असम की प्रगति पूरे नॉर्थ ईस्ट को नई गति दे रही है: गुवाहाटी में पीएम मोदी

March 13th, 05:30 pm

पीएम मोदी ने असम के गुवाहाटी में लगभग 19,480 करोड़ रुपये के डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन और शिलान्यास किया। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत देशभर के अन्नदाताओं को 18,000 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि हस्तांतरित की और असम में चाय बागान श्रमिकों को भूमि पट्टे वितरित किए। उन्होंने कहा कि असम की प्रगति पूरे नॉर्थ ईस्ट क्षेत्र को नई गति प्रदान कर रही है और यह राज्य देश में एक मॉडल स्टेट बनकर उभर रहा है।

पीएम मोदी ने असम के गुवाहाटी में विभिन्न डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स का शुभारंभ किया

March 13th, 05:00 pm

पीएम मोदी ने असम के गुवाहाटी में लगभग 19,480 करोड़ रुपये के डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन और शिलान्यास किया। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत देशभर के अन्नदाताओं को 18,000 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि हस्तांतरित की और असम में चाय बागान श्रमिकों को भूमि पट्टे वितरित किए। उन्होंने कहा कि असम की प्रगति पूरे नॉर्थ ईस्ट क्षेत्र को नई गति प्रदान कर रही है और यह राज्य देश में एक मॉडल स्टेट बनकर उभर रहा है।

India-Israel partnership is grounded in shared experience and shared aspirations: PM Modi at the Knesset

February 25th, 08:20 pm

In his address at the Knesset of Israel, PM Modi highlighted the strong bonds of friendship between India and Israel. The PM underlined the historical connections between the two countries, offered condolences for the October 7 terror attack and sought greater bilateral collaboration. He noted that India’s philosophy of Vasudhaiva Kutumbakam and the Israeli principle of Tikkun Olam reflect shared approaches toward building a harmonious society

भारत-इजराइल पार्टनरशिप साझा अनुभवों और साझा उम्मीदों पर आधारित है: ‘नेसेट’ में पीएम मोदी

February 25th, 08:00 pm

इजराइल की संसद ‘नेसेट’ में अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने भारत और इजराइल के बीच मजबूत दोस्ती के रिश्तों को रेखांकित किया। पीएम ने दोनों देशों के ऐतिहासिक संबंधों का उल्लेख किया, 7 अक्टूबर के आतंकी हमले पर शोक व्यक्त किया तथा आपसी सहयोग को और मजबूत करने की बात कही। उन्होंने कहा कि भारत का दर्शन ‘वसुधैव कुटुंबकम’ और इजराइल का सिद्धांत ‘तिक्कुन ओलाम’ एक सामंजस्यपूर्ण समाज बनाने की साझा सोच को दर्शाते हैं।

तमिल संस्कृति पूरे भारत की साझी विरासत : पोंगल समारोह में पीएम मोदी

January 14th, 11:00 am

पीएम मोदी ने विश्वभर में तमिल संस्कृति को लोकप्रिय बनाने के अपने प्रयासों को जारी रखते हुए नई दिल्ली में आयोजित पोंगल समारोह में भाग लिया और समारोह को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि ‘तिरुक्कुरल’ में कृषि और किसानों पर विस्तार से लिखा गया है और उन्होंने यह भी बताया कि सरकार किसानों को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध होकर लगातार काम कर रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की भावना को पोंगल जैसे पर्व और सशक्त बनाते हैं।

पीएम मोदी ने नई दिल्ली में पोंगल समारोह को संबोधित किया

January 14th, 10:45 am

पीएम मोदी ने विश्वभर में तमिल संस्कृति को लोकप्रिय बनाने के अपने प्रयासों को जारी रखते हुए नई दिल्ली में आयोजित पोंगल समारोह में भाग लिया और समारोह को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि ‘तिरुक्कुरल’ में कृषि और किसानों पर विस्तार से लिखा गया है और उन्होंने यह भी बताया कि सरकार किसानों को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध होकर लगातार काम कर रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की भावना को पोंगल जैसे पर्व और सशक्त बनाते हैं।

पिछले 11 वर्षों से सरकार का लगातार प्रयास किसानों को सशक्त बनाने और कृषि क्षेत्र में निवेश बढ़ाने का रहा है: पीएम मोदी

October 11th, 12:30 pm

दिल्ली में एक कार्यक्रम में, पीएम मोदी ने कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों में 35,440 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं और योजनाओं का शुभारंभ किया। ‘पीएम धन धान्य कृषि योजना’ का उद्देश्य चुनिंदा जिलों में कृषि उत्पादकता बढ़ाना, फसल विविधीकरण और सस्टेनेबल प्रैक्टिसेज को बढ़ावा देना है। उन्होंने 'दलहन आत्मनिर्भरता मिशन' की भी शुरुआत की, जिसका उद्देश्य उत्पादकता बढ़ाना और दलहन की खेती का विस्तार करना है। पीएम ने जोर देकर कहा, ‘एक तरफ हमें आत्मनिर्भर होना है। दूसरी तरफ हमें, वैश्विक बाजार के लिए भी उत्पादन करना है।’

