रदर्शनी का अवलोकन किया
June 05th, 10:08 pm
पीएम मोदी ने गुजरात के हजीरा में आयोजित एक प्रदर्शनी का अवलोकन किया, जिसमें ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत भारत की बढ़ती डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग क्षमताओं को प्रदर्शित किया गया। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शनी डिफेंस सेक्टर में स्वदेशीकरण को बढ़ावा देने और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने के लिए देश के प्रयासों का प्रतिबिंब है। प्रधानमंत्री ने इसे ‘आत्मनिर्भर भारत’ के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।इंडस्ट्री लीडर्स ने डिजिटल इंडिया के साहसी विजन के लिए पीएम मोदी की सराहना की
October 15th, 02:23 pm
ITU WTSA 2024 कॉन्क्लेव में इंडस्ट्री लीडर्स ने डिजिटल इंडिया के लिए प्रधानमंत्री मोदी के विजन की सराहना की तथा रिफॉर्म्स, इनोवेशन और सहयोग के प्रति सरकार के समर्थन की प्रशंसा की। उन्होंने डिजिटल गवर्नेंस के लिए ग्लोबल फ्रेमवर्क की जरूरत पर प्रधानमंत्री मोदी के जोर को भी रेखांकित किया।प्रधानमंत्री 12 दिसंबर को वार्षिक ग्लोबल पार्टनरशिप ऑन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (जीपीएआई) शिखर सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे
December 11th, 04:27 pm
प्रधानमंत्री मोदी 12 दिसंबर 2023 को नई दिल्ली में भारत मंडपम में ग्लोबल पार्टनरशिप ऑन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (GPAI) समिट का उद्घाटन करेंगे। GPAI, 29 देशों का एक समूह है जो AI के क्षेत्र में अनुसंधान और व्यावहारिक कार्य को बढ़ावा देता है। इसका लक्ष्य AI में सिद्धांत और व्यवहार के बीच के अंतर को कम करना है।प्रधानमंत्री तीन दिसंबर को ‘इनफिनिटी-फोरम’ का उद्घाटन करेंगे
November 30th, 11:26 am
पीएम मोदी तीन दिसंबर, 2021 को सुबह 10 बजे इनफिनिटी फोरम का उद्घाटन करेंगे। इनफिनिटी फोरम, फिन-टेक पर एक विचारशील नेतृत्वकारी मंच है। इनफिनिटी-फोरम के जरिए पॉलिसी, बिजनेस और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में विश्व की जानी-मानी प्रतिभाएं एक साथ आएंगी तथा इस बात पर गहन विमर्श करेंगी कि कैसे टेक्नोलॉजी और इनोवेशन को फिन-टेक इंडस्ट्री में इस्तेमाल किया जा सकता है, ताकि समावेशी विकास हो तथा बड़े पैमाने पर सबकी सेवा हो।प्रधानमंत्री ने तेल और गैस कंपनियों के सीईओ और विश्व भर से आए विशेषज्ञों के साथ बातचीत की
October 09th, 02:26 pm
प्रधानमंत्री मोदी ने तेल और गैस कंपनियों के सीईओ और विश्व भर से आए विशेषज्ञों के साथ बातचीत की। बायोमास ऊर्जा की क्षमता पर बल देते हुए उन्होंने पूर्वी भारत में ऊर्जा के इंफ्रास्ट्रक्चर और ऊर्जा तक पहुंच बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत एक स्वच्छ और कुशल ईंधन अर्थव्यवस्था वाले देश की तरफ बढ़ रहा है। इसका लाभ गरीबों सहित समाज के सभी वर्गों को मिलना चाहिए।