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कृषि क्षेत्र में 35,440 करोड़ रुपये के परिव्यय वाली दो प्रमुख योजनाओं का शुभारंभ किया

October 11th, 12:00 pm

दिल्ली में एक कार्यक्रम में, पीएम मोदी ने कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों में 35,440 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं और योजनाओं का शुभारंभ किया। ‘पीएम धन धान्य कृषि योजना’ का उद्देश्य चुनिंदा जिलों में कृषि उत्पादकता बढ़ाना, फसल विविधीकरण और सस्टेनेबल प्रैक्टिसेज को बढ़ावा देना है। उन्होंने 'दलहन आत्मनिर्भरता मिशन' की भी शुरुआत की, जिसका उद्देश्य उत्पादकता बढ़ाना और दलहन की खेती का विस्तार करना है। पीएम ने जोर देकर कहा, ‘एक तरफ हमें आत्मनिर्भर होना है। दूसरी तरफ हमें, वैश्विक बाजार के लिए भी उत्पादन करना है।’

हमारी सरकार की नीयत, नीतियां और निर्णय ग्रामीण भारत को नई ऊर्जा के साथ सशक्त बना रहे हैं: पीएम

January 04th, 11:15 am

पीएम मोदी ने दिल्ली में ‘ग्रामीण भारत महोत्सव’ का उद्घाटन किया। उन्होंने ‘स्वामित्व योजना’ जैसे अभियान शुरू किए जाने पर प्रकाश डाला, जिसके माध्यम से गांवों में लोगों को संपत्ति के कागजात मिल रहे हैं। प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में MSMEs को बढ़ावा देने के लिए कई नीतियां लागू की गई हैं। उन्होंने ग्रामीण परिदृश्य को बदलने में कोऑपरेटिव्स के महत्वपूर्ण योगदान का भी उल्लेख किया।

पीएम मोदी ने ‘ग्रामीण भारत महोत्सव 2025’ का उद्घाटन किया

January 04th, 10:59 am

पीएम मोदी ने दिल्ली में ‘ग्रामीण भारत महोत्सव’ का उद्घाटन किया। उन्होंने ‘स्वामित्व योजना’ जैसे अभियान शुरू किए जाने पर प्रकाश डाला, जिसके माध्यम से गांवों में लोगों को संपत्ति के कागजात मिल रहे हैं। प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में MSMEs को बढ़ावा देने के लिए कई नीतियां लागू की गई हैं। उन्होंने ग्रामीण परिदृश्य को बदलने में कोऑपरेटिव्स के महत्वपूर्ण योगदान का भी उल्लेख किया।

जल और प्रकृति संरक्षण भारत की सांस्कृतिक चेतना का हिस्सा: पीएम मोदी

September 06th, 01:00 pm

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गुजरात के सूरत में 'जल संचय जन भागीदारी पहल' का शुभारंभ किया। अपने संबोधन में उन्होंने जल-संरक्षण को नीतियों से इतर सामाजिक निष्ठा का विषय बताया, जो उदारता एवं उत्तरदायित्व से परिपूर्ण है। प्रधानमंत्री ने जल-संचय अभियान में जागरूक जनमानस, जनभागीदारी और जनआंदोलन के महत्व का भी उल्लेख किया।

प्रधानमंत्री ने 'जल संचय जन भागीदारी पहल' का शुभारंभ किया

September 06th, 12:30 pm

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गुजरात के सूरत में 'जल संचय जन भागीदारी पहल' का शुभारंभ किया। अपने संबोधन में उन्होंने जल-संरक्षण को नीतियों से इतर सामाजिक निष्ठा का विषय बताया, जो उदारता एवं उत्तरदायित्व से परिपूर्ण है। प्रधानमंत्री ने जल-संचय अभियान में जागरूक जनमानस, जनभागीदारी और जनआंदोलन के महत्व का भी उल्लेख किया।

हमारी सरकार हर गरीब के पास पक्की छत सुनिश्चित करने के लिए प्रयत्नशील: पीएम मोदी

February 10th, 01:40 pm

पीएम मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से 'विकसित भारत-विकसित गुजरात' कार्यक्रम में पीएम-आवास सहित अन्य आवास योजनाओं के तहत गुजरात में निर्मित 1.3 लाख से अधिक घरों का उद्घाटन और भूमि पूजन किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि किसी भी गरीब के लिए उसका अपना घर, उसके उज्ज्वल भविष्य की गारंटी होता है। इसलिए उनकी सरकार का प्रयास है कि हर किसी के पास उसका अपना पक्का घर हो। इस अवसर पर उन्होंने आवास योजना के लाभार्थियों से भी बातचीत की।

प्रधानमंत्री ने 'विकसित भारत-विकसित गुजरात' कार्यक्रम को संबोधित किया

February 10th, 01:10 pm

पीएम मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से 'विकसित भारत-विकसित गुजरात' कार्यक्रम में पीएम-आवास सहित अन्य आवास योजनाओं के तहत गुजरात में निर्मित 1.3 लाख से अधिक घरों का उद्घाटन और भूमि पूजन किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि किसी भी गरीब के लिए उसका अपना घर, उसके उज्ज्वल भविष्य की गारंटी होता है। इसलिए उनकी सरकार का प्रयास है कि हर किसी के पास उसका अपना पक्का घर हो। इस अवसर पर उन्होंने आवास योजना के लाभार्थियों से भी बातचीत की।

प्रधानमंत्री ने मध्य प्रदेश के बैतूल, शाजापुर और झाबुआ में जनसभाओं को संबोधित किया

November 14th, 11:30 am

पीएम मोदी ने मध्य प्रदेश के बैतूल, शाजापुर और झाबुआ में विशाल जनसभाओं को संबोधित किया। आदिवासी समाज के कल्याण के लिए भाजपा की प्रतिबद्धता और कार्यों पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि आदिवासी हमारे दिल में बसते हैं। कांग्रेस पर तंज कसते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि निराशा और नकारात्मकता के अलावा कांग्रेस के पास लोगों को देने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि 17 नवंबर को मध्य प्रदेश के लोग भाजपा की जोरदार जीत और कांग्रेस की करारी हार सुनिश्चित करने जा रहे हैं।

हमें इस अमृत काल में विकसित भारत बनाना है: कर्नाटक के यादगिरी में पीएम मोदी

January 19th, 12:11 pm

पीएम मोदी ने कर्नाटक के यादगिरि में सिंचाई, पेयजल और कनेक्टिविटी से संबंधित विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। प्रधानमंत्री ने याद दिलाया कि आने वाले 25 साल देश और हर राज्य के लिए 'अमृत काल' हैं। उन्होंने कहा,इस अमृत काल में हमें विकसित भारत बनाना है। यह तभी हो सकता है जब हर व्यक्ति, परिवार और राज्य इस अभियान से जुड़ें।

प्रधानमंत्री ने कर्नाटक के कोडेकल में विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया

January 19th, 12:10 pm

पीएम मोदी ने कर्नाटक के यादगिरि में सिंचाई, पेयजल और कनेक्टिविटी से संबंधित विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। प्रधानमंत्री ने याद दिलाया कि आने वाले 25 साल देश और हर राज्य के लिए 'अमृत काल' हैं। उन्होंने कहा,इस अमृत काल में हमें विकसित भारत बनाना है। यह तभी हो सकता है जब हर व्यक्ति, परिवार और राज्य इस अभियान से जुड़ें।

देश के किसान का आत्मविश्वास देश का सबसे बड़ा सामर्थ्य है :पीेएम मोदी

January 01st, 12:31 pm

पीएम नरेन्द्र मोदी ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत वित्तीय लाभ की 10वीं किस्त जारी की। इस योजना के तहत देशभर में 10 करोड़ से अधिक लाभार्थी किसान परिवारों को 20,000 करोड़ से अधिक की राशि ट्रांसफर की गई। इस अवसर पर पीएम मोदी ने कहा, आज हमारा देश अपनी विविधता और विशालता के अनुरूप हर क्षेत्र में विकास का विशाल कार्तिमान बना रहा है।

पीएम मोदी ने पीएम-किसान के तहत वित्तीय लाभ की 10वीं किस्त जारी की

January 01st, 12:30 pm

पीएम नरेन्द्र मोदी ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत वित्तीय लाभ की 10वीं किस्त जारी की। इस योजना के तहत देशभर में 10 करोड़ से अधिक लाभार्थी किसान परिवारों को 20,000 करोड़ से अधिक की राशि ट्रांसफर की गई। इस अवसर पर पीएम मोदी ने कहा, आज हमारा देश अपनी विविधता और विशालता के अनुरूप हर क्षेत्र में विकास का विशाल कार्तिमान बना रहा है।

कृषि और विज्ञान के तालमेल का निरंतर बढ़ते रहना 21वीं सदी के भारत के लिए बहुत जरूरी है : पीएम मोदी

September 28th, 11:01 am

प्रधानमंत्री मोदी ने विशेष गुणों वाली 35 फसल किस्में राष्ट्र को समर्पित की। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने कहा कि बीते 6-7 सालों में साइंस और टेक्नॉलॉजी को खेती से जुड़ी चुनौतियों के समाधान के लिए प्राथमिकता के आधार पर उपयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसान को सिर्फ फसल आधारित इनकम सिस्टम से बाहर निकालकर, उन्हें वैल्यू एडिशन और खेती के अन्य विकल्पों के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है